Market Insight : FMCG में चुनिंदा निवेश जारी रखें,फ्यूचर टेक वाली डिफेंस कंपनियों पर रहे फोकस

Market Insight : आज शेयर बाजार के लिए अगस्त सीरीज की शुरुआत शानदार रही। बाजार में चौतरफा खरीदारी देखने को मिली। मजबूत खरीदारी के दम पर बाजार पूरे दिन हरे निशान में कारोबार करता रहा। सेंसेक्स,निफ्टी अच्छी बढ़त के साथ बंद हुए। सेंसेक्स 889 प्वाइंट चढ़कर 77,655 पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी 265 प्वाइंट चढ़कर 24,250 पर बंद हुआ। मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में खरीदारी देखने को मिली। IT,मेटल और FMCG शेयरों में भी खरीदारी रही। फार्मा और निफ्टी बैंक इंडेक्स बढ़त पर बंद हुए। बैंक निफ्टी 450 प्वाइंट चढ़कर 57,206 पर बंद हुआ। मिडकैप 511 प्वाइंट चढ़कर 62,862 पर बंद हुआ। आज निफ्टी के 50 में से 38 शेयरों में खरीदारी रही। वहीं, सेंसेक्स के 30 में से 25 शेयरों में खरीदारी आई। जबकि, बैंक निफ्टी के 14 में से 11 शेयरों में तेजी दिखी।

मार्केट आउटलुक

इस बीच मार्केट आउटलुक पर चर्चा करते हुए कोटक महिंद्रा एएमसी के मैनेजिंग डायरेक्टर नीलेश शाह ने कहा कि निवेशक अब AI निवेश से IT की ओर जा रहे हैं। टोकन वैल्युएशन की उम्मीद में AI की तेजी आई। आगे IT सेक्टर में कुछ विनर्स होंगे और कुछ लूजर्स होंगे। AI की मदद से प्रोडक्ट बनाने वाली कंपनियों को फायदा संभव है। तेजी से सस्ते IT प्रोडक्ट बनाने वाले को फायदा होगा।

सस्ते दाम पर तेजी से प्रोडक्ट देने वाली कंपनियों को ही होगा फायदा

पहली तिमाही के नतीजों पर बात करते हुए उन्होंने आगे कहा कि अभी तक ज्यादातर कंपनियों के नतीजे अच्छे रहे हैं। लार्जकैप से बेहतर मिड-स्मॉलकैप के नतीजे रहे हैं। सस्ते दाम पर तेजी से प्रोडक्ट देने वाली कंपनियों को ही फायदा होगा। वेस्ट एशिया संकट के बीच बड़ी दिक्कतें नहीं आईं है। यह हमारे लिए काफी अच्छा संकेत है।

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FMCG के लिए समय बदला

FMCG के लिए समय बदल गया है। लिस्टेड FMCG कंपनियां प्रोडक्ट इनोवेशन में पिछड़ गई हैं। FMCG कंपनियों के लिए 3-6 महीने चुनौतीपूर्ण रह सकते हैं। पहले FMCG कंपनियों में ग्रोथ अच्छी रहती थी FMCG कंपनियां से नया प्रोडक्ट नहीं ला रही है। FMCG में चुनिंदा निवेश जारी रखें।

फ्यूचर टेक वाली डिफेंस कंपनियों पर फोकस करना बेहतर रणनीति

मौजूदा जियोपॉलिटिकल माहौल में सभी देशों को डिफेंस खर्च बढ़ाना ही होगा। लोकल और ग्लोबल मार्केट तक डिफेंस प्रोडक्ट का पहुंचना और मजबूत सप्लाई चेन जरूरी है। दुनिया में डिफेंस का खर्च बढ़ता ही रहेगा। फ्यूचर टेक वाली डिफेंस कंपनियों पर फोकस करना बेहतर रहेगा। घरेलू के साथ एक्सपोर्ट वाली डिफेंस कंपनियां बेहतर नजर आ रही हैं।

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

 

अकेलेपन से मिलेगा छुटकारा! चीन ने बनाया इंसानों जैसा दिखने वाला रोबोट

टेक्नोलॉजी की दुनिया में एक और बड़ा कदम उठाते हुए चीन की कंपनी UBTech ने अपना नया UWORLD U1 humanoid robot पेश किया है, जिसे अब तक का सबसे एडवांस फुल-साइज बायोनिक रोबोट बताया जा रहा है। यह रोबोट सिर्फ एक मशीन नहीं है, बल्कि इंसानों जैसा व्यवहार और अनुभव देने वाला एक “कंपैनियन रोबोट” है, जिसे खास तौर पर लोगों के साथ रहने, बातचीत करने और इमोशनल सपोर्ट देने के लिए डिजाइन किया गया है। इसमें ऐसी आधुनिक तकनीकें शामिल की गई हैं जो इसे मानव जैसी बातचीत और प्रतिक्रिया देने में सक्षम बनाती हैं।

कंपनी का दावा है कि यह रोबोट भविष्य में अकेले रहने वाले लोगों और बुजुर्गों के लिए एक सहारा बन सकता है। लॉन्च से पहले ही इसके हजारों प्री-ऑर्डर मिलना इस बात का संकेत है कि AI और रोबोटिक्स को लेकर दुनिया में उत्साह लगातार बढ़ रहा है।

 फैक्ट्री नहीं, घर और दिलों के लिए बना रोबोट

U1 को इंडस्ट्रियल कामों के लिए नहीं, बल्कि इंसानों के साथ रहने के लिए बनाया गया है। इसका इस्तेमाल बुजुर्गों की देखभाल, शिक्षा, हॉस्पिटैलिटी, रिसेप्शन और होम सर्विस जैसी जगहों पर किया जा सकता है, जहां इंसानी बातचीत जरूरी होती है।

कीमत और वेरिएंट

इस रोबोट को तीन वर्जन—लाइट, प्रो और अल्ट्रा में लॉन्च किया गया है। इसकी कीमत करीब 14 लाख रुपये से शुरू होकर ₹1.15 करोड़ रुपये तक जाती है। इसे अभी चीन में ही उपलब्ध कराया गया है और जल्द ही डिलीवरी शुरू होगी।

इंसानों जैसा रूप और नेचुरल मूवमेंट

U1 को मेल और फीमेल दोनों अवतार में बनाया गया है। इसका हाइट भी इंसानों जैसा है, पुरुष मॉडल करीब 183 cm और महिला मॉडल 168 cm। इसमें 88 सर्वो जॉइंट्स हैं, जिससे यह इंसानों जैसी बॉडी मूवमेंट कर सकता है।

20+ भावनाएं समझने वाला AI ब्रेन

इस रोबोट की सबसे बड़ी ताकत इसका इमोशनल AI सिस्टम है, जो 20 से ज्यादा भावनाओं को पहचान सकता है। ये बातचीत के दौरान आई कॉन्टैक्ट बनाए रखता है, पिछली बातें याद रखता है और समय के साथ और ज्यादा पर्सनल जवाब देता है।

बात करेगा, याद रखेगा और साथ भी देगा

UBTech का दावा है कि U1 अपने यूजर को पहचान सकता है, उनकी आदतें याद रख सकता है, दवाइयों की याद दिला सकता है और अकेलेपन में बातचीत करके इमोशनल सपोर्ट भी दे सकता है। यहां तक कि यह मूवी, स्पोर्ट्स या एक्टिविटी भी सजेस्ट करता है।

सिलिकॉन स्किन और रियलिस्टिक लुक

रोबोट के बाहर सिलिकॉन कोटिंग की गई है ताकि यह असली इंसान जैसा लगे। कैमरा, माइक्रोफोन और सेंसर इसे और भी ज्यादा इंटरैक्टिव बनाते हैं, जिससे लोगों को बातचीत करते समय अजीब एहसास न हो।

डेटा प्राइवेसी और लोकल प्रोसेसिंग

कंपनी का कहना है कि यूजर डेटा क्लाउड पर नहीं भेजा जाता, बल्कि डिवाइस में ही स्टोर होता है। इसमें तीन-लेयर प्राइवेसी सिस्टम दिया गया है ताकि यूजर की जानकारी सुरक्षित रहे। AI मॉडल लोकल प्रोसेसिंग पर ज्यादा काम करता है।

13,000+ प्री-ऑर्डर से मचा धमाल

लॉन्च से पहले ही इस रोबोट को 13,300 से ज्यादा प्री-ऑर्डर मिल चुके हैं, जो दिखाता है कि AI कंपैनियन टेक्नोलॉजी को लेकर लोगों में भारी उत्साह है।

चीन बन रहा रोबोटिक्स का पावरहाउस

रिपोर्ट्स के मुताबिक, चीन दुनिया के लगभग 85% ह्यूमनॉइड रोबोट इंस्टॉलेशन करता है। मजबूत सरकारी सपोर्ट और टेक मैन्युफैक्चरिंग इसे तेजी से आगे बढ़ा रही है।

एक्सपर्ट्स की चिंता

विशेषज्ञ मानते हैं कि ऐसे रोबोट अकेलेपन में मदद कर सकते हैं, लेकिन इससे इमोशनल अटैचमेंट, प्राइवेसी रिस्क और uncanny valley इफेक्ट जैसी चुनौतियां भी सामने आ सकती हैं।