Digital Arrest से बचाएगा UPI ‘किल स्विच’, अब एक बटन दबाते ही फ्रीज होगा बैंक खाता, सरकार की बड़ी तैयारी

पिछले साल डिजिटल अरेस्ट (Digital Arrest) के कई मामले सामने आए हैं, जिनमें लोगों के अकाउंट से करोड़ों रुपये उड़ गए। इसमें हैकर्स पुलिस, कस्टम, इनकम टैक्स आदि के अधिकारी बनकर बात करेंगे और लोगों डराकर पैसे की मांग करते हैं। आपके नंबर पर फर्जी वीडियो कॉल आता है, जिसमें पुलिस या फिर अधिकारी की वर्दी में स्कैमर होते हैं और आपसे पैसे की मांग करते हैं।

अब सरकार ने इस पर नकेल करने की तैयारी कर ली है। इंडियन एक्सप्रेस की खबर के मुताबिक गृह मंत्रालय इसके लिए 'फ्रीज' या 'किल स्विच' लेकर आ रहा है। खबर के मुताबिक  यूपीआई और बैंकिंग ऐप्स में 'फ्रीज' बटन मिल सकता है, जो एक टैप में सारे अकाउंट को फ्रीज कर देगा। इससे विक्टिम के अकाउंट से कोई भी पेमेंट ट्रांसफर नहीं हो पाएगा।

 

डिजिटल अरेस्ट से बचने के लिए क्या करें?

  • जब तक सरकार यह नया फीचर लॉन्च नहीं करती, तब तक इन बातों का ध्यान रखें- 
  • डरे नहीं: कोई भी सरकारी एजेंसी (CBI, Police, RBI) कभी भी वीडियो कॉल पर किसी को गिरफ्तार नहीं करती और न ही पैसे मांगती है।
  • कॉल काट दें : यदि कोई आपको डराता है, तो तुरंत कॉल काटें और अपने परिवार या स्थानीय पुलिस को सूचित करें।
  • 1930 पर कॉल करें: यदि धोखाधड़ी हो जाए, तो तुरंत नेशनल साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें।

 

बटन कैसे करेगा काम

गृह मंत्रालय (MHA) की एक हाई-लेवल कमेटी इस पर काम कर रही है ताकि फ्रॉड का पैसा तुरंत 'म्यूल अकाउंट्स' (Mule Accounts) में न जा सके। बटन में पेमेंट रोकने के साथ-साथ फैमिली और बैंक से कॉन्टैक्ट करने का भी ऑप्शन होगा। इस बटन को दबाते ही बैंक को अलर्ट मिल जाएगा और रिस्की पेमेंट ट्रांसफर को रोकने में मदद मिलेगी। सरकार का मकसद इस बटन के जरिए एक अलर्ट सिस्टम डेवलपमेंट करने का है, जो लोगों के बैंक अकाउंट के ट्रांजैक्शन को फ्रीज करने के साथ-साथ बैंक और फैमिली को भी अलर्ट करेगा। 

 

इस एक बटन पर टैप करते ही यूजर्स के सभी बैंक और यूपीआई पेमेंट एक साथ फ्रीज हो जाएंगे। इस बटन को ग्राहकों के यूपीआई या बैंकिंग ऐप्स में दिया जा सकता है। विक्टिम को जब लगेगा कि उसके साथ फ्रॉड हो रहा है तो वो इस बटन को ऑन करके अपने सभी पेमेंट्स को एक साथ फ्रीज कर सकता है। Edited by : Sudhir Sharma

Vivo X200T : MediaTek Dimensity 9400+ और ZEISS कैमरे वाला वीवो का धांसू स्मार्टफोन, जानिए क्या रहेगी कीमत

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स्मार्टफोन निर्माता कंपनी Vivo अपनी फ्लैगशिप X-सीरीज का विस्तार करते हुए भारत में नया Vivo X200T लॉन्च करने के लिए तैयार है। कंपनी ने आधिकारिक तौर पर पुष्टि की है कि यह स्मार्टफोन 27 जनवरी को भारतीय बाजार में दस्तक देगा। यह नया मॉडल मौजूदा Vivo X200 और X200 Pro पोर्टफोलियो का हिस्सा होगा। Vivo के मुताबिक Vivo X200T को 27 जनवरी दोपहर 12 बजे लॉन्च किया जाएगा। यह स्मार्टफोन ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म Flipkart, विवो इंडिया ई-स्टोर और देशभर के प्रमुख रिटेल स्टोर्स पर बिक्री के लिए उपलब्ध होगा।

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ZEISS की तकनीक और 10x जूम

फोटोग्राफी के शौकीनों के लिए Vivo X200T में ट्रिपल रियर कैमरा सेटअप दिया गया है। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसके तीनों लेंस 50-मेगापिक्सल के हैं, जिन्हें दिग्गज कैमरा कंपनी ZEISS के साथ मिलकर तैयार किया गया है।  फोन में 10x ज़ूम सपोर्ट के साथ टेलीफोटो और टेलीफोटो मैक्रो फीचर्स मिलेंगे।

क्या होगी स्मार्टफोन की कीमत

स्मार्टफोन में 'AI लैंडस्केप मास्टर' फीचर भी शामिल होगा, जो विवो के हालिया फ्लैगशिप फोन्स की पहचान रहा है। कंपनी ने अभी आधिकारिक कीमतों का खुलासा नहीं किया है, लेकिन ऑनलाइन लीक्स के मुताबिक इसकी कीमतें कुछ इस तरह हो सकती हैं। मीडिया खबरों के मुताबिक   12GB + 256GB की कीमत करीब 59,999 रुपए और 12GB + 512GB की कीमत करीब 69,999 रुपए होगी।

 

Vivo X200T में MediaTek Dimensity 9400 Plus चिपसेट दिया गया है। यह प्रोसेसर विवो की लेटेस्ट X300 सीरीज में मिलने वाले Dimensity 9500 के ठीक नीचे की श्रेणी का एक बेहद पावरफुल चिपसेट है। सॉफ्टवेयर की बात करें तो यह फोन आउट-ऑफ-द-बॉक्स Android 16 पर आधारित OriginOS 6 पर चलेगा।  Edited by : Sudhir Sharma

iPhone पर मिल रही बंपर छूट, कम कीमत के साथ भारी डिस्काउंट

एप्पल द्वारा सितंबर 2025 में अपने 'Awe Dropping' इवेंट में iPhone 17 सीरीज लॉन्च करने के बाद से ही, फैंस इसे खरीदने के लिए सही समय और सही डील का इंतजार कर रहे थे। अब वह वक्त आ गया है।  भारत में भारी-भरकम कीमत पर लॉन्च हुए iPhone 17 Pro पर इस समय Amazon Great Republic Day Sale में जबरदस्त ऑफर्स मिल रहे हैं।

लिमिटेड-टाइम डिस्काउंट, बैंक ऑफर्स और एक्सचेंज बोनस के तालमेल ने इस प्रीमियम फोन को बजट के काफी करीब ला दिया है। यदि आप एक प्रो-लेवल कैमरा और एप्पल की सबसे लेटेस्ट टेक्नोलॉजी (A19 Pro चिप) का अनुभव करना चाहते हैं, तो यह सेल आपके लिए एक सुनहरा मौका साबित हो सकती है। 

 

ऐसे पाएं सबसे बड़ी छूट

अमेजन प्राइम मेंबर्स के लिए बचत के खास मौके हैं। अगर आपके पास अच्छी कंडीशन वाला पुराना स्मार्टफोन और चुनिंदा बैंकों के कार्ड हैं तो आईफोन की प्रभावी कीमत में भारी गिरावट आ सकती है।

कैसे मिलेगी कीमत में छूट और डिस्काउंट 

भारत में iPhone 17 Pro (256GB स्टोरेज) की आधिकारिक कीमत 1,34,900 रुपए  है। सेल के दौरान आप इसे मात्र 85,700 रुपए की प्रभावी कीमत पर अपना बना सकते हैं। अमेजन प्राइम मेंबर्स को लिस्टेड प्राइस पर सीधे 6,500 रुपए का फ्लैट इंस्टेंट डिस्काउंट कूपन मिल रहा है।

इसे लागू करते ही कीमत घटकर 1,28,400 रुपए हो जाती है।  चुनिंदा बैंक कार्ड्स के जरिए आप अतिरिक्त इंस्टेंट कैशबैक और डिस्काउंट का लाभ उठा सकते हैं। इस डील का सबसे बड़ा आकर्षण एक्सचेंज बोनस है। अमेज़न पुराने फोन के बदले शानदार वैल्यू दे रहा है, जिससे इसकी अंतिम कीमत 85,700 रुपए तक आ सकती है। Edited by : Sudhir Sharma

बिकनी इमेज बनाने से Grok AI का इंकार, imaginary characters पर नहीं लागू हुआ नियम, क्या बोले Elon Musk

elon musk

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) ने अपने AI टूल 'ग्रोक' (Grok) के इमेज-एडिटिंग नियमों को और कड़ा कर दिया है। यह कदम बिना सहमति के बनाए गए आपत्तिजनक डीपफेक (non-consensual sexual deepfakes) को लेकर पिछले कई दिनों से हो रही आलोचनाओं के बाद उठाया गया है। हालांकि इन बदलावों ने विवाद को खत्म करने के बजाय एक नई बहस छेड़ दी है।

 

क्या बदला और क्या नहीं?

नए अपडेट के बाद, ग्रोक अब असली व्यक्तियों (Real People) को बिकनी या यौनिक कपड़ों में दिखाने वाली तस्वीरें बनाने से इनकार कर रहा है। लेकिन, सिस्टम अभी भी AI-जनरेटेड या काल्पनिक पात्रों (imaginary characters) का उपयोग करके इसी तरह की सामग्री बनाने की अनुमति देता है। 

 

क्या कहा एलन मस्क ने 

एलन मस्क ने सार्वजनिक रूप से इस दृष्टिकोण का बचाव करते हुए कहा है कि यह अमेरिका में एडल्ट कंटेंट के लिए तय 'वास्तविक मानकों' (de facto standard) का पालन करता है।

 

 मस्क की खुली चुनौती

इस मामले पर चर्चा तब शुरू हुई जब मस्क के करीबी माने जाने वाले अकाउंट 'DogeDesigner' ने एक ट्वीट किया। उन्होंने दावा किया कि कई कोशिशों के बावजूद ग्रोक ने नग्न तस्वीरें (nude images) बनाने से मना कर दिया। उन्होंने मीडिया रिपोर्टों को मस्क पर 'लगातार हमला' करार दिया। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए मस्क ने सार्वजनिक चुनौती देते हुए लिखा कि क्या वास्तव में कोई ग्रोक के इमेज मॉडरेशन को तोड़ सकता है? नीचे जवाब दें। 

 

R-रेटेड फिल्मों जैसे होंगे नियम

मस्क ने स्पष्ट किया कि ग्रोक पर किस तरह की सामग्री की अनुमति है। उन्होंने लिखा कि NSFW मोड इनेबल होने पर, ग्रोक को काल्पनिक वयस्क इंसानों (असली नहीं) की 'अपर बॉडी न्यूडिटी' दिखाने की अनुमति होनी चाहिए, ठीक वैसे ही जैसे Apple TV पर R-रेटेड फिल्मों में देखा जा सकता है। अमेरिका में यही मानक है।  मस्क ने यह भी जोड़ा कि अलग-अलग देशों के स्थानीय कानूनों के आधार पर इन नियमों में बदलाव हो सकता है। Edited by : Sudhir Sharma

OnePlus के CEO Pete Lau के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी, जानिए क्या है मामला

चीनी स्मार्टफोन निर्माता कंपनी के सीईओ के खिलाफ ताइवान ने गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। चीनी स्मार्टफोन निर्माता कंपनी वनप्लस पर अवैध तरीके से कारोबार चलाने और भर्ती प्रक्रिया में धांधली का आरोप है। मीडिया खबरों के मुताबिक ताइवान की शिलिन डिस्ट्रिक्ट प्रॉसिक्यूटर्स ऑफिस के अनुसार वनप्लस सीईओ पेट लाउ पर अवैध तरीके से कारोबार चलाने का आरोप है।

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कंपनी ने अवैध तरीके से 70 से अधिक कर्मचारियों को स्मार्टफोन सॉफ्टवेयर रिसर्च, डेवलपमेंट, टेस्टिंग और वेरिफिकेशन आदि के लिए रखा है। यह चीन और ताइवान के बीच संबंधों का उल्लंघन है। OnePlus के सीईओ पर ताइवान की भूमि पर लोगों के बीच संबंधों को नियंत्रित करने वाले अधिनियम के उल्लंघन का आरोप लगा है।

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चीन और ताइवान के बीच तनाव चल रहा है। ताइवान लंबे समय से चीनी कंपनियों द्वारा स्थानीय टेक टैलेंट की कथित पोचिंग को लेकर सख्त है। ताइवान ने बीते कुछ सालों में कई चीनी कंपनियों पर शेल कंपनियां यानी फर्जी कंपनियां और विदेशी संस्थाओं के जरिए भर्ती करने के आरोप लग चुके हैं।  Edited by: Sudhir Sharma 

कंपनियों से स्मार्टफोन का ‘सोर्स कोड’ मांग सकती है सरकार, क्या इससे फोन महंगे होंगे या प्राइवेसी खत्म होगी, सामने आया बड़ा सच

केंद्र सरकार ने एक अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्ट को खारिज करते हुए कहा है कि वह स्मार्टफोन कंपनियों को अपना सोर्स कोड साझा करने के लिए मजबूर करने का कोई प्रस्ताव नहीं ला रही है। सरकार ने इन खबरों को भ्रामक और सनसनी फैलाने वाला बताया है।

 

आईटी मंत्रालय ने कहा कि इन रिपोर्टों में किसी भी स्मार्टफोन कंपनी या उनसे जुड़ी इंडस्ट्री एसोसिएशन का आधिकारिक बयान नहीं लिया गया है। बल्कि, इंडस्ट्री एसोसिएशन की टिप्पणियों को नजरअंदाज कर खबर को सनसनीखेज बनाने की कोशिश की गई है। इसे लेकर पीआईबी फेक्ट चेक में जानकारी दी गई है। 

 

सरकार ने स्पष्ट किया कि वह साइबर सिक्योरिटी मजबूत करने और नागरिकों की प्राइवेसी की रक्षा के लिए उद्योग जगत के साथ लगातार बातचीत कर रही है। मोबाइल सिक्योरिटी से जुड़े नियमों को लेकर स्टेकहोल्डर्स के साथ एक व्यवस्थित सलाह-मशविरा प्रक्रिया चल रही है।

आईटी मंत्रालय (MeitY) ने बताया कि वह नियमित रूप से सेफ्टी कंप्लायंस, EMI/EMC मानक, भारतीय भाषाओं के सपोर्ट, इंटरफेस आवश्यकताओं और सुरक्षा मानकों जैसे मुद्दों पर इंडस्ट्री से परामर्श करता है। सरकार ने कहा कि वह उद्योग की सभी जायज चिंताओं पर खुले मन से विचार करेगी और देश और इंडस्ट्री- दोनों के हितों को ध्यान में रखकर आगे बढ़ेगी। Edited by: Sudhir Sharma

AI की फ्री ट्रेनिंग देगी सरकार, YUVA AI FOR ALL का अश्विनी वैष्णव ने किया ऐलान

अब केंद्र सरकार एआई की ट्रेनिंग देगी। वह भी फ्री में। इसके साथ आपको सर्टिफिकेट भी मिलेगा। आईटी मंत्रालय के अनुसार यह पहल युवाओं को AI-आधारित भविष्य के लिए तैयार करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा है कि आज के समय में नागरिकों, खासकर युवाओं के लिए यह जरूरी है कि उन्हें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की बुनियादी समझ हो कि यह क्या है, कैसे काम करता है, कहां उपयोग होता है और इसका जिम्मेदारी से इस्तेमाल कैसे किया जाए। 

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सरकार ने अपने प्रमुख कोर्स ‘YUVA AI FOR ALL’ को भी सामने रखा, जो स्वामी विवेकानंद के प्रबुद्ध युवाओं के सपने को आधुनिक AI युग से जोड़ने की दिशा में एक अहम कदम है। यह कोर्स करीब 4 घंटे का है और इसे इस तरह तैयार किया गया है कि इसे करने के लिए किसी तकनीकी पृष्ठभूमि की जरूरत नहीं होगी। यह कोर्स 11 भारतीय भाषाओं में उपलब्ध कराया जाएगा और पूरी तरह निःशुल्क होगा।

राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि अगर छोटे उद्यम AI का सही इस्तेमाल करें तो इससे उनकी उत्पादकता बढ़ेगी और उन्हें बड़ा लाभ मिलेगा। उन्होंने बताया कि इसी उद्देश्य से राष्ट्रीय AI साक्षरता कार्यक्रम शुरू किया गया है, जिसके तहत अगले एक साल में 10 लाख युवाओं को AI की ट्रेनिंग देने का लक्ष्य रखा गया है। ‘YUVA AI FOR ALL’ को FutureSkills Prime, iGOTKarmayogi, DIKSHA और अन्य प्रमुख ई-लर्निंग प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराया जाएगा। कोर्स पूरा करने पर प्रतिभागियों को भारत सरकार का आधिकारिक प्रमाणपत्र भी मिलेगा। Edited by: Sudhir Sharma

X ने मानी गलती, 3500 पोस्ट समेत 600 अकाउंट डिलीट, अश्लील तस्वीरों को लेकर सरकार ने लगाई थी लताड़

twitter X

केंद्र सरकार ने सोशल मीहिया एप X पर मौजूद अश्लील सामग्री पर आपत्ति जताई थी। X ने कई यूजर्स पर एक्शन लिया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X ने 600 अकाउंट को डिलीट कर दिया है। साथ ही X ने अपने प्लेटफॉर्म से 3500 से ज्यादा पोस्ट भी हटा दी हैं। एक्स ने केंद्र सरकार को आश्वासन दिया है कि वो इस प्लेटफॉर्म पर अश्लील सामग्री प्रकाशित करने की अनुमति नहीं देगा और सरकारी नियमों का पालन करेगा।

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नॉन प्रॉफिट ग्रुप एआइ फोरेंसिक ने कहा कि उसने 25 दिसंबर से एक जनवरी के बीच ग्रोक द्वारा बनाई गई 20,000 तस्वीरों का विश्लेषण किया और पाया कि दो प्रतिशत में बिकनी या पारदर्शी कपड़ों में 18 या उससे कम उम्र के व्यक्ति को दर्शाया गया है।

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केंद्रीय सूचना प्रोद्योगिकी मंत्रालय ने X को चेतावनी दी थी कि 72 घंटे की समय सीमा का पालन न करने पर कंपनी को कानूनी समस्याओं का सामना करना पड़ेगा। एलन मस्क के प्लेटफार्म एक्स के AI चैटबाट ग्रोक की ओर से महिलाओं और बच्चों की अश्लील तस्वीरें बनाने का आरोप है। इसे लेकर दुनिया भर की सरकारों ने चिंता जाहिर करते हुए ग्रोक की आलोचना की है। इस लिस्ट में भारत के अलावा फ्रांस, ब्राजील, मलेशिया और यूरोपियन यूनियन का नाम शामिल है।

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आईटी मिनिस्ट्री ने जारी की थी चेतावनी 

केंद्रीय सूचना प्रोद्योगिकी मंत्रालय ने X के खिलाफ चेतावनी जारी की थी। इसके एक हफ्ते बाद की ये कार्रवाई सामने आई है। केंद्रीय मंत्रालय ने ग्रोक पर एआइ के 'घोर दुरुपयोग' और महिलाओं को अशोभनीय रूप से बदनाम करने के लिए 'अपमानजनक या अश्लील' तरीके से उनकी तस्वीरें या वीडियो बनाने और साझा का आरोप लगाया। Edited by : Sudhir Sharma

E-Passport भारत में लॉन्च, कौन कर सकता है एप्लाई, कितनी है फीस, कैसे होती है प्रोसेस, किन डॉक्टूमेंट्‍स की जरूरत, क्या है फायदा, सारे सवालों के जवाब

how to apply e passport know rules charges भारत सरकार ने पासपोर्ट सेवा 2.0 के तहत ई-पासपोर्ट लॉन्च किए हैं। ये इलेक्ट्रॉनिक चिप वाले स्मार्ट पासपोर्ट यात्रा सुरक्षा को मजबूत करेंगे और अंतरराष्ट्रीय यात्रा को आसान बनाएंगे। इनमें डिजिटल फोटो, फिंगरप्रिंट और बायोमेट्रिक जानकारी होगी। इससे धोखाधड़ी पर लगाम लगेगी।

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e-Passport कैसे करता है काम

e-Passport के कवर पेज पर एक छोटी सुनहरी चिप का निशान होता है, जो बताता है कि यह इलेक्ट्रॉनिक पासपोर्ट है। असली चिप पासपोर्ट के भीतर लगी होती है। इसमें पासपोर्ट धारक का बायोमेट्रिक डेटा, फिंगरप्रिंट और अन्य जरूरी व्यक्तिगत जानकारी सुरक्षित रूप से स्टोर रहती है। इससे पासपोर्ट की सिक्योरिटी बढ़ती है और फर्जीवाड़े की आशंका कम होती है।

 

e-Passport के फायदे

ई-पासपोर्ट के लॉन्च को भारत के ट्रैवल डॉक्यूमेंट सिस्टम में एक बड़े बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है, जो यात्रियों को ज्यादा सिक्योरिटी और सुविधा देता है। ज्यादा सिक्योरिटी : चिप और एन्क्रिप्शन से नकली पासपोर्ट बनाना मुश्किल हो जाता है। तेज़ इमिग्रेशन : बायोमेट्रिक स्कैनिंग से वेरिफ़िकेशन तेज हो जाता है। ग्लोबल स्टैंडर्ड :  इंटरनेशनल ट्रैवल के लिए बेहतर मंज़ूरी

 

e-Passport कौन कर सकता है आवेदन

कोई भी भारती नागरिक आवेदन कर सकता है। चाहे आप पहली बार पासपोर्ट बनवा रहे हों या पुराने पासपोर्ट का नवीनीकरण (Renewal) करा रहे हों। हालांकि यह सुविधा फिलहाल चुनिंदा शहरों में ही उपलब्ध है, इसलिए आवेदन से पहले आपको यह देखना होगा कि आपके शहर में यह सुविधा है या नहीं।

 

e-Passport  कैसे करें एप्लाई 

ई-पासपोर्ट का प्रोसेस लगभग रेगुलर पासपोर्ट जैसा ही है।  पासपोर्ट सेवा पोर्टल पर रजिस्टर या लॉग इन करें। नए पासपोर्ट या रिन्यूअल के लिए ऑनलाइन फ़ॉर्म भरें। फ़ीस पे करें और अपॉइंटमेंट बुक करें।  डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन और बायोमेट्रिक सबमिशन के लिए PSK/POPSK पर जाएं।  प्रोसेस पूरा होने के बाद, ई-पासपोर्ट आपके पते पर भेज दिया जाएगा। 

 

e-Passport की कितनी है फीस

e-Passport की फीस रेगुलर पासपोर्ट जितनी ही है।  36 पेज वाली पासपोर्ट बुक के लिए 1500 रुपए और 60 पेज वाली बुक के लिए 2000 रुपए शुल्क देना होता है। यदि तत्काल सेवा ली जाती है तो चार्ज बढ़कर लगभग 3500 से 4000 रुपए  तक हो सकता है। Edited by: Sudhir Sharma