अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने भारत की चुनाव व्यवस्था का हवाला देते हुए ‘सेव अमेरिका एक्ट’ को पास कराने की अपील की है। उन्होंने कहा कि भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार ने अमेरिकी प्रशासन से पूछा था कि वैध फोटो पहचान पत्र के बिना अमेरिका में चुनाव कैसे कराए जा सकते हैं। ट्रम्प ने कहा कि हर अमेरिकी मतदाता के लिए फोटो आईडी जरूरी होनी चाहिए, ताकि चुनावी धोखाधड़ी पर रोक लगाई जा सके। उन्होंने ये बातें ट्रुथ सोशल पर पोस्ट करते हुए कहीं। पंजीकरण के लिए नागरिकता का प्रमाण दिखाना जरूरी सेव अमेरिका एक्ट के तहत अमेरिका में वोटर के तौर पर पंजीकरण कराने के लिए नागरिकता का प्रमाण दिखाना जरूरी होगा। इसके अलावा, पूरे देश में मतदाता पहचान पत्र की अनिवार्यता लागू करने का प्रस्ताव है। इस कानून में डाक से वोट देने की प्रक्रिया को काफी सीमित करने की बात भी कही गई है। ट्रंप लगातार सेफगार्ड अमेरिकन वोटर एलिजिबिलिटी (SAVE) यानी सेव अमेरिका एक्ट को पास कराने पर जोर दे रहे हैं और उनका दावा है कि इससे चुनावी धोखाधड़ी पर रोक लगेगी। सीनेट में आगे नहीं बढ़ी प्रक्रिया इस मुद्दे पर डेमोक्रेट और रिपब्लिकन, दोनों पार्टी में मतभेद हैं। इसी वजह से अमेरिकी सीनेट इस महीने की शुरुआत में कानून पास करने की दिशा में कोई ठोस कदम उठाए बिना पांच हफ्ते के अवकाश पर चली गई। ————- ये खबर पढ़ें… ट्रम्प बोले- लेविट को मुझसे ज्यादा अपने बच्चे पसंद:व्हाइट हाउस में उनकी जगह लेना मुश्किल; लेविट का प्रेस सेक्रेटरी के पद से इस्तीफा अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने अपनी प्रेस सेक्रेटरी कैरोलिन लेविट के पद छोड़ने पर मजाक किया। पूरी खबर पढ़ें…
Hemant Soren: झारखंड में पिछले 24 दिनों से जारी छात्रों के प्रोटेस्ट के बीच राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि कैबिनेट ने JSSC-CGL परीक्षा को रद्द करने का फैसला किया है। हेमंत सोरेन ने कहा कि झारखंड सरकार केंद्र के नए परीक्षा कानून को राज्य में लागू करने पर भी विचार कर रही है। इस कानून में संगठित नकल और परीक्षा में धोखाधड़ी करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का प्रावधान है। भर्ती परीक्षा में कथित गड़बड़ी के आरोपों को लेकर नौकरी की तैयारी कर रहे उम्मीदवार लगातार विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
परीक्षा में धोखाधड़ी पर सख्त कार्रवाई
हेमंत सोरेन ने कहा कि, झारखंड में केंद्र के नए परीक्षा कानून को लागू करने पर विचार किया जा रहा है, जिसमें नकल और परीक्षा में धोखाधड़ी पर सख्त कार्रवाई का प्रावधान है। इसके तहत दोषी पाए जाने पर 10 साल तक की जेल और 10 करोड़ रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। सरकार का यह कदम भर्ती परीक्षाओं में होने वाली गड़बड़ियों पर रोक लगाने के लिए अहम माना जा रहा है।
सीएम ने क्या कहा
सीएम हेमंत सोरेन ने कहा, “आज, कैबिनेट ने JSSC-CGL परीक्षाएं भी रद्द करने का फैसला किया। इसके अलावा, 2014 से हुई सभी छोटी या बड़ी गलतियों की पूरी जांच की जाएगी। हम जल्द ही केंद्र सरकार द्वारा MMDR एक्ट में किए गए बदलावों पर चर्चा करने के लिए भी बैठक करेंगे, अगर जरूरत पड़ी, तो हम इस खास मुद्दे पर चर्चा करने के लिए एक स्पेशल सेशन भी बुला सकते हैं।”
WATCH | Ranchi: Jharkhand CM Hemant Soren says, “Today, the Cabinet decided to cancel the JSSC-CGL examinations as well. Furthermore, a comprehensive inquiry will be conducted into all errors—minor or major—that have occurred since 2014. We will also soon convene to discuss the… pic.twitter.com/9jnEdbUaHx
— ANI (@ANI) August 17, 2026
उन्होंने कहा, “इस मामले के सभी पहलुओं पर ध्यान देते हुए, हमने TDPL से जुड़ी हर चीज को कैंसिल करने का फैसला किया है—जिसमें आयोजित परीक्षाएं, जारी हुए नतीजे, चुने गए या भाग लेने वाले उम्मीदवार और TDPL द्वारा की जाने वाली दूसरी सभी गतिविधियां शामिल हैं।”
24 दिन से विरोध प्रदर्शन कर रहे छात्र
झारखंड में भर्ती परीक्षाओं को लेकर नौकरी की तैयारी कर रहे उम्मीदवार पिछले 24 दिनों से विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी परीक्षा में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। उनकी मुख्य मांग सितंबर 2024 में हुई JSSC-CGL परीक्षा को रद्द करने की है। उम्मीदवारों का आरोप है कि परीक्षा का प्रश्नपत्र पहले ही लीक हो गया था और 135 में से 120 सवाल लीक होने का दावा किया गया है। प्रदर्शन कर रहे उम्मीदवार झारखंड पब्लिक सर्विस कमीशन (JPSC) और झारखंड स्टाफ सिलेक्शन कमीशन (JSSC) की व्यवस्था में बड़े बदलाव की मांग कर रहे हैं। इसके साथ ही वे भर्ती परीक्षाओं में हुई कथित गड़बड़ियों की CBI से जांच कराने की भी मांग कर रहे हैं।
सोशल मीडिया पर एक महिला का पोस्ट तेजी से वायरल हो रहा है। पोस्ट में महिला ने बताया की एक गलती की वजह से उसके पति ने 10 साल पुरानी शादी तोड़ दिया। इस मामले के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर इसे लेकर चर्चा शुरू हो गई। लोग इस बात पर बहस कर रहे हैं कि क्या एक बार किया गया धोखा इतने सालों के रिश्ते, प्यार और साथ को खत्म करने के लिए काफी है, या फिर टूटे भरोसे के बाद रिश्ते को बचाना मुश्किल हो जाता है। जानें क्या है पूरा मामला
महिला ने पति को दिया धोखा
X यूजर SamSiff ने एक महिला से जुड़ी पोस्ट शेयर की। पोस्ट में दावा किया गया कि, महिला ने अपने पति को धोखा दिया, जिसके बाद पति ने उसे तलाक दे दिया। बताया गया कि तलाक से पहले दोनों की शादी को 10 साल हो चुके थे। कहानी शेयर करते हुए यूजर ने लिखा, “उसने सिर्फ एक बार धोखा दिया, लेकिन पति ने 10 साल पुरानी शादी खत्म करने का फैसला कर लिया। अब लोग इस बात पर चर्चा कर रहे हैं कि क्या सिर्फ एक गलती की वजह से किसी रिश्ते के 10 साल को खत्म कर देना सही है?”
नहीं दिया सफाई का मौका
पोस्ट के साथ एक तस्वीर भी शेयर की गई थी, जिसमें महिला ने पूरे मामले को लेकर अपनी बात रखी थी। महिला ने दावा किया कि 10 साल की शादी में उसने सिर्फ एक बार पति को धोखा दिया, लेकिन पति ने उसे सफाई या रिश्ता सुधारने का मौका दिए बिना तलाक ले लिया। महिला ने अपनी बात रखते हुए लिखा, “मैंने शादी के 10 साल में सिर्फ एक बार अपने पति को धोखा दिया। यह मेरी एक गलती थी, लेकिन इसके बाद वह मुझसे पूरी तरह दूर हो गया, जैसे मैं उसके लिए सबसे बुरी इंसान हूं। उसने न तो मुझसे बात करने की कोशिश की, न रिश्ते को बचाने का कोई मौका दिया और न ही मेरी बात सुनी। इसके बजाय उसने तलाक के कागज मेरे सामने रख दिए।”
JUST ONCE
She cheated once.
He ended a 10-year marriage.
And now the story is being framed around how could he throw away ten years over one mistake pic.twitter.com/FEwtd3dPhr
— The Forgotten ‘Man’ (@SamSiff) August 16, 2026
2 साल से मांद रही मांफी
महिला ने आगे बताया, “यह घटना दो साल पहले हुई थी। तब से मैं लगातार माफी मांगती रही, रोती रही और रिश्ता बचाने की कोशिश करती रही, लेकिन उसने मेरी कोई बात नहीं सुनी। हमने साथ मिलकर 10 साल की जिंदगी बिताई और कई यादें बनाई थीं। मुझे समझ नहीं आता कि कोई इंसान इतने सालों के रिश्ते और साथ को इतनी आसानी से कैसे भुला सकता है।” महिला का पोस्ट सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। सोशल मीडिया पर कई लोगों ने कहा कि, रिश्ते की लंबी अवधि से ज्यादा जरूरी भरोसा होता है और एक बार विश्वास टूट जाने के बाद शादी को पहले जैसा बनाए रखना आसान नहीं होता।
लोगों ने किया कमेंट
एक यूजर ने महिला की आलोचना करते हुए लिखा, “बड़ी मेट्रो की लड़कियां और महिलाएं आखिर क्या उम्मीद कर रही हैं? एक बार धोखा देना हो या 20 बार, इससे क्या फर्क पड़ता है? अगर स्थिति उलट होती और पति ऐसा करता, तो शायद वह भी अपनी पत्नी की जिंदगी बर्बाद कर देता। उसे इस बात की गंभीरता समझनी चाहिए।”
एक और कमेंट करने वाले ने महिला पर कहानी को मैनिपुलेट करने की कोशिश करने का आरोप लगाते हुए कहा, “एलीट लेवल की गैसलाइटिंग। जो कोई भी उसके पक्ष में बात करता है या उसका सपोर्ट करता है, वह सबसे बुरे लोग हैं।” एक यूजर ने लिखा, “कितनी ऊपरी सोच है.. यह सिर्फ एक गलती नहीं है बल्कि भरोसा टूटना है.. धोखा तो धोखा है… बस। माफ नहीं किया जा सकता।”
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