पाकिस्तान के पंजाब में गुरुद्वारों को गिराने का सिलसिला थम नहीं रहा। बीते शुक्रवार (26 जून) को फारूखाबाद (मंडी चूरकाना) में भूमाफिया ने प्रशासन के साथ मिलकर 125 साल पुराने ऐतिहासिक सिंह सभा गुरुद्वारे का एक हिस्सा गिरा दिया। पाकिस्तान में गुरुद्वारा गिराने के कदम से सिख समुदाय में गुस्सा है। गुरुद्वारा गिराने के बाद सिखों ने इसका विरोध किया और गिराने के काम को रुकवाया। सिख संगत विरोध जताने के बाद प्रशासन ने फिलहाल इस जगह को सील कर दिया है और किसी भी तरह का निर्माण या तोड़फोड़ पर रोक लगा दी गई है। स्थानीय जानकारों और सिख एक्टिविस्ट्स के मुताबिक, करीब 4 साल पहले तक इस गुरुद्वारा साहिब की ऐतिहासिक पहचान और प्राचीन निशानियां सुरक्षित थीं। इसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर शेयर किया गया था। इसके कुछ समय बाद भूमाफिया ने गुरुद्वारा साहिब का मुख्य गुंबद तोड़ दिया। सिखों का कहना है कि उस वक्त भी पुलिस से शिकायत की गई और विरोध दर्ज कराया गया था। बावजूद इसके न तो इवैक्युएशन ट्रस्ट प्रॉपर्टी बोर्ड और न ही पाकिस्तान सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी ने इस ऐतिहासिक धरोहर को बचाने के लिए कोई ठोस कदम उठाए। सिलसिलेवार तरीके से समझें पूरा मामला… नियमों को दरकिनार कर गुरुद्वारा को तोड़ा गया इन ऐतिहासिक इमारतों की देखरेख करने वाले शब्बीर हुसैन ने बताया कि शरणार्थियों को केवल रहने के उद्देश्य से इस गुरुद्वारे की इमारत को दिया गया था। क्योंकि ये बहुत पुरानी थी। नियमों के मुताबिक, इन अलॉट की गई संपत्तियों के मूल ढांचे में कोई भी बदलाव, नया कंस्ट्रक्शन या इन्हें गिराने की सख्त मनाही थी। बावजूद इसके इस 125 साल पुरानी विरासत को मलबे में तब्दील कर दिया गया। जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग दुनियाभर के सिख संगठनों ने मांग की है कि इस घटना के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। सोशल मीडिया पर इस कार्रवाई का विरोध हो रहा है। लोगों का कहना है कि गुरुद्वारा साहिब किसी एक धर्म या देश की बपौती नहीं होते, बल्कि ये पूरी इंसानियत की साझी अमानत हैं। गुरुद्वारा सिंह सभा का इतिहास
जत्थेदार करतार सिंह झब्बर ने सन 1912 में चूहड़काणा में खालसा दीवान खरा सौदा बार का गठन किया और इसमें अधिकतर स्थानीय विर्क परिवारों को सदस्य बनाया गया। सन 1918 में उन्होंने गुरुद्वारा सच्चा सौदा के पास गांव भनौर में भाई मूल सिंह गुरमुला द्वारा खरीदी गई 13 कनाल जमीन पर इसी संगठन के अधीन गुरुद्वारा श्री गुरु सिंह सभा, मंडी चूहड़काणा के अंदर मिडिल स्कूल शुरू किया। स्कूल के सभी खर्चों का प्रबंधन खालसा दीवान खरा सौदा बार और मंडी चूहड़काणा कमेटी करती रही। वर्तमान समय में गुरुद्वारा साहिब के मुख्य भाग पर सतगुरु नानक प्रगट्या, मिटी धुंध जग चानण होआ, पोह सुदी 7 संवत 1919 (सन 1862) गुरमुखी में उकेरा दिखता है। ॰॰॰॰॰॰॰॰ यह खबर भी पढ़ें… पाकिस्तान के गुरुद्वारे में सेवादार दंपती की गोलियां मारकर हत्या, हमले के बाद से परिसर के CCTV गायब, पुलिस को टारगेट किलिंग का शक पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में गुरुद्वारे के अंदर सिख केयरटेकर दंपती की हत्या कर दी गई। पुलिस के मुताबिक, घटना पेशावर से करीब 60 किमी दूर मरदान के बाबू मोहल्ला इलाके में हुई। पढ़ें पूरी खबर…
Aaj Ka Rashifal: अंक ज्योतिष के अनुसार, हर इंसान की जन्मतिथि का अपना खास महत्व होता है। ये न सिर्फ उनके स्वभाव और व्यक्तित्व को बताता है, बल्कि उनके भविष्य के बारे में भी संकेत देती है। आज के दिन कुछ मुलांक के लिए आर्थिक मामलों पर ध्यान देने का संकेत दे रहा है। खर्च और बचत के बीच संतुलन बनाकर चलने से भविष्य में लाभ मिल सकता है। जल्दबाजी में पैसा खर्च करने से बचें और सोच-समझकर फैसले लें। आइए जानते हैं कैसा होगा मूलांक 1 से 9 तक के लोगों का दिन
मूलांक 1
अगर आपका जन्म 1, 10, 19 या 28 तारीख को हुआ है, तो आज आर्थिक मामलों में समझदारी दिखाने की जरूरत है। अपने खर्चों पर नियंत्रण रखें और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए बचत की योजना बनाएं। किसी भी बड़ी खरीदारी से पहले अच्छी तरह सोच लें। अनुशासन से किया गया खर्च आगे चलकर लाभ देगा।
मूलांक 2
अगर आपका जन्म 2, 11, 20 या 29 तारीख को हुआ है, तो आज का दिन पैसों से जुड़े फैसलों के लिए अच्छा है। अपनी आय और खर्च का सही आकलन करें। बिना जरूरत के सामान खरीदने से बचें। अगर लंबे समय के लिए निवेश या बचत की योजना बना रहे हैं तो आज शुरुआत करना लाभदायक हो सकता है।
मूलांक 3
अगर आपका जन्म 3, 12, 21 या 30 तारीख को हुआ है, तो आज अपने बजट पर खास ध्यान दें। आय और खर्च का हिसाब रखें और बाजार में आने वाले नए अवसरों पर नजर बनाए रखें। अगर अचानक कोई खर्च सामने आए तो घबराने की बजाय अपनी योजना में बदलाव करें। समझदारी से लिया गया फैसला भविष्य में फायदा देगा।
मूलांक 4
अगर आपका जन्म 4, 13, 22 या 31 तारीख को हुआ है, तो घर और परिवार से जुड़े खर्च बढ़ सकते हैं। इसलिए बजट बनाकर चलें और भावनाओं में आकर खर्च करने से बचें। जरूरत के अनुसार ही पैसा खर्च करें। अच्छी योजना आपको आर्थिक रूप से मजबूत बनाएगी।
मूलांक 5
अगर आपका जन्म 5, 14 या 23 तारीख को हुआ है, तो आज आपकी योजना बनाने की क्षमता आपको फायदा दिला सकती है। अपने वित्तीय लक्ष्य तय करें और उसी हिसाब से खर्च करें। किसी नए निवेश या अतिरिक्त कमाई के अवसर पर विचार कर सकते हैं, लेकिन पूरी जानकारी लेने के बाद ही फैसला करें।
मूलांक 6
अगर आपका जन्म 6, 15 या 24 तारीख को हुआ है, तो आज अपने पैसों का सही प्रबंधन करने का समय है। अनावश्यक खर्चों को कम करें और बचत पर ध्यान दें। अपने वित्तीय रिकॉर्ड की समीक्षा करें। आज की गई छोटी-छोटी बचत आगे चलकर बड़ा लाभ दे सकती है।
मूलांक 7
अगर आपका जन्म 7, 16 या 25 तारीख को हुआ है, तो आज भविष्य की आर्थिक सुरक्षा पर ध्यान दें। लग्जरी चीजों पर ज्यादा खर्च करने से बचें। अगर निवेश करना चाहते हैं तो पूरी जांच-पड़ताल के बाद ही कदम उठाएं। धैर्य और समझदारी से लिया गया फैसला आपके लिए बेहतर रहेगा।
मूलांक 8
अगर आपका जन्म 8, 17 या 26 तारीख को हुआ है, तो आज जल्दबाजी में कोई आर्थिक फैसला न लें। अपने निवेश और बजट की समीक्षा करें। अगर किसी नई योजना में पैसा लगाने का विचार है तो पहले उसके सभी पहलुओं को अच्छी तरह समझ लें। सही योजना आपको भविष्य में अच्छा लाभ दिला सकती है।
मूलांक 9
अगर आपका जन्म 9, 18 या 27 तारीख को हुआ है, तो आज नए आर्थिक अवसर मिल सकते हैं, लेकिन किसी भी फैसले में जल्दबाजी न करें। अपनी वित्तीय स्थिति और भविष्य के लक्ष्यों की समीक्षा करें। धैर्य और समझदारी के साथ आगे बढ़ेंगे तो आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और लंबे समय में लाभ मिलने की संभावना रहेगी।
डिस्क्लेमर: इस लेख की सामग्री पूरी तरह से ज्योतिषीय भविष्यवाणियों पर आधारित है। हम इसकी सत्यता और सटीकता का पूरी तरह दावा नहीं करते। यहां दी गई किसी भी जानकारी के आधार पर कोई वित्तीय, स्वास्थ्य या व्यावसायिक निर्णय लेने से पहले योग्य विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य करें।
गुरुग्राम में हाईवे पर चलती कार की छत पर स्टंट करने का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ऐक्शन में आ गई है। पुलिस ने आरोपी की पहचान कर ली है। पुलिस का कहना है कि आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को दावा किया कि ईरान ने हालिया तनाव के बाद अमेरिका के साथ बैठक की मांग की है। यह बैठक मंगलवार को कतर की राजधानी दोहा में होनी है। ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर पोस्ट करते हुए लिखा, “ईरान ने बैठक की मांग की है। यह कल दोहा में होगी!”हालांकि ईरान

भारतीय सेना ने अरुणाचल प्रदेश में चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) द्वारा कथित घुसपैठ और कैंप स्थापित किए जाने की मीडिया रिपोर्टों को सिरे से खारिज कर दिया है। सेना ने सोमवार को जारी बयान में कहा कि ये सभी दावे गलत हैं और इनका कोई तथ्यात्मक आधार नहीं है। सेना ने कहा कि हमने कुछ मीडिया रिपोर्टें देखी हैं, जिनमें अरुणाचल प्रदेश में चीनी पीएलए द्वारा हालिया घुसपैठ और कैंप स्थापित किए जाने का दावा किया गया है। ये रिपोर्टें पूरी तरह गलत और निराधार हैं।
ALSO READ: क्या Pakistan के साथ Track 2 Dialogue करेगा भारत, विदेश सचिव का बड़ा बयान
दरअसल, कई मीडिया संस्थानों ने अरुणाचल प्रदेश के अपर सुबनसिरी जिले में रहने वाले नाह (Nah) जनजातीय समुदाय के हवाले से दावा किया था कि पिछले 6 वर्षों के दौरान चीनी सैनिकों ने सीमा से लगे कुछ क्षेत्रों में अतिक्रमण किया है। रिपोर्टों में कहा गया कि कथित अतिक्रमण के कारण स्थानीय लोगों के लिए अपने मवेशियों को चराना मुश्किल हो गया है।
नाह वेलफेयर सोसाइटी (NWS) के अध्यक्ष केरू चाडर ने दावा किया कि चीनी पीएलए ने उनके पूर्वजों की जमीन और पारंपरिक शिकार क्षेत्रों पर कब्जा कर लिया है। उनका कहना था कि इनमें से कई इलाके वर्ष 2020 से चीन के कब्जे में हैं। हालांकि, चाडर और उनकी संस्था ने यह भी कहा कि उन्हें भारतीय सेना पर पूरा भरोसा है, जिसने वर्षों से इस क्षेत्र और स्थानीय लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की है।
गलवान झड़प के बाद बदले हालात
भारत और चीन के बीच वर्ष 2020 में गलवान घाटी में हुई हिंसक झड़प के बाद सीमा पर तनाव काफी बढ़ गया था। इस संघर्ष में भारत के 20 सैनिक शहीद हुए थे। चीन के भी कई सैनिक मारे गए थे, लेकिन बीजिंग ने आज तक आधिकारिक संख्या सार्वजनिक नहीं की। हालांकि पिछले कुछ वर्षों में दोनों देशों के बीच सैन्य और राजनयिक स्तर पर लगातार बातचीत के चलते स्थिति में काफी सुधार आया है।
LAC पर स्थिति स्थिर, सेना पूरी तरह सतर्क
भारतीय सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने सोमवार को कहा कि दोनों देशों की सेनाओं के बीच अब तक 1,100 से अधिक ग्राउंड-लेवल इंटरैक्शन हो चुके हैं, ताकि किसी भी तरह की गलतफहमी से बचा जा सके। उन्होंने कहा कि वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर स्थिति फिलहाल स्थिर है और भारतीय सेना शांति बनाए रखने के साथ-साथ देश की सीमाओं की सुरक्षा के लिए पूरी तरह सतर्क और सक्षम है।
जनरल द्विवेदी ने कहा कि सैन्य स्तर पर लगातार संवाद ने सीमा पर शांति और स्थिरता बनाए रखने में अहम भूमिका निभाई है। लेकिन हमारी नीति 'शक्ति के साथ शांति' की है। एलएसी पर भारतीय सेना का रुख आगे भी मजबूत, विश्वसनीय, सतर्क और भारत की क्षेत्रीय अखंडता तथा राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह सक्षम रहेगा। Edited by : Sudhir Sharma
आईपीएल फ्रेंचाइजी सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) की CEO काव्या मारन इस समय अपनी शादी की खबरों को लेकर सुर्खियों में हैं। पिछले कुछ समय से मशहूर म्यूजिक कंपोजर अनिरुद्ध रविचंदर और SRH की सीईओ काव्या मारन के बीच रिश्ते को लेकर चर्चाएं चल रही थीं। वहीं अब इन अटकलों को नया मोड़ मिल गया है। अनिरुद्ध के चाचा और एक्टर वाई.जी. महेंद्रन ने बताया कि दोनों जल्द ही शादी करने वाले हैं। लेकिन इस बारे में अभी तक अनिरुद्ध या काव्या की ओर से कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।
काव्या-अनिरुद्ध को लेकर महेंद्रन ने किया बड़ा दावा
कुट्टी पद्मिनी के KPTV चैनल को दिए एक इंटरव्यू में YG महेंद्रन ने अपने भतीजे अनिरुद्ध रविचंदर की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा, “वह बहुत ही अच्छा और नरम दिल का लड़का है। मैं उसे इस मौके पर बधाई देना चाहता हूं। वह जल्द ही अपनी जिंदगी के एक बड़े पड़ाव यानी शादी की ओर बढ़ रहा है।”
जब इंटरव्यू के दौरान होस्ट ने पूछा कि क्या शादी की खबरें सिर्फ अफवाह हैं, तो YG महेंद्रन ने कहा, “जहां तक मुझे जानकारी है, दोनों शादी करने वाले हैं। काव्या कोई साधारण लड़की नहीं हैं। वह इतनी बड़ी आईपीएल टीम की जिम्मेदारी अच्छे से संभाल रही हैं और उन्हें अपने पिता से कारोबार की समझ मिली है। मुझे लगता है कि दोनों एक-दूसरे के लिए बेहतरीन जोड़ी हैं।”
अभी नहीं हुई आधिकारिक घोषणा
अनिरुद्ध रविचंदर और काव्या मारन के रिश्ते को लेकर पहले भी कई बार चर्चाएं हो चुकी हैं। जून 2025 में भी सोशल मीडिया पर ऐसी खबरें सामने आई थीं कि दोनों लंबे समय से एक-दूसरे को डेट कर रहे हैं और जल्द शादी करने की तैयारी में हैं। लेकिन उस समय भी इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई थी। वहीं अभी भी अनिरुद्ध रविचंदर और काव्या की ओर से इस पर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
कौन है काव्या मारन
काव्या मारन देश के जाने-माने कारोबारी परिवार से आती हैं। वह सन ग्रुप के प्रमुख कलानिधि मारन और सन टीवी नेटवर्क की सीईओ कावेरी मारन की बेटी हैं। काव्या फिलहाल सन टीवी नेटवर्क में एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर की जिम्मेदारी निभा रही हैं। इसके अलावा वह आईपीएल टीम सनराइजर्स हैदराबाद की सीईओ और सह-मालिक भी हैं। बिजनेस के साथ-साथ क्रिकेट की दुनिया में भी उनकी अच्छी पहचान है और वह तमिलनाडु के प्रभावशाली परिवारों में गिनी जाती हैं।
कौन है अनिरुद्ध रविचंदर
अनिरुद्ध रविचंदर भारतीय फिल्म इंडस्ट्री के मशहूर संगीतकार और गायक हैं, जिन्होंने खासतौर पर तमिल फिल्मों में अपने संगीत से अलग पहचान बनाई है। उन्हें सबसे बड़ी लोकप्रियता फिल्म 3 के गाने ‘व्हाई दिस कोलावेरी डी’ से मिली, जिसने कम उम्र में ही उन्हें देश-विदेश में प्रसिद्ध कर दिया। इसके बाद उन्होंने जवान, विक्रम, लियो, जेलर और देवरा जैसी कई सुपरहिट फिल्मों में शानदार संगीत देकर अपनी जगह बॉलीवुड और साउथ सिनेमा के शीर्ष संगीतकारों में बना ली।
सोमवार सुबह जब 50 वर्षीय नित्यानंद ने कई बार फोन करने के बावजूद कॉल नहीं उठाया, तो उनके परिवार को लगा कि शायद उनकी तबीयत अचानक खराब हो गई है। कुछ देर बाद उनकी पत्नी सुशीला ने परिवार को बताया कि नित्यानंद की मौत हार्ट अटैक से हुई है। लेकिन जब नित्यानंद के बड़े भाई मैसूर के कुवेम्पुनगर स्थित उनके घर पहुंचे, तो उन्हें कुछ बातें संदिग्ध लगीं। उन्होंने देखा कि नित्यानंद की गर्दन पर चोट के निशान थे, जिससे उन्हें उनकी मौत पर शक हुआ।
पत्नी पर हत्या का शक
परिवार की शिकायत के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। शुरुआती तौर पर यह मामला सामान्य मौत का लग रहा था, लेकिन जांच आगे बढ़ने पर हत्या का शक गहरा गया। पुलिस के अनुसार, नित्यानंद एक महिंद्रा शोरूम में काम करते थे। जांच में सामने आया कि वह रविवार देर रात शराब पीकर घर लौटे थे। आरोप है कि नशे की हालत में सो जाने के बाद उनकी पत्नी सुशीला ने रस्सी से उनका गला घोंट दिया। सुशीला स्कूल में टीचर हैं। पुलिस का दावा है कि वारदात के बाद मौत को हार्ट अटैक बताकर मामले को सामान्य मौत दिखाने की कोशिश की गई। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
पहले हार्ट अटैक को बताया मौत की वजह
जांच अधिकारियों के मुताबिक, घटना के अगले दिन सुबह सुशीला घर के अंदर ही रहीं। आरोप है कि कई बार दरवाजा खटखटाने के बावजूद उन्होंने दरवाजा नहीं खोला। इस बीच, नित्यानंद से संपर्क नहीं हो पाने पर परिवार और दोस्तों की चिंता बढ़ गई। उनके दोस्त दर्शन भी घर पहुंचे, लेकिन काफी देर तक अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। कुछ समय बाद सुशीला ने नित्यानंद के बड़े भाई को फोन कर बताया कि उनकी मौत हार्ट अटैक से हो गई है। इसके बाद परिवार को मामला संदिग्ध लगा और पुलिस को इसकी सूचना दी गई।
गर्दन पर दिखे चोट के निशान
नित्यानंद की गर्दन पर चोट के निशान देखने के बाद परिवार का शक और बढ़ गया। इसके बाद परिजनों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद मामले की जांच शुरू हुई। पुलिस के अनुसार, शुरुआती पूछताछ में सुशीला ने कथित तौर पर अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। हालांकि, पुलिस का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है और सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है। जांच में यह भी सामने आया है कि नित्यानंद और सुशीला मैसूर के कुवेम्पुनगर इलाके में अकेले रहते थे।
मामले में पुलिस कर रही जांच
पुलिस का शुरुआती अनुमान है कि यह मामला लंबे समय से चल रहे पारिवारिक विवादों से जुड़ा हो सकता है। जांच के अनुसार, पति-पत्नी के बीच अक्सर झगड़े होते थे। इसके पीछे संतान न होना, आर्थिक परेशानियां और संपत्ति को लेकर विवाद जैसी वजहें बताई जा रही हैं। फिलहाल पुलिस ने सुशीला को हिरासत में ले लिया है। अधिकारियों का कहना है कि नित्यानंद की मौत से जुड़ी सभी परिस्थितियों की गहराई से जांच की जा रही है और जांच पूरी होने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
Delhi EV Policy 2.0: दिल्ली सरकार ने इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए नई ईवी पॉलिसी 2.0 को मंजूरी दे दी है, जिसे 1 जुलाई से लागू किया जाएगा। इस पॉलिसी के तहत इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने पर लोगों को टैक्स में छूट और दूसरी आर्थिक मदद मिलेगी। इसका मकसद ज्यादा से ज्यादा लोगों को पेट्रोल और डीजल की गाड़ियों की बजाय इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने के लिए प्रोत्साहित करना है।
कितने का करेगी निवेश
इस योजना के तहत अगले चार वर्षों में करीब 15,000 करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा। सरकार चाहती है कि ज्यादा से ज्यादा लोग इलेक्ट्रिक वाहन इस्तेमाल करें। इसके लिए चार्जिंग की सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी और पेट्रोल-डीजल की गाड़ियों का इस्तेमाल धीरे-धीरे कम किया जाएगा। इससे दिल्ली में प्रदूषण कम होगा और लोगों को साफ व बेहतर परिवहन व्यवस्था मिल सकेगी।
माफ होगा रजिस्ट्रेशन शुल्क
दिल्ली सरकार ने इलेक्ट्रिक कार खरीदने वालों को बड़ी राहत देने का फैसला किया है। नई ईवी पॉलिसी के तहत 30 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) तक की इलेक्ट्रिक कार खरीदने पर रोड टैक्स और रजिस्ट्रेशन शुल्क पूरी तरह माफ रहेगा। इससे लोगों को नई ईवी खरीदने में कम खर्च करना पड़ेगा और ज्यादा से ज्यादा लोग पेट्रोल-डीजल की जगह इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाने के लिए प्रेरित होंगे।
लोगों को की जाएगी सहायता
दिल्ली सरकार की नई ईवी पॉलिसी के तहत इलेक्ट्रिक दोपहिया और तिपहिया वाहन खरीदने वालों को आर्थिक सहायता दी जाएगी। योजना के अनुसार, नई ईवी पॉलिसी के तहत इलेक्ट्रिक दोपहिया और तिपहिया वाहन खरीदने वालों को आर्थिक सहायता दी जाएगी। इलेक्ट्रिक बाइक या स्कूटर खरीदने पर पहले साल ₹30,000, दूसरे साल ₹20,000 और तीसरे साल ₹10,000 तक का इंसेंटिव मिलेगा। वहीं, इलेक्ट्रिक थ्री-व्हीलर खरीदने वालों को पहले साल ₹50,000, दूसरे साल ₹40,000 और तीसरे साल ₹30,000 तक की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
सरकार इलेक्ट्रिक वाहनों को दे रही बढ़ावा
दिल्ली सरकार ने पेट्रोल, डीजल और सीएनजी से चलने वाले वाहनों की जगह धीरे-धीरे इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने की योजना बनाई है। नई नीति के अनुसार, 1 जनवरी 2027 से राजधानी में केवल इलेक्ट्रिक ऑटो-रिक्शा का ही नया पंजीकरण होगा। इसके बाद 1 अप्रैल 2028 से नए पेट्रोल और सीएनजी दोपहिया वाहनों का रजिस्ट्रेशन भी बंद कर दिया जाएगा। उस समय से सिर्फ इलेक्ट्रिक बाइक और स्कूटर ही नए पंजीकरण के लिए मान्य होंगे। सरकार का उद्देश्य स्वच्छ परिवहन को बढ़ावा देना और प्रदूषण में कमी लाना है।
2027 तक हो 95 प्रतिशत इलेक्ट्रिक वाहन
दिल्ली सरकार ने लक्ष्य रखा है कि वर्ष 2027 तक राजधानी में होने वाले नए वाहन पंजीकरण में लगभग 95 प्रतिशत इलेक्ट्रिक वाहन हों। इसके लिए सरकार इलेक्ट्रिक वाहनों के इस्तेमाल को बढ़ावा देने और लोगों को पारंपरिक ईंधन वाले वाहनों से ईवी की ओर लाने पर काम करेगी। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि नई ईवी नीति का उद्देश्य परिवहन व्यवस्था को अधिक स्वच्छ, आधुनिक और पर्यावरण के अनुकूल बनाना है, जिससे प्रदूषण कम करने में भी मदद मिलेगी।
मिलेगा विशेष लाभ
दिल्ली सरकार की नई ईवी पॉलिसी के तहत पुराने प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों को हटाकर इलेक्ट्रिक वाहन अपनाने वालों को विशेष लाभ दिया जाएगा। बीएस-4 या उससे पुराने चारपहिया वाहन स्क्रैप कराने पर मालिकों को 1 लाख रुपये तक की प्रोत्साहन राशि मिलेगी। वहीं, एन1 श्रेणी के इलेक्ट्रिक ट्रक खरीदने वालों को भी खरीद पर 1 लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता दी जाएगी। सरकार का मानना है कि इससे व्यावसायिक परिवहन में इलेक्ट्रिक वाहनों का इस्तेमाल बढ़ेगा और प्रदूषण कम करने में मदद मिलेगी।
2030 तक दिल्ली को प्रदूषण मुक्त शहर बनाना है
दिल्ली सरकार के मुताबिक, नई ईवी पॉलिसी राजधानी में प्रदूषण कम करने और स्वच्छ परिवहन को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के अनुसार, इस योजना का उद्देश्य 2030 तक दिल्ली को अधिक साफ और प्रदूषण मुक्त शहर बनाना है। सरकार ने स्पष्ट किया कि इस नीति के तहत केवल पूरी तरह इलेक्ट्रिक वाहनों को ही प्रोत्साहन और सब्सिडी मिलेगी, जबकि हाइब्रिड वाहनों को किसी भी तरह की आर्थिक सहायता का लाभ नहीं दिया जाएगा। इससे साफ है कि सरकार का पूरा ध्यान शून्य प्रदूषण वाले वाहनों को बढ़ावा देने पर है।
जाको राखे साइयां मार सके न कोय… यह कहावत वेनेजुएला के एक शख्स पर सटीक बैठती है। वेनेजुएला में चार दिन पहले आए दो शक्तिशाली भूकंपों के बाद राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। हालांकि, समय बीतने के साथ मलबे में फंसे लोगों के जीवित मिलने की उम्मीद कम होती जा रही है। इसी बीच एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है। करीब 106 घंटे तक मलबे में फंसे रहने के बाद 21 वर्षीय हारून लेवी कैंटिलो वर्गास को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
भूकंप की तबाही के बाद वेनेज़ुएला में हुआ चमत्कार!
अल साल्वाडोर के राष्ट्रपति नायिब बुकेले ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इसकी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कई घंटों की कड़ी मेहनत और संयुक्त बचाव अभियान के बाद हारून को वेनेजुएला के ला गुएरा राज्य के काराबालेडा पैरिश के तनागुएरेना इलाके में स्थित ओपीपी-25 इमारत के मलबे से जीवित निकाला गया। राष्ट्रपति बुकेले ने इस बचाव अभियान का वीडियो भी साझा किया। उन्होंने बताया कि यह अभियान वेनेजुएला, मैक्सिको और अल साल्वाडोर की बचाव टीमों ने मिलकर चलाया, जिसकी बदौलत युवक की जान बचाई जा सकी।
106 घंटे के बाद मलबे से जीवित निकला शख्स
अल साल्वाडोर के राष्ट्रपति नायिब बुकेले ने बताया कि 21 वर्षीय युवक का सुरक्षित रेस्क्यू करने के बाद उसे विशेष चिकित्सा देखभाल के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उन्होंने कहा कि बचाव दल अब भी पूरी मेहनत से अभियान चला रहे हैं और उम्मीद है कि मलबे में फंसे अन्य लोगों को भी जीवित बचाया जा सकेगा। वेनेजुएला में आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने भारी तबाही मचाई है। पहले 7.2 तीव्रता का भूकंप आया और उसके सिर्फ 39 सेकंड बाद 7.5 तीव्रता का दूसरा तेज झटका महसूस हुआ। इन दोनों भूकंपों से कई इमारतें ढह गईं, सड़कें और अन्य जरूरी ढांचे क्षतिग्रस्त हो गए, जबकि हजारों लोगों को अपने घर छोड़ने पड़े।
Después de intensas horas de trabajo conjunto, Aaron Levi Cantillo Vargas, de 21 años, ha sido rescatado con vida del edificio OPP 25, en el sector Tanaguarena, parroquia Caraballeda, estado de La Guaira.
Este rescate fue posible gracias al esfuerzo coordinado de los equipos href=”https://t.co/Q365IECCUV”>https://t.co/Q365IECCUV pic.twitter.com/NTeqQWCNKr
— Nayib Bukele (@nayibbukele) June 29, 2026
अब तक 1400 लोगों की मौत
राहत और बचाव दल प्रभावित लोगों तक लगातार मदद पहुंचाने में जुटे हैं। अधिकारियों की ओर से लोगों के लिए अस्थायी राहत शिविर, भोजन और चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। वहीं, कई देशों की टीमें भी राहत और बचाव अभियान में सहयोग कर रही हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वेनेजुएला में आए भीषण भूकंप में अब तक 1,430 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 68,000 से अधिक लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। प्रभावित इलाकों में लोग अपने परिजनों की तलाश के लिए दिन-रात मलबा हटा रहे हैं। इसके लिए वे फावड़े, रस्सियां, भारी मशीनों और कई जगह अपने हाथों का भी सहारा ले रहे हैं। इसी बीच, भूकंप आने के तीन दिन बाद राजधानी काराकास के उत्तर में स्थित काराबालेडा इलाके के मलबे से 11 वर्षीय एक बच्चे को जीवित बचा लिया गया।
HDFC Bank ने पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) और पूर्व वित्त सचिव राजीव कुमार को अपना नया पार्ट-टाइम चेयरमैन नियुक्त किया है। हालांकि, उनकी नियुक्ति भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मंजूरी मिलने के बाद ही प्रभावी होगी।
बैंक के बोर्ड ने उन्हें तीन साल के लिए पार्ट-टाइम चेयरमैन बनाने को मंजूरी दी है। उनका कार्यकाल RBI की मंजूरी मिलने की तारीख से शुरू होगा।
स्वतंत्र निदेशक भी बनाए गए
बोर्ड ने राजीव कुमार को 30 जून 2026 से चार साल के लिए अतिरिक्त स्वतंत्र निदेशक नियुक्त करने को भी मंजूरी दी है। इसके लिए शेयरधारकों की मंजूरी जरूरी होगी।
HDFC Bank ने बताया कि यह नियुक्ति बैंक की गवर्नेंस, नॉमिनेशन एंड रेम्यूनरेशन कमेटी की सिफारिश पर की गई है।
AGM के नोटिस में किया बदलाव
राजीव कुमार की नियुक्ति के बाद HDFC Bank ने अपनी 32वीं AGM के नोटिस में संशोधन किया है। इसमें उनकी नियुक्ति से जुड़े प्रस्ताव भी शामिल किए गए हैं।
बैंक ने यह भी कहा कि SEBI या किसी अन्य नियामक संस्था ने राजीव कुमार पर किसी कंपनी में निदेशक बनने पर कोई रोक नहीं लगाई है।
चार दशक का प्रशासनिक अनुभव
राजीव कुमार भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के पूर्व अधिकारी हैं। उनके पास 40 साल से ज्यादा का प्रशासनिक अनुभव है। उन्होंने सार्वजनिक नीति, वित्तीय क्षेत्र में सुधार और संस्थागत विकास से जुड़े कई अहम पदों पर काम किया है।
बैंकिंग सुधारों में निभाई बड़ी भूमिका
HDFC Bank के मुताबिक, राजीव कुमार 2017 से 2020 तक वित्तीय सेवा विभाग के सचिव रहे। इस दौरान उन्होंने सरकारी बैंकों में पूंजी डालकर उन्हें मजबूत करने (रीकैपिटलाइजेशन), बैंकों के मर्जर, बैंकिंग गवर्नेंस में सुधार और नियामकीय ढांचे को मजबूत बनाने जैसे बड़े सुधारों में अहम भूमिका निभाई।
विजया बैंक और देना बैंक का मर्जर
विजया बैंक और देना बैंक का बैंक ऑफ बड़ौदा में विलय कराने में राजीव कुमार की अहम भूमिका रही। उन्होंने बैंकिंग टेक्नोलॉजी में भी कई सुधार किए। डिजिटल पेमेंट्स को बढ़ावा देने पर काम किया। डिपॉजिट प्रोटेक्शन को मजबूत बनाया। साथ ही वित्तीय स्थिरता से जुड़े कई अहम सुधारों की अगुआई की।
Axis Bank के CFO पुनीत शर्मा ने दिया इस्तीफा, HDFC Bank के बन सकते हैं नए CFO
Disclaimer: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

