
Gujarat emergency response system: गुजरात सरकार द्वारा राज्य की सुरक्षा व्यवस्था को अधिक सुदृढ़ और त्वरित बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। राज्य पुलिस के बेड़े में 500 नए अत्याधुनिक ‘जनरक्षक’ वाहनों को शामिल किया जा रहा है। गृह राज्य मंत्री हर्ष संघवी इन नए वाहनों का लोकार्पण कर पुलिस विभाग को यह सौगात देंगे। इन नए वाहनों के जुड़ने से राज्य में आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली (इमरजेंसी रिस्पांस सिस्टम) और अधिक सक्षम बनेगी।
24 घंटे आपातकालीन सेवा के लिए 1000 वाहन रहेंगे तैनात
500 नए जनरक्षक वाहनों के जुड़ने से अब पूरे गुजरात में 24 घंटे लगातार 1000 वाहन आपातकालीन सेवाओं, गश्त (पेट्रोलिंग) और त्वरित सहायता के लिए उपलब्ध रहेंगे। किसी भी अप्रिय घटना या आपात स्थिति के समय घटनास्थल पर जल्द से जल्द पहुंचकर नागरिकों को त्वरित सुरक्षा और सहायता प्रदान करने में ये वाहन महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
૧૧૨ 'જનરક્ષક' : ટેક્નોલોજીથી સજ્જ, નાગરિક સુરક્ષા માટે પ્રતિબદ્ધ ગુજરાતની આધુનિક ઇમરજન્સી સેવા..
આવતીકાલે 500 નવા જનરક્ષક વાહનોનું લોકાર્પણ કરવામાં આવશે.
◾ માત્ર 11 માસમાં 49.24 લાખથી વધુ ઇમરજન્સી કોલ્સનો સફળ પ્રતિસાદ
◾ 3.93 લાખથી વધુ કેસોમાં ઘટના સ્થળે જ તાત્કાલિક કાર્યવાહી… pic.twitter.com/SsZiZK8u5G
— Harsh Sanghavi (@sanghaviharsh) August 24, 2026
एक ही प्लेटफॉर्म ‘डायल 112’ पर सभी प्रमुख हेल्पलाइन का समन्वय
राज्य में ‘डायल 112’ प्रोजेक्ट के तहत सभी प्रकार की आपातकालीन सेवाओं को एक ही प्लेटफॉर्म पर एकीकृत किया गया है। इसमें पुलिस (100), एम्बुलेंस (108), फायर (101), महिला हेल्पलाइन (181), चाइल्ड हेल्पलाइन (1098), डिजास्टर हेल्पलाइन (1070) और ट्रैफिक हेल्पलाइन शामिल हैं। इसके अलावा, डिजिटल सुविधा को बढ़ाते हुए ओला, उबर, रैपिडो और भारत टैक्सी ऐप्स में भी '112 पैनिक बटन' शामिल किया गया है।
11 लाख से अधिक लोगों को त्वरित सेवा प्रदान करने की बड़ी उपलब्धि
गुजरात में अब तक डायल 112 और जनरक्षक वाहनों के माध्यम से 11.04 लाख से अधिक आपातकालीन सेवाएं सफलतापूर्वक प्रदान की जा चुकी हैं। वाहनों की संख्या बढ़ने से अब शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में पुलिस का रिस्पॉन्स टाइम घटेगा और नागरिकों को पहले की तुलना में अधिक तेज़, कुशल और सुरक्षित सेवाएं मिलेंगी।







