Monsoon Update: मानसून की विदाई के संकेत के बीच यूपी से गुजरात तक भारी बारिश का अलर्ट, IMD ने जारी की ये चेतावनी

IMD Weather Update: भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने दक्षिण-पश्चिम मानसून की विदाई और देश भर में जारी मौसमी हलचलों को लेकर ताजा वेदर बुलेटिन जारी किया है। मौसम विभाग के मुताबिक 19 सितंबर के आसपास पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों से दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी के लिए स्थितियां अनुकूल बनती जा रही हैं। हालांकि मानसून की विदाई के इन संकेतों के बीच देश के कई हिस्सों में झमाझम और आफत की बारिश का दौर जारी है।

दक्षिण-पूर्व राजस्थान और उससे सटे उत्तरी गुजरात के ऊपर बने कम दबाव के क्षेत्र के असर से 14 सितंबर को सौराष्ट्र और कच्छ में अत्यंत भारी बारिश और गुजरात रीजन में बहुत भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है।

पिछले 24 घंटों का हाल और सक्रिय मौसमी प्रणालियां

मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक बीते 24 घंटों के दौरान हरियाणा, तेलंगाना और पश्चिम मध्य प्रदेश में 12 से 20 सेमी तक की बहुत भारी बारिश दर्ज की गई है। इसके अलावा कोंकण, पूर्वी राजस्थान, छत्तीसगढ़, सौराष्ट्र, मध्य महाराष्ट्र, गुजरात रीजन, उत्तराखंड, तमिलनाडु, ओडिशा और असम के कई हिस्सों में भारी बारिश (7 से 11 सेमी) हुई है।

गुजरात, सौराष्ट्र और कोंकण-गोवा में अत्यंत भारी बारिश का संकट

पश्चिमी भारत में 14 सितंबर को बारिश का सबसे उग्र रूप देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग ने सौराष्ट्र एवं कच्छ के अलग-अलग इलाकों में 14 सितंबर को अत्यंत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। गुजरात रीजन में 14 सितंबर को बहुत भारी बारिश होने की आशंका है जबकि सौराष्ट्र और कच्छ में 15 सितंबर को भी भारी बारिश जारी रहेगी।

मध्य महाराष्ट्र में 14 सितंबर को भारी बारिश हो सकती है। इसके साथ ही कोंकण और गोवा संग गुजरात रीजन व सौराष्ट्र-कच्छ में 14 और 15 सितंबर के दौरान अधिकांश जगहों पर बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां बनी रहेंगी।

उत्तर-पश्चिम भारत: यूपी, दिल्ली-NCR, राजस्थान और पंजाब में बारिश का पूर्वानुमान

उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी और पहाड़ी इलाकों में अगले कुछ दिनों तक रुक-रुक कर बारिश का सिलसिला चलेगा। उत्तराखंड और पूर्वी राजस्थान में 14 सितंबर को भारी बारिश की संभावना है। इसके बाद 15 से 17 सितंबर के दौरान हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पंजाब में कई जगहों पर भारी बारिश हो सकती है।

उत्तर प्रदेश के मौसम की बात करें तो पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 14 और 15 सितंबर को गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की संभावना है। इस दौरान दोनों हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है। राजस्थान में 14 से 16 सितंबर के बीच 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने और आकाशीय बिजली कड़कने का अनुमान जताया गया है।

मध्य भारत: मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ का मौसम

मध्य भारत के राज्यों में 14 सितंबर को व्यापक बारिश का असर दिखेगा। पश्चिम मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में 14 सितंबर को कई जगहों पर बारिश होगी। इसमें पश्चिम मध्य प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में भारी बारिश का अलर्ट शामिल है। विदर्भ में 14 और 15 सितंबर को बारिश की गतिविधियां तेज रहेंगी। 15 से 20 सितंबर के दौरान मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ में छिटपुट बारिश और गरज-चमक का दौर जारी रहने के आसार हैं।

पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत: बंगाल, बिहार और ओडिशा में बदलेगा मौसम

पूर्वी भारत में 14 से 20 सितंबर के बीच उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम और अंडमान व निकोबार द्वीप समूह में व्यापक बारिश का पूर्वानुमान है। 16 सितंबर को उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में बहुत भारी बारिश हो सकती है। बिहार में 16 और 17 सितंबर को और ओडिशा में 14 सितंबर और 18 से 20 सितंबर के बीच भारी बारिश होने की संभावना है। बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल में 14 से 18 सितंबर के दौरान तेज आंधी और हवाएं चल सकती हैं।

पूर्वोत्तर के राज्यों में अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में 15 से 18 सितंबर के बीच अलग-अलग जगहों पर मूसलाधार बारिश का अलर्ट दिया गया है। नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 14 से 20 सितंबर तक बारिश और बिजली चमकने का अनुमान है।

दक्षिण भारत: तेलंगाना और कर्नाटक में आंधी-तूफान का अलर्ट

दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत के राज्यों में केरल, माहे और लक्षद्वीप में 14 से 20 सितंबर तक अधिकांश जगहों पर बारिश जारी रहेगी। तेलंगाना और उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में 14 सितंबर को 40 से 50 किमी प्रति घंटे (झोंके 60 किमी प्रति घंटे तक) की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने और बिजली गिरने की चेतावनी जारी की गई है। तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 14 से 20 सितंबर तक, केरल व माहे में 14-16 और 19-20 सितंबर को, तथा तटीय आंध्र प्रदेश, यानम व रायलसीमा में 19 और 20 सितंबर को भारी बारिश दर्ज की जा सकती है।

समुद्र में तेज हवाएं: मछुआरों के लिए रेड अलर्ट जारी

समुद्री इलाकों में हवाओं के कड़े रुख को देखते हुए मौसम विभाग ने मछुआरों को चेतावनी दी है। गुजरात तटों से सटे उत्तर-पूर्वी अरब सागर में 16 सितंबर तक मछुआरों को समुद्र में न जाने की हिदायत दी गई है। उत्तरी महाराष्ट्र तट, पूर्व-मध्य अरब सागर और दक्षिण केरल तट से सटे कोमोरिन क्षेत्र में 14 सितंबर को खराब समुद्री स्थिति रहेगी।

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इसके साथ ही सोमालिया तट और उससे लगे अरब सागर में 19 सितंबर तक और बंगाल की खाड़ी व अंडमान सागर के इलाकों में 15 से 19 सितंबर के दौरान तूफानी हवाएं चलने के कारण समुद्री गतिविधियों पर रोक लगाने की सलाह दी गई है।

कल का मौसम: IMD की बड़ी चेतावनी! 18 अगस्त को 6 राज्यों में मूसलाधार बारिश का अलर्ट, दिल्ली से यूपी-बिहार तक ऐसा रहेगा वेदर

18 अगस्त को मौसम विभाग ने बड़े पैमाने पर बारिश का अलर्ट जारी किया है। झारखंड में सबसे ज्यादा खतरा है। यहां बहुत ज्यादा भारी बारिश की पूरी संभावना बन रही है। इसी तरह बिहार, उत्तर प्रदेश, हिमाचल, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और ओडिशा समेत कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। देश के कई राज्यों में मूसलाधार बारिश, तेज आंधी और आकाशीय बिजली गिरने का गंभीर खतरा बना हुआ है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी और चक्रवाती हवाओं के क्षेत्र के कारण देश के अधिकांश हिस्सों में बारिश का दायरा काफी व्यापक रहने वाला है। पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और मैदानी इलाकों में जलभराव की आशंका को देखते हुए प्रशासन और नागरिकों को सतर्क रहने की हिदायत दी गई है।

झारखंड में आफत की बारिश, बिहार समेत 6 राज्यों में बहुत भारी बारिश की चेतावनी

18 अगस्त को मौसम का सबसे भयानक रूप झारखंड में देखने को मिलेगा। मौसम विभाग के अनुसार झारखंड में अलग-अलग स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश के साथ अत्यधिक भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। राज्य में मूसलाधार बारिश से निचले इलाकों में पानी भरने और नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ने की आशंका है। इसके अलावा देश के 6 राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के बुलेटिन के मुताबिक 18 अगस्त को बिहार, छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, ओडिशा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर अति भारी बारिश होने की पूरी संभावना बनी हुई है। इन राज्यों में बारिश की तीव्रता काफी अधिक रहेगी।

दिल्ली-एनसीआर, पूर्वी UP और उत्तराखंड समेत इन राज्यों में भारी बारिश का अनुमान

उत्तर और पूर्वोत्तर भारत के कई राज्यों में भी 18 अगस्त को हल्की से मध्यम और कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना व्यक्त की गई है। दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़, पंजाब, उत्तराखंड, पूर्वी उत्तर प्रदेश, जम्मू-कश्मीर-लद्दाख और पश्चिम बंगाल व सिक्किम में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। पूर्वोत्तर भारत के राज्यों जैसे अरुणाचल प्रदेश, असम व मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भारी बौछारें पड़ने की संभावना है। वहीं दक्षिण भारत के राज्यों केरल व माहे और तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल में भी अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश दर्ज की जा सकती है।

50 किमी की रफ्तार से चलेंगी हवाएं, बिजली कड़कने की आशंका

बारिश के साथ-साथ 18 अगस्त को देश के अलग अलग हिस्सों में तेज हवाओं और बिजली गिरने का भी असर देखने को मिलेगा। आंध्र प्रदेश, गुजरात क्षेत्र, उत्तरी आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराइकल में अलग-अलग जगहों पर 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चलने और बिजली गिरने की संभावना है।

इसके अलावा अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, बिहार, झारखंड, ओडिशा, मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल व सिक्किम, जम्मू-कश्मीर-लद्दाख, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और तेलंगाना में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से हवाएं चल सकती हैं। उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, छत्तीसगढ़, अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अलग-अलग स्थानों पर गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है। आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और आंतरिक कर्नाटक में तेज सतही हवाएं भी चलेंगी।

गुजरात, सोमालिया और ओमान तटों पर 65 किमी/घंटे की गति से चलेंगी हवाएं

समुद्री इलाकों में 18 अगस्त को स्थिति काफी चुनौतीपूर्ण रहेगी। अरब सागर में गुजरात, सोमालिया और ओमान के तटीय इलाकों के पास, तथा मध्य-पश्चिम अरब सागर के अधिकांश भागों और दक्षिण-पश्चिम, उत्तर व मध्य-पूर्व अरब सागर के कुछ हिस्सों में 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने के आसार हैं। इनकी गति बढ़कर 65 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। मौसम विभाग ने समुद्र में तेज हवाओं को देखते हुए मछुआरों को तटीय और गहरे समुद्री क्षेत्रों में न जाने की सलाह दी है।