NEET UG Counselling 2026: नीट यूजी में चॉइस फिलिंग की आखिरी तारीख बढ़ी, अब आज रात 11.59 बजे तक बता सकते हैं अपनी पसंद

NEET UG Counselling 2026: नीट यूजी 2026 में सफल छात्र अब मेडिकल काउंसलिंग कमेटी (MCC) की ओर से आयोजित की जा रही काउंसलिंग प्रक्रिया में हिस्सा ले रहे हैं। इसके तहत पहले राउंड में अपनी पसंद की मेडिकल सीट भरने और लॉक करने की सुविधा छात्रों को दी जाती है। एमसीसी ने काउंसलिंग प्रक्रिया में हिस्सा ले रहे छात्रों को सहूलियत देते हुए नीट यूजी काउंसलिंग 2026 राउंड 1 चॉइस भरने और लॉक करने की डेडलाइन बढ़ाने का फैसला किया है। इसके तहत चॉइस लॉक करने की सुविधा भी बढ़ा दी गई है। कैंडिडेट 18 अगस्त, 2026 को रात 11:59 बजे तक यह प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।

काउंसलिंग प्रक्रिया 15% ऑल इंडिया कोटा (AQI) के तहत अंडरग्रेजुएट मेडिकल और डेंटल कोर्स के लिए तय है। बदले हुए शेड्यूल के मुताबिक, नीट यूजी काउंसलिंग 2026 राउंड 1 चॉइस फिलिंग विंडो, जो 7 अगस्त को खुली थी, 18 अगस्त रात 11:59 बजे तक उपलब्ध रहेगी।

नीट यूजी काउंसलिंग 2026 राउंड 1 चॉइस फिलिंग : बदली हुई तारीखें

कैंडिडेट 17 अगस्त शाम 5:30 बजे से 18 अगस्त, 2026 रात 11:59 बजे तक अपनी पसंद अंतिम रूप से लॉक कर सकते हैं। नीचे दी गई जरूरी डिटेल्स देखें :

राउंड 1 चॉइस फिलिंग : 7 अगस्त से 18 अगस्त, 2026

राउंड 1 चॉइस लॉकिंग : 17 अगस्त, शाम 5:30 बजे से 18 अगस्त, रात 11:59 बजे तक

नीट यूजी काउंसलिंग 2026 के लिए चॉइस कैसे भरें?

प्रेफरेंस पूरी करने के लिए ये स्टेप्स हैं:

  • ऑफिशियल वेबसाइट mcc.nic.in पर जाएं।
  • नीट यूजी काउंसलिंग पंजीकरण या कैंडिडेट लॉगिन लिंक पर क्लिक करें। जरूरी क्रेडेंशियल्स के साथ साइन इन करें।
  • चॉइस फिलिंग सेक्शन खोलें।
  • अपनी पसंद के क्रम में कॉलेज और कोर्स चुनें।
  • पूरी प्रेफरेंस लिस्ट देखें।
  • अगर जरूरत हो, तो बदलाव करें या चॉइस बदलें।
  • चॉइस लॉक करें और फाइनल लिस्ट सबमिट करें।

कैंडिडेट्स को याद रखना चाहिए कि सिर्फ पंजीकृत छात्र ही चॉइस फिलिंग की सुविधा का इस्तेमाल कर सकते हैं। लॉक करने से पहले प्रेफरेंस ऑर्डर को ध्यान से देखना जरूरी है, क्योंकि सबमिट की गई चॉइस राउंड 1 सीट अलॉटमेंट में अहम भूमिका निभाएंगी।

MBBS Seats: दिल्ली के मेडिकल कॉलेजों में बढ़ेंगी 408 नई मेडिकल सीटें, जानें किस कोर्स में बढ़ने जा रही हैं कितनी सीटें

Behari Lal Engineering IPO का अलॉटमेंट आज 17 अगस्त को, ऐसे करें चेक; लिस्टिंग अच्छी बढ़त में होने के संकेत

इंजीनियरिंग कास्टिंग्स और मिश्रधातु इस्पात उत्पाद (अलॉय स्टील प्रोडक्ट्स) बनाने वाली बिहारी लाल इंजीनियरिंग लिमिटेड का IPO 118.07 गुना सब्सक्रिप्शन के साथ बंद हो चुका है। यह इश्यू 301.62 करोड़ रुपये का था। क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स के लिए रिजर्व हिस्सा 222.04 गुना, नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व हिस्सा 167.95 गुना और रिटेल इनवेस्टर्स के लिए रिजर्व हिस्सा 54.12 गुना भरा। अब आज, 17 अगस्त को अलॉटमेंट फाइनल होने की उम्मीद है। उसके बाद कंपनी की लिस्टिंग 19 अगस्त को NSE और BSE पर होगी।

Behari Lal Engineering आयरन और स्टील सेक्टर की कंपनी है। यह कस्टमाइज्ड इंजीनियरिंग सॉल्यूशंस में माहिर है। कंपनी खास औद्योगिक कामों के लिए प्रिसीशन इंजीनियरिंग कंपोनेंट बनाती है, जिनमें मेटल रोल, इंजीनियरिंग कास्टिंग, अलॉय स्टील प्रोडक्ट, फोर्जिंग इंगॉट और शाफ्ट शामिल हैं।

जिन लोगों ने बिहारी लाल इंजीनियरिंग के IPO में पैसे लगाए हैं, वे इसकी रजिस्ट्रार MUFG Intime India Pvt.Ltd. और स्टॉक एक्सचेंज BSE की वेबसाइट के जरिए अलॉटमेंट स्टेटस चेक कर सकते हैं। इसकी प्रोसेस इस तरह है…

BSE पर कैसे करें चेक

  • https://www.bseindia.com/investors/appli_check.aspx पर जाएं।
  • इश्यू का टाइप ‘इक्विटी’ चुनें।
  • ड्रॉपडाउन मेन्यू से Behari Lal Engineering IPO चुनें।
  • एप्लीकेशन नंबर या PAN डिटेल एंटर करें।
  • ‘कैप्चा’ डालें।
  • ‘Submit’ बटन पर क्लिक करें।

MUFG Intime की वेबसाइट से कैसे करें चेक

  • https://in.mpms.mufg.com/Initial_Offer/public-issues.html पर जाएं।
  • कंपनी नेम में Behari Lal Engineering को सिलेक्ट करें।
  • PAN या एप्लीकेशन नंबर या DP/क्लाइंट ID या अकाउंट नंबर/IFSC में से एक को सिलेक्ट कर डिटेल डालें।
  • Submit पर क्लिक करें।

IPO 12 अगस्त को खुला और 14 को बंद हुआ। प्राइस बैंड 271-285 रुपये प्रति शेयर था। इश्यू में 93 करोड़ रुपये तक के 33 लाख नए शेयर जारी हुए। साथ ही 208.62 करोड़ रुपये के 73 लाख शेयर मौजूदा शेयरधारकों की ओर से ऑफर फॉर सेल में बिक्री के लिए रखे गए।

IPO से पहले कंपनी ने एंकर इनवेस्टर्स से 90.49 करोड़ रुपये जुटाए। बिहारी लाल इंजीनियरिंग की लिस्टिंग अच्छी रहने के संकेत हैं। ग्रे मार्केट में शेयर 29.47 प्रतिशत प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है। ग्रे मार्केट एक अनऑथराइज्ड मार्केट है, जहां​ किसी कंपनी के शेयर उसकी लिस्टिंग तक ट्रेड करते हैं।

Shiprocket IPO: 102 गुना के शानदार सब्सक्रिप्शन के बाद अलॉटमेंट आज, शेयर मिले या नहीं ऐसे करें चेक

कैसे इस्तेमाल होंगे IPO के पैसे

इस IPO में नए शेयरों को जारी कर हासिल हुए पैसों का इस्तेमाल नए इक्विपमेंट या मशीनरी की खरीद और मैन्युफैक्चरिंग प्लांट्स में इनके इंस्टॉलेशन के लिए, इस इंस्टॉलेशन के लिए सिविल वर्क को लेकर, नए रूफ टॉप सोलर पैनल्स की खरीद और मैन्युफैक्चरिंग प्लांट्स में इनके इंस्टॉलेशन के लिए, कर्ज को चुकाने के लिए और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए किया जाएगा।

Behari Lal Engineering की वित्तीय सेहत

कंपनी का वित्त वर्ष 2025-26 में रेवेन्यू 6 प्रतिशत बढ़कर 546.52 करोड़ रुपये हो गया। एक साल पहले रेवेन्यू 516.30 करोड़ रुपये था। शुद्ध मुनाफा 22 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ 64.64 करोड़ रुपये रहा, जो वित्त वर्ष 2025 में 52.95 करोड़ रुपये था। वित्त वर्ष 2026 में बिहारी लाल इंजीनियरिंग पर 17.78 करोड़ रुपये की उधारी थी।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Shiprocket IPO Allotment Date: करीब 100 गुना सब्सक्राइब हुआ, जानिए लेटेस्ट GMP और अलॉटमेंट चेक करने का पूरा प्रोसेस

Shiprocket IPO: ई-कॉमर्स एनएबलमेंट प्लेटफॉर्म Shiprocket के IPO को करीब 100 गुना का जोरदार सब्सक्रिप्शन मिला। यह आईपीओ 12 से 14 अगस्त तक खुला था। शिपरॉकेट ने अपने 92-97 रुपये का प्राइस बैंड फिक्स किया था। Shiprocket IPO का अलॉटमेंट 17 अगस्त को फाइनल होने की संभावना है। इसके बाद कंपनी के शेयर 19 अगस्त को NSE और BSE पर लिस्ट हो सकते हैं।

IPO का आकार कितना है?

Shiprocket का IPO ₹1,617.48 करोड़ का है। इसमें ₹885.50 करोड़ के नए शेयर जारी किए गए। वहीं ₹731.98 करोड़ के शेयर ऑफर फॉर सेल (OFS) के जरिए बेचे गए।

OFS में Tribe Capital, Moore Strategic Ventures, Lightrock, गौतम कपूर, साहिल गोयल, विशेष खुराना और Agility International Investment जैसे मौजूदा निवेशकों ने हिस्सेदारी बेची।

शिपरॉकेट पैसे का इस्तेमाल कहां करेगी?

कंपनी IPO से जुटाई गई रकम का इस्तेमाल मार्केटिंग बढ़ाने, टेक्नोलॉजी इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत करने, कुछ कर्ज चुकाने और संभावित अधिग्रहण जैसे कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए करेगी।

Temasek और Zomato के निवेश वाली Shiprocket अब सिर्फ शिपिंग कंपनी नहीं रह गई है। यह D2C ब्रांड्स और MSMEs को घरेलू शिपिंग, क्रॉस-बॉर्डर शिपिंग, फुलफिलमेंट, विज्ञापन, कैपिटल सॉल्यूशंस और हाइपरलोकल डिलीवरी जैसी सेवाएं देती है।

ग्रे मार्केट में कैसा है माहौल?

Investorgain के मुताबिक, रविवार को Shiprocket का GMP ₹32 रहा। यह इश्यू प्राइस के मुकाबले करीब 33% प्रीमियम दिखाता है। हालांकि, 13 अगस्त को यह ₹36.50 था, यानी इसमें हल्की नरमी आई है। लिस्टिंग तक GMP में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है।

NSE अलॉटमेंट स्टेटस कैसे चेक करें?

  • NSE की IPO Bid Details वेबसाइट खोलें।
  • Equity & SME IPO बिड डिटेल्स चुनें।
  • Symbol में SHIPROCKET चुनें।
  • PAN या एप्लिकेश नंबर दर्ज करें।
  • सबमिट पर क्लिक करें।

KFin Technologies पर अलॉटमेंट स्टेटस कैसे चेक करें?

  • KFin Technologies का IPO स्टेटस पोर्टल खोलें।
  • Shiprocket Ltd चुनें।
  • डीमैट नंबर, एप्लिकेशन नंबर या PAN में से कोई एक दर्ज करें।
  • सबमिट पर क्लिक करें।

Amber Enterprises: ओप्पो, वनप्लस और रियलमी के फोन बनाएगी कंपनी, अगले साल से प्रोडक्शन शुरू होगा