यूपी में 10 हजार युवाओं की होगी भर्ती, प्रोजेक्ट गंगा से गांव में होगी 20 हजार से एक लाख तक की इनकम, जानिए पूरी स्कीम

Project Ganga Scheme Explained: उत्तर प्रदेश के ग्रामीण इलाकों की तस्वीर बदलने और गांवों को डिजिटल रूप से सशक्त बनाने के लिए योगी आदित्यनाथ की सरकार ने एक बड़ी पहल की है। राज्य सरकार एक महत्वाकांक्षी योजना प्रोजेक्ट गंगा लेकर आ रही है। सरकार का दावा है कि प्रोजेक्ट गंगा उत्तर प्रदेश के ग्रामीण डिजिटल भविष्य की आधारशिला बनने जा रही है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य प्रदेश की 57000 ग्राम पंचायतों, गांवों और दूरस्थ क्षेत्रों तक हाई-स्पीड फाइबर ब्रॉडबैंड इंटरनेट पहुंचाकर डिजिटल असमानता को पूरी तरह खत्म करना है।

इस परियोजना के जरिए गांवों को शहरों जैसी आधुनिक डिजिटल सुविधाओं से जोड़ा जाएगा। इससे शिक्षा, स्वास्थ्य, ई-गवर्नेस, स्मार्ट कृषि, डिजिटल भुगतान और रोजगार के नए अवसरों का द्वार खुलेगा। अब ग्रामीणों को सरकारी सेवाओं, बैंकिंग और विभिन्न प्रमाणपत्रों के लिए शहरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। इस योजना के तहत 8 से 10 हजार युवाओं की भर्ती की जाएगी। इनकी मासिक आमदनी 1 लाख रुपये तक हो सकती है।

प्रोजेक्ट गंगा की प्रमुख विशेषताएं और बड़े माइलस्टोन

प्रोजेक्ट गंगा के सभी प्रमुख माइलस्टोन पूरे कर लिए गए हैं और सरकार व पार्टनर्स ने इसकी तैयारियों को तेज कर दिया है। इस योजना की मुख्य बातें यहां नीचे दी गई हैं-

10 हजार युवाओं को रोजगार: डिजिटल सर्विस प्रोवाइडर के रूप में 8000 से 10000 युवाओं की भर्ती की जाएगी। युवाओं को अपने ही गांव में डिजिटल सेवा केंद्र स्थापित करने का सुनहरा अवसर मिलेगा।

₹20 हजार से ₹1 लाख तक की इनकम: शुरुआत में डिजिटल सर्विस प्रोवाइडर के रूप में काम करने वाले युवाओं की मासिक आय करीब 20000 रुपये होगी। जैसे-जैसे ग्राहकों की संख्या बढ़ेगी यह आमदनी बढ़कर 1 लाख रुपये प्रतिमाह तक पहुंच सकती है।

महिलाओं की 50% भागीदारी: महिला सशक्तीकरण को बढ़ावा देने के लिए गंगा प्रोजेक्ट के अंतर्गत बनने वाले डिजिटल सर्विस प्रोवाइडर में 50 प्रतिशत हिस्सेदारी महिलाओं की सुनिश्चित की गई है। इससे ग्रामीण महिलाएं आत्मनिर्भर बन सकेंगी।

ब्याज मुक्त लोन: अपने गांव या घर में इंटरनेट उद्यम शुरू करने के लिए सरकार मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना के तहत युवाओं को 5 लाख रुपये तक का ब्याज-मुक्त लोन उपलब्ध करा रही है।

पहले चरण में 21 जिले शामिल, नेपाल सीमा को प्राथमिकता

यह परियोजना चरणबद्ध तरीके से पूरे उत्तर प्रदेश में लागू की जाएगी। योजना के पहले चरण में राज्य के 21 जिलों को शामिल किया गया है। इसमें नेपाल सीमा से सटे श्रावस्ती, बहराइच और बलरामपुर जैसे सीमावर्ती जिलों को प्राथमिकता दी जाएगी। अगले 2 से 3 वर्षों में इस परियोजना का विस्तार पूरे उत्तर प्रदेश में कर दिया जाएगा। इस योजना से प्रदेश की सभी 57 हजार ग्राम पंचायतों और करीब 20 लाख परिवारों को सीधे तौर पर डिजिटल अर्थव्यवस्था से जोड़ा जाएगा। इसके माध्यम से पूरे प्रदेश में 1 लाख से अधिक रोजगार सृजन की दिशा में कदम बढ़ाया जा रहा है।

गांवों में रुकगा पलायन, मिलेंगे फ्रीलांसिंग और रिमोट वर्क के अवसर

हाई-स्पीड इंटरनेट और फ्री वाई-फाई की उपलब्धता से ग्रामीण यूपी में डिजिटल क्रांति आएगी। इससे युवाओं को बड़े फायदे मिलेंगे। गांवों में ही ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी होने से युवाओं को फ्रीलांसिंग, रिमोट वर्क, ऑनलाइन वोकेशनल ट्रेनिंग और डिजिटल लाइब्रेरी जैसी सुविधाएं मिलेंगी। हाई-स्पीड इंटरनेट की मदद से अब गांवों के युवाओं को कोडिंग सीखने, फ्रीलांसिंग करने या अपना खुद का टेक-स्टार्टअप शुरू करने के लिए दिल्ली या नोएडा जैसे बड़े शहरों में पलायन नहीं करना पड़ेगा। ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को आसानी से जोड़ने के लिए सरकार बेहद किफायती दरों पर इंटरनेट सेवा उपलब्ध कराएगी।

साइबर सिक्योरिटी और स्मार्ट कनेक्टिविटी पर विशेष फोकस

इस प्रोजेक्ट का टारगेट सिर्फ इंटरनेट पहुंचाना ही नहीं है बल्कि गांवों को भविष्य की डिजिटल तकनीकों के लिए तैयार करना है। योजना के तहत सीसीटीवी आधारित सुरक्षा समाधान, साइबर सिक्योरिटी सेवाएं और विभिन्न संस्थानों की डिजिटल कनेक्टिविटी को बेहद मजबूत किया जाएगा। साइबर सुरक्षा, सीसीटीवी और स्मार्ट कनेक्टिविटी पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है ताकि ग्रामीण डेटा और परिसर पूरी तरह सुरक्षित रहें।

हिंदुजा समूह की कंपनी है नॉलेज पार्टनर

इस विशाल और महत्वाकांक्षी डिजिटल परियोजना को धरातल पर उतारने के लिए सरकार ने मजबूत साझेदारी की है। दिग्गज हिंदुजा समूह की ब्रॉडबैंड इकाई वनओटीटी इंटरटेनमेंट लिमिटेड इस पूरे प्रोजेक्ट में नॉलेज पार्टनर और इम्प्लीमेंटेशन एनैबलर के रूप में शामिल है।

यह भी पढ़ें: Farm Loan Waiver: महाराष्ट्र में बदले किसानों की कर्जमाफी के नियम, 2 लाख की लिमिट खत्म, जानें अब किसे मिलेगा फायदा

Gold Silver Rates Today: दिल्ली में सोना चढ़ा, चांदी एक दिन में 5000 रुपये उछली

Gold Silver Rates Today:  सोने और चांदी की कीमतें में 10 जुलाई को दिल्ली में तेजी रही। दिल्ली सर्राफा बाजार में सोना 400 रुपये तक चढ़कर 1,48,500 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। चांदी में 5000 रुपये की तेजी आई। डॉलर में कमजोरी से बुलियन में ट्रेडर्स ने अच्छी खरीदारी की। इससे पहले डॉलर में मजबूती ने सोने और चांदी पर दबाव बनाया था।

चांदी में तीन दिन की गिरावट पर ब्रेक

चांदी में बीते तीन दिनों से जारी गिरावट पर आज ब्रेक लग गया। यह 5000 रुपये के उछाल के साथ 2,37,000 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई। 9 जुलाई को चांदी 2,32,000 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई थी, जबकि सोना 1,48,100 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था।

डॉलर इंडक्स में कमजोरी का असर

ट्रेडर्स ने बताया कि डॉलर इंडेक्स में कमजोरी से सोने और चांदी की कीमतों में रिकवरी आई। डॉलर इंडेक्स लगातार तीसरे दिन कमजोर हुआ। इससे कीमती मेटल्स की चमक बढ़ी। इस हफ्ते की शुरुआत में सोना एक हफ्ते के निचले स्तर पर पहुंच गया था। इससे ट्रेडर्स ने कम कीमतों पर खरीदारी के मौके का फायदा उठाया।

विदेश में सोने और चांदी में गिरावट 

एचडीएफसी सिक्योरिटीज में कमोडिटीज एनालिस्ट सौमिल गांधी ने कहा कि शुक्रवार को गोल्ड में मजबूती दिखी। इसमें गोल्ड इंडेक्स में कमजोरी का हाथ है। हालांकि, इंटरनेशनल मार्केट में सोने में गिरावट दिखी। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इस हफ्ते सोने में कमजोरी आई। पिछले हफ्ते सोने की कीमतों में मजबूती आई थी।

इस हफ्ते विदेश में सोने की कीमतों में नरमी

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना 0.43 फीसदी गिरकर 4,106.25 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। सिल्वर भी 1 फीसदी गिरकर 59.94 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। मिरै एसेट शेयरखान में कमोडिटीज के हेड प्रवीण सिंह ने कहा कि स्पॉट गोल्ड में मजबूती की वजह अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम करने की चल रही कोशिश है।

मार्केट की नजरें इनफ्लेशन डेटा पर

इस बीच मार्केट की नजरें अगले हफ्ते अमेरिका में जारी होने वाले सीपीआई इनफ्लेशन के डेटा पर हैं। अगर इनफ्लेशन हाई बना रहता है तो फेडरल रिजर्व के इंटरेस्ट रेट बढ़ाने की संभावना बढ़ जाएगी। ऐसे होने पर सोने की कीमतों पर दबाव बन सकता है। अमेरिका और ईरान में फिर से टेंशन बढ़ने से क्रूड में उछाल आया है। इससे महंगाई बढ़ने का खतरा बढ़ गया है।

स्पेन के जंगल में आग, 12 की मौत, VIDEO:4 लोग कार में जिंदा जले, 19 अब भी लापता; इलेक्ट्रिक वायर से आग की आशंका

स्पेन के दक्षिणी हिस्से में एंडालूसिया में शुक्रवार को लगी भीषण जंगल की आग में 12 लोगों की मौत हो गई है। वहीं, 19 लोग अब भी लापता हैं। अधिकारियों के मुताबिक यह स्पेन के सबसे बड़ी जंगलों की आग की घटनाओं में से एक है। रॉयटर्स के मुताबिक, एक गाड़ी में चार लोग जिंदा जल गए। उनकी कार का स्टीयरिंग व्हील दाईं ओर था, जिससे वे ब्रिटिश लग रहे थे। वहीं, अपनी कारें छोड़ भागने की कोशिश कर रहे 7 लोग भी मृत पाए गए। अधिकारियों ने बताया कि वे निर्धारित निकासी मार्ग की बजाय दूसरे रास्ते से निकलने की कोशिश कर रहे थे और वहीं उनकी मौत हो गई। एंडालूसिया की इमरजेंसी सर्विस ने शुरुआती कॉल के आधार पर बताया कि बिजली की गिरी हुई वायर से आग लगी, जो तेजी से जंगल में फैल गई। दूसरी तरफ बिजली कंपनी एंडेसा के प्रवक्ता ने इस दावे से इनकार करते हुए कहा कि जांच में जिस केबल की बात हो रही है, उसमें बिजली का प्रवाह ही नहीं था। इसलिए आग की असली वजह की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। भीषण आग की 4 तस्वीरें यूरोप में हीटवेव से जंगल की आग का खतरा बढ़ा इस साल यूरोप में लगातार पड़ रही भीषण गर्मी और हीटवेव ने जंगल की आग का खतरा काफी बढ़ा दिया है। फ्रांस की सिविल प्रोटेक्शन एजेंसी के प्रमुख जूलियन मेरियन ने कहा कि 2026 का वाइल्डफायर सीजन असामान्य रूप से तेज शुरुआत के साथ आया है। उनके मुताबिक सर्दियों और वसंत में हुई अच्छी बारिश से उगी घनी वेजिटेशन अब लगातार पड़ रही गर्मी में सूख चुकी है और आग के लिए ईंधन का काम कर रही है। फ्रांस में इस साल अब तक 8,000 से ज्यादा आग की घटनाओं में लगभग 100 वर्ग मील क्षेत्र जल चुका है, जो पिछले साल की तुलना में लगभग दोगुना है। फ्रांस-स्पेन सीमा पर पाइरेनीज क्षेत्र में लगी आग के कारण 10 हजार से ज्यादा लोगों को अपने घर छोड़ने पड़े हैं। वहीं स्पेन के मलागा क्षेत्र के बेनहावीस कस्बे में भी जंगल की आग के कारण करीब एक हजार लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा गया। खबर लगातर अपडेट हो रही है…

MRF देने वाली है ₹229 का बंपर डिविडेंड, शेयर नए सप्ताह में इस तारीख पर करेगा एक्स-डिविडेंड ट्रेड

टायर कंपनी MRF Ltd वित्त वर्ष 2026 के लिए 229 रुपये प्रति शेयर का फाइनल डिविडेंड देने वाली है। इसके लिए रिकॉर्ड डेट 17 जुलाई 2026 है। इस तारीख से एक दिन पहले मार्केट क्लोजिंग तक जिन लोगों के नाम शेयरों के लाभार्थी मालिकों के तौर पर रजिस्टर ऑफ मेंबर्स ऑफ द कंपनी या डिपॉजिटरीज के रिकॉर्ड्स में दर्ज होंगे, वे डिविडेंड के हकदार होंगे। शेयर की फेस वैल्यू 10 रुपये है।

इस डिविडेंड का ऐलान मई महीने में हुआ था। इस पर 6 अगस्त को कंपनी की सालाना आम बैठक में शेयरहोल्डर्स की मंजूरी ली जाएगी। मंजूरी मिलने पर पेमेंट 17 अगस्त को या उसके बाद किया जाएगा। इससे पहले MRF वित्त वर्ष 2026 के लिए दो बार में 3-3 रुपये का अंतरिम डिविडेंड दे चुकी है। वित्त वर्ष 2025 के लिए भी कंपनी ने दो बार 3-3 रुपये का अंतरिम और 229 रुपये का फाइनल डिविडेंड दिया था।

MRF के शेयर का क्या है भाव

MRF के शेयर की कीमत 10 जुलाई को BSE पर 134082.80 रुपये पर बंद हुई। कंपनी का मार्केट कैप 56800 करोड़ रुपये से ज्यादा है। शेयर BSE 200 इंडेक्स का हिस्सा है। कंपनी में मार्च 2026 के आखिर तक प्रमोटर्स के पास 27.77 प्रतिशत हिस्सेदारी थी। शेयर की कीमत एक महीने में 9 प्रतिशत चढ़ी है। बीएसई पर 52 सप्ताह का एडजस्टेड हाई 1,63,500 रुपये और एडजस्टेड लो 1,22,000 रुपये है। MRF के शेयर के लिए अपर सर्किट 1,60,703.85 रुपये पर और लोअर सर्किट 1,07,135.95 रुपये पर है। सर्किट लिमिट 20 प्रतिशत है।

Stock Split: 5 साल में 1200% रिटर्न, अब 5 छोटे टुकड़ों में टूटेगा शेयर; 20 जुलाई है रिकॉर्ड डेट

कंपनी की वित्तीय सेहत

जनवरी-मार्च 2026 तिमाही में MRF का स्टैंडअलोन बेसिस पर शुद्ध मुनाफा 680.44 करोड़ रुपये रहा। इस बीच रेवेन्यू 7,908.43 करोड़ रुपये दर्ज किया गया। पूरे वित्त वर्ष 2026 के दौरान कंपनी का स्टैंडअलोन बेसिस पर शुद्ध मुनाफा 2,355.40 करोड़ रुपये और रेवेन्यू 30,652 करोड़ रुपये दर्ज किया गया।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

ढाका में दिखा भारत का गलत नक्शा, तो भारतीय ऑफिसर पूजा कुमारी झा ने भरी बैठक में लगा दी क्लास

India Protest Wrong Map Dhaka Seminar: बांग्लादेश की राजधानी ढाका में एक अंतरराष्ट्रीय सेमिनार आयोजित हुआ। इस सेमीनार में एक ऐसा वाकया हुआ जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। दरअसल भारत के नक्शे के साथ छेड़छाड़ का एक गंभीर मामला सामने आया है। सेमिनार में जम्मू-कश्मीर (J&K) को पाकिस्तान का हिस्सा दिखाए जाने पर वहां मौजूद भारतीय उच्चायोग की सचिव पूजा कुमारी झा ने तुरंत कड़े शब्दों में इस पर अपना विरोध दर्ज कराया।

भारतीय राजनयिक ने मंच से कहा कि जम्मू-कश्मीर भारत का अभिन्न और अविभाज्य अंग है, और इस तरह के गलत नक्शों को बिल्कुल भी स्वीकार नहीं किया जा सकता।

क्या है पूरा मामला?

यह विवाद ढाका में ‘बांग्लादेश इंस्टीट्यूट ऑफ इंटरनेशनल एंड स्ट्रेटेजिक स्टडीज’ (BIISS) द्वारा आयोजित एक विदेश मामलों के सेमिनार के दौरान शुरू हुआ। सेमिनार में बांग्लादेश के पूर्व राजदूत तारिक ए. करीम अपना मुख्य भाषण दे रहे थे। भाषण के दौरान स्क्रीन पर एक स्लाइड दिखाई गई, जिसमें भारत के नक्शे में जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को पाकिस्तान के क्षेत्र में दिखाया गया था।

दर्शक दीर्घा में मौजूद भारतीय उच्चायोग की अधिकारी पूजा कुमारी झा ने जैसे ही इस गलत नक्शे को देखा, उन्होंने तुरंत हस्तक्षेप किया। पूजा झा ने कहा, ‘यहां दिखाया गया भारत का नक्शा पूरी तरह गलत है। जम्मू-कश्मीर भारत का एक अभिन्न और अटूट हिस्सा है, और मेरा मानना है कि यहां प्रस्तुत नक्शा सही नहीं है।’

पूर्व राजदूत ने दी सफाई

भारत की कड़ी आपत्ति के बाद, पूर्व राजदूत तारिक ए. करीम ने इस पर सफाई देने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि इस नक्शे का इस्तेमाल केवल ‘प्रस्तुतीकरण के उद्देश्य’ से किया गया था और इसका इरादा वास्तविक अंतरराष्ट्रीय सीमाओं को प्रदर्शित करना या प्रोजेक्ट करना नहीं था।

नेपाल एयरलाइंस भी कर चुकी है ऐसी ही बड़ी गलती

अंतरराष्ट्रीय मंचों या विज्ञापनों में भारत के गलत नक्शे को दिखाए जाने का यह कोई पहला मामला नहीं है। कुछ महीने पहले नेपाल की राष्ट्रीय विमानन कंपनी, नेपाल एयरलाइंस कॉरपोरेशन (NAC) को भी ऐसी ही एक हरकत के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारी विरोध का सामना करना पड़ा था।

नेपाल एयरलाइंस ने अपने सोशल मीडिया हैंडल्स पर एक प्रमोशनल रूट मैप और विज्ञापन शेयर किया था। इस ग्राफिक में एयरलाइंस ने भारत के केंद्र शासित प्रदेशों जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को भारत के बजाय पाकिस्तान के क्षेत्र के रूप में रंग दिया था।

#BoycottNepalAirlines हुआ था ट्रेंड

यह इमेज सोशल मीडिया पर देखते ही देखते वायरल हो गई थी। भारतीय यूजर्स ने इसे नेपाल एयरलाइंस की ‘नक्शा आक्रामकता’ करार दिया था। इसके बाद सोशल मीडिया पर #BoycottNepalAirlines ट्रेंड करने लगा था और भारतीय विदेश मंत्रालय से इस पर कड़ा राजनयिक विरोध दर्ज कराने की मांग की गई थी। बाद में नेपाल एयरलाइंस को इस बड़ी चूक के लिए सार्वजनिक रूप से औपचारिक माफी मांगनी पड़ी थी।

यूपी की नई स्टार्टअप पॉलिसी का एलान, स्टार्टअप मासिक भत्ता 17500 रुपए से बढ़कर 20000 रुपए किया गया

उत्तर प्रदेश सरकार ने नई स्टार्टअप पॉलिसी 2026 और नए स्टार्टअप मिशन को मंजूरी दी है। इसके तहत स्टार्टअप्स के मासिक भत्ते से लेकर सीड फंडिंग तक को बढ़ाया गया है। लखनऊ जिले के छोटे से गांव भुलभुलपुर में 10 हजार रुपए की छोटी सी लागत से अंजलि सिंह ने एकेले ही जूट फॉर लाइफ नाम से स्टार्टअप शुरू किया था,जो अब 5 करोड़ के टर्न-ओवर तक पहुंच चुका है। इस सफर में अंजलि ने अपने साथ 250 महिलाओं को रोजगार का मौका भी दिया है। यूपी में ऐसे ही स्टार्टअप्स के लिए माहौल बनाने के मकसद से यूपी सरकार ने नई स्टार्टअप्स पॉलिसी बनाई है।

उत्तर प्रदेश सरकार की नई नीति के तहत स्टार्टअप्स के लिए शुरुआती मदद भत्ते को 17,500 रुपये से बढ़ाकर 20,000 रुपये प्रति माह कर दिया गया है और ये रकम अब 1 साल की बजाय 2 साल तक मिलेगी। इसी के तरह प्रोटोटाइप अनुदान 5 लाख रुपये से बढ़ाकर 10 लाख रुपये और सीड फंडिंग 7.5 लाख रुपये से बढ़ाकर 15 लाख रुपये कर दी गई है। विशेष परिस्थितियों में इसे 50 लाख रुपए तक बढ़ाया जा सकेगा।

इसके साथ ही स्वतंत्र स्टार्टअप मिशन का भी गठन किया गया है, जिसकी कमान मुख्य सचिव के पास होगी। इसमें प्रति वर्ष 2 लाख रुपये तक का क्लाउड रिम्बर्समेंट और 1,000 करोड़ रुपये का स्टार्टअप फंड भी रखा गया है। AI और Deep-tech जैसे आधुनिक क्षेत्रों पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। जूट फॉर लाइफ जैसे स्टार्टअप को सफलता तक पहुंचाने वाली अंजलि मानती हैं कि यूपी सरकार की नई स्टार्ट अप नीति छोटे उद्यमियों के लिए वरदान साबित हो सकती है।

खास बात यह है कि इस नीति में AI,मशीन लर्निंग,रोबोटिक्स और एयरोस्पेस जैसे डीप-टेक क्षेत्रों के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं। इन क्षेत्रों की बड़ी परियोजनाओं को ₹100 करोड़ तक की पेशेंट कैपिटल मिल सकती है। नई नीति के तहत यूपी स्टार्टअप मिशन को एक स्वायत्त संस्था के रूप में मंजूरी दी गई है, जो अब यूपी इलेक्ट्रॉनिक्स कॉरपोरेशन की जगह स्टार्टअप्स से जुड़े कामकाज को संभालेगी और जिसकी अगुवाई मुख्य सचिव करेंगे।

नई नीति में महिला उद्यमियों,दिव्यांगजन,ट्रांसजेंडर उद्यमियों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए विशेष प्रावधान बरकरार रखे गए हैं। पूर्वांचल और बुंदेलखंड क्षेत्र में स्थापित स्टार्टअप्स को अतिरिक्त प्रोत्साहन मिलता रहेगा, ताकि राज्य के पिछड़े इलाकों में भी उद्यमिता को बढ़ावा मिल सके।

यह स्टार्टअप नीति राज्य को वन ट्रिलियन डॉलर इकॉनमी बनाने के लक्ष्य से सीधे जुड़ी हुई है। 2030 के लिए निर्धारत इस लक्ष्य में योगी सरकार स्टार्टअप्स की अहम भूमिका देख रही है।

 

 

Investment Mantra: जानिए 25% टूटने के बाद क्या अब है सोने में खरीदारी का मौका,अच्छे रिटर्न के लिए ग्लोबल इन्वेस्टिंग कितनी है जरूरी

 

Market Outlook : बाजार में लगातार दूसरे दिन दिखी तेजी, जानिए 13 जुलाई को कैसी रह सकती है सेंसेक्स-निफ्टी की चाल

Delhi Power Cut 11 July: शनिवार को दिल्ली के इन इलाकों में रहेगा पावर कट, जानें समय और प्रभावित इलाके

Delhi Power Cut: शनिवार, 11 जुलाई को देश की राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के कई इलाकों में बिजली सप्लाई प्रभावित रहेगी। यह कटौती किसी खराबी के वजह से नहीं, बल्कि जरूरी मेंटेनेंस और सिस्टम अपग्रेड के काम के कारण की जा रही है। दरअसल, BSES राजधानी पावर लिमिटेड (BRPL) द्वारा इंफ्रास्ट्रक्चर सुधार और रखरखाव से जुड़े कार्य किए जा रहे हैं, जिसके चलते अलग-अलग इलाकों में पावर कट की समस्या रहेगी। इसलिए लोगों को सलाह दी जाती है कि वे उसी हिसाब से अपने दिन की योजना बनाएं और बिजली कटौती से पहले जरूरी इंतजाम कर लें।

निर्धारित बिजली कटौती इस प्रकार है:

पालम डिवीजन: सुबह 11:00 बजे से दोपहर 12: 30 बजे तक ब्लॉक-P राज नगर एक्सटेंशन और सेक्टर-8, द्वारका में बिजली आपूर्ति प्रभावित रह सकती है।

नजफगढ़ डिवीजन: सुबह 11:00 बजे से दोपहर 13: 00 बजे तक कंगनहेड़ी गांव में बिजली कटौती रहेगी।

छतरपुर डिवीजन:  सुबह 11:00 बजे से दोपहर 13: 00 बजे तक राजपुर खुर्द एक्सटेंशन छतरपुर में पावर कट की समस्या रह सकती है।

टैगोर गार्डन: सुबह 11:07 बजे से दोपहर 14:07 बजे तक ब्लॉक S, ख्याला विष्णु गार्डन में बिजली सप्लाई बंद रहे सकती है।

खानपुर डिवीजन: दोपहर 14:00 बजे से 15:30 बजे तक पॉकेट C, दुग्गल कॉलोनी, खानपुर और जे जे कॉलोनी दुग्गल कॉलोनी, खानपुर में बिजली बाधित रहेगी।

खानपुर डिवीजन: सुबह 11:00 बजे से दोपहर 12:30 तक ब्लॉक C, विश्वकर्मा कॉलोनी, पुलपेह्लादपुर और खानपुर गांव में बिजली कटौरी रह सकती है।

मोहन गार्डन: सुबह 10:00 बजे से दोपहर 13:00 बजे तक ब्लॉक C, सेवक पार्क, द्वारका में पावर कट रह सकता है।

यह भी पढ़ें: Delhi Power Cut 10 July: दिल्ली के इन इलाकों में रहेगी बिजली गुल, घर से निकलने से पहले चेक करें पूरी लिस्ट

Volkswagen Tayron Life trim launched at Rs 41.99 lakh

Volkswagen Tayron

Volkswagen has introduced the lower-spec Tayron Life trim in India at Rs 41.99 lakh, pricing it Rs 5 lakh lower than the range-topping R-Line. Compared to the Tayron R-Line, the Life trim misses out on the sporty cosmetic treatment and a pair of seats in the third row.

Volkswagen Tayron Life engine and gearbox details

The same 204hp, 320Nm 2-litre turbo-petrol unit used in the R-Line also does duty in the Tayron Life. Similarly, transmission duties are handled by a 7-speed dual-clutch automatic gearbox, which sends drive to all four wheels.

Volkswagen Tayron Life exterior highlights

Since it misses out on the R-Line styling package, parts like the front grille, cladding under the doors and over the wheel arches and rear bumper trim are not finished in gloss black. Speaking of the bumper ahead, it has a much cleaner look with L-shaped slats (inverted on the left half section) on the grille. A silver-painted trim is placed below the grille, which complements the overall look. That said, slim Matrix LED headlights and an illuminated VW roundel bridged by a wide light bar are similar to the top-spec trim.

Volkswagen Tayron Life

The Tayron is a 4,792mm-long SUV, with a wheelbase of 2,789mm. In profile, it’s easy to notice a different design for the alloy wheels, which measure relatively an inch less at 18 inches. In fact, the wheels resemble those on the Volkswagen Golf GTI. Styling continues to be clean with neat lines. The shoulder line swells from the rear doors to the tail and the silver surround dips down from the roof to the rear glass section. A chrome strip adds to the look as well.

At the back, changes are limited to a simpler design for the bumper, while features like intricately done tail-lights with LED elements, a light bar, illuminated VW logo and roof spoiler have been carried over.

Volkswagen Tayron Life interior and features

Save for the ‘R’ badges on certain parts and third-row seats, not a lot differs when it comes to the interior. Even the list of features between the two trims is largely similar, including a 15-inch touchscreen, a 10.25-inch digital instrument cluster, a panoramic sunroof, three-zone automatic climate control, powered front seats with ventilation and massaging functions, two wireless smartphone charging pads, 360-degree camera, 9 airbags and Level 2 ADAS.

Volkswagen Tayron rivals

The VW Tayron is up against rivals like the Skoda Kodiaq and Jeep Meridian. Like the R-Line, the Life trim is locally assembled at the carmaker’s Chhatrapati Sambhajinagar (previously Aurangabad) facility in Maharashtra.

Boney Kapoor: पीएम मोदी ने अंशुला कपूर-रोहन ठक्कर को भेजा प्यार और आशीर्वाद, बोनी कपूर ने नोट शेयर कर जताया आभार

Boney Kapoor: बोनी कपूर ने मुंबई में हुई शादी के बाद अंशुला कपूर और रोहन ठक्कर को अपना आशीर्वाद भेजने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का शुक्रिया अदा किया है। बोनी कपूर और दिवंगत मोना शौरी कपूर की बेटी अंशुला ने 6 जुलाई को परिवार के सदस्यों और करीबी दोस्तों की मौजूदगी में रोहन के साथ शादी की। फिल्ममेकर ने शुक्रवार, 10 जुलाई को सोशल मीडिया पर पीएम मोदी के बधाई पत्र की एक झलक शेयर की और इस निजी पहल के लिए उनका आभार व्यक्त किया।

नोट शेयर करते हुए बोनी ने लिखा, “हमारे प्रेरणादायक और माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी का तहे दिल से शुक्रिया, जिन्होंने अंशुला और रोहन को उनकी शुभ शादी के मौके पर अपनी हार्दिक शुभकामनाएं और निस्वार्थ आशीर्वाद दिया।”

उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री के संदेश ने परिवार के इस खास मौके को और भी यादगार बना दिया। बोनी ने आगे लिखा, “हम आपके आभारी हैं और आपसे से बहुत प्रभावित हैं। सर, आपके व्यक्तिगत और स्नेहपूर्ण आशीर्वाद के लिए हम विनम्रतापूर्वक आपको धन्यवाद देते हैं।”

बता दें कि अपने पोस्ट में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अंशूला कपूर और रोहन ठक्कर को शादीशुदा जिंदगी की शुरुआत करने पर बधाई दी। उन्होंने प्यार, भरोसे और साथ के उनके सफर के लिए जोड़े को आशीर्वाद दिया और कपूर परिवार को भी शुभकामनाएं दीं। यह लेटर 3 जुलाई का था, जो मुंबई में शादी की रस्म से कुछ दिन पहले लिखा गया था।

अंशुला और रोहन का रिश्ता अक्सर अपनी शांत और मॉडर्न लव स्टोरी की वजह से चर्चा में रहा है। खबरों के मुताबिक, दोनों की मुलाकात एक डेटिंग ऐप पर हुई थी और धीरे-धीरे उनके बीच एक मजबूत रिश्ता बन गया। पिछले साल जुलाई में, रोहन ने न्यूयॉर्क शहर के सेंट्रल पार्क में अंशूला को प्रपोज किया था। इस तरह, इस साल शादी के बंधन में बंधने से पहले ही उनके रिश्ते में एक यादगार और शानदार पल जुड़ गया।

शादी के कार्यक्रमों की शुरुआत 21 जून को रोहन के परिवार की ओर से आयोजित ‘माता की चौकी’ से हुई। इन समारोहों का समापन 6 जुलाई को उनकी शादी के साथ हुआ, जिसमें उनके करीबी लोग शामिल हुए। अंशुला ज्यादातर फिल्म इंडस्ट्री की लाइमलाइट से दूर ही रही हैं, लेकिन उनकी शादी ने उन्हें चर्चा में ला दिया है और नवविवाहित जोड़े को ढेर सारी शुभकामनाएं मिल रही हैं।