4 अगस्त का मौसम: बंगाल समेत 3 राज्यों के लिए रेड कलर वॉर्निंग, दिल्ली से यूपी तक धुआंधार बारिश, इन 21 राज्यों में हैवी रेन का अलर्ट

IMD Heavy Rain Alert: देश में मानसूनी हवाएं एक बार फिर प्रचंड रूप धारण कर चुकी हैं। इस बीच भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अपने ताजातरीन वेदर बुलेटिन में 4 अगस्त के लिए देश के कई हिस्सों में मुसलाधार से लेकर अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। पूर्वोत्तर भारत के राज्यों और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल में मूसलाधार बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। इसके साथ ही दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और उत्तर प्रदेश समेत कुल 21 राज्यों में भारी बारिश को लेकर सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

पूर्वोत्तर और बंगाल में भारी बारिश की आशंका: 3 राज्यों के लिए रेड अलर्ट

मौसम विभाग के बुलेटिन के मुताबिक 4 अगस्त को पूर्वोत्तर भारत और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल व सिक्किम में कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश (21 सेमी या उससे अधिक) दर्ज की जा सकती है। असम और मेघालय इन दोनों राज्यों में अलग-अलग जगहों पर मूसलाधार बारिश के साथ अत्यंत भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। पश्चिम बंगाल के उप-हिमालयी क्षेत्रों और सिक्किम में भी 4 अगस्त को एक-दो जगहों पर अत्यधिक भारी बारिश को लेकर लाल चेतावनी दी गई है।

बिहार और पूर्वोत्तर के इन राज्यों में बहुत भारी बारिश की चेतावनी

इसके अलावा पूर्वोत्तर के अन्य राज्यों और पूर्वी भारत में भी बादलों का आक्रामक रुख देखने को मिलेगा। मौसम विभाग ने नीचे दिए गए राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है:-

अरुणाचल प्रदेश

बिहार

नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा

दिल्ली-यूपी से लेकर दक्षिण तक: इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट

4 अगस्त को देश के उत्तर, मध्य, पूर्व और दक्षिण-पश्चिमी हिस्सों के राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश होने का अनुमान जताया गया है:-

उत्तर भारत: हरियाणा, चंडीगढ़ व दिल्ली, पंजाब, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर-लद्दाख।

पूर्वी व मध्य भारत: झारखंड, बिहार, ओडिशा, छत्तीसगढ़ और अंडमान व निकोबार द्वीप समूह।

पश्चिम व दक्षिण भारत: मध्य महाराष्ट्र, तटीय कर्नाटक, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, केरल व माहे।

आंधी-तूफान, बिजली कड़कने और तेज हवाओं की चेतावनी

मौसम विभाग ने बारिश के साथ-साथ तेज हवाओं और बिजली गिरने को लेकर भी अलर्ट जारी किया है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 50 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी-तूफान चलने की संभावना है। आंध्र प्रदेश, तटीय कर्नाटक, केरल व माहे, लक्षद्वीप और उत्तर आंतरिक कर्नाटक में गरज-चमक के साथ 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।

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बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश, ओडिशा, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, तेलंगाना और पश्चिम बंगाल व सिक्किम में 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और बिजली गिरने की आशंका है। अरुणाचल प्रदेश, असम व मेघालय, छत्तीसगढ़, जम्मू-कश्मीर, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा, उत्तराखंड और विदर्भ में वज्रपात की चेतावनी जारी की गई है। आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल व माहे, लक्षद्वीप और तेलंगाना के तटीय इलाकों में तेज सतही हवाएं चलने का अनुमान है।

Heavy rain alert: मुंबई में समंदर से उठने लगीं ऊंची लहरें, IMD ने जारी कर दिया इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट

India Weather Update: देश के कई हिस्सों में मानसून पूरी तरह से मेहरबान है। मुंबई के मरीन ड्राइव पर रविवार 12 जुलाई को समंदर में ऊंची लहरें यानी हाई टाइड देखने को मिली हैं। इसी बीच भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने देश के कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी कर दिया है। मौसम विभाग ने अलग-अलग राज्यों के लिए बारिश, आंधी-तूफान और बिजली गिरने की विस्तृत चेतावनी दी है।

इन राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट

मौसम विभाग के अनुसार, आज 12 जुलाई को देश के कुछ हिस्सों में मूसलाधार बारिश होने की पूरी संभावना है। IMD ने नीचे दिए गए राज्यों के अलग-अलग इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश का पूर्वानुमान जताया है:-

बिहार

असम और मेघालय

पूर्वी उत्तर प्रदेश (यहां कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश की विशेष चेतावनी है)

उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम

दिल्ली-एनसीआर के करीब समेत इन 13 राज्यों में भारी बारिश का अनुमान

देश के कई अन्य राज्यों में भी आज भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। इन इलाकों में शामिल हैं:-

उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश

हरियाणा और चंडीगढ़ (उत्तरी हिस्से)

पंजाब (उत्तरी हिस्से)

जम्मू और कश्मीर-लद्दाख

झारखंड और ओडिशा

छत्तीसगढ़

गंगा तटीय पश्चिम बंगाल

अरुणाचल प्रदेश

नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा

60 किमी/घंटे की रफ्तार से आंधी और बिजली गिरने की चेतावनी

मौसम विभाग ने बारिश के साथ-साथ कई राज्यों में तेज रफ्तार हवाओं और गरज-चमक का भी अलर्ट जारी किया है। जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड और पूर्वी उत्तर प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और तेज झोंकेदार हवाएं चलने की संभावना है।

विशेष रूप से जम्मू-कश्मीर में 40-60 किमी/घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, पूर्वी मध्य प्रदेश, जम्मू-कश्मीर-लद्दाख और झारखंड में अलग-अलग स्थानों पर बिजली कड़कने के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की उम्मीद है।

गंगा तटीय पश्चिम बंगाल, ओडिशा और पश्चिमी मध्य प्रदेश में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और आंधी-तूफान के साथ बिजली गिरने की गतिविधि हो सकती है। अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय, बिहार, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम और उत्तराखंड के अलग-अलग हिस्सों में आकाशीय बिजली गिरने का अनुमान जताया गया है।

अरब सागर में मौसम का हाल और तटीय आंध्र प्रदेश में लू

अरब सागर के ऊपर मौसम खराब रहने की आशंका है। मध्य और उससे सटे उत्तरी अरब सागर, उत्तरी गुजरात तट के कुछ हिस्सों, उत्तर-पूर्वी अरब सागर, सोमालिया से सटे दक्षिण-पश्चिमी अरब सागर और ओमान के तटों पर 45-55 किमी/घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। इनकी गति बढ़कर 65 किमी/घंटे तक पहुंच सकती है। इन सबके बीच मौसम विभाग ने यह भी अनुमान लगाया है कि तटीय आंध्र प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में आज लू की स्थिति बनी रह सकती है।

कल का मौसम 12 जुलाई: दिल्ली से यूपी-बिहार तक भारी बारिश का तांडव, IMD ने आंधी तूफान का ये अलर्ट दिया

Weather Forecast for July 12: देश के अधिकांश हिस्सों में मानसून सक्रिय बना हुआ है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार 12 जुलाई को मध्य भारत, पूर्वी भारत, पूर्वोत्तर राज्यों और पश्चिमी तटीय इलाकों में अच्छी बारिश होने की संभावना है। कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। जबकि कुछ स्थानों पर गरज-चमक, बिजली गिरने और 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।

कुल मिलाकर, 12 जुलाई को देश के अधिकांश हिस्सों में बारिश जारी रहेगी। पूर्वी भारत, पूर्वोत्तर भारत, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश तथा पश्चिम बंगाल, बिहार, झारखंड और मेघालय में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। जबकि कई राज्यों में तेज़ हवाओं और बिजली गिरने का भी खतरा बना रहेगा।

मध्य भारत

मध्य प्रदेश के पूर्वी हिस्सों, विदर्भ और पश्चिमी मध्य प्रदेश में बारिश का दौर जारी रहेगा। पूर्वी मध्य प्रदेश में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज़ हवाएं चलने की संभावना है, जिनके झोंके 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं। पश्चिमी मध्य प्रदेश में भी 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज़ हवाएं चल सकती हैं।

छत्तीसगढ़ में भी कई स्थानों पर अच्छी बारिश होने का अनुमान है। राज्य के अलग-अलग हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है, इसलिए निचले इलाकों में जलभराव और स्थानीय बाढ़ जैसी स्थिति बन सकती है।

पूर्वी भारत

बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, सिक्किम और ओडिशा में मानसून पूरी तरह सक्रिय रहेगा:-

  • बिहार के कई हिस्सों में भारी बारिश की संभावना है।
  • झारखंड में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और तेज़ हवाएं चल सकती हैं।
  • गंगा के मैदानी पश्चिम बंगाल और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल एवं सिक्किम में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
  • ओडिशा में भी भारी बारिश के साथ तेज़ हवाएं और बिजली गिरने की संभावना है।

पूर्वोत्तर भारत

अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में व्यापक वर्षा का दौर जारी रहेगा। जबकि मेघालय और असम के कुछ क्षेत्रों में अत्यधिक भारी बारिश होने की आशंका है। पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन तथा नदियों के जलस्तर में वृद्धि की संभावना को देखते हुए लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

पश्चिम भारत

कोंकण, गोवा, गुजरात, सौराष्ट्र-कच्छ, मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा में हल्की से मध्यम बारिश जारी रहेगी। कोंकण और गोवा में कई स्थानों पर अच्छी बारिश दर्ज हो सकती है।

दक्षिण भारत

केरल, तटीय कर्नाटक, तमिलनाडु, पुडुचेरी, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में भी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। इसके अलावा तमिलनाडु और पुडुचेरी में कुछ स्थानों पर गरज-चमक, बिजली गिरने तथा 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। वहीं. तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में कुछ स्थानों पर लू (हीट वेव) जैसी स्थिति बने रहने की संभावना है।

पिछले 24 घंटों का मौसम

बीते 24 घंटों के दौरान असम, मेघालय, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, ओडिशा, पंजाब और पश्चिम बंगाल के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश दर्ज की गई।

सबसे अधिक बारिश मेघालय के चेरापूंजी क्षेत्र में लगभग 19 सेंटीमीटर दर्ज की गई। हिमाचल प्रदेश के नाहन में 16 सेंटीमीटर, जबकि उत्तर प्रदेश और बिहार के कई जिलों में 8 से 16 सेंटीमीटर तक बारिश रिकॉर्ड की गई।

राज्यों के अनुसार कल (12 जुलाई) का वेदर फोरकास्ट

उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश: पिछले 24 घंटों में उत्तराखंड के कीर्तिनगर में 13 सेमी और हिमाचल के नाहन में 16 सेमी बारिश के बाद कल भी पहाड़ी इलाकों में भारी से बहुत भारी (Heavy to Very Heavy) बारिश का अलर्ट है। भूस्खलन की आशंका को देखते हुए सतर्क रहने को कहा गया है।

उत्तर प्रदेश और बिहार: पूर्वी उत्तर प्रदेश और बिहार के अधिकांश हिस्सों में कल भी झमाझम बारिश का दौर जारी रहेगा। पटना, बेगूसराय और खगड़िया समेत बिहार के कई जिलों में भारी बारिश (Heavy Rainfall) की चेतावनी है।

पंजाब, हरियाणा, दिल्ली-NCR: पंजाब के लुधियाना और कपूरथला में भारी बारिश (7 सेमी) के बाद कल भी पंजाब और हरियाणा-दिल्ली के कई इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है।

असम, मेघालय और नागालैंड-मणिपुर-मिजोरम-त्रिपुरा: पूर्वोत्तर भारत के लगभग सभी स्थानों पर मानसून सक्रिय है। चेरापूंजी और मौसिनराम में भारी तबाही के बाद कल भी इन राज्यों में बाढ़ की स्थिति गंभीर बनी रह सकती है।

पश्चिम बंगाल और झारखंड: गंगा के मैदानी इलाकों (Gangetic West Bengal) और झारखंड (जामताड़ा, गोड्डा) के अधिकांश हिस्सों में कल भी भारी बारिश का सिलसिला बना रहेगा।

मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़: पूर्वी मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होगी। जबकि पश्चिमी मध्य प्रदेश में मौसम थोड़ा शुष्क या छिटपुट बारिश वाला रह सकता है।

दक्षिण भारत व तटीय कर्नाटक: तटीय कर्नाटक के अधिकांश हिस्सों में कल मानसून मेहरबान रहेगा। तमिलनाडु और पुडुचेरी के कुछ इलाकों में भी भारी बारिश की संभावना जताई गई है।

राजस्थान और गुजरात: राजस्थान (पूर्वी और पश्चिमी) और गुजरात क्षेत्र के अलग-अलग (Isolated) स्थानों पर ही कल केवल छिटपुट बौछारें पड़ने की उम्मीद है। यानी यहां मानसून की रफ्तार फिलहाल थोड़ी धीमी है।

तापमान का हाल: उमस और गर्मी ने बढ़ाई चिंता

बारिश के बावजूद देश के कई हिस्सों में न्यूनतम और अधिकतम तापमान सामान्य से काफी ऊपर दर्ज किया गया है:-

  • जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और अरुणाचल प्रदेश में अधिकतम तापमान सामान्य से 5.1°C से भी अधिक दर्ज किया गया, जिससे वहां भीषण गर्मी का माहौल है।
  • यूपी, बिहार, ओडिशा, असम और राजस्थान के कई इलाकों में भी रात का तापमान (न्यूनतम तापमान) सामान्य से 3 से 5 डिग्री सेल्सियस ज्यादा रहा, जिससे लोगों को भारी उमस का सामना करना पड़ रहा है।

सबसे ठंडा स्थान

देश के मैदानी इलाकों में सबसे कम न्यूनतम तापमान मध्य प्रदेश के खरगोन में 19.4°C दर्ज किया गया। उत्तर प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड और पूर्वोत्तर के राज्यों में कल यात्रा करते समय सावधानी बरतें। आकाशीय बिजली (Lightening) चमकने के दौरान खुले खेतों या पेड़ों के नीचे जाने से बचें।

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लोगों के लिए सलाह

  • भारी बारिश वाले क्षेत्रों में अनावश्यक यात्रा से बचें।
  • गरज-चमक के दौरान खुले मैदान, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें।
  • नदी, नाले और जलभराव वाले क्षेत्रों में विशेष सावधानी बरतें।
  • स्थानीय प्रशासन और भारतीय मौसम विभाग द्वारा जारी ताजा चेतावनियों का पालन करें।

India Weather Today 30 June: इन 20+ राज्यों में भारी बारिश और 15+ राज्यों में आंधी-तूफान का अलर्ट, दिल्ली से यूपी-बिहार तक मौसम का डबल अटैक

Aaj Ka Mausam 30 जून: देश के बड़े हिस्से में मानसून की रफ्तार तेज होने के साथ ही मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आज यानी 30 जून को देश के 20 से अधिक राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश और 15 से ज्यादा राज्यों में तेज आंधी-तूफान व बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया है। दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश और बिहार समेत उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में आज मौसम का डबल अटैक देखने को मिल सकता है। एक तरफ तेज हवाएं चलेंगी तो दूसरी तरफ मूसलाधार बारिश लोगों को प्रभावित करेगी।

मौसम विभाग के मुताबिक दक्षिण-पश्चिम मानसून के अगले दो दिनों में उत्तर अरब सागर, गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, बिहार, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कुछ और हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल हैं। इस बीच आइए जानते हैं क्षेत्रवार मौसम का पूरा पूर्वानुमान।

उत्तर-पश्चिम भारत: दिल्ली में हीटवेव के साथ बारिश और यूपी में भारी अलर्ट

उत्तर-पश्चिम भारत में मानसून और वेस्टर्न डिस्टर्बेंस (जो 2 जुलाई से सक्रिय होगा) के चलते मौसम में बड़ा बदलाव आ रहा है। 4 जुलाई तक यहां के तापमान में 4 से 5 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की जा सकती है।

दिल्ली, हरियाणा और पंजाब: आज दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ के कुछ इलाकों में लू की स्थिति बनी रह सकती है, लेकिन इसके साथ ही आज और कल यानी 1 जुलाई को हल्की से मध्यम बारिश की भी संभावना है। इसके बाद 2 से 4 जुलाई के बीच दिल्ली, पंजाब और हरियाणा में व्यापक रूप से भारी बारिश होगी। 1 से 6 जुलाई के दौरान 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का भी अनुमान है।

उत्तर प्रदेश: यूपी में आज मौसम का तगड़ा असर दिखेगा। पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश में आज से 2 जुलाई के बीच भारी बारिश की चेतावनी है। पूरे राज्य में 30 जून से 6 जुलाई के दौरान गरज-चमक के साथ 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज धूलभरी हवाएं चलने का अलर्ट जारी किया गया है।

उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश: उत्तराखंड में 30 जून से 6 जुलाई तक व्यापक बारिश होगी। 1 और 2 जुलाई को बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। हिमाचल प्रदेश में भी 2 और 3 जुलाई को अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। जम्मू-कश्मीर में 2 से 4 जुलाई के बीच भारी बारिश होगी।

राजस्थान: पूर्वी राजस्थान में 1 और 2 जुलाई को 50-60 किमी/घंटा (झोंके 70 किमी/घंटा तक) की रफ्तार से गंभीर आंधी-तूफान आने की आशंका है। यहां 2 से 6 जुलाई के बीच भारी बारिश होगी। पश्चिमी राजस्थान में 2 से 6 जुलाई के बीच धूलभरी आंधी चलने की संभावना है।

पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत: बिहार और बंगाल में अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी

पूर्वी भारत के राज्यों में मानसूनी सिस्टम पूरी तरह सक्रिय हो चुका है, जिससे कई जिलों में बाढ़ जैसे हालात बन सकते हैं।

बिहार: बिहार में आज (30 जून) और कल (1 जुलाई) मौसम विभाग ने बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही आज और कल 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से आंधी चलने और आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है। 2 से 6 जुलाई के बीच भी बारिश का दौर जारी रहेगा।

पश्चिम बंगाल और सिक्किम: उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में आज अत्यंत भारी बारिश होने का अनुमान है। वहीं गांगेय पश्चिम बंगाल में 5 और 6 जुलाई को बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी गई है।

ओडिशा और झारखंड: ओडिशा में 1 से 4 जुलाई के बीच बहुत भारी बारिश की संभावना है जबकि झारखंड में 30 जून और 1 जुलाई को भारी बारिश के साथ 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अलर्ट है।

पूर्वोत्तर भारत: असम और मेघालय में आज बहुत भारी बारिश का अलर्ट है, जबकि अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 2 जुलाई तक भारी बारिश और गरज-चमक की स्थिति बनी रहेगी।

मध्य और पश्चिमी भारत: मध्य प्रदेश से गुजरात तक मूसलाधार आफत

मध्य प्रदेश: मध्य प्रदेश में 1 से 6 जुलाई के दौरान व्यापक बारिश होगी। मौसम विभाग ने 2 से 4 जुलाई के बीच पूर्वी और पश्चिमी मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। 3 जुलाई तक यहां 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से हवाएं चलेंगी।

विदर्भ और छत्तीसगढ़: विदर्भ में 3 और 4 जुलाई को बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। वहीं छत्तीसगढ़ में 30 जून से 6 जुलाई के दौरान लगातार भारी बारिश का दौर जारी रहेगा।

गुजरात और महाराष्ट्र: कोंकण, गोवा और मध्य महाराष्ट्र के घाट इलाकों में आज और कल (1 जुलाई) और दोबारा 4 से 6 जुलाई के बीच अत्यधिक भारी बारिश होने की आशंका है। गुजरात क्षेत्र में 3 से 6 जुलाई के बीच भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान है, जिससे तापमान में 3 से 4 डिग्री की गिरावट आएगी।

दक्षिण भारत: कर्नाटक और केरल में रेड अलर्ट जैसी स्थिति, तटों पर हाई अलर्ट

दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत के तटीय इलाकों में समुद्र बेहद अशांत रहने वाला है, जिसके लिए मछुआरों को चेतावनी जारी की गई है।

कर्नाटक: तटीय कर्नाटक में 30 जून से 6 जुलाई तक लगातार बहुत भारी बारिश का अनुमान है। दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 3 से 6 जुलाई के बीच अत्यंत भारी बारिश होने की संभावना है।

केरल और तेलंगाना: केरल और माहे में आज बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। इसके बाद 1 से 6 जुलाई तक भारी बारिश जारी रहेगी। तेलंगाना में भी 30 जून से 6 जुलाई के बीच लगातार भारी बारिश और आंधी-तूफान की चेतावनी दी गई है।

राष्ट्रीय मौसम पूर्वानुमान केंद्र की ओर से जारी 30 जून का पूरे देश का वेदर मैप देखिए राष्ट्रीय मौसम पूर्वानुमान केंद्र की ओर से जारी 30 जून का पूरे देश का वेदर मैप देखिए

मछुआरों के लिए चेतावनी: कोंकण, गोवा, कर्नाटक, केरल के तटों, लक्षद्वीप क्षेत्र और पूर्वी-मध्य अरब सागर में 40-50 किमी/घंटा से लेकर 60 किमी/घंटा की रफ्तार से खतरनाक हवाएं चलने की संभावना है। इसके अलावा मन्नार की खाड़ी और श्रीलंका के तटीय इलाकों में भी 45-55 किमी/घंटा की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं के कारण समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।

डिस्क्लेमर: Moneycontrol पर दिए गए मौसम के ये अनुमान भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) की आधिकारिक बुलेटिन पर आधारित हैं। किसी भी क्षेत्र में यात्रा करने या घर से बाहर निकलने से पहले स्थानीय मौसम चेतावनियों का पालन जरूर करें।

Monsoon Watch: दिल्ली-NCR और यूपी हीटवेव से बेहाल दिखे, इस बीच मानसून एंट्री और बारिश को लेकर IMD ने दिया ये अलर्ट

Monsoon updates: देश की राजधानी दिल्ली-NCR और उत्तर प्रदेश समेत उत्तर-पश्चिम भारत के कई हिस्से इस समय भीषण गर्मी और उमस की दोहरी मार झेल रहे हैं। दिल्ली में रविवार को फील्स लाइक टेंप्रेचर (हीट इंडेक्स) 50 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया। इससे लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। इस बीच भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मानसून की एंट्री और आगामी बारिश को लेकर राहत भरा अपडेट जारी किया है।

मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक, मानसून की कमी के कारण हाल के दिनों में हीट स्ट्रेस काफी बढ़ गया है। वैसे उत्तर भारत के कई राज्यों में अगले 5 से 6 दिनों के भीतर दक्षिण-पश्चिम मानसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल बनी हुई हैं।

मानसून की एंट्री को लेकर क्या है लेटेस्ट अपडेट?

मानसून अगले 2 से 3 दिनों के दौरान उत्तरी अरब सागर के कुछ और हिस्सों, उत्तर प्रदेश के कुछ क्षेत्रों और उत्तराखंड में आगे बढ़ेगा। इसके बाद के 2-3 दिनों में मानसून उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कुछ और हिस्सों, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और दक्षिण-पूर्वी राजस्थान के कुछ क्षेत्रों को कवर कर लेगा।

दिल्ली में मानसून के पहुंचने की सामान्य तारीख 27 जून थी। लेकिन इस बार इसमें करीब एक हफ्ते की देरी है। स्काईमेट के मुताबिक अगर परिस्थितियां अनुकूल रहीं तो दिल्ली में मानसून 4 जुलाई के आसपास पहुंच सकता है। अगले कुछ दिनों में एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र बनने की संभावना है। इससे हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।

क्यों बढ़ रही है दिल्ली में गर्मी और उमस?

स्काईमेट के मौसम विज्ञान और जलवायु परिवर्तन विभाग के उपाध्यक्ष महेश पालावत के मुताबिक मानसून में देरी और शुष्क एवं नम हवाओं के आपस में मिलने से तापमान और उमस दोनों बढ़े हुए हैं। पाकिस्तान से आ रही शुष्क पश्चिमी हवाएं तापमान को बढ़ा रही हैं। जबकि अरब सागर से आ रही दक्षिण-पश्चिमी हवाएं उमस बढ़ा रही हैं।

जब ये दोनों हवाएं मिलती हैं तो बादल बनते हैं। लेकिन उनमें व्यापक बारिश के लिए पर्याप्त नमी नहीं होती। शाम 4 या 5 बजे तक बादल बनते हैं, तब तक दिन का अधिकतम तापमान दर्ज हो चुका होता है। यही वजह है कि अधिकतम टेंप्रेचर और फील्स लाइक टेंप्रेचर इतना ज्यादा बना हुआ है।

दिल्ली-NCR का हाल: दो साल की सबसे गर्म सुबह और रात

दिल्ली में रविवार को गर्मी ने पिछले दो साल के रिकॉर्ड तोड़ दिए। सफदरजंग मौसम केंद्र पर न्यूनतम तापमान सामान्य से 3.2 डिग्री अधिक 31.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो पिछले दो सालों में जून की सबसे गर्म सुबह रही। इससे पहले 14 जून 2024 को न्यूनतम तापमान 33.3 डिग्री दर्ज हुआ था। वहीं रविवार को अधिकतम तापमान 41.8 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 4.6 डिग्री ज्यादा था। दिल्ली का लोधी रोड इलाका 42.1 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे गर्म स्थान रहा।म

दिल्ली के लिए आगे का पूर्वानुमान

दिल्ली में सोमवार 29 जून को अधिकतम तापमान 40 से 42 डिग्री के बीच रहने और गरज-चमक के साथ बारिश होने का अनुमान है। मौसम विभाग ने मंगलवार और बुधवार के लिए बारिश, आंधी और तेज हवाओं का ‘येलो अलर्ट’ जारी किया है। 1 जुलाई तक अधिकतम तापमान 40 डिग्री से नीचे आने और 3 जुलाई तक 35 डिग्री सेल्सियस तक गिरने की उम्मीद है, जिससे तापमान में 5 से 6 डिग्री की क्रमिक गिरावट आएगी।

उत्तर प्रदेश: प्रयागराज में पारा 43.4 डिग्री, हीटवेव का अलर्ट

उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में भी भीषण गर्मी का प्रकोप जारी है। प्रयागराज में पारा 43.4 डिग्री सेल्सियस तक जा पहुंचा, जबकि लखनऊ में अधिकतम तापमान सामान्य से 3.6 डिग्री अधिक 39.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश के कुछ अलग-अलग हिस्सों में अगले 24 घंटों के दौरान लू (Heat Wave) चलने की चेतावनी दी है। इसके साथ ही पूर्वी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ आंधी चलने की संभावना जताई गई है।

अन्य राज्यों के लिए मौसम विभाग का पूर्वानुमान

1- उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश

उत्तराखंड: देहरादून में अधिकतम तापमान सामान्य से 5 डिग्री अधिक 37.1 डिग्री और न्यूनतम तापमान 26.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। देहरादून मौसम केंद्र ने पहाड़ी जिलों में गरज-चमक, बिजली कड़कने, तेज से बहुत तेज बारिश और झोंकेदार हवाओं का येलो अलर्ट जारी किया है।

हिमाचल प्रदेश: शिमला मौसम केंद्र ने राज्य में 4 जुलाई तक बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान जताया है। 2 जुलाई से उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है। 30 जून से 4 जुलाई के बीच राज्य में 30-40 किमी/घंटे की रफ़्तार से हवाएं चलने और आंधी का अलर्ट है। बीते 24 घंटों में शिमला, कांगड़ा और मंडी में आंधी और हल्की बारिश दर्ज की गई है।

2- पंजाब और हरियाणा

इन दोनों राज्यों में तापमान सामान्य से ऊपर बना हुआ है। IMD ने 29 जून, 1 जुलाई और 2 जुलाई को कुछ स्थानों पर छिटपुट बारिश का अनुमान जताया है। इसके अलावा, 1 से 4 जुलाई के बीच दोनों राज्यों में गरज-चमक के साथ 40-50 किमी/घंटे की रफ़्तार से हवाएं चलने (जो 60 किमी/घंटे तक जा सकती हैं) की चेतावनी दी गई है।

3- जम्मू-कश्मीर

श्रीनगर में अधिकतम तापमान सामान्य से 3.8 डिग्री अधिक 33.8 डिग्री और जम्मू में अधिकतम तापमान 37 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग ने जम्मू के मैदानी इलाकों और आसपास के क्षेत्रों में 29 जून को प्री-मानसून बारिश होने और कुछ स्थानों पर भारी बौछारें व तेज हवाएं चलने का अनुमान जताया है।

4- राजस्थान

राजस्थान के बड़े हिस्से में उमस भरा मौसम बना हुआ है। हालांकि कुछ जिलों में छिटपुट बारिश हुई है। झुंझुनू जिले के पिलानी में सुबह से 7 मिमी बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग ने आगामी कुछ दिनों में कोटा और उदयपुर संभाग के हिस्सों में मध्यम से भारी बारिश की संभावना जताई है जबकि 2 जुलाई से दक्षिण-पूर्वी और पूर्वी राजस्थान में बारिश की गतिविधियों में तेजी आएगी।

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