अमेरिका में घास काटने वाले को मिलते हैं 15 लाख, चलते हैं ऑडी पर! भारत के ईश्वर यादव ने अमेरिकी जिंदगी के बारे में सब बताया

क्या घास काटने जैसा मामूली काम सच में विदेश में शानदार ज़िंदगी का दरवाज़ा खोल सकता है? इंस्टाग्राम पर एक वायरल वीडियो में अमेरिका में होने वाली कमाई के बारे में बड़े-बड़े दावे किए गए हैं, जिसके बाद कई सोशल मीडिया यूज़र्स इस बात पर बहस कर रहे हैं।

ईश्वर यादव नाम के एक भारतीय व्यक्ति ने यह वीडियो शेयर किया है। इसमें उन्होंने कहा है कि अमेरिका में घास काटने जैसे आम काम से भी अच्छी कमाई हो सकती है और आरामदायक ज़िंदगी जी जा सकती है। इस वीडियो के बाद ऑनलाइन चर्चा शुरू हो गई है।

वीडियो में वे लॉन की देखभाल करने वाले एक कर्मचारी से मिलने और अमेरिका में ऐसी नौकरियों से होने वाली अच्छी कमाई के बारे में बात करते हैं। उनका दावा है कि घास काटने वाला व्यक्ति लगभग 10-15 लाख रुपये कमाता है। वे आगे कहते हैं कि इस तरह के काम से स्थिर आय हो सकती है और व्यक्ति ऑडी जैसी महंगी कारें भी खरीद सकता है।

कैप्शन में उन्होंने लिखा, “अमेरिका में घास काटने जैसी आम नौकरियों में भी अच्छी सैलरी मिलती है।”वीडियो में उन्होंने कहा, “चाहे लॉन की घास काटना हो, सफ़ाई हो या मेंटेनेंस का काम, लोग सम्मान के साथ, सही सैलरी और घंटे के हिसाब से पैसे कमाते हैं।”

उन्होंने आगे समझाया, “यहां किसी भी काम को ‘छोटा’ नहीं माना जाता। हुनर ​​और मेहनत का हमेशा इनाम मिलता है। यह तुलना करने के बारे में नहीं है… बल्कि यह समझने के बारे में है कि अलग-अलग सिस्टम काम को कैसे महत्व देते हैं।”

यह पोस्ट तेज़ी से अलग-अलग प्लेटफ़ॉर्म पर फैल गई और लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं आईं। कुछ यूज़र्स ने कहा कि वे बताई गई कमाई को देखकर हैरान थे, जबकि दूसरों ने तर्क दिया कि अमेरिका में रहने का खर्च बहुत ज़्यादा हो सकता है और इससे असल बचत काफ़ी कम हो सकती है।

एक यूज़र ने कमेंट किया, “दोस्त, आप वहां के मौकों और अनुभवों की बात कर रहे हैं, लेकिन एक मिडिल-क्लास व्यक्ति के लिए अमेरिका जाना इतना आसान नहीं है। जो व्यक्ति इस बात की चिंता करता है कि वह शाम का खाना खा पाएगा या नहीं, उसके लिए 8 से 10 लाख रुपये खर्च करना बहुत बड़ी बात है। हर किसी की आर्थिक स्थिति अलग-अलग होती है, इसलिए ज़मीनी हकीकत को समझना भी ज़रूरी है।”

एक और यूज़र ने लिखा, “भाई, अमेरिका में खर्च भी काफ़ी ज़्यादा होगा।” तीसरे यूज़र ने कहा, “सिर्फ़ कमाई की बात मत करो, खर्चों पर भी ध्यान दो। वहां खर्च काफ़ी ज़्यादा है, यहां के मुकाबले लगभग दोगुना।” उनके इंस्टाग्राम प्रोफ़ाइल के अनुसार, ईश्वर यादव मूल रूप से राजस्थान के रहने वाले हैं और अभी अमेरिका में रहते हैं। वह अमेरिका में ज़िंदगी के बारे में रेगुलर कंटेंट शेयर करते हैं, जिसमें नौकरी, वेतन और रोज़मर्रा के अनुभवों पर फ़ोकस होता है।

‘मैं भगवान का अवतार हूं’ कहकर ढोंगी बाबा ने महिला को जाल में फंसाया, पेशाब पिलाया, सालों तक किया शोषण!

पुणे में एक स्वयंभू बाबा की हैरान कर देने वाली करतूत सामने आई है। पुलिस ने खुद को भगवान का अवतार बताने वाले राधेश्याम मिश्रा और उसके सात साथियों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि बाबा ने एक महिला का कई सालों तक यौन शोषण किया, उसे पति से तलाक लेने पर मजबूर किया, चोरी करवायी और यहां तक कि उसे बिजली के झटके भी दिए।

पुलिस के मुताबिक, मिश्रा पुणे के वाघोली इलाके के उबाले नगर में एक तथाकथित “मॉडर्न गुरुकुल” चलाता था। जांच में सामने आया है कि वह लंबे समय से लोगों को अपने जाल में फंसाकर उनका शोषण कर रहा था। पीड़ित महिला करीब 2010 में उसके संपर्क में आई थी।

धीरे-धीरे बाबा ने महिला को उसके परिवार और रिश्तेदारों से अलग कर दिया। उसने महिला को अपने पति से तलाक लेने के लिए मजबूर किया और 2010 से 2016 के बीच उसका लगातार यौन और मानसिक शोषण करता रहा।

आरोप है कि इस दौरान बाबा ने महिला के साथ मारपीट की, उसे बिजली के झटके दिए और उसके अश्लील वीडियो भी रिकॉर्ड किए। बाद में इन्हीं वीडियो के जरिए वह महिला को ब्लैकमेल करता रहा। बाबा अपने कथित चमत्कारों और “दिव्य शक्तियों” का डर दिखाकर महिला और उसके परिवार को धमकाता था।

जांच में यह भी सामने आया है कि मिश्रा और उसके सहयोगियों ने अपने अनुयायियों को यह विश्वास दिलाया कि वह भगवान का पुनर्जन्म है। इसी अंधविश्वास का फायदा उठाकर उसने महिला को अपना पेशाब तक पिलाया।

पुलिस का कहना है कि बाबा ने महिला से चोरी भी करवाई ताकि आश्रम और खुद की संपत्ति बढ़ा सके।

छापेमारी के दौरान पुलिस को आश्रम के एक भूमिगत कमरे से बड़ी मात्रा में संदिग्ध और आपत्तिजनक सामान मिला। वहां से 12 लैपटॉप, 11 मोबाइल फोन, 19 हार्ड ड्राइव, कई पेन ड्राइव और कैसेट बरामद किए गए। इसके अलावा 6.5 लाख रुपये नकद, करीब 15 लाख रुपये के गहने और बड़ी मात्रा में दवाइयां भी मिली हैं।

पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को फोरेंसिक जांच के लिए भेज दिया है। आशंका है कि इनसे और भी चौंकाने वाले खुलासे हो सकते हैं।

मिश्रा के साथ उसके करीबी सहयोगी कंवल नयन समेत कुल आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस का मानना है कि जांच आगे बढ़ने पर और पीड़ित सामने आ सकते हैं।

सभी आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें शनिवार तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है और संभावित अन्य पीड़ितों की तलाश भी जारी है।

Ayodhya Ram Temple Donation Row : राम मंदिर चढ़ावा घोटाले में SIT का बड़ा एक्शन, ट्रस्टी अनिल मिश्रा तलब; 5 आरोपियों ने खोले कई बड़े नाम

Ayodhya Ram Mandir

अयोध्या के भव्य राम मंदिर में आस्था के चढ़ावे और दान राशि में कथित हेरफेर का मामला अब बेहद संवेदनशील मोड़ पर पहुंच चुका है। उत्तरप्रदेश सरकार द्वारा गठित विशेष जांच टीम (SIT) ने अब सीधे मंदिर के नीति-निर्धारकों और रसूखदारों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। 

ALSO READ: Electric Scooter खरीदने से पहले 14 जरूरी बातें जो आपके लिए जानना जरूरी

दिग्गजों से आमने-सामने पूछताछ, ​डॉ. अनिल मिश्रा (ट्रस्टी) को सम्मन

मंदिर व्यवस्था और चढ़ावे की गिनती की निगरानी करने वाले मुख्य ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा को SIT ने आधिकारिक सम्मन भेजकर तलब किया। बंद कमरे में उनसे करीब 4 घंटे तक मैराथन पूछताछ की गई।​

ALSO READ: पूर्व PM के बेटे के साथ Cyber Fraud, 7.8 करोड़ रुपए की ठगी, कैसे फंसे जालसाजों के जाल में

गोपाल राव से तीखे सवाल, टिन्नू यादव भी रडार पर

ट्रस्ट के आमंत्रित सदस्य गोपाल राव से जांच दल ने बेहद कड़े और तीखे सवाल पूछे। ​ संदिग्ध भूमिका के चलते रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू यादव से भी घंटों पूछताछ हुई। आरोप है कि उन्होंने ही अपने भतीजे मनीष यादव को पैसे गिनने के काम में लगवाया था, जो इस वक्त मुख्य आरोपियों में से एक है।

 

जांच में सामने आए 3 चौंकाने वाले मोड़

जांच से जुड़े पुख्ता सूत्रों का दावा है कि मंदिर के जिस 'स्ट्रॉन्ग रूम' में भारी कैश गिना जाता था, वहां के CCTV फुटेज के साथ या तो छेड़छाड़ की गई या उन्हें जानबूझकर बंद किया गया था। SIT की टेक्निकल टीम अब DVR को रिकवर करने में जुटी है।

 

बैंककर्मियों की मिलीभगत और 'असंतोषजनक' रिकॉर्ड

सरकारी और निजी बैंकों के कुछ कर्मचारियों की गंभीर लापरवाही सामने आई है। मंदिर काउंटर के रिकॉर्ड और बैंक में असल जमा राशि के बीच करोड़ों रुपए का भारी मिसमैच (अंतर) पाया गया है। SIT ने अब तक पेश किए गए रिकॉर्ड्स को पूरी तरह 'असंतोषजनक' ठहराया है।

 

5 आरोपियों ने उगले 'रसूखदार' नाम

शुरुआती जांच में गिरफ्तार हुए 5 आरोपियों (लवकुश मिश्रा, मनीष यादव आदि) ने, जिनके पास से लाखों का कैश मिला था, पूछताछ में मंदिर के कई अंदरूनी और प्रभावशाली नामों का भंडाफोड़ किया है।

ALSO READ: अयोध्या राम मंदिर दान घोटाला, आस्था के केंद्र पर 'चंदा चोरी' का साया, SIT जांच से मचा हड़कंप

 

200 लोगों की 'विस्तृत लिस्ट', 15 दिनों में फाइनल रिपोर्ट, ट्रंस्ट ने क्या दी सफाई 

​SIT का नेतृत्व कर रहे लखनऊ मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत ने इस चक्रव्यूह को भेदने के लिए करीब 200 संदिग्धों की एक लंबी लिस्ट तैयार की है। हालांकि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि उनके आंतरिक ऑडिट में कोई गड़बड़ी नहीं मिली थी। ट्रस्ट ने निष्पक्षता साबित करने के लिए खुद इस SIT जांच की मांग की थी।

ALSO READ: अयोध्या राम मंदिर दान चोरी कांड, अब सर्विलांस स्टाफ रडार पर! RMO की भी खुलेगी कुंडली

सरकार ने दी 15 दिनों की डेडलाइन

सरकार ने SIT को 7 दिनों में प्रारंभिक और 15 दिनों के भीतर अंतिम रिपोर्ट सौंपने का कड़ा निर्देश दिया है।

 जानकारी दे दें कि जांच शुरू होने से ठीक पहले ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय की तबीयत खराब होना और अनिल मिश्रा का आंखों के इलाज के बहाने बाहर जाना चर्चाओं में था। लेकिन अब SIT के कड़े रुख ने यह साफ कर दिया है कि आस्था के केंद्र में सेंध लगाने वाले चाहे कितने भी रसूखदार क्यों न हों, बच नहीं पाएंगे। Edited by : Sudhir Sharma

Bajaj Auto Buyback: ₹5633 करोड़ का शेयर बायबैक, 19% मिलेगा प्रीमियम; रिकॉर्ड डेट भी हुई तय

Bajaj Auto Buyback: दोपहिया और तिपहिया गाड़ी बनाने वाली Bajaj Auto ने अपने 5,633 करोड़ रुपये के शेयर बायबैक के लिए 24 जून 2026 को रिकॉर्ड डेट तय कर दी है। रिकॉर्ड डेट वही तारीख होती है, जिसके आधार पर यह तय किया जाता है कि कौन-से शेयरधारक बायबैक ऑफर में हिस्सा लेने के पात्र होंगे।

कंपनी ने कहा है कि उसकी बायबैक कमेटी ने 24 जून 2026 को रिकॉर्ड डेट के तौर पर मंजूरी दी है। इस तारीख तक जिन निवेशकों के नाम कंपनी के रिकॉर्ड में होंगे, वे बायबैक में हिस्सा ले सकेंगे।

कितने शेयर वापस खरीदेगी कंपनी?

Bajaj Auto के बोर्ड ने 6 मई 2026 को बायबैक प्रस्ताव को मंजूरी दी थी। इसके बाद 18 जून 2026 को शेयरधारकों से भी मंजूरी मिल गई। बायबैक के तहत कंपनी 10 रुपये फेस वैल्यू वाले अधिकतम 46.94 लाख इक्विटी शेयर वापस खरीदेगी। इसके लिए कंपनी ने 12,000 रुपये प्रति शेयर का भाव तय किया है। निवेशकों को भुगतान कैश में किया जाएगा।

कंपनी का कुल बायबैक साइज 5,633 करोड़ रुपये तक होगा। हालांकि, इसमें ब्रोकरेज, टैक्स, फाइलिंग फीस, कानूनी सलाह, पब्लिकेशन और अन्य संबंधित खर्च शामिल नहीं हैं।

Bajaj Auto का बायबैक कैसे होगा?

Bajaj Auto अपने शेयर टेंडर ऑफर रूट के जरिए वापस खरीदेगी। भारत में फिलहाल शेयर बायबैक का यही सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाला तरीका है। टेंडर ऑफर रूट में कंपनी अपने मौजूदा शेयरधारकों से पहले से तय कीमत पर शेयर खरीदती है। इस मामले में यह कीमत 12,000 रुपये प्रति शेयर है।

अगर आपके पास रिकॉर्ड डेट तक Bajaj Auto के शेयर हैं और आप पात्र निवेशकों की सूची में शामिल होते हैं, तो आप अपने शेयर कंपनी को बेचने के लिए ऑफर कर सकते हैं।

2024 के बायबैक से क्या अलग है?

Bajaj Auto ने इससे पहले 2024 में भी बायबैक किया था। उस समय कंपनी ने अपने कुल इक्विटी शेयरों का 1.41% हिस्सा 10,000 रुपये प्रति शेयर के भाव पर वापस खरीदा था।

मौजूदा बायबैक भी टेंडर ऑफर रूट के जरिए ही किया जा रहा है। हालांकि, इस बार कंपनी 12,000 रुपये प्रति शेयर का भाव दे रही है, जो पिछले बायबैक प्राइस से ज्यादा है।

कंपनी में किसके पास कितनी हिस्सेदारी?

Bajaj Auto के पास अब करीब 3 लाख रिटेल शेयरधारक हैं। रिटेल निवेशक वे होते हैं जिनकी अधिकृत शेयर पूंजी 2 लाख रुपये तक होती है। दिसंबर 2023 के अंत में कंपनी के पास 1.87 लाख रिटेल निवेशक थे। यानी पिछले ढाई साल में रिटेल निवेशकों की संख्या काफी बढ़ी है। हालांकि, उनकी हिस्सेदारी में ज्यादा बदलाव नहीं आया है। दिसंबर 2023 में रिटेल निवेशकों के पास 5.43% हिस्सेदारी थी, जो अब बढ़कर 5.62% हो गई है।

मार्च 2026 तिमाही के अंत तक कंपनी के प्रमोटरों के पास 55% हिस्सेदारी थी। वहीं, म्यूचुअल फंड्स का भरोसा भी कंपनी पर बढ़ा है। पिछले दो साल में उनकी हिस्सेदारी 5.32% से बढ़कर 7.17% हो गई है।

शेयर का क्या रहा हाल?

Bajaj Auto का शेयर गुरुवार को मामूली बढ़त के साथ 10,088.50 रुपये पर बंद हुआ। कंपनी ने बायबैक के लिए 12,000 रुपये प्रति शेयर का भाव तय किया है, जो मौजूदा बाजार कीमत से करीब 1,912 रुपये या लगभग 19% ज्यादा है।

Max Healthcare Share Price: 6% उछलकर निफ्टी का टॉप गेनर बना शेयर, सिटी हुआ बुलिश, दिया ‌₹1,240 का टारगेट प्राइस

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Snake Fair News: यहां हर साल लगता है सांपों का अनोखा मेला! इस ‘हनीमून स्पॉट’ पर 75,000 से ज्यादा सांप करते हैं रोमांस

Honeymoon Spot for Snakes: कनाडा के मैनिटोबा राज्य में स्थित नार्सिस (Narcisse) नाम की एक शांत जगह हर साल वसंत ऋतु में ऐसा नजारा पेश करती है, जिसे देखकर लोग हैरान रह जाते हैं। यहां हर साल जमीन के नीचे छिपी चूना-पत्थर (लाइमस्टोन) की गुफाओं और दरारों से एक साथ हजारों सांप बाहर निकलते हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, इस दौरान 75,000 से लेकर 1.5 लाख तक रेड-साइडेड गार्टर सांप आते हैं। यही वजह है कि इसे दुनिया में सांपों के सबसे बड़े प्राकृतिक जमावड़ों में से एक माना जाता है।

मैनिटोबा की कड़ाके की ठंड में तापमान कई बार -45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता है। ऐसे में किसी भी सरीसृप का जीवित रहना मुश्किल माना जाता है। लेकिन नार्सिस के चूना-पत्थर (लाइमस्टोन) से बने प्राकृतिक सिंकहोल और भूमिगत गुफाएं इन सांपों के लिए सुरक्षित आश्रय बन जाती हैं।

आकार में एक सामान्य कमरे जितनी दिखने वाली ये गुफाएं हजारों सांपों को सर्दियों में जीवित रहने का मौका देती हैं। प्रकृति की यह अनोखी घटना दिखाती है कि जीव-जंतु कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी जीवित रहने के लिए कितने अद्भुत तरीके विकसित कर लेते हैं। नार्सिस स्नेक डेंस इसका एक शानदार उदाहरण हैं।

बर्फीली जमीन के नीचे छिपा है सांपों का आश्रय

मैनिटोबा में सर्दियों के दौरान तापमान कई बार माइनस 30 डिग्री सेल्सियस से भी नीचे चला जाता है। इतनी कड़ाके की ठंड में अधिकांश जीवों का जीवित रहना मुश्किल होता है। लेकिन रेड-साइडेड गार्टर सांपों ने इसके लिए एक अनोखा तरीका विकसित किया है।

नार्सिस क्षेत्र की जमीन के नीचे लाखों साल पुराने चूना-पत्थर की दरारें, गहरी खाइयां और प्राकृतिक सुरंगें मौजूद हैं। ये भूमिगत गुफाएं फ्रॉस्ट लाइन से नीचे होने के कारण पूरी तरह नहीं जमतीं। यही जगह सर्दियों में हजारों सांपों का सुरक्षित ठिकाना बन जाती है, जहां वे कई महीनों तक निष्क्रिय अवस्था यानी हाइबरनेशन में रहते हैं।

कैसे बचते हैं सांप इतनी भीषण ठंड में?

रेड-साइडेड गार्टर सांप ठंडे खून वाले जीव (Ectotherms) होते हैं। यानी उनके शरीर का तापमान बाहरी वातावरण पर निर्भर करता है। सामान्य परिस्थितियों में माइनस तापमान उनके लिए घातक साबित हो सकता है।

लेकिन नार्सिस क्षेत्र की जमीन के नीचे मौजूद प्राचीन और छिद्रयुक्त लाइमस्टोन चट्टानों में बनी गहरी दरारें और सुरंगें उन्हें ठंड से बचाती हैं। ये भूमिगत स्थान फ्रॉस्ट लाइन से नीचे होते हैं, इसलिए पूरी तरह जमते नहीं हैं। सर्दियों के दौरान हजारों सांप इन्हीं गुफाओं में हाइबरनेशन की अवस्था में रहते हैं।

वसंत आते ही बदल जाता है पूरा नजारा

जैसे ही मौसम गर्म होना शुरू होता है, सांप बड़ी संख्या में अपनी गुफाओं से बाहर निकलने लगते हैं। शुरुआत में कुछ सांप दिखाई देते हैं। लेकिन देखते ही देखते उनकी संख्या हजारों में पहुंच जाती है। ऐसा लगता है मानो जमीन खुद हिल रही हो। सांपों की यह गतिविधि केवल बाहर निकलने तक सीमित नहीं रहती। वे तापमान और प्राकृतिक संकेतों का पालन करते हुए प्रजनन प्रक्रिया में जुट जाते हैं।

क्यों कहा जाता है इसे ‘हनीमून स्पॉट’?

नार्सिस को ‘हनीमून स्पॉट’ कहने की सबसे बड़ी वजह यहां होने वाली अनोखी प्रजनन प्रक्रिया है। मादा सांप के बाहर आते ही उसके आसपास दर्जनों नर सांप इकट्ठा हो जाते हैं। कई बार एक ही मादा के चारों ओर 50 से 100 तक नर सांपों का समूह बन जाता है।

इस दृश्य को वैज्ञानिक भाषा में ‘मेटिंग बॉल’ कहा जाता है। मादा सांप विशेष प्रकार के रासायनिक संकेत यानी फेरोमोन छोड़ती है, जिन्हें नर सांप अपनी विशेष टेक्नीक से पहचान लेते हैं। इसके बाद सभी नर सांप मादा तक पहुंचने और उससे प्रजनन करने की कोशिश करते हैं। यह दृश्य देखने वालों के लिए बेहद अनोखा और रोमांचक होता है।

कभी सड़कें बन गई थीं मौत का कारण

एक समय ऐसा था जब इन सांपों के लिए सबसे बड़ा खतरा मानव गतिविधियां थीं। मैनिटोबा की हाईवे-17 सांपों के प्रवास मार्ग को काटती है। वसंत और गर्मियों के दौरान सड़क पार करते समय हर साल हजारों सांप वाहनों की चपेट में आकर मर जाते थे। पुरानी रिपोर्टों के अनुसार, कुछ वर्षों में यह संख्या 30,000 तक पहुंच जाती थी। इससे सांपों की आबादी पर गंभीर खतरा मंडराने लगा था।

वैज्ञानिकों के लिए भी खास है यह जगह

नवंबर 2023 में जर्नल Behavioural Ecology में प्रकाशित एक अध्ययन के अनुसार, कुछ गार्टर सांपों का सामाजिक व्यवहार अपेक्षा से कहीं अधिक जटिल होता है। उदाहरण के तौर पर बटलर्स गार्टर स्नेक्स उम्र और जेंडर के आधार पर अलग-अलग सामाजिक समूह बनाते हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि नार्सिस स्नेक डेंस सांपों के सामाजिक व्यवहार, प्रवास, प्रजनन और हाइबरनेशन का अध्ययन करने के लिए दुनिया की सबसे महत्वपूर्ण प्राकृतिक प्रयोगशालाओं में से एक हैं।

संरक्षण प्रयासों ने बदली तस्वीर

स्थिति को देखते हुए वन्यजीव विशेषज्ञों और इंजीनियरों ने मिलकर समाधान निकाला। सड़क के नीचे विशेष सुरंगें बनाई गईं ताकि सांप सुरक्षित रूप से एक ओर से दूसरी ओर जा सकें। इसके अलावा बाड़ (फेंसिंग) लगाई गई, जिससे सांप सीधे इन सुरंगों की ओर बढ़ें। इन उपायों के बाद सड़क दुर्घटनाओं में मरने वाले सांपों की संख्या में काफी कमी आई और उनकी आबादी को स्थिर बनाए रखने में मदद मिली।

पूरे उत्तर अमेरिका में मिलते हैं ये सांप

रेड-साइडेड गार्टर स्नेक, सामान्य गार्टर स्नेक की एक उप-प्रजाति है, जिसका वैज्ञानिक नाम Thamnophis sirtalis parietalis है। यह प्रजाति उत्तर अमेरिका के कई हिस्सों में पाई जाती है। लेकिन मैनिटोबा के इंटरलेक क्षेत्र जैसी अनुकूल परिस्थितियां दुनिया में बहुत कम जगहों पर मौजूद हैं।

पर्यटकों के लिए बड़ा आकर्षण

हर साल अप्रैल और मई के दौरान हजारों पर्यटक इस अनोखे नजारे को देखने पहुंचते हैं। जमीन पर रेंगते हजारों सांपों का दृश्य भले ही कुछ लोगों को डरावना लगे। लेकिन वन्यजीव प्रेमियों और वैज्ञानिकों के लिए यह प्रकृति के सबसे अद्भुत आयोजनों में से एक है।

ये भी पढे़ं- Delhi: दिल्ली के लुटियंस ज़ोन में ₹1,260 करोड़ में बिका बंगला! दिग्गज कारोबारी को 4 गुना हुआ फायदा

सोना लगातार दूसरे दिन हुआ सस्ता, चांदी का दाम 7 हजार रुपए से अधिक घटा

सोने और चांदी की कीमतों में गुरुवार को लगातार दूसरे दिन गिरावट देखने को मिली। इससे सोने का दाम 1.48 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम और चांदी का दाम करीब 2.40 लाख रुपए प्रति किलो पर पहुंच गया।  

इंडिया बुलियन ज्वेलर्स एसोसिएशन (आईबीजेए) के मुताबिक, 24 कैरेट सोने का दाम 2,055 रुपए कम होकर 1,48,093 रुपए प्रति 10 ग्राम हो गया है, जो कि पहले 1,50,148 रुपए प्रति 10 ग्राम था। 

22 कैरेट सोने की कीमत 1,37,536 रुपए प्रति 10 ग्राम से कम होकर 1,35,653 रुपए प्रति 10 ग्राम हो गई है। 18 कैरेट सोने का दाम कम होकर 1,11,070 रुपए प्रति 10 ग्राम हो गया है, जो कि पहले 1,12,611 रुपए प्रति 10 ग्राम था। 

सोने के साथ चांदी की कीमतों में कमी देखने को मिली है। चांदी का दाम 7,497 रुपए कम होकर 2,40,191 रुपए प्रति किलो हो गया है, जो कि पहले 2,47,688 रुपए प्रति किलो था। 

Also Read : प्रधानमंत्री मोदी “पीएम-किसान योजना” की 23वीं किस्त में किसानों के खातों में लगभग 18,880 करोड़ रुपये करेंगे ट्रांसफर

हाजिर के साथ वायदा बाजार में भी सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट देखने को मिली। सोने का 5 अगस्त 2026 का कॉन्ट्रैक्ट 2.62 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 1,49,845 रुपए और चांदी का 3 जुलाई 2026 का कॉन्ट्रैक्ट 5.22 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 2,38,654 रुपए पर था। 

अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी सोने और चांदी की कीमतों में कमी देखने को मिली है। खबर लिखे जाने तक कॉमेक्स पर सोना 2.75 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 4,260 डॉलर प्रति औंस और चांदी 5.99 प्रतिशत की गिरावट के साथ 66 डॉलर प्रति औंस पर था।

एसकेपी सिक्योरिटीज के जतिन त्रिवेदी ने कहा कि फेडरल रिजर्व की पॉलिसी घोषणा के बाद सोने की कीमतों में भारी गिरावट देखी गई। इसकी वजह नए फेड चेयरमैन केविन वॉर्श की टिप्पणियों से संकेत मिला कि अगर अमेरिकी अर्थव्यवस्था मजबूत बनी रहती है, तो 2026 में ब्याज दरों में एक बार बढ़ोतरी हो सकती है।

उन्होंने आगे कहा कि हाल की भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं के बावजूद, फेड के आकलन में स्थिर आर्थिक विकास और मजबूत लेबर मार्केट की बात कही गई, जिससे डॉलर मजबूत हुआ और बुलियन की कीमतों पर दबाव पड़ा।

Pic Credit : ANI

कल का मौसम 19 June: IMD ने बिहार समेत इन 12 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट दिया, 23 राज्यों में आएगा आंधी-तूफान, देखें Weather Alert

Kal ka Mausam 19 जून: भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 19 जून के लिए देश का विशेष डेली वेदर बुलेटिन और चेतावनी जारी कर दी है। कल देश के कई राज्यों में मौसम के दो बेहद अलग रूप देखने को मिलेंगे। एक तरफ जहां मौसम विभाग ने बिहार और असम समेत देश के 12 राज्यों/क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश का कड़ा अलर्ट दिया है। वहीं 23 राज्यों में गरज-चमक के साथ आंधी-तूफान और ओलावृष्टि का संकट मंडरा रहा है। उत्तर प्रदेश समेत कुछ राज्यों में लू का कहर भी जारी रहेगा।

मानसून की स्थिति: इन राज्यों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल

दक्षिण-पश्चिम मानसून की उत्तरी सीमा (NLM) फिलहाल हरनाई, सोलापुर, हैदराबाद, भद्राचलम, कोरापुट, फूलबनी, रांची, जमुई और मुजफ्फरपुर से होकर गुजर रही है। मौसम विभाग के अनुसार अगले 4-5 दिनों के दौरान मानसून के तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड, बिहार के कुछ और हिस्सों तथा छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल हैं।

बिहार और असम समेत इन 12 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट

19 जून को देश के कई हिस्सों में मूसलाधार बारिश होने की प्रबल संभावना है। असम व मेघालय और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल व सिक्किम के अलग-अलग हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट है। बिहार, अरुणाचल प्रदेश, दक्षिण भारत के तमिलनाडु, पुडुचेरी व कराइकल और पूर्वोत्तर के नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा के अलग-अलग पॉकेट्स में भारी बारिश होने की संभावना है।

बिहार और राजस्थान में 80 Kmph का भीषण महातूफान

19 जून को कुछ राज्यों में हवाओं की रफ्तार बेहद विनाशकारी हो सकती है। बिहार और पूर्वी राजस्थान दोनों ही इलाकों में 60-70 किमी/घंटे की रफ्तार से तीव्र झंझावाती तूफान चलने की आशंका है, जिसकी अधिकतम स्पीड 80 किलोमीटर प्रति घंटे (Gusting to 80 kmph) तक जा सकती है। झारखंड, ओडिशा, पश्चिमी मध्य प्रदेश और पश्चिमी राजस्थान इन चार क्षेत्रों में कल 50-60 किमी/घंटे की रफ्तार वाले थंडरस्क्वाल का अलर्ट जारी किया गया है। इसके साथ ही कल पश्चिमी राजस्थान में अलग-अलग स्थानों पर धूलभरी आंधी चलने की भी संभावना है।

दिल्ली-यूपी समेत देश के 23 राज्यों में आंधी-तूफान और बिजली का अलर्ट

19 जून को देश के कुल 23 राज्यों/क्षेत्रों में अलग-अलग स्थानों पर गरज-चमक, आकाशीय बिजली और तेज हवाओं का तांडव देखने को मिलेगा। दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़, पंजाब, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर-लद्दाख, केरल व माहे, कोंकण व गोवा, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, विदर्भ, पूर्वी मध्य प्रदेश, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, तटीय आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, उत्तरी आंतरिक कर्नाटक और पश्चिम बंगाल व सिक्किम।

इन सभी क्षेत्रों में 40-50 किमी/घंटे की रफ्तार से धूलभरी हवाएं और आंधी चलने का अनुमान है। तटीय कर्नाटक, रायलसीमा और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में कल हल्की से मध्यम आंधी के साथ बिजली कड़कने की संभावना है। अरुणाचल प्रदेश, असम व मेघालय, छत्तीसगढ़ और नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा में कल आकाशीय बिजली गिरने और गरज-चमक का अलर्ट है।

हिमाचल, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में ओले गिरने की चेतावनी

पहाड़ी राज्यों में कल आंधी-तूफान के साथ ओलावृष्टि की दोहरी मार पड़ने वाली है। मौसम विभाग के ताजा बुलेटिन के अनुसार, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर-लद्दाख के अलग-अलग इलाकों में गरज-चमक के साथ ओले गिरने की गंभीर आशंका जताई गई है।

उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र और तेलंगाना में भी चलेगी भीषण हीट वेव

एक तरफ जहां देश का एक बड़ा हिस्सा आंधी और बारिश की चपेट में रहेगा, वहीं कुछ राज्यों में सूरज की तपिश और लू का कहर जारी रहेगा। उत्तर प्रदेश (पूर्वी और पश्चिमी), महाराष्ट्र (मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा और विदर्भ) और तेलंगाना के अलग-अलग हिस्सों में भीषण लू चलने की संभावना है। उत्तर प्रदेश में यह स्थिति 24 जून तक लगातार बनी रह सकती है। आंध्र प्रदेश, गंगीय पश्चिम बंगाल, कोंकण व गोवा और ओडिशा में अत्यधिक उमस भरी गर्मी लोगों को बेहाल करेगी।

ये भी पढ़ें- El Nino Fear Impact: अल नीनो के डर से यहां किसानों ने पानी बचाने के लिए धान उगाने की टेक्नीक ही बदली! इससे हो रही बचत समझिए

2026 Bajaj Pulsar 220F हुई अपडेट, LED लाइट्स और नए फीचर्स ने बढ़ाया लुक

2026 Bajaj Pulsar 220F को हाल ही में एक नया अपडेट मिला है, जिसमें LED हेडलाइट और इंडिकेटर्स शामिल किए गए हैं। इस अपडेट के बाद इसकी कीमत ₹1.36 लाख (एक्स-शोरूम) तय की गई है और देशभर के ऑथराइज्ड डीलरशिप पर इसकी बुकिंग शुरू हो चुकी है। पहले इस बाइक में पारंपरिक हैलोजन लाइटिंग सेटअप मिलता था, लेकिन अब नई LED यूनिट के साथ यह ज्यादा मॉडर्न हो गई है। बता दें कि LED लाइट्स बेहतर ब्राइटनेस, ज्यादा एनर्जी एफिशिएंसी और लंबी लाइफ के लिए जानी जाती हैं, जिससे राइडिंग एक्सपीरियंस और भी बेहतर हो जाता है। इसके बावजूद Bajaj ने बाइक के सिग्नेचर सेमी-फेयर्ड डिजाइन और भरोसेमंद मैकेनिकल सेटअप में कोई बदलाव नहीं किया है, जिससे इसका क्लासिक लुक और परफॉर्मेंस दोनों बरकरार रहते हैं।

2026 Bajaj Pulsar 220F: क्या है नया?

2026 Bajaj Pulsar 220F इस नए अपडेट के साथ और भी आकर्षक हो गई है। बाइक में अब फुल-LED हेडलाइट और स्लिक LED टर्न इंडिकेटर्स दिए गए हैं, जो न सिर्फ इसके लुक को बेहतर बनाते हैं बल्कि रात में विजिबिलिटी बढ़ाकर सेफ्टी को भी अपग्रेड करते हैं। इसके अलावा, बाइक में नए ग्राफिक्स और अपडेटेड कलर स्कीम्स भी जोड़ी गई हैं, जिससे इसका डिजाइन पहले से ज्यादा फ्रेश और स्पोर्टी नजर आता है।

हालांकि, Bajaj ने इसकी असली पहचान को बरकरार रखते हुए सेमी-फेयर्ड डिजाइन, प्रोजेक्टर-स्टाइल फ्रंट और स्पोर्टी स्टांस में कोई बदलाव नहीं किया है।

2026 Bajaj Pulsar 220F: इंजन और हार्डवेयर

मैकेनिकल तौर पर बजाज ने इसमें कोई बदलाव नहीं किया है। इसमें अभी भी 220cc, सिंगल-सिलेंडर, फ्यूल-इंजेक्टेड, ऑयल-कूल्ड DTS-i इंजन लगा है, जो ज्यादा से ज्यादा 20.6hp की पावर और 18.55Nm का पीक टॉर्क देता है। इस इंजन के साथ 5-स्पीड गियरबॉक्स दिया गया है। हार्डवेयर की बात करें तो बाइक में टेलीस्कोपिक फ्रंट फोर्क्स और ट्विन रियर शॉक एब्जॉर्बर पहले की तरह ही हैं। साथ ही, इसमें दोनों पहियों पर डिस्क ब्रेक और सिंगल-चैनल ABS भी मिलता है।

2026 Bajaj Pulsar 220F: फीचर्स और कीमत

अपडेटेड Pulsar 220F में ब्लूटूथ-इनेबल्ड डिजिटल इंस्ट्रूमेंट कंसोल दिया गया है, जो स्मार्टफोन कनेक्टिविटी और टर्न-बाय-टर्न नेविगेशन को सपोर्ट करता है। इसकी कीमत अब 1.36 लाख रुपये है, जो बाइक की पिछली कीमत 1.28 लाख रुपये से 8,000 रुपये से ज्यादा है। ये दोनों कीमतें एक्स-शोरूम हैं।

यह भी पढ़ें: New Honda City vs Skoda Slavia: 2026 में कौन सी सेडान कार है बेस्ट? जानें फीचर्स से लेकर माइलेज तक पूरी डिटेल

Bata India Share Price: सिर्फ एक ऐलान और 17% उछल गया बाटा का शेयर

Bata India Share Price: बाटा इंडिया के शेयरों में 18 जून को दोपहर बाद पंख लग गए। शेयर करीब 17 फीसदी उछल गए। इसकी वजह एक ऐलान है। कंपनी ने संजय राव को नया मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ नियुक्त करने का ऐलान किया है। इसका असर शेयरों पर दिखा। बाटा का शेयर एनएसई का टॉप गेनर बन गया। कारोबार खत्म होने पर शेयर 16.57 फीसदी चढ़कर 790.95 रुपये पर बंद हुआ।

राव बाटा में गुंजन शाह की जगह लेंगे

Bata India ने एक्सचेंजों को बताया है कि राव गुंजन शाह की जगह लेंगे। कंपनी के बॉस के रूप में उनका पांच साल का कार्यकाल पूरा हो रहा है। राव इससे पहले Nike में थे। वह Nike Retail में सीनियर डायरेक्टर थे। उन पर कंपनी के फ्रांस और Benulex मार्केट्स की जिम्मेदारी थी। उन्हें रिटेल और कंज्यूमर लीडरशिप का दो दशकों से ज्यादा का अनुभव है। वह इंडिया, दक्षिण एशिया, चीन और यूरोप में काम कर चुके हैं।

राव को रिटेल बिजनेस का व्यापक अनुभव

Nike से पहले राव Inditex में काम कर चुके हैं। उन्होंने इंडिया में Zara के बिजनेस को स्थापित करने में बड़ी भूमिका निभाई थी। जारा का टाटा ग्रुप के साथ ज्वाइंट वेंचर है। राव की नियुक्ति पर बाटा ग्रुप के सीईओ पानोस मायटारोस ने कहा, “इंडिया बाटा ग्रुप के लिए सबसे अहम बाजार है। यह हमारे लॉन्ग टर्म ग्रोथ अपॉर्चुनिटीज में सबसे बड़ा है।”

इंडिया में बाटा की ग्रोथ के लिए काफी संभावनाएं

उन्होंने कहा कि बाटा इंडिया का ब्रांड काफी पावरफुल है। ग्राहकों का इस ब्रांड पर भरोसा है। स्ट्रॉन्ग फाउंडेशन के साथ बाटा की ग्रोथ के लिए काफी गुंजाइश है। उन्होने कहा, “अगला कदम ग्राहकों के करीब पहुंचना, ट्रेंड के हिसाब से तेजी से बदलना और ग्राहकों को ऐसे शूज ऑफर करना है, जिसे वह अपनी जिंदगी के हर हिस्से के लिए चाहते हैं।”

शाह का बतौर बॉस पांच साल का कार्यकाल पूरा हो गया

उन्होंने कहा कि राव के पास गहरा रिटेल और कंज्यूमर एक्सपीरियंस है। उन्हें इंडियन मार्केट्स के साथ अंतरराष्ट्रीय मार्केट्स की भी समझ है। उन्होंने कहा कि राव बाटा इंडिा को अगले चरण में ले जाने वाले सही व्यक्ति हैं। कंपनी और उसके बोर्ड ने निवर्तमान सीईओ गुजंन शाह का आभार जताया। उन्होंने बीते पांच साल में कंपनी को लीडरशिप दी।

चीन में बेरोजगारी का खतरनाक चेहरा, एक टाइम के खाने के लिए 24 घंटे लाइवस्ट्रीमिंग

सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है। इसमें नजर आ रहा है कि चीन की सड़कों पर बड़ी संख्या में लोग सोशल मीडिया पर ऑनलाइन रहने की जद्दोजहद में लगे हैं। बताया जा रहा है कि यह सभी लोग बेरोजगार हैं।