HDFC Bank AGM: नए चेयरमैन, डिविडेंड से लेकर फंड जुटाने तक, 5 अगस्त की AGM में कई बड़े फैसले होंगे

HDFC Bank AGM: प्राइवेट सेक्टर के सबसे बड़े लेंडर HDFC Bank की 32वीं सालाना आम बैठक (AGM) बुधवार,5 अगस्त को होगी। इस बार की AGM कई वजहों से खास मानी जा रही है। हाल ही में नॉन-एग्जीक्यूटिव चेयरमैन अतनु चक्रवर्ती ने नैतिक कारणों का हवाला देकर इस्तीफा दिया था। वहीं, बैंक को जल्द नया CEO भी चुनना है।

मौजूदा MD और CEO शशिधर जगदीशन का कार्यकाल तीन महीने से भी कम बचा है। RBI के नियम कहते हैं कि नए CEO के नाम की सिफारिश छह महीने पहले भेजनी चाहिए। लेकिन बैंक ने अभी तक इस प्रक्रिया की शुरुआत नहीं की है।

डिविडेंड, फंड जुटाने का प्लान

AGM में सबसे पहले वित्त वर्ष 2025-26 के वित्तीय नतीजों और डिविडेंड पर मंजूरी ली जाएगी।

इसके अलावा बैंक फंड जुटाने की भी तैयारी में है। इसके लिए वह AT-1 बॉन्ड, Tier-II बॉन्ड और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर के लिए लॉन्ग-टर्म बॉन्ड जारी करने की मंजूरी मांगेगा। ये सभी बॉन्ड प्राइवेट प्लेसमेंट के जरिए जारी किए जाएंगे।

नए चेयरमैन पर भी लगेगी मुहर

बैंक ने राजीव कुमार को नया नॉन-एग्जीक्यूटिव चेयरमैन बनाने का प्रस्ताव रखा है। AGM में शेयरधारक इस पर वोट करेंगे।

अगर मंजूरी मिलती है, तो उन्हें RBI की अनुमति के अनुसार ₹50 लाख सालाना तय पारिश्रमिक मिलेगा। इसके अलावा बोर्ड और कमेटी की बैठकों में शामिल होने पर सिटिंग फीस भी मिलेगी। बैंक की कार का इस्तेमाल भी आधिकारिक और निजी दोनों कामों के लिए कर सकेंगे।

पहले चेयरमैन को कितना मिला था?

राजीव कुमार से पहले अतनु चक्रवर्ती इस पद पर थे। वित्त वर्ष 2025-26 में उन्हें ₹59 लाख सिटिंग फीस और ₹48.25 लाख तय पारिश्रमिक मिला था। यानी कुल मिलाकर उन्हें ₹1.07 करोड़ का भुगतान हुआ।

उन्होंने 18 मार्च 2026 को इस्तीफा दिया था। इसलिए उन्हें पूरे साल की बजाय जितने समय तक पद पर रहे, उसी हिसाब से भुगतान किया गया।

एक और प्रस्ताव भी आएगा

AGM में वी. श्रीनिवास रंगन को फिर से निदेशक बनाने का प्रस्ताव भी रखा जाएगा। वह रोटेशन के तहत रिटायर हो रहे हैं और बैंक उन्हें दोबारा बोर्ड में शामिल करना चाहता है।

HDFC बैंक के शेयर मंगलवार को 1.86% की गिरावट के साथ 739 रुपये पर बंद हुए। पिछले 1 साल में स्टॉक 25.80% टूट चुका है।

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Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

HDFC Bank के पार्ट-टाइम चेयरमैन पद पर राजीव कुमार की नियुक्ति को आरबीआई की मंजूरी

आरबीआई ने एचडीएफसी बैंक के पार्ट-टाइम चेयरमैन पद पर राजीव कुमार की नियुक्ति को मंजूरी दे दी है। एचडीएफसी बैंक ने 15 जुलाई को यह बताया। कुमार का कार्यकाल तीन साल का होगा। एचडीएफसी ने बताया है कि उनकी नियुक्ति 15 जुलाई, 2026 से प्रभावी होगी।

राजीव कुमार मुख्य चुनाव आयुक्त रह चुके हैं

HDFC Bank ने कहा है कि केकी मिस्त्री बैंक के नॉन-एग्जिक्यूटिव नॉन-इंडिपेंडेट डायरेक्टर बने रहेंगे। राजीव कुमार देश के मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) और फाइनेंस सेक्रेटरी रह चुके हैं। वह 2017-2020 तक डिपार्टमेंट ऑफ फाइनेंशियल सर्विसे में सेक्रेटरी थे। इस दौरान उन्होंने सरकारी बैंकों और फाइनेंशियल सेक्टर को मजबूत बनाने के लिए कई उपाय किए थे।

बैंकिंग सेक्टर को मजबूत बनाने के लिए उठाए थे कदम

कुमार के डिपार्टमेंट ऑफ फाइनेंशियल सर्विसेज ज्वाइन करने के दो हफ्ते के अंतर करीब 3.38 शेल कंपनियों के अकाउंट्स फ्रिज कर दिए गए थे। इससे ब्लैक मनी पर शिकंजा कसने में मदद मिली थी। बाद में पोंजी स्कीम के खिलाफ भी सख्ती शुरू हुई थी। कुमार ने बैंकों की बैलेंसशीट मजबूत करने के लिए भी कई कदम उठाए थे।

बैंक के बोर्ड ने प्रस्ताव को 29 जून को दी थी मंजूरी

HDFC Bank के बोर्ड ने 29 जून को बैंक के अंश-कालिक चेयरमैन एवं अतिरिक्त (स्वतंत्र) डायरेक्टर के रूप में नियुक्ति के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी। इससे ठीक तीन दिन पहले एक एक्सटर्नल लीगल रिव्यू में पूर्व चेयरमैन अतानु चक्रवर्ती की तरफ से लगाए गए आरोपों से बैंक को बरी कर दिया गया था।

मार्च में अतानु चक्रवर्ती ने एचडीएफसी बैंक से दिया था इस्तीफा

अतानु चक्रवर्ती ने इस साल मार्च में एचडीएफसी बैंक में पार्ट-टाइम चेयरमैन पद से इस्तीफ दे दिया था। उन्होंने बैंक में कामकाज के कुछ तरीकों को अपनी नैतिकता के खिलाफ बताया था। वह एचडीएफसी बैंक के चेयरमैन बनने वाले पहले पूर्व आईएएस अफसर थे। वह गुजरात कैडर के 1985 बैच के आईएएस अफसर थे, जबकि राजीव कुमार 1984 बैच के झारखंड कैडर के पूर्व आईएएस अफसर हैं।

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एचडीएफसी बैंक का शेयर इस साल 18 फीसदी गिरा

एचडीएफसी बैंक देश का सबसे बड़ा प्राइवेट बैंक है। इसका शेयर 15 जुलाई को 0.69 फीसदी चढ़कर 815 रुपये पर बंद हुआ। इस साल बैंक का शेयर करीब 18 फीसदी गिरा है। इस दौरान शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांक निफ्टी में 7.91 फीसदी गिरावट आई है।

HDFC Bank ने पूर्व वित्त सचिव राजीव कुमार को बनाया नया पार्ट-टाइम चेयरमैन, 3 साल रहेगा कार्यकाल

HDFC Bank ने पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) और पूर्व वित्त सचिव राजीव कुमार को अपना नया पार्ट-टाइम चेयरमैन नियुक्त किया है। हालांकि, उनकी नियुक्ति भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मंजूरी मिलने के बाद ही प्रभावी होगी।

बैंक के बोर्ड ने उन्हें तीन साल के लिए पार्ट-टाइम चेयरमैन बनाने को मंजूरी दी है। उनका कार्यकाल RBI की मंजूरी मिलने की तारीख से शुरू होगा।

स्वतंत्र निदेशक भी बनाए गए

बोर्ड ने राजीव कुमार को 30 जून 2026 से चार साल के लिए अतिरिक्त स्वतंत्र निदेशक नियुक्त करने को भी मंजूरी दी है। इसके लिए शेयरधारकों की मंजूरी जरूरी होगी।

HDFC Bank ने बताया कि यह नियुक्ति बैंक की गवर्नेंस, नॉमिनेशन एंड रेम्यूनरेशन कमेटी की सिफारिश पर की गई है।

AGM के नोटिस में किया बदलाव

राजीव कुमार की नियुक्ति के बाद HDFC Bank ने अपनी 32वीं AGM के नोटिस में संशोधन किया है। इसमें उनकी नियुक्ति से जुड़े प्रस्ताव भी शामिल किए गए हैं।

बैंक ने यह भी कहा कि SEBI या किसी अन्य नियामक संस्था ने राजीव कुमार पर किसी कंपनी में निदेशक बनने पर कोई रोक नहीं लगाई है।

चार दशक का प्रशासनिक अनुभव

राजीव कुमार भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के पूर्व अधिकारी हैं। उनके पास 40 साल से ज्यादा का प्रशासनिक अनुभव है। उन्होंने सार्वजनिक नीति, वित्तीय क्षेत्र में सुधार और संस्थागत विकास से जुड़े कई अहम पदों पर काम किया है।

बैंकिंग सुधारों में निभाई बड़ी भूमिका

HDFC Bank के मुताबिक, राजीव कुमार 2017 से 2020 तक वित्तीय सेवा विभाग के सचिव रहे। इस दौरान उन्होंने सरकारी बैंकों में पूंजी डालकर उन्हें मजबूत करने (रीकैपिटलाइजेशन), बैंकों के मर्जर, बैंकिंग गवर्नेंस में सुधार और नियामकीय ढांचे को मजबूत बनाने जैसे बड़े सुधारों में अहम भूमिका निभाई।

विजया बैंक और देना बैंक का मर्जर

विजया बैंक और देना बैंक का बैंक ऑफ बड़ौदा में विलय कराने में राजीव कुमार की अहम भूमिका रही। उन्होंने बैंकिंग टेक्नोलॉजी में भी कई सुधार किए। डिजिटल पेमेंट्स को बढ़ावा देने पर काम किया। डिपॉजिट प्रोटेक्शन को मजबूत बनाया। साथ ही वित्तीय स्थिरता से जुड़े कई अहम सुधारों की अगुआई की।

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10 दिनों में हो जाएगा HDFC Bank के नए चेयरमैन का ऐलान! ये है प्रोसेस

HDFC Bank New Chairman: प्राइवेट सेक्टर का दिग्गज लेंडर एचडीएफसी बैंक अगले 7-10 दिनों में नए चेयरमैन की नियुक्ति कर लेगा। सीएनबीसी-टीवी18 को यह जानकारी सूत्रों के हवाले से मिली है। बैंक की NRC (नॉमिनेशन एंड रिम्यूनेरेशन) कमेटी चेयरमैन पद के लिए प्राथमिकता क्रम में तीन नाम बोर्ड को भेजेगी और अंतिम फैसला बैंक के बोर्ड का होगा। सूत्रों के मुताबिक बैंक फिलहाल पांच कैंडिडेट्स के नाम पर विचार कर रहा है- आरबीआई के हाल ही में रिटायर्ड डिप्टी गवर्नर, एक पीएसयू बैंक के सीनियर अधिकारी, एक पूर्व ब्यूरोक्रेट, एक एमएनसी के पूर्व इंडिया हेड और एक टेक सेक्टर के अनुभवी शख्स। सूत्रों के मुताबिक NRC अभी इनसे अनौपचारिक तौर पर मुलाकात कर रही है। इसके बाद तीन नामों की सूची तैयार कर बोर्ड को भेजी जाएगी।

अभी कौन है HDFC Bank का चेयरमैन?

बैंक के बोर्ड के प्रमुख अभी एक अंतरिम चेयरमैन हैं- फाइनेंशियल सर्विसेज के अनुभवी केकी मिस्त्री। पिछले हफ्ते ही उनका कार्यकाल बढ़ाया गया और अब वह अगले तीन महीनों के लिए यानी 18 सितंबर, 2026 तक या रेगुलर पार्ट-टाइम चेयरमैन की नियुक्ति होने, जो भी पहले हो, तक इस पद पर रहेंगे। बैंक के पूर्व चेयरमैन अतनु चक्रवर्ती ने नैतिक मूल्यों और एथिक्स का हवाला देते हुए 19 मई 2026 को तत्काल प्रभाव से पार्ट-टाइम चेयरमेन के पद से इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद आरबीआई ने एचडीएफसी बैंक विलय के पहले एचडीएफसी के आखिरी सीईओ केकी मिस्त्री को अंतरिम तौर पर यह जिम्मेदारी सौंपी थी।

मौजूदा CEO को बढ़ सकता है कार्यकाल

एचडीएफसी बैंक के मौजूदा सीईओ शशिधर जगदीशन का भी कार्यकाल अक्टूबर 2026 में समाप्त हो रहा है। सूत्रों के मुताबिक शशिधर को दोबारा सीईओ बनाया जा सकता है और इस बारे में ऐलान जुलाई के पहले दो हफ्तों में हो सकता है। सूत्रों के मुताबिक लॉ फर्मों ने पहले ही क्लीन चिट दे दी है। अब बोर्ड को सीईओ की फिर से नियुक्ति के लिए नए चेयरमैन को शामिल करेगा। आरबीआई के नियमों के मुताबिक बैंक को मौजूदा सीईओ का कार्यकाल खत्म होने से कम से कम 6 महीने पहले या तो मौजूदा सीईओ को दोबारा नियुक्त करना होता है या फिर नया सीईओ नियुक्त करना होता है। मौजूदा हालात के मुताबिक शशिधर जगदीशन का कार्यकाल चार महीने से भी कम समय में 26 अक्टूबर 2026 को खत्म हो रहा है।

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Stocks to Watch: 18 जून को इन 10 स्टॉक्स पर रखें नजर, दिख सकती है बड़ी हलचल

Stocks to Watch: गुरुवार, 18 जून के कारोबार में कुछ शेयरों पर निवेशकों की खास नजर रह सकती है। इनमें नए ऑर्डर, प्रोडक्ट लॉन्च, मैनेजमेंट से जुड़े बदलाव, हिस्सेदारी बिक्री जैसी खबरें देखने को मिली हैं। ऐसे में इन शेयरों में बाजार खुलने के बाद बड़ी हलचल देखने को मिल सकती है।

Lupin

फार्मा कंपनी Lupin ने अमेरिका में Azilsartan Medoxomil टैबलेट लॉन्च की है। यह दवा वयस्कों में हाई ब्लड प्रेशर के इलाज में इस्तेमाल होती है। इसके साथ कंपनी ने कार्डियोवैस्कुलर सेगमेंट में अपना पोर्टफोलियो और बढ़ाया है।

HDFC Bank

देश के सबसे बड़े निजी बैंक HDFC Bank में नए चेयरमैन की तलाश तेज हो गई है। रिपोर्ट्स के मुताबिक RBI ने बैंक के बोर्ड से नॉन-एग्जिक्यूटिव चेयरमैन की नियुक्ति प्रक्रिया जल्द पूरी करने को कहा है, क्योंकि मौजूदा अंतरिम चेयरमैन केकी मिस्त्री का कार्यकाल लगभग खत्म हो चुका है।

HFCL

टेलीकॉम और नेटवर्क इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी HFCL को RVNL से 2,666.09 करोड़ रुपये का ऑर्डर मिला है। यह ऑर्डर उत्तर प्रदेश (पश्चिम) में BharatNet Phase-III प्रोजेक्ट के लिए है। कंपनी टेलीकॉम नेटवर्क बनाएगी और 10 साल तक उसका ऑपरेशन और मेंटेनेंस भी संभालेगी।

Waaree Renewable Technologies

रिन्यूएबल कंपनी Waaree Renewable Technologies को अपने 980 मेगावाट पीक (MWP) / 700 मेगावाट एसी (MWAC) सोलर प्रोजेक्ट में 30.91 करोड़ रुपये का अतिरिक्त EPC ऑर्डर मिला है। इसके बाद इस प्रोजेक्ट की कुल कॉन्ट्रैक्ट वैल्यू बढ़कर 1,044.69 करोड़ रुपये हो गई है।

Bosch Home Comfort India

Bosch Global Software Technologies, Bosch Home Comfort India में अपनी हिस्सेदारी बेचने जा रही है। OFS के जरिए 21.7 लाख शेयर या 7.97% हिस्सेदारी बेची जाएगी। फ्लोर प्राइस 1,150 रुपये प्रति शेयर रखा गया है, जो मौजूदा बाजार भाव से करीब 10% कम है।

RVNL

सरकारी रेलवे कंपनी RVNL को East Coast Railway से 967.92 करोड़ रुपये का EPC ऑर्डर मिला है। यह ऑर्डर रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ा है। इसके तहत Nergundi-Barang और Khurda Road-Vizianagaram सेक्शन में तीसरी और चौथी रेलवे लाइन के लिए कई बड़े स्टील ब्रिज बनेंगे।

RailTel

सरकारी टेलीकॉम और IT कंपनी RailTel को 52.57 करोड़ रुपये का ऑर्डर मिला है। कंपनी डिजास्टर रिकवरी IT इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करेगी। इसके बाद 5 साल तक ऑपरेशन और मेंटेनेंस का काम भी करेगी।

Apollo Hospitals

हेल्थकेयर कंपनी Apollo Hospitals के खिलाफ चल रही कार्रवाई RBI ने बंद कर दी है। कंपनी ने मामले के निपटारे के लिए 17.8 करोड़ रुपये की कंपाउंडिंग राशि जमा की है।

Balkrishna Industries

टायर कंपनी Balkrishna Industries ने सरोज कुमार खुंटिया को नया CFO नियुक्त किया है। उनकी नियुक्ति 18 जून 2026 से प्रभावी होगी।

Vedanta Power

डीमर्जर के बाद शेयर बाजार में लिस्ट हुई Vedanta Power ने भविष्य की ग्रोथ के लिए बड़ा प्लान बनाया है। कंपनी Hydro Power, Battery Energy Storage Systems (BESS) और Nuclear Energy जैसे नए क्षेत्रों में उतरने की तैयारी कर रही है। बढ़ती बिजली मांग और बदलते ऊर्जा बाजार को देखते हुए कंपनी पारंपरिक बिजली उत्पादन से आगे बढ़कर नए कारोबार के अवसर तलाश रही है।

फॉक्सवैगन ग्रुप की कंपनी के साथ HCLTech की बड़ी डील, कारों के लिए बनाएगी AI सॉफ्टवेयर

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

RBI ने एचडीएफसी बैंक को नया चेयरमैन जल्द नियुक्त करने को कहा

अंतरिम चेयरमैन के रूप में केकी मिस्त्री का कार्यकाल खत्म होने से एक दिन पहले आरबीआई ने एचडीएफसी बैंक के बोर्ड से नॉन-एग्जिक्यूटिव पार्ट-टाइम चैयरमैन की तलाश में तेजी लाने को कहा है। मामले की जानकारी रखने वाले लोगों ने बताया कि आरबीआई की मानना है कि चेयरमैन की जगह खाली होने से बड़े फैसलों में देरी हो सकती है।

नए चेयरमैन की नियुक्ति तक मिस्त्री अपने पोजीशन पर बने रह सकते हैं

सूत्र ने बताया, “मिस्री की पोजीशन अंतरिम है और कुछ ऐसे मसले हैं जिनमें फैसले लेने के लिए उनके पास सीमित गुजाइश है। बैंक के लिए एक नॉन-अंतरिम चेयरमैन की नियुक्ति करना जरूरी है।” सूत्र ने नाम जाहिर नहीं करने की शर्त पर यह जानकारी दी। अनुमान है कि जब तक बैंक नॉन-अंतरिम चेयरमैन की नियुक्ति नहीं कर देता है, मिस्त्री अपनी पोजीशन पर बने रह सकते हैं। लेकिन, इस बारे में आरबीआई से औपचारिक कम्युनिकेशन का इंतजार है।

आरबीआई नए चेयरमैन की नियुक्ति के बारे में जानने के लिए बैंक के संपर्क में रहा है

माना जाता है कि आरबीआई इस जानकारी के लिए एचडीएफसी बैंक के बोर्ड के निरंतर संपर्क है कि चेयरमैन की नियुक्ति की प्रक्रिया किस तरह आगे बढ़ रही है। इस बारे में एचडीएफसी बैंक को भेजे गए ईमेल का जवाब नहीं मिला। मामले की जानकारी रखने वाले सूत्रों ने बताया कि नॉमिनेशन एंड रेम्यूनरेशन कमेटी (NRC) ने चेयरमैन पोजीशन के लिए बोर्ड को कुछ नाम बताए हैं।

आरबीआई का नियम कहता है चेयरमैन नॉन-एग्जिक्यूटिव और इंडिपेंडेंट होना चाहिए

कुछ सीनियर अधिकारियों और पूर्व बैंकर्स के साथ कुछ बातचीत हुई है। लेकिन, अब तक किसी नाम पर सहमति नहीं बनी है। आरबीआई का नियम कहता है कि बैंक के बोर्ड का चेयरमैन पक्के तौर पर एक नॉन-एग्जिक्यूटिव, इंडिपेंडेंट डायरेक्टर होना चाहिए।

अंतरिम चेयरमैन का कार्यकाल ज्यादा से ज्यादा तीन महीने के लिए बढ़ सकता है

अनुमान है कि एचडीएफसी बैंक के चेयरमैन की तलाश की प्रक्रिया शुरू करने में कुछ देर हुई थी। सूत्रों ने बताया कि यह प्रक्रिया औपचारिक रूप से अप्रैल के आखिर में शुरू हुई। तब 17 मार्च, 2026 के अतनु चक्रवर्ती के इस्तीफे के एक महीने पूरे हो गए थे। इसकी वजह यह है कि आरबीआई का यह रुख रहा है कि अंतरिम चेयरमैन का कार्यकाल नहीं बढ़ाया जाएगा। ज्यादा से ज्यादा उनका कार्यकाल तीन महीने यानी सितंबर के मध्य तक बढ़ाया जा सकता है या तब तक बढ़ाया जा सकता है जब तक नया चेयरमैन नहीं मिल जाता है।

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केकी मिस्त्री बैंक और उसकी सब्सिडियरीज से लंबे समय से जुड़े रहे हैं

चूंकि मिस्त्री लंबे समय से एचडीएफसी बैंक और इसकी सब्सिडियरीज कंपनियों से जुड़े रहे हैं, जिससे उन्हें चेयरमैन पोजीशन के लिए इंडिपेंडेंट नहीं माना गया। इसलिए वह तब तक अपनी पोजीशन पर बने रह सकते हैं, जब तक नया चेयरमैन नहीं मिल जाता है। इस बीच, आबीआई ने एचडीएफसी बैंक के बोर्ड को नए चेयरमैन की तलाश का काम तेज करने को कहा है।