Gold Price Today: सोना एक हफ्ते में ₹2510 तक सस्ता, चांदी ₹10000 लुढ़की

देश में सोने की कीमत में वीकली बेसिस पर गिरावट बरकरार है। एक सप्ताह में 24 कैरेट गोल्ड की कीमत 2510 रुपये तक ​फिसली है। वहीं 22 कैरेट गोल्ड का भाव 2300 रुपये तक नीचे आया है। आज 28 जून को कीमत की बात करें तो राजधानी दिल्ली में सुबह के वक्त 24 कैरेट गोल्ड 144100 रुपये प्रति 10 ग्राम पर है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में भाव 4000 डॉलर के मार्क को फिर से पार कर गया है। हाजिर सोना अब 4,077.64 डॉलर प्रति औंस पर है।

देश के कुछ बड़े शहरों में गोल्ड रेट

दिल्ली में सोने की कीमतदिल्ली में 24 कैरेट सोने की कीमत 144100 रुपये प्रति 10 ग्राम है। 22 कैरेट का भाव 132100 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

मुंबई और कोलकाता: मुंबई और कोलकाता में 22 कैरेट सोने की कीमत 131950 रुपये प्रति 10 ग्राम, जबकि 24 कैरेट सोने की कीमत 143950 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

चेन्नई में सोने की कीमत: 24 कैरेट सोने की कीमत 145860 रुपये प्रति 10 ग्राम है। 22 कैरेट का भाव 133700 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

पुणे और बेंगलुरु में कीमत: इन दोनों शहरों में 24 कैरेट गोल्ड की कीमत 143950 रुपये प्रति 10 ग्राम और 22 कैरेट गोल्ड की कीमत 131950 रुपये प्रति 10 ग्राम है।

शहर22 कैरेट सोने का आज का भाव (₹)24 कैरेट सोने का आज का भाव (₹)
दिल्ली132100144100
मुंबई131950143950
अहमदाबाद132000144000
चेन्नई133700145860
कोलकाता131950143950
हैदराबाद131950143950
जयपुर132100144100
भोपाल132000144000
लखनऊ132100144100
चंडीगढ़132100144100

चांदी का हाल

सोने की तरह चांदी की कीमत में भी वीकली बेसिस पर गिरावट कायम है। एक सप्ताह में भाव 10000 रुपये नीचे आया है। 28 जून की सुबह चांदी की कीमत 240000 रुपये प्रति किलोग्राम है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर चांदी यानि कि स्पॉट सिल्वर की कीमत 59.12 डॉलर प्रति औंस पर है। सोने और चांदी की देश के अंदर कीमतें डोमेस्टिक फैक्टर्स के साथ-साथ ग्लोबल फैक्टर्स से भी प्रभावित होती हैं। अभी के संकेत बताते हैं कि निवेशकों का झुकाव चांदी के बजाय सोने की ओर ज्यादा है।

Petrol Diesel Price Today: पेट्रोल-डीजल के नए रेट जारी, जानें आपके शहर में क्या है आज का भाव

Petrol Diesel Price Today:  हर दिन की शुरुआत सिर्फ सूरज की किरणों से नहीं होती, बल्कि पेट्रोल और डीजल की नई कीमतों से भी होती है, जो आम आदमी की जेब पर सीधा असर डालती हैं। सुबह 6 बजे देश की तेल विपणन कंपनियां (OMCs) ताजा दरें जारी करती हैं, जो अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर-रुपए की विनिमय दर में आए बदलावों पर आधारित होती हैं। ये बदलाव रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित करते हैं, चाहे वो ऑफिस जाने वाला व्यक्ति हो या फल-सब्जी बेचने वाला व्यापारी।

ऐसे में हर दिन की कीमतों की जानकारी रखना सिर्फ जरूरी ही नहीं, बल्कि समझदारी भी है। सरकार की यह प्रणाली पारदर्शिता सुनिश्चित करती है ताकि उपभोक्ताओं को किसी तरह की भ्रमित जानकारी न मिले।

आपके शहर में आज का पेट्रोल-डीजल का भाव

ये रहे 28 जून 2026 के प्रमुख शहरों के पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट —

नई दिल्ली: पेट्रोल 102.12 रुपये और डीजल 83.09 रुपये प्रति लीटर।

मुंबई: पेट्रोल 111.18 रुपये और डीजल 86 रुपये प्रति लीटर।

कोलकाता: पेट्रोल 113.47 रुपये और डीजल 93.50 रुपये प्रति लीटर।

चेन्नई: पेट्रोल 107.77 रुपये और डीजल 91.50 रुपये प्रति लीटर।

गुरुग्राम: पेट्रोल 102.77 रुपये और डीजल 91.70 रुपये प्रति लीटर।

नोएडा: पेट्रोल 102.12 रुपये और डीजल 91.70 रुपये प्रति लीटर।

बेंगलुरु: पेट्रोल 110.93 रुपये और डीजल 90 रुपये प्रति लीटर।

भुवनेश्वर: पेट्रोल 109.92 रुपये प्रति लीटर।

चंडीगढ़: पेट्रोल 98.10 रुपये प्रति लीटर।

हैदराबाद: पेट्रोल 115.69 रुपये और डीजल 97 रुपये प्रति लीटर।

जयपुर: पेट्रोल 112.66 रुपये और डीजल 90.91 रुपये प्रति लीटर।

लखनऊ: पेट्रोल 102.05 रुपये और डीजल 95.75 रुपये प्रति लीटर।

पटना: पेट्रोल 113.35 रुपये प्रति लीटर।

तिरुवनंतपुरम: पेट्रोल 115.49 रुपये प्रति लीटर।

अहमदाबाद: डीजल 82.25 रुपये प्रति लीटर।

पुणे: डीजल 92.50 रुपये प्रति लीटर।

पिछले दो साल से स्थिर क्यों हैं कीमतें?

मई 2022 के बाद से केंद्र और कई राज्यों द्वारा टैक्स में कटौती की गई, जिसके बाद पेट्रोल-डीजल की कीमतों में स्थिरता देखी जा रही है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव होता रहता है, फिर भी भारतीय उपभोक्ताओं के लिए कीमतें तुलनात्मक रूप से स्थिर बनी हुई हैं।

किन कारणों से तय होती हैं ईंधन की कीमतें?

  1. कच्चे तेल की कीमतें:

पेट्रोल और डीजल का उत्पादन मुख्य रूप से कच्चे तेल से होता है। जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं, तो इसका असर सीधे भारतीय बाजार पर पड़ता है।

  1. डॉलर के मुकाबले रुपया:

भारत अधिकतर कच्चा तेल आयात करता है, और यह डॉलर में खरीदा जाता है। यदि रुपया कमजोर होता है, तो ईंधन महंगा हो जाता है।

  1. सरकारी टैक्स और शुल्क:

केंद्र और राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स लगाती हैं, जो खुदरा मूल्य का बड़ा हिस्सा होते हैं। यही कारण है कि राज्यों में कीमतों में अंतर होता है।

  1. रिफाइनिंग की लागत:

कच्चे तेल को इस्तेमाल लायक बनाने की प्रक्रिया (रिफाइनिंग) में भी खर्च होता है। ये लागत कच्चे तेल की गुणवत्ता और रिफाइनरी की क्षमता पर निर्भर करती है।

  1. मांग और आपूर्ति का संतुलन:

बाजार में ईंधन की मांग अगर बढ़ जाती है, तो कीमतें भी ऊपर जाने लगती हैं। खासकर त्योहारों, गर्मी या सर्दी के मौसम में ईंधन की खपत ज्यादा होती है।

कैसे करें अपने शहर की कीमतें SMS से चेक?

अगर आप मोबाइल से ईंधन की कीमत जानना चाहते हैं, तो ये प्रक्रिया आसान है:

Indian Oil ग्राहक: अपने शहर का कोड टाइप करें और उसे “RSP” के साथ 9224992249 पर भेजें।

BPCL ग्राहक: “RSP” लिखकर 9223112222 पर भेजें।

HPCL ग्राहक: “HP Price” लिखकर 9222201122 पर भेजें।

चीन के बड़े कदम से और नीचे आ सकता है Gold, आखिर ऐसा क्या कर दिया China ने

Gold rate

China Big Decision on Gold: यूं तो पिछले कुछ समय से सोना और चांदी की कीमतों में भारत में भी लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। लेकिन, चीन के एक कदम ने सोना-चांदी बाजारों में हलचल मचा दी है। दरअसल, चीन दुनिया में सोने का सबसे बड़ा उपभोक्ता है। हाल ही में चीन के बैंकिंग रेगुलेटरों और प्रमुख बैंकों (जैसे ICBC) ने एक बड़ा कदम उठाते हुए प्राइवेट रिटेल निवेशकों के लिए शंघाई गोल्ड एक्सचेंज (SGE) पर सोने-चांदी की ट्रेडिंग (Retail Trading) पर पूरी तरह रोक लगा दी है।

चीन में डिस्काउंट पर बिक रहा है सोना

चीन के बड़े बैंकों ने आम लोगों से सोने में सट्टा या शॉर्ट-टर्म ट्रेडिंग बंद करने और सिर्फ फिजिकल बुलियन (भौतिक सोना) होल्ड करने को कहा है। इस फैसले के बाद चीनी रिटेल निवेशकों को मजबूरन अपनी पोजीशन को लिक्विडेट (बेचना) करना पड़ रहा है, जिससे इंटरनेशनल मार्केट में सोने की मांग अचानक कमजोर हुई है। वर्तमान में शंघाई में सोना लंदन के अंतरराष्ट्रीय भाव से नीचे (डिस्काउंट पर) बिक रहा है, जो दिखाता है कि चीन में फिलहाल स्थानीय स्तर पर सोने की मांग बेहद सुस्त हो चुकी है। चीन का यह कदम वैश्विक बाजार में सोने-चांदी की कीमतों को और नीचे धकेल रहा है।

पिछले कुछ समय में कितने गिरे हैं दाम?

साल 2026 की शुरुआत में जनवरी के दौरान सोने और चांदी ने अपना सर्वकालिक उच्च स्तर छुआ था, लेकिन उसके बाद से इसमें ऐतिहासिक गिरावट आई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना जनवरी 2026 के रिकॉर्ड हाई (5595 डॉलर प्रति औंस) से गिरकर लगभग 29% से 30% तक क्रैश होकर 4000 डॉलर प्रति औंस के नीचे आ गया है। यह पिछले 7 महीनों का सबसे निचला स्तर है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी में और भी बड़ा धमाका हुआ है। यह अपने इस साल के शिखर से 50% से अधिक टूट चुकी है। 

क्या है घरेलू बाजार का हाल? 

भारत में इंपोर्ट ड्यूटी की वजह से गिरावट वैश्विक बाजार जितनी ज्यादा तो नहीं है, लेकिन भारतीय बाजार में भी सोना अपने शिखर से करीब 22% से 25% तक टूट चुका है। अकेले जून के महीने में ही प्रति 10 ग्राम सोने पर 10,000 रुपए से ज्यादा की कमी आई है। 

silver rate

 

 

Kotak Mahindra Bank के एमडी और सीईओ अशोक वासवानी इस साल के अंत में पद छोड़ देंगे

कोटक महिंद्रा बैंक के मैनेजिंग डायरेक्टर एवं सीईओ अशोक वासवानी इस साल के अंत में पद छोड़ देंगे। बैंक ने इस बारे में स्टॉक एक्सचेंज को 27 जून को बताया। उसने कहा कि वह टॉप लीडरशिप में बदलाव की तैयारी कर रहा है, क्योंकि वासवानी ने कनफर्म कर दिया है कि कार्यकाल 31 दिसंबर, 2026 को खत्म होने के बाद वह दोबारा नियुक्ति नहीं चाहेंगे।

बैंक नए एमडी और सीईओ की तलाश करेगा

इस बारे में स्टॉक एक्सचेंजों की दी गई जानकारी में कहा गया है कि कोटक महिंद्रा बैंक के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की 27 जून को हुई बैठक में वासवानी के फैसले पर विचार हुआ। बोर्ड ने नए एमडी एवं सीईओ की तलाश की औपचारिक प्रक्रिया शुरू करने पर सहमति जताई। बैंक ने कहा है कि नए एमडी एवं सीईओ की नियुक्ति आरबीआई की तरफ से तय डेडलाइन तक हो जाएगी।

फाइनेंशियल सेक्टर में बदलाव के वक्त किया बैंक का नेतृत्व

वासवानी ने कोटक महिंद्रा बैंक का नेतृत्व ऐसे वक्त किया है , जब भारत का फाइनेंशियल सेक्टर बड़े बदलाव से गुजर रहा था। इस साल के अंत तक उनके पद छोड़ने से उस दौर का अंत हो जाएगा, जिस दौरान बैंक ने बैंकिंग सेक्टर में कॉम्पटिशन का सामना करने के साथ ही रेगुलेटरी स्तर पर बदलावों का सामना किया।

अभी नए एमडी और सीईओ की नियुक्ति के लिए किसी नाम पर चर्चा नहीं

कोटक महिंद्रा बैंक के बोर्ड ने ऐसे किसी उम्मीदवार का नाम नहीं बताया, जिसे नया एमडी एवं सीईओ बनाने के बारे में विचार हुआ हो। उसने कहा कि उसे उम्मीद है कि तय समय पर नया लीडरशिप आएगा ताकि ऑपरेशन और स्ट्रेटेजिक डायरेक्शन में निरंतरता बनी रहे। वासवानी 1 जनवरी, 2024 को उदय कोटक की जगह बैंक के एमडी और सीईओ बने थे।

वासवानी ने तीन दशकों तक सिटीग्रुप में किया है काम

कोटक महिंद्रा बैंक के बॉस की जिम्मेदारी संभालने से पहले वासवानी तीन दशकों तक सिटीग्रुप में थे। वह बार्कलेज में भी काम कर चुके हैं। वह बार्कलेज में ग्लोबल कंज्यूमर, प्राइवेट, कॉर्पोरेट और पेमेंट बिजनेस के सीईओ थे। वह ग्रुप के एग्जिक्यूटिव कमेटी के भी सदस्य थे।

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स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी से की है पढ़ाई

उन्होंने यूनिवर्सिटी ऑफ बॉम्बे के Sydenham College से इकोनॉमिक्स और अकाउंटेंसी के साथ बैचलर ऑफ कॉमर्स की पढ़ाई की है। वह एक चार्टर्ड अकाउंटेंट और कंपनी सेक्रेटरी हैं। उन्होंने स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी ग्रेजुएट स्कूल ऑफ बिजनेस से एग्जिक्यूटिव एजुकेशन पूरा किया है।

जेवर बनेगा भारत का सोलर हब! 8200 करोड़ के निवेश से सीएम योगी ने रखी बड़ी परियोजना की नींव

yogi adityanath

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि रिन्यूएबल व ग्रीन एनर्जी आज की आवश्यकता है। उत्तर प्रदेश ने 20 हजार मेगावाट रिन्यूएबल एनर्जी पैदा करने का लक्ष्य निर्धारित किया है और जेवर क्षेत्र जल्द ही भारत का सोलर मैन्युफैक्चरिंग हब बनेगा। इससे चीन आदि देशों पर निर्भरता कम होगी। पीएम सूर्यघर योजना से प्रदेश के 6 लाख परिवारों का बिजली बिल 60 प्रतिशत तक घटा है, यह यूपी में बढ़ती सौर ऊर्जा शक्ति का प्रमाण है।

 

मुख्यमंत्री शनिवार को गौतम बुद्ध नगर के जेवर क्षेत्र में 8200 करोड़ रुपये के निवेश से एसएईएल के इंटीग्रेटेड सोलर मैन्युफैक्चरिंग प्लांट का शिलान्यास करने के उपरांत जनसमूह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि विकसित उत्तर प्रदेश बनाने में एसएईएल की बड़ी भूमिका होगी। मुझे विश्वास है कि हम जल्द ही यूपी को सोलर मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में विकसित करने का काम करेंगे। पीएम मोदी जी के दूरदर्शी नेतृत्व में पिछले 12 वर्ष में भारत ने दुनिया में एक नई सशक्त पहचान बनाई है। लोग सबसे तेज अर्थवस्थवस्था के रूप में भारत को बढ़ता देख रहे हैं। हमारा लक्ष्य अगले दो-तीन वर्षों में यूपी में 20 हजार मेगावाट रिन्यूएबल एनर्जी पैदा करना है।

 

6 लाख परिवारों को बिजली बिल 60 प्रतिशत तक कम

सीएम ने कहा कि मोदी जी ने दुनिया के देशों को प्रदूषण मुक्त वातावरण देने के लिए प्रेरित किया। रिन्यूएबल व ग्रीन एनर्जी के लिए आक्रामक रणनीति अपनाई। उसी का परिणाम है कि यूपी जैसे राज्य में 6 लाख से अधिक परिवार पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत सोलर पैनल लगाकर ऊर्जा की आत्मनिर्भरता प्राप्त कर रहे है। इनके बिजली बिलों में भी लगभग 50-60 प्रतिशत की कमी आई है। आज यूपी 2 हजार मेगावाट से अधिक बिजली सोलर पैनल से उत्पन्न कर रहा है। 

 

20 हजार मेगावाट रिन्यूएबल एनर्जी का लक्ष्य

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी योजना अगले दो-तीन वर्षों के अंदर यूपी में 20 हजार मेगावाट तक रिन्यूएबल एनर्जी का लक्ष्य प्राप्त करना है। फिलहाल हम 6 हजार मेगावाट तक रिन्यूएबल एनर्जी से प्राप्त कर रहे हैं। ग्रीन एनर्जी का स्रोत सोलर के अलावा पराली भी है। किसान पराली को जलाकर प्रदूषण न करें, बल्कि उसे सीबीजी प्लांट तक पहुंचा दें  तो वहां इससे सीएनजी, कंप्रेस्ड बायोगैस और इथेनॉल बन सकता है। किसानों को अतिरिक्त आय भी होगी।

 

देश का 55 प्रतिशत एथेनॉल उत्पादन यूपी में

सीएम ने कहा कि एथेनॉल ब्लेंडिंग पॉलिसी लागू होने के बाद यूपी सबसे ज्यादा एथेनॉल उत्पादन वाले राज्य के रूप में स्थापित हुआ है। इसने हमारी शुगर इंडस्ट्री को आत्मनिर्भर बना दिया है। करीब एक दशक पहले हताशा-निराशा से जूझ रहे किसानों को हमने पिछले 9 वर्ष के अंदर 3.22 लाख करोड़ रुपये का गन्ना मूल्य भुगतान किया। हम गन्ने से चीनी व एथेनॉल भी बना रहे हैं। देश का लगभग 55 फीसदी एथेनॉल उत्पादन अकेले उत्तर प्रदेश कर रहा है। सबसे ज्यादा सीबीजी प्लांट यूपी में लगे हैं। हमारा लक्ष्य अगले एक वर्ष में 100 सीबीजी प्लांट स्थापित करना है।

 

भारत की निर्यात क्षमता बढ़ाएगा सोलर प्लांट

सीएम योगी ने कहा कि एसएईएल ने नई तकनीक के साथ सोलर मैन्युफैक्चरिंग कार्यक्रम को आगे बढ़ाया है। इस प्लांट से 5 गीगावाट सोलर सेल और 5 गीगावाट सोलर मॉड्यूल निर्माण क्षमता विकसित करने का लक्ष्य है। यह सोलर मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में भारत की निर्यात क्षमता को बढ़ाने में बड़ी भूमिका का निर्वहन करेगा। अभी तक जिन कार्यों के लिए हमें चीन या दुनिया के अन्य देशों पर निर्भर रहना पड़ता था,  अब वह टेक्नोलॉजी इसी जेवर में तैयार होगी। इसके माध्यम से हजारों प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रोजगार का सृजन भी होने वाला है। एमएसएमई, लॉजिस्टिक और सहायक उद्योगों के साथ-साथ इंजीनियरों व टेक्नीशियनों को भी एक नए फील्ड में कार्य करने के अवसर प्राप्त होंगे। उत्तर प्रदेश के युवाओं को ग्रीन इकोनॉमी का नेतृत्व करने का भी अवसर इसके माध्यम से प्राप्त होने वाला है।

 

भारत का सबसे बड़ा लॉजिस्टिक हब

मुख्यमंत्री ने कहा कि अभी हम इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग की नई यूनिट का शिलान्यास करके आए हैं, जिसे भारत का अंबर ग्रुप व कोरिया सर्किट मिलकर आगे बढ़ा रहे हैं। यहां फिल्म सिटी व अपैरल सिटी भी बन रही है। विश्वस्तरीय विश्वविद्यालय भी आ रहे हैं। टॉय पार्क भी बनने जा रहा है। भारत के सबसे बड़े लॉजिस्टिक हब के रूप में यह क्षेत्र विकसित होने जा रहा है। हमें पीएम मोदी जी के विजन को पूरे प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाना है।

 

इस अवसर पर वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना, औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता ‘नंदी’, जेवर के विधायक धीरेंद्र सिंह, एसएईएल के डायरेक्टर सुखबीर सिंह, एसएईएल के सीईओ एवं कार्यकारी निदेशक लक्षित आवला, एसएईएल के फाउंडर एवं मैनेजिंग डायरेक्टर जसवीर सिंह और यीडा समेत अन्य विभागों के वरिष्ठ अधिकारी व अन्य गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।

 

20 हजार लोगों को मिलेगा रोजगार

जेवर। एसएईएल कंपनी के मुताबिक इस परियोजना से 20 हजार प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित होंगे। इससे औद्योगिक गतिविधियों, सहायक उद्योगों और बुनियादी ढांचे के विकास के माध्यम से क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को भी गति मिलेगी। निर्माण पूरा होने पर यहां अत्याधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए उच्च दक्षता वाले सोलर सेल और टॉपकॉन सोलर मॉड्यूल्स का निर्माण किया जाएगा, जिससे भारत में तेजी से बढ़ती अक्षय ऊर्जा क्षेत्र की आवश्यकताओं को पूरा करने में मदद मिलेगी।

 

20 हजार करोड़ रुपये तक निवेश बढाएगी कंपनी

एसएईएल के सह-संस्थापक एवं निदेशक सुखबीर सिंह ने कहा कि कंपनी 8,200 करोड़ रुपये के प्रारंभिक निवेश से 5 गीगावाट सोलर सेल और 5 गीगावाट सोलर मॉड्यूल निर्माण सुविधा स्थापित कर रही है। यह केवल बुनियादी ढांचे में निवेश नहीं है, बल्कि भारत की ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण निवेश है। राज्य वन ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। कंपनी 2029-30 तक अपना निवेश बढ़ाकर 20 हजार करोड़ रुपये तक पहुंचाएगी। Edited by : Sudhir Sharma

राजन भारती मित्तल ने कहा- इंडिया एक ग्लोबल ब्राइट स्पॉट है जो 10 ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी बन सकता है

भारती एंटरप्राइजेज के वाइस चेयरमैन राजन भारती मित्तल ने इंडिया के बारे में बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि तेजी से बदलती वैश्विक अर्थव्यवस्था में भारत सबसे स्टेबल और अट्रैक्टिव ग्रोथ इंजन के रूप में उभर रहा है। एक कार्यक्रम में उन्होंने ये बातें कहीं। उन्होंने कहा कि भारत ग्रोथ और स्टैबिलिटी का एक ‘ब्राइट स्पॉट’ है।

इंडिया की ग्रोथ की तीन वजहें

मित्तल ने इंडिया की ग्रोथ के लिए जिम्मेदार तीन वजहों के बारे में बताया। इनमें स्ट्रॉन्ग डोमेस्टिक कंजम्प्शन, आबादी में युवाओं की बड़ी हिस्सेदारी और मैन्युफैक्चरिंग की बढ़ती क्षमता शामिल हैं। ये सभी मिलकर भारत को दुनिया में आर्थिक गतिविधि के केंद्र के रूप में स्थापित करती हैं।

10 लाख करोड़ डॉलर की होगी इकोनॉमी

भारत की इकोनॉमी के बढ़ते आकार के बारे में उन्होंने कहा कि आज देश की अर्थव्यवस्था 4 लाख करोड़ डॉलर की है, जिसके आने वाले सालों में बढ़कर 10 लाख करोड़ डॉलर तक पहुंच जाने का अनुमान है। यह एक ऐसा स्ट्रक्चरल बदलाव है, जो बताता है कि दुनिया की कंपनियां भारत की अनदेखी नहीं कर सकतीं।

भारत-इंग्लैंड के पास रिश्तों को बढ़ाने का बड़ा मौका

उन्होंने कहा, “किसी ग्लोबल कंपनी की स्ट्रेटेजी में अगर भारत शामिल नहीं है तो इसका मतलब है कि वह अगले दशक की ग्रोथ स्टोरी से जुड़े मौकों को गंवाने जा रही है।” उन्होंने कहा कि भविष्यकी ग्रोथ को-क्रिएशन और लॉन्ग टर्म पार्टनरशिप पर निर्भर करेगी न कि ट्रांजेक्शन ट्रेड पर। भारत-इंग्लैंड के रिश्तों पर उन्होंने कहा कि दोनों देशों के पास व्यापारिक रिश्तों से आगे बढ़ने का बड़ा मौका है।

ग्लोबल सिस्टम में भारत लॉन्ग टर्म पार्टनर

मित्तल ने कहा कि इंडिया उन कंपनियों के लिए मैन्युफैक्चरिंग और इनोवेशन का आधार बन रहा है, जो अफ्रीका सहित ज्यादा ग्रोथ वाले क्षेत्रों को टारेगट करना चाहती हैं। कानून के शासन, इंडिपेंडेंट रेगुलेटर्स और डेमोक्रेटिक फ्रेमवर्क को उन्होंने इंडिया की ताकत बताया। उन्होंने कहा कि ये चीजें भारत को ग्लोबल सिस्टम में भरोसेमंद लॉन्ग टर्म पार्टनर बनाती हैं।

भारत वैश्विक निर्णय प्रक्रिया में हिस्सेदार

उन्होंने कहा कि इंडिया अब न सिर्फ वैश्विक स्तर पर निर्णय की प्रक्रिया में हिस्सेदार है बल्कि यह इसका स्वरूप भी तय कर रहा है। इसकी वजह यह है कि भारत की आर्थिक और रणनीतिक महत्व लगातार बढ़ रहा है।

Persistent Systems की हो जाएगी जर्मनी की Nagarro, खरीदेगी सारे शेयर; स्टॉक में दिख सकता है बड़ा उछाल

पर्सिस्टेंट सिस्टम्स जर्मनी की डिजिटल इंजीनियरिंग फर्म Nagarro SE के सभी बकाया शेयर 81 यूरो प्रति शेयर की कैश डील में खरीदना चाहती है। इसके लिए कंपनी एक वॉलंटरी पब्लिक टेकओवर ऑफर दे रही है। यह खरीद सब्सिडियरी गैलेक्सी जर्मनी होल्डिंग के जरिए करने का प्लान है। पर्सिस्टेंट सिस्टम्स का कहना है कि डील के अक्टूबर-दिसंबर 2026 या जनवरी-मार्च 2027 तक पूरा होने की उम्मीद है। पर्सिस्टेंट को पहले ही Nagarro की सबसे बड़ी शेयरहोल्डर, Lantano Beteiligungen GmbH का साथ मिल चुका है, जिसने कंपनी में अपनी पूरी 21 प्रतिशत हिस्सेदारी पर्सिस्टेंट को बेचने पर सहमति जताई है।

Nagarro का मैनेजमेंट और सुपरवाइजरी बोर्ड भी इस ट्रांजेक्शन के सपोर्ट में है। फाइनल ऑफर डॉक्यूमेंट का रिव्यू करने के बाद उस पर शेयरहोल्डर्स की मंजूरी ली जाएगी। इस ट्रांजेक्शन पर अभी रेगुलेटरी मंजूरियां और जर्मनी के फाइनेंशियल रेगुलेटर BaFin की मंजूरी लिया जाना भी बाकी है। प्रस्तावित अधिग्रहण से Persistent की AI-बेस्ड इंजीनियरिंग और क्लाउड क्षमताएं, Nagarro की यूरोपियन डिजिटल इंजीनियरिंग, ERP और कस्टमर एक्सपीरियंस विशेषज्ञता के साथ आएंगी। इससे एक ऐसी कंपनी बनेगी, जिसका सालाना रेवेन्यू रन रेट लगभग 2.9 अरब डॉलर होगा। इसके 40 से अधिक देशों में 46,000 से अधिक कर्मचारी होंगे।

इस सौदे के लिए फंडिंग बार्कलेज (Barclays) से कमिटेड फाइनेंसिंग के जरिए की जाएगी। यह अधिग्रहण यूरोप में पर्सिस्टेंट सिस्टम्स की मौजूदगी को काफी मजबूत करेगा। इस ट्रांजेक्शन के बाद बनने वाली कंपनी के रेवेन्यू में यूरोप की हिस्सेदारी लगभग 22 प्रतिशत की होगी। नॉर्थ अमेरिका का योगदान लगभग 62 प्रतिशत रहेगा।

Nagarro डीलिस्ट होगी

जर्मनी के म्यूनिख में हेडक्वार्टर वाली Nagarro ने कैलेंडर वर्ष 2025 में लगभग 1 अरब यूरो का रेवेन्यू कमाया। इसके 40 से अधिक देशों में लगभग 18,500 कर्मचारी हैं। कंपनी की ऑटोमोटिव, इंडस्ट्रियल, कंज्यूमर, टेलीकॉम और BFSI सेक्टर में अच्छी मौजूदगी है। डील पूरी होने के बाद पर्सिस्टेंट की योजना नगारो को फ्रैंकफर्ट स्टॉक एक्सचेंज के प्राइम स्टैंडर्ड सेगमेंट से डीलिस्ट करने की है। हालांकि, सौदा पूरा होने के बाद कम से कम दो साल तक डोमिनेशन और प्रॉफिट एंड लॉस ट्रांसफर एग्रीमेंट (DPLTA) करने का कोई इरादा नहीं है।

Persistent Systems का कहना है कि डील के अक्टूबर-दिसंबर 2026 या जनवरी-मार्च 2027 तक पूरा होने की उम्मीद है। 

सोमवार को चढ़ सकता है Persistent Systems का शेयर

इस नए डेवलपमेंट से सोमवार, 29 जून को Persistent Systems के शेयर में उछाल आ सकता है। शेयर की वर्तमान कीमत बीएसई पर 4840.45 रुपये है। शेयर 6 महीनों में 24 प्रतिशत गिरा है। कंपनी में मार्च 2026 के आखिर तक प्रमोटर्स के पास 30.29 प्रतिशत हिस्सेदारी थी। कंपनी का मार्केट कैप 76300 करोड़ रुपये से ज्यादा है।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Silver Rate Today India: चांदी के नए भाव जारी, जानें आपके शहर में कितनी है कीमत

Silver Rate Today India: अगर आप चांदी के गहने खरीदने या फिर निवेश की योजना बना रहे हैं, तो सबसे पहले आपको इसका ताजा भाव जानना बहुत जरूरी है। दरअसल, भारत में आज के दिन चांदी की कीमतों में स्थिरता देखने को मिली। बाजार के ताजा रेट के अनुसार चांदी ₹240.10 प्रति ग्राम और ₹2,40,100 प्रति किलोग्राम पर उपलब्ध है।

बता दें कि भारत में चांदी की कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार की कीमतों पर निर्भर करती है, जो ऊपर-नीचे होती रहती है। इसके अलावा यह रुपये और डॉलर की विनिमय दर पर भी निर्भर करती है। अगर रुपया डॉलर के मुकाबले कमजोर होता है और अंतरराष्ट्रीय कीमतें स्थिर रहती हैं, तो चांदी महंगी हो जाती है।

आज भारत में चांदी की कीमत प्रति ग्राम/किलो (INR)

ग्रामआज (Today)कल (Yesterday)बदलाव (Change)
1₹240.10₹240+ ₹0.10
8₹1,920.80₹1,920+ ₹0.80
10₹2,401₹2,400+ ₹1
100₹24,010₹24,000+ ₹10
1000₹2,40,100₹2,40,000+ ₹100

आज भारत के प्रमुख शहरों में चांदी के दाम

शहर10 ग्राम100 ग्राम1 किलोग्राम
मुंबई₹2,401₹24,010₹2,40,100
कोलकाता₹2,401₹24,010₹2,40,100
चेन्नई₹2,451₹24,510₹2,45,100
पटना₹2,401₹24,010₹2,40,100
लखनऊ₹2,401₹24,010₹2,40,100
अयोध्या₹2,401₹24,010₹2,40,100
मेरठ₹2,401₹24,010₹2,40,100
कानपुर₹2,401₹24,010₹2,40,100
गुरुग्राम₹2,401₹24,010₹2,40,100
चंडीगढ़₹2,401₹24,010₹2,40,100
गाजियाबाद₹2,401₹24,010₹2,40,100
नोएडा₹2,401₹24,010₹2,40,100
जयपुर₹2,401₹24,010₹2,40,100
लुधियाना₹2,401₹24,010₹2,40,100
गुवाहाटी₹2,401₹24,010₹2,40,100
इंदौर₹2,401₹24,010₹2,40,100
अहमदाबाद₹2,401₹24,010₹2,40,100
वडोदरा₹2,401₹24,010₹2,40,100
सूरत₹2,401₹24,010₹2,40,100
पुणे₹2,401₹24,010₹2,40,100
नागपुर₹2,401₹24,010₹2,40,100
नासिक₹2,401₹24,010₹2,40,100
बेंगलुरु₹2,401₹24,010₹2,40,100
भुवनेश्वर₹2,401₹24,010₹2,40,100
कटक₹2,401₹24,010₹2,40,100
रायपुर₹2,401₹24,010₹2,40,100
हैदराबाद₹2,451₹24,510₹2,45,100

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Byju’s के लेंडर्स सेटलमेंट के लिए तैयार, लेकिन बदले में आकाश एजुकेशनल सर्विसेज में चाहते हैं 30% हिस्सा

एडटेक प्लेटफॉर्म Byju’s के ग्लोबल लेंडर्स (कर्ज देने वाले) फाउंडर बायजू रवींद्रन के खिलाफ सभी कानूनी कार्रवाई वापस लेने को तैयार हैं। लेकिन बदले में कंपनी की हिस्सेदारी वाली आकाश एजुकेशनल सर्विसेज में लगभग 30 प्रतिशत हिस्सेदारी चाहते हैं। इस प्रस्ताव पर बातचीत चल रही है। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, सूत्रों का कहना है कि Byju’s के लेंडर्स विवाद को सुलझाने के अंतिम चरण में हैं और संभावना है कि वे ऑफलाइन कोचिंग संस्थान आकाश एजुकेशनल सर्विसेज में लगभग 30 प्रतिशत हिस्सेदारी लें।

समझौते के तहत सभी पक्ष एक साथ सभी मामले वापस ले लेंगे। Byju’s ने 2021 में 1 अरब डॉलर की डील में आकाश एजुकेशनल सर्विसेज को खरीदा था। लेकिन तब से अब तक इसमें Byju’s की हिस्सेदारी काफी कम हो चुकी है और अब यह माइनॉरिटी स्टेकहोल्डर है। अब आकाश में मणिपाल हेल्थ सबसे बड़ी शेयरहोल्डर है।

Aakash पूरे भारत में 300 से ज्यादा सेंटर चलाती है, जो मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं के साथ-साथ स्कूल परीक्षाओं के लिए तैयारी कराते हैं। इसमें 5,000 से ज्यादा एक्सपर्ट्स की फैकल्टी है और इसकी पिछली रिपोर्ट के अनुसार सालाना रेवेन्यू लगभग 25.4 करोड़ डॉलर था। रॉयटर्स के सूत्रों का कहना है कि सेटलमेंट की बातचीत में बायजू रवींद्रन, ग्लास ट्रस्ट, आकाश और मणिपाल हेल्थ शामिल हैं। आकाश की वैल्यू लगभग 2 अरब डॉलर आंकी गई है।

Byju’s: अर्श से यूं आई फर्श पर

Byju’s एक समय 21 से ज्यादा देशों में ऑपरेशनल थी और COVID-19 महामारी के दौरान ऑनलाइन कोर्सेज के जरिए लोकप्रिय हुई थी। लेकिन 2023 की शुरुआत में हालात बदल गए, जब अमेरिका स्थित लेंडर्स के साथ कंपनी का बड़ा विवाद शुरू हुआ। अमेरिका स्थित ग्लास ट्रस्ट ने बायजू रवींद्रन पर कुप्रबंधन का आरोप लगाया और 2024 में Byju’s के भारत में दिवालियापन के लिए आवेदन करने के बाद 1 अरब डॉलर के बकाया की मांग की।

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हालांकि रवींद्रन और Byju’s ने किसी भी गलत काम से इनकार किया है। लेकिन इस विवाद के चलते Byju’s ढह गई और 2024 में रवींद्रन ने कहा कि कंपनी की वैल्यू शून्य है। कानूनी विवाद Byju’s के दिवालिया होने के बाद से जारी है और भारत, सिंगापुर और अमेरिका की अदालतों में चल रहा है।

Petrol Diesel Price Today: देशभर में जारी हुए पेट्रोल और डीजल के नए भाव, देखें लेटेस्ट रेट

Petrol Diesel Price Today:  हर दिन की शुरुआत सिर्फ सूरज की किरणों से नहीं होती, बल्कि पेट्रोल और डीजल की नई कीमतों से भी होती है, जो आम आदमी की जेब पर सीधा असर डालती हैं। सुबह 6 बजे देश की तेल विपणन कंपनियां (OMCs) ताजा दरें जारी करती हैं, जो अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और डॉलर-रुपए की विनिमय दर में आए बदलावों पर आधारित होती हैं। ये बदलाव रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित करते हैं, चाहे वो ऑफिस जाने वाला व्यक्ति हो या फल-सब्जी बेचने वाला व्यापारी।

ऐसे में हर दिन की कीमतों की जानकारी रखना सिर्फ जरूरी ही नहीं, बल्कि समझदारी भी है। सरकार की यह प्रणाली पारदर्शिता सुनिश्चित करती है ताकि उपभोक्ताओं को किसी तरह की भ्रमित जानकारी न मिले।

आपके शहर में आज का पेट्रोल-डीजल का भाव

ये रहे 27 जून 2026 के प्रमुख शहरों के पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट —

नई दिल्ली: पेट्रोल 102.12 रुपये और डीजल 83.09 रुपये प्रति लीटर।

मुंबई: पेट्रोल 111.18 रुपये और डीजल 86 रुपये प्रति लीटर।

कोलकाता: पेट्रोल 113.47 रुपये और डीजल 93.50 रुपये प्रति लीटर।

चेन्नई: पेट्रोल 107.77 रुपये और डीजल 91.50 रुपये प्रति लीटर।

गुरुग्राम: पेट्रोल 102.77 रुपये और डीजल 91.70 रुपये प्रति लीटर।

नोएडा: पेट्रोल 102.12 रुपये और डीजल 91.70 रुपये प्रति लीटर।

बेंगलुरु: पेट्रोल 110.93 रुपये और डीजल 90 रुपये प्रति लीटर।

भुवनेश्वर: पेट्रोल 109.92 रुपये प्रति लीटर।

चंडीगढ़: पेट्रोल 98.10 रुपये प्रति लीटर।

हैदराबाद: पेट्रोल 115.69 रुपये और डीजल 97 रुपये प्रति लीटर।

जयपुर: पेट्रोल 112.66 रुपये और डीजल 90.91 रुपये प्रति लीटर।

लखनऊ: पेट्रोल 102.05 रुपये और डीजल 95.75 रुपये प्रति लीटर।

पटना: पेट्रोल 113.35 रुपये प्रति लीटर।

तिरुवनंतपुरम: पेट्रोल 115.49 रुपये प्रति लीटर।

अहमदाबाद: डीजल 82.25 रुपये प्रति लीटर।

पुणे: डीजल 92.50 रुपये प्रति लीटर।

पिछले दो साल से स्थिर क्यों हैं कीमतें?

मई 2022 के बाद से केंद्र और कई राज्यों द्वारा टैक्स में कटौती की गई, जिसके बाद पेट्रोल-डीजल की कीमतों में स्थिरता देखी जा रही है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव होता रहता है, फिर भी भारतीय उपभोक्ताओं के लिए कीमतें तुलनात्मक रूप से स्थिर बनी हुई हैं।

किन कारणों से तय होती हैं ईंधन की कीमतें?

  1. कच्चे तेल की कीमतें:

पेट्रोल और डीजल का उत्पादन मुख्य रूप से कच्चे तेल से होता है। जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं, तो इसका असर सीधे भारतीय बाजार पर पड़ता है।

  1. डॉलर के मुकाबले रुपया:

भारत अधिकतर कच्चा तेल आयात करता है, और यह डॉलर में खरीदा जाता है। यदि रुपया कमजोर होता है, तो ईंधन महंगा हो जाता है।

  1. सरकारी टैक्स और शुल्क:

केंद्र और राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स लगाती हैं, जो खुदरा मूल्य का बड़ा हिस्सा होते हैं। यही कारण है कि राज्यों में कीमतों में अंतर होता है।

  1. रिफाइनिंग की लागत:

कच्चे तेल को इस्तेमाल लायक बनाने की प्रक्रिया (रिफाइनिंग) में भी खर्च होता है। ये लागत कच्चे तेल की गुणवत्ता और रिफाइनरी की क्षमता पर निर्भर करती है।

  1. मांग और आपूर्ति का संतुलन:

बाजार में ईंधन की मांग अगर बढ़ जाती है, तो कीमतें भी ऊपर जाने लगती हैं। खासकर त्योहारों, गर्मी या सर्दी के मौसम में ईंधन की खपत ज्यादा होती है।

कैसे करें अपने शहर की कीमतें SMS से चेक?

अगर आप मोबाइल से ईंधन की कीमत जानना चाहते हैं, तो ये प्रक्रिया आसान है:

Indian Oil ग्राहक: अपने शहर का कोड टाइप करें और उसे “RSP” के साथ 9224992249 पर भेजें।

BPCL ग्राहक: “RSP” लिखकर 9223112222 पर भेजें।

HPCL ग्राहक: “HP Price” लिखकर 9222201122 पर भेजें।