टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स ने बदली पहचान, अब Tata.Cars नाम से दिखेगी कंपनी

टाटा ग्रुप की पैसेंजर गाड़ी बनाने वाली कंपनी Tata Motors Passenger Vehicles (TMPV) अब ग्राहकों के सामने Tata.Cars नाम से नजर आएगी। कंपनी के MD और CEO शैलेश चंद्रा ने यह जानकारी दी। अब डीलरशिप, शोरूम और मार्केटिंग में Tata.Cars नाम ज्यादा दिखेगा।

हालांकि, कंपनी का कानूनी नाम नहीं बदला है। Tata Motors Passenger Vehicles ही कंपनी की रजिस्टर्ड कॉरपोरेट एंटिटी रहेगी। यह बदलाव सिर्फ ग्राहकों के सामने कंपनी की पहचान को लेकर है।

Tata.Cars नाम क्यों अपनाया?

पैसेंजर गाड़ी कंपनी Tata Motors अपने इस कारोबार की अलग पहचान मजबूत करना चाहती है। कंपनी पेट्रोल और डीजल के साथ इलेक्ट्रिक गाड़ियां भी बेचती है। ऐसे में Tata.Cars नाम के जरिए पैसेंजर गाड़ी कारोबार को एक साफ ब्रांड पहचान देने की कोशिश है।

EV पर Tata ने कब लगाया था दांव?

Tata Motors Passenger Vehicles ने इलेक्ट्रिक गाड़ियों पर उस समय दांव लगाया था, जब भारत में EV का बाजार काफी शुरुआती दौर में था। उस समय लोगों को इलेक्ट्रिक गाड़ियों पर ज्यादा भरोसा नहीं था। चार्जिंग स्टेशन भी बहुत कम थे।

यानी समस्या दोनों तरफ थी। ग्राहक चार्जिंग की कमी के कारण EV नहीं खरीद रहे थे। कंपनियां कम EV होने की वजह से चार्जिंग नेटवर्क पर बड़ा निवेश नहीं कर रही थीं। Tata Motors ने इस चक्र को तोड़ने की कोशिश की।

Tata Group की कंपनियों ने दिया साथ

EV का पूरा इकोसिस्टम बनाने में Tata Group की कई कंपनियों ने मदद की। Tata Power ने चार्जिंग नेटवर्क में सहयोग किया। Tata AutoComp ने कंपोनेंट्स में मदद की। Tata Technologies, Tata Elxsi और TCS ने इंजीनियरिंग और टेक्नोलॉजी से जुड़ा सपोर्ट दिया।

कंपनी का मानना था कि EV से प्रदूषण कम करने में मदद मिलेगी। इससे इंपोर्टेड फॉसिल फ्यूल पर निर्भरता भी घट सकती है। बाद में Tata Motors भारत के इलेक्ट्रिक पैसेंजर गाड़ी बाजार की प्रमुख कंपनियों में शामिल हो गई।

Tata Motors Passenger Vehicles शेयर

Tata Motors Passenger Vehicles का शेयर गुरुवार, 27 अगस्त को 0.86% बढ़कर ₹315.80 पर बंद हुआ। पिछले 6 महीने में स्टॉक 17.47% गिरा है। वहीं, 1 साल में यह 22.77% टूटा है। कंपनी का मार्केट कैप 1.15 लाख करोड़ रुपये है।

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Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Tata Motors CV Q1 Results: टाटा की कंपनी को ₹2560 करोड़ मुनाफा, रेवेन्यू भी 20% उछला

Tata Motors CV Q1 Results: टाटा ग्रुप की कंपनी Tata Motors Commercial Vehicles Ltd ने 12 अगस्त को जून तिमाही के शानदार नतीजे जारी किए। कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 83% बढ़कर ₹2,560 करोड़ हो गया। इंफ्रास्ट्रक्चर, लॉजिस्टिक्स और फ्रेट ग्राहकों से मजबूत मांग ने कंपनी के प्रदर्शन को सहारा दिया। हालांकि, कमोडिटी की बढ़ती लागत का दबाव भी रहा।

Tata Motors CV का रेवेन्यू 20% बढ़ा

टाटा मोटर्स CV का ऑपरेशंस से रेवेन्यू पहली तिमाही में 20% बढ़कर ₹20,576 करोड़ हो गया। पिछले साल की इसी तिमाही में यह ₹17,192 करोड़ था।

कंपनी के MD और CEO गिरीश वाघ ने कहा कि वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में कमर्शियल व्हीकल इंडस्ट्री ने मजबूती दिखाई। भारत की मजबूत आर्थिक स्थिति, बेहतर फ्लीट इस्तेमाल और अलग-अलग सेक्टर से बनी मांग ने कारोबार को सहारा दिया।

उन्होंने कहा कि Tata Motors के कमर्शियल व्हीकल वॉल्यूम में सालाना आधार पर 26% की बढ़ोतरी हुई। कंपनी के मुताबिक, मजबूत प्रोडक्ट पोर्टफोलियो, बेहतर मार्केट रणनीति और लगातार अच्छे अमल से कंपनी की बाजार स्थिति और मजबूत हुई है।

इलेक्ट्रिक कमर्शियल व्हीकल की मांग भी बढ़ी

टाटा मोटर्स ने इलेक्ट्रिक कमर्शियल व्हीकल सेगमेंट में भी अच्छी ग्रोथ दर्ज की। eSCV सेगमेंट ने मई और जून में अब तक का सबसे अच्छा प्रदर्शन किया।

इन दो महीनों में इस सेगमेंट की हिस्सेदारी 10% रही। वहीं, पहली तिमाही में eSCV सेगमेंट में Tata Motors की बाजार हिस्सेदारी 47% रही। कंपनी का कहना है कि इससे इलेक्ट्रिक कमर्शियल व्हीकल की बढ़ती मांग और उसके EV इकोसिस्टम की मजबूती का पता चलता है।

EBITDA मार्जिन 11.7% रहा

टाटा मोटर्स के CFO जीवी रमणन के मुताबिक, पहली तिमाही में रेवेन्यू और मुनाफे के साथ EBITDA मार्जिन भी मजबूत रहा। यह 11.7% रहा।

कमोडिटी की कीमतों में बढ़ोतरी और जियोपॉलिटिकल तनाव के बावजूद कंपनी ने यह मार्जिन हासिल किया। तिमाही में फ्री कैश फ्लो भी मजबूत रहा और यह करीब ₹1,100 करोड़ रहा।

कंपनी ने कहा कि कमोडिटी की लागत का दबाव अभी बना हुआ है। इससे निपटने के लिए ऑपरेशनल एफिशिएंसी, कीमतों में अनुशासन और बेहतर सप्लाई चेन मैनेजमेंट पर फोकस किया जा रहा है।

Tata Motors CV का मार्केट शेयर कितना रहा?

कंपनी के मुताबिक, वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में घरेलू CV VAHAN मार्केट शेयर 36.8% रहा। पिछली तिमाही के मुकाबले इसमें 100 बेसिस पॉइंट की बढ़ोतरी हुई।

कैटेगरी के हिसाब से HCV में कंपनी की बाजार हिस्सेदारी 56.3% रही। ILMCV में 36.9%, SCV PU में 27.7% और CV Passenger सेगमेंट में 41.3% रही।

शेयर में 1.6% की गिरावट

Tata Motors CV के शेयर 12 अगस्त को 1.6% की गिरावट के साथ ₹342 पर बंद हुए। कंपनी ने तिमाही नतीजे बाजार बंद होने के बाद जारी किए। इसलिए इन नतीजों का असर अगले कारोबारी सत्र में शेयर पर देखने को मिल सकता है।

कंपनी ने आगे के प्रदर्शन को लेकर भी भरोसा जताया है। Tata Motors के मुताबिक, मजबूत प्रोडक्ट पोर्टफोलियो, लगातार इनोवेशन और ग्राहकों को बेहतर वैल्यू देने पर फोकस के चलते आने वाली तिमाहियों में कंपनी अपनी बाजार स्थिति मजबूत करने और मुनाफे के साथ ग्रोथ जारी रखने की उम्मीद कर रही है।

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Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।