Market Technicals: 24400 के नीचे बने रहने तक निफ्टी में जारी रहेगा कंसोलीडेशन, 58000 के ऊपर जाने पर ही बैंक निफ्टी में आएगी तेजी

Market Technicals : 28 अगस्त को निफ्टी में 0.4% की बढ़त के साथ तेजी लौटती दिखी। लेकिन लगातार दूसरे सेशन में भी यह क्लोजिंग बेसिस पर सभी अहम मूविंग एवरेज से नीचे ही बना रहा। इससे पता चलता है कि इसमें मज़बूत मोमेंटम की कमी है और सतर्कता के साथ कंसोलिडेशन का दौर जारी है। इंडेक्स 23,606 से 24,774 तक की रैली के 50 फीसदी फिबोनाची रिट्रेसमेंट लेवल से नीचे बना रहा। जबकि मोमेंटम इंडिकेटर्स और ऑसिलेटर्स में मजबूती की कमी दिखी। इन सभी बातों से संकेत मिलता है कि शॉर्ट टर्म में कमजोर रुझान के साथ उतार-चढ़ाव वाला ट्रेड देखने को मिल सकता है।

मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है कि जब तक निफ्टी 24350–24400 के आसपास स्थित 200-डे EMA (24,350–24,400) के अहम रेजिस्टेंस के नीचे बना रहता है तब तक कंसोलिडेशन और रेंज-बाउंड ट्रेडिंग जारी रह सकती है। निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट 24,000 पर है। अगर यह सपोर्ट कायम नहीं रह पाता तो निफ्टी में 23,800 की तरफ गिरावट आ सकती है। हालांकि,अगर यह रेजिस्टेंस जोन के ऊपर मजबूती दिखाता है तो इसमें 24,800 के लेवल की ओर तेजी आती नजर आ सकती है।

निफ्टी कल बढ़त के साथ खुला और दिन भर लगभग 100 अंकों के दायरे में घूमते रहने के बाद 85 अंक यानी 0.35 फीसदी की बढ़त के साथ 24,176 पर बंद हुआ। निफ्टी पूरे हफ्ते ज्यादातर पिछले हफ्ते के दायरे में ही कारोबार करता रहा और अपने शॉर्ट और मीडियम टर्म मूविंग एवरेज से नीचे बंद हुआ। इस हफ्ते इसमें 0.31 फीसदी की गिरावट आई।

डेली टाइमफ्रेम पर बेंचमार्क इंडेक्स ने पिछले दिन की रेंज के अंदर एक अच्छी बुलिश कैंडल बनाई,जिसमें नीचे की तरफ एक छोटी सी विक(wick)थी। वीकली टाइमफ्रेम पर इसने पिछले हफ्ते की रेंज के अंदर एक रेड कैंडल बनाई,जिसमें ऊपर और नीचे की तरफ साफ शैडो(shadows)दिखाई दे रही थीं। यह रेंज-बाउंड ट्रेडिंग का संकेत है।

डेली RSI के लेवल के आस-पास न्यूट्रल बना रहा। इससे पता चलता है कि किसी खास दिशा में मज़बूत मोमेंटम की कमी है। वहीं,निचले लेवल से बढ़ते ADX से संकेत मिला कि धीरे-धीरे उतार-चढ़ाव बढ़ सकता है। हालांकि,किसी निर्णायक ब्रेकआउट के न होने से यह संकेत मिलता रहा कि बाजार एक सीमित दायरे (रेंज-बाउंड)में ही रहेगा।

निफ्टी पर एक्सपर्ट की राय

HDFC सिक्योरिटीज के सीनियर टेक्निकल रिसर्च एनालिस्ट नागराज शेट्टी के मुताबिक गुरुवार को 24150 के लेवल पर ऊपर की ओर जाने वाली ट्रेंडलाइन के ऊंचे सपोर्ट से नीचे आने के बाद,निफ्टी में शुक्रवार को और ज्यादा कमजोरी नहीं आई। यह एक अच्छा संकेत है,क्योंकि अक्सर नीचे की ओर फाल्स ब्रेकआउट के बाद ऊपर की ओर तेज चाल देखने को मिलती है।

उनका मानना ​​है कि निफ्टी का मेन ट्रेंड 24,000 और 24,400 के दायरे में बना हुआ है और इसमें तेजी का रुख है। अगर निचली रेंज के पास से कोई मजबूत उछाल आता है,तो जल्द ही 24,300–24,400 के लेवल तक अच्छी-खासी तेजी देखने को मिल सकती है। ट्रेंड बदलने के लिए 24,000 का लेवल एक अहम सपोर्ट है।

वीकली ऑप्शन डेटा से पता चलता है कि 24,300 और 24,500 स्ट्राइक,जहां सबसे ज़्यादा कॉल ओपन इंटरेस्ट है,वे शॉर्ट टर्म में निफ्टी के लिए रेजिस्टेंस का काम कर सकते हैं। वहीं,24,000 और 24,100 स्ट्राइक,जहां सबसे ज्यादा पुट ओपन इंटरेस्ट है,वे इंडेक्स के लिए सपोर्ट जोन का काम कर सकते हैं।

उधर फियर इंडेक्स के नाम से जाना जाने वाला इंडिया VIX लोअर लेवल पर बना रहा। यह 3.5 फीसदी गिरकर 10.68 पर आ गया और अपने शॉर्ट टर्म मूविंग एवरेज से नीचे बना रहा। इन बातों से पता चलता है कि मार्केट में अनिश्चितता और निवेशकों की घबराहट काफी कम हो गई थी।

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बैंक निफ्टी व्यू

बैंकिंग इंडेक्स की शुरुआत गिरावट के साथ हुई,लेकिन इसने रिकवरी की कोशिश की और इंट्राडे में 57,596 का हाई बनाया। हालांकि,यह बढ़त बरकरार नहीं रह सकी और अधिकांस ट्रेडिंग सेशन के दौरान इंडेक्स दबाव में रहा। शुक्रवार को यह इंडेक्स 14 अंक गिरकर 57,496 पर बंद हुआ और अपने 20-डे और 50-डे के EMA के दायरे में रहा,जबकि पूरे हफ्ते में इसमें 0.50 फीसदी की गिरावट आई।

डेली चार्ट पर इस इंडेक्स ने एक छोटी बॉडी वाली बुलिश कैंडल बनाई,जिसके दोनों तरफ साफ तौर पर विक्स(wicks)दिख रहे थे। इससे पता चलता है कि बुल्स और बेयर्स के बीच कोई फैसला नहीं हो पा रहा था और साफ दिशा वाला मोमेंटम नहीं था। वीकली टाइमफ़्रेम पर,इसने ऊपर और नीचे शैडो वाली एक रेड कैंडल बनाई,जो उतार-चढ़ाव के बीच दबाव का संकेत है। हालांकि,इंडेक्स सभी अहम मूविंग एवरेज के ऊपर बना रहा,जो ऊपर की ओर बढ़ रहे थे। इससे पता चलता है कि मार्केट का ओवरऑल स्ट्रक्चर मजबूत बना हुआ है।

डेली चार्ट पर इंडेक्स अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज से नीचे बना रहा,जो शॉर्ट टर्म में सावधानी और कंसोलिडेशन का संकेत है। डेली RSI भी न्यूट्रल जोन में रहा,जिससे साफ तौर पर मजबूत मोमेंटम की कमी पता चलती है।

एक्सपर्ट की राय

SBI सिक्योरिटीज में टेक्निकल और डेरिवेटिव्स रिसर्च के हेड सुदीप शाह के अनुसार 57,000–56,900 का जोन एक अहम सपोर्ट एरिया का काम कर सकता है। अगर यह स्तर बना रहता है तो मौजूदा कंसोलिडेशन का दौर जारी रह सकता है।

उनका मानना ​​है कि ऊपर की तरफ 57,900–58,000 का जोन तत्काल रेजिस्टेंस का काम कर सकता है। 58,000 के ऊपर के साफ ब्रेकआउट या 57,000 के नीचे ब्रेकडाउन से मौजूदा कंसोलिडेशन का दौर खत्म हो सकता है और उस दिशा में एक बड़ी ट्रेंडिंग चाल शुरू हो सकती है।

 

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market Outlook : बढ़त के साथ बंद हुआ बाजार, जानिए 31 अगस्त को कैसी रह सकती है बाजार की चाल

Market Outlook : अमेरिकी डॉलर में आई गिरावट और अच्छे ग्लोबल संकेतों के बीच सेंसेक्स और निफ्टी ने अपनी दो दिन की गिरावट का सिलसिला तोड़ दिया। सेंसेक्स आज 331 अंक या 0.43 फीसदी बढ़कर 77,264.51 पर बंद हुआ,जबकि निफ्टी 85 अंक या 0.35% की बढ़त के साथ 24,175.65 पर बंद हुआ। चौतरफा खरीदारी के दम पर मिड-कैप और स्मॉल-कैप सेगमेंट में भी तेजी आई। BSE 150 मिडकैप 0.16% चढ़ा,जबकि 250 स्मॉलकैप में 0.33% की बढ़त हुई।

बाजार की इस तेजी की मुख्य वजह चुनिंदा IT और बैंकिंग सेक्टर की बड़ी कंपनियों में आई जोरदार खरीदारी रही। सेंसेक्स की बढ़त में इन्फोसिस और HDFC बैंक का सबसे बड़ा योगदान रहा। हालांकि,ICICI बैंक ने इंडेक्स पर सबसे ज्यादा दबाव डाला।

TCS,इन्फोसिस,टेक महिंद्रा,HCL टेक और टाइटन सेंसेक्स की सबसे ज्यादा बढ़त दर्ज करने वाली कंपनियां रहीं। दूसरी ओर ICICI बैंक,अल्ट्राटेक सीमेंट,एशियन पेंट्स और ITC इंडेक्स में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज करने वाली कंपनियां रहीं।

जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के हेड ऑफ़ रिसर्च,विनोद नायर का कहना है कि IT शेयरों में जबरदस्त तेजी की वजह से आज भारतीय शेयर बाजार बढ़त के साथ बंद हुए। इस सेक्टर को Nvidia की शानदार कमाई और बेहतर आउटलुक से सहारा मिला। इससे AI से जुड़े निवेश के जारी रहने को लेकर भरोसा बढ़ा और एंटरप्राइज़ AI डिप्लॉयमेंट और वर्कफ़्लो इंटीग्रेशन से जुड़ी कंपनियों को फायदा हुआ। हालांकि,निवेशकों की भागीदारी चुनिंदा शेयरों में रही क्योंकि बाजार जैक्सन होल सिम्पोजियम में फेड चेयर की टिप्पणियों पर नजरें बनाए हुए हैं। इससे US में ब्याज दरों के आउटलुक और ग्लोबल लिक्विडिटी की स्थिति के बारे में ज्यादा साफ जानकारी मिल सकती है।

घरेलू स्तर पर, Q1FY27 के नतीजों का दौर काफी हद तक अच्छे नतीजों के साथ खत्म हो रहा है,इसलिए अब बाजार का फोकस धीरे-धीरे बदलती ग्लोबल मैक्रो-इकोनॉमिक स्थितियों के बीच अर्निंग ग्रोथ पर रहेगा।

हालांकि घरेलू लिक्विडिटी की अच्छी स्थिति बाजार को स्थिरता दे रही है,लेकिन वेस्ट एशिया में तनाव और कच्चे तेल की ऊंची कीमतें अभी भी चिंता के विषय हैं,जिससे निवेशक ग्रोथ और कॉर्पोरेट मुनाफे से जुड़े जोखिमों को लेकर सतर्क हैं।

ओमनीसाइंस कैपिटल के प्रेसिडेंट और चीफ पोर्टफोलियो मैनेजर,अश्विनी शमी ने कहा कि अमेरिका में 10 ईयर ट्रेजरी यील्ड के 4.6%–4.7% के 1-साल के हाई के करीब रहने के बावजूद,हाल के हफ्तों में FII का निवेश थोड़ा पॉजिटिव रहा है। हालांकि US में रिस्क-फ्री रेट्स बढ़ने से आमतौर पर उभरते बाजारों में निवेश पर असर पड़ता है। लेकिन निवेश में यह बढ़ोतरी 2 साल से ज्यादा समय तक बाजार के कंसोलिडेशन के बाद भारतीय इक्विटी की ओर धीरे-धीरे बढ़ते रुझान को दिखाती है। घरेलू रिटेल और DII का मजबूत निवेश बाजार में गिरावट को संभालने में मदद कर रहा है।

बेंचमार्क इंडेक्स एक दायरे में बने हुए हैं। लार्ज-कैप निफ्टी 100 (~20x P/E) की तुलना में स्मॉल और मिड-कैप इंडेक्स (~34x और 30x P/E) का वैल्यूएशन प्रीमियम काफी ज्यादा है,जो अच्छे बॉटम-अप मौके देता है। निकट भविष्य में बाजार का फोकस दूसरी छमाही (H2) की अर्निंग, कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और RBI के लिक्विडिटी रुख पर रहने की उम्मीद है। अच्छे वैल्यूएशन के कारण BFSI और फाइनेंशियल सर्विसेज के चुनिंदा शेयरों निवेश के मौके हैं। साथ ही इंफ्रास्ट्रक्चर,पावर और बिजनेस सर्विसेज में भी निवेश के मौके नजर आ रहे हैं, जिन्हें कैपेक्स (capex) में सुधार और ऑपरेटिंग लेवरेज से फायदा मिल रहा है।

PL कैपिटल में एडवाइजरी और डीलिंग के चीफ बिजनेस ऑफिसर विक्रम कसाट का कहना है कि लगातार दो सेशन में गिरावट के बाद आज भारतीय शेयर बाजार में रिकवरी दिखी। IT शेयरों में खरीदारी और ग्लोबल मार्केट से मिले-जुले लेकिन पॉजिटिव संकेतों के चलते सेंसेक्स और निफ्टी बढ़त के साथ ट्रेड कर करते दिखे। हालांकि,कच्चे तेल की ऊंची कीमतों,US बॉन्ड यील्ड और जैक्सन होल में फेडरल रिजर्व के पॉलिसी आउटलुक को लेकर अनिश्चितता के कारण बाजार का मूड सतर्क बना हुआ है।

कल मंथली एक्सपायरी के दिन क्लोजिंग ऑक्शन सेशन (CAS) के दौरान दिखी भारी उतार-चढ़ाव ने भी निवेशकों को दिन के आखिर में होने वाली हलचल को लेकर और सतर्क कर दिया।

आगे चलकर बाजार में उतार-चढ़ाव बने रहने की संभावना है। ग्लोबल संकेत,कच्चे तेल की कीमतें और इंस्टीट्यूशनल फ्लो बाजार की अगली चाल तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।

रेलिगेयर ब्रोकिंग के SVP,रिसर्च,अजीत मिश्रा ने कहा कि आज शुक्रवार को बाजार में सुस्ती रही और मिले-जुले संकेतों के बीच मामूली बढ़त के साथ कारोबार बंद हुआ। सपाट शुरुआत के बाद,निफ्टी पूरे सेशन के दौरान एक सीमित दायरे में घूमता रहा और आखिर में 0.35% की बढ़त के साथ 24,175.65 पर बंद हुआ,जबकि सेंसेक्स 0.43% ऊपर 77,264.51 पर बंद हुआ।

अलग-अलग सेक्टर का प्रदर्शन मिला-जुला रहा। Nvidia के शानदार तिमाही नतीजों और रेवेन्यू के अच्छे आउटलुक के बाद ग्लोबल टेक्नोलॉजी शेयरों में आई तेजी के दम पर IT सेक्टर सबसे आगे रहा। फार्मा और मेटल सेक्टर भी बढ़त के साथ बंद हुए,जबकि FMCG और ऑटो सेक्टर पर दबाव बना रहा। ब्रॉडर मार्केट में भी सुस्ती रही, जो निवेशकों की सतर्कता को दिखाता है।

ग्लोबल बाजार से मिले-जुले संकेतों और जियोपॉलिटिकल अनिश्चितता के बीच निवेशकों का मूड सतर्क बना रहा। अब सबकी नजरें जैक्सन होल सिम्पोजियम में फेडरल रिज़र्व के चेयरमैन केविन वॉर्श के बयान पर टिकी हैं।

टेक्निकल तौर पर निफ्टी के लिए 24,100-24,000 के जोन के आसपास की खींचतान बनी हुई है। अगर यह लेवल टूटता है और गिरावट जारी रहती है तो इंडेक्स 23,800–23,650 तक गिर सकता है। ऊपर की तरफ, 24,200 का लेवल तत्काल रुकावट का काम कर सकता है और उसके बाद 24,300–24,400 का जोन अहम रेजिस्टेंस लेवल होगा।

मौजूदा अनिश्चितता और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के बीच ट्रेडरों को सलाह है कि इंडेक्स को लेकर सतर्क रुख अपनाएं और चुनिंदा शेयरों पर फोकस करें। निवेशकों को मज़बूत शेयरों और सेक्टर को प्राथमिकता देनी चाहिए और साथ ही रिस्क और पोजीशन मैनेजमेंट में अनुशासन बनाए रखना चाहिए।

 

 

Defense export : डिफेंस सेक्टर को बड़ी राहत, आसान हुए डिफेंस ओपन जनरल एक्सपोर्ट लाइसेंस के नियम

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Trading Plan : बाजार में आज बेहद छोटी सी रेंज में कारोबार, जानिए आगे कैसी रह सकती है इसकी चाल

Trading Plan : बाजार में आज बेहद छोटी सी रेंज में कारोबार हो रहा है। निफ्टी आज के हाई से करीब 80 प्वाइंट नीचे है। सेंसेक्स ने भी करीब 300 प्वाइंट गंवाए हैं। मिडकैप-स्मॉलकैप पर भी प्रेशर है। बैंक निफ्टी भी नीचे कारोबार कर रहा है। लेकिन इसमें सपोर्ट से रिकवरी आई है। डॉलर इंडेक्स में तेजी से पूरा IT सेक्टर जोश में है। निफ्टी IT इंडेक्स करीब 3.5 फीसदी ऊपर कारोबार कर रहा है। निफ्टी के सभी टॉप 5 गेनर्स में IT शेयर है। कोफोर्ज 5 फीसदी ऊपर है। TCS,LTM,इंफोसिस,टेक महिंद्रा और HCL टेक भी 4 फीसदी तक उछले हैं।

लगातार 6 महीने वोडाआइडिया ने नए सबस्क्राइबर जोड़े हैं। कंपनी के चेयरमैन कुमार मंगलम बिड़ला ने कहा है कि FY27 एग्जीक्यूशन का साल होगा। चुनौतियों के बावजूद वोडाफोन-आइडिया में सुधार की उम्मीद है। मैनेजमेंट बदलाव की खबर से TVS का शेयर 3% से ज्यादा गिरा है। के एन राधाकृष्णन की जगह पैमान कारगर CEO पद की कमान संभालेंगे।

बाजार: सुस्त दिन

बाजार में आज बेहद छोटी रेंज में कामकाज हो रहा है। बैंक निफ्टी नीचे है लेकिन सपोर्ट से रिकवरी आई है। निफ्टी IT ने आज सुबह से कमान संभाली है। निफ्टी के सभी टॉप 5 गेनर्स IT शेयर हैं। ICICI बैंक में गिरावट से बैंक निफ्टी फिसला है। Ather में शानदार तेजी है। CAS का आज शायद असर उतना ना देखने को मिले।

बाजार: अब क्या?

बाजार में अब इंडेक्स ट्रेडिंग काफी मुश्किल है। एक दिक्कत ये कि अब ऑप्शन राइटर्स की रेंज भी बड़ी हो जाएगी। ऐसे में एज पर ट्रेड करें। निफ्टी अभी भी ट्रेंडलाइन सपोर्ट पर है। निफ्टी पर ट्राइएंगल ब्रेकडाउन का भी रिस्क है। निफ्टी के लिए 23,950 का मेक ऑर ब्रेक लेवल है। बैंक निफ्टी के लिए 57,000 का मेक ऑर ब्रेक लेवल है।

निफ्टी-बैंक निफ्टी पर रणनीति

निफ्टी के लिए 23,950-24,050 पर सपोर्ट और 24,200-24,250 पर रेजिस्टेंस है। बैंक निफ्टी के लिए 57,000-57,200 पर सपोर्ट और 57,800-58,000 पर रेजिस्टेंस है।

 

 

मिड कैप आईटी के अंदर में ज्यादा पॉजिटिव संकेत, ऑटो और ऑटो एंसिलरी कंपनियों में भी है दम

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market Technicals : टेक्निकल एक्सपर्ट्स से जाने कल के लिए क्या हो ट्रेडिंग रणनीति, निफ्टी-बैंक निफ्टी में किन लेवल्स पर रहे नजर

Market Technicals : आज बाजार एक सीमित दायरे में कारोबार करता दिखा। बाजार की चाल सुस्त रही। निफ्टी 0.13% की गिरावट के साथ 24,219.05 पर और सेंसेक्स 0.22% की गिरावट के साथ 77,369.11 पर बंद हुआ। सेक्टर नजरिए से देखें तो मेटल और रियल्टी सेक्टर में बढ़त रही,जबकि डिफेंस,बैंक,सीमेंट और ऑटो सेक्टर में गिरावट देखी गई। निफ्टी 50 में सबसे ज़्यादा बढ़त जेएसडब्ल्यूस्टील, हिंडाल्को और टाटास्टील में रही। वहीं,एसबीआईलाइफ,बजाज फाइनेंस और अदानीपोर्ट्स में गिरावट रही।

पिछले कुछ ट्रेडिंग सेशन से मेटल शेयरों में तेजा देखने को मिल रही है। सप्लाई में दिक्कत,घटते स्टॉक और मज़बूत मांग के कारण स्टील,कॉपर,एल्युमीनियम और जिंक की ग्लोबल कीमतों में उछाल आया है। इसके अलावा डॉलर इंडेक्स में गिरावट से भी इस सेक्टर को सहारा मिला है। आज निफ्टी मेटल्स में 1.59% की तेजी आई।

आज हिंदुस्तान जिंक सुर्खियों में रहा क्योंकि सरकार अगले दो हफ्तो में इसमें ऑफर फ़ॉर सेल लाने की योजना पर काम कर रही है। केंद्र सरकार 1.5-2% हिस्सेदारी बेचकर लगभग 4,000-5,000 करोड़ रुपये जुटाने की सोच रही है,जो ऑफर के फ़ाइनल साइज़ और कीमत पर निर्भर करेगा। आज हिंदुस्तान जिंक 2.2% बढ़त के साथ बंद हुआ। वहीं, पिछले 3 ट्रेडिंग सेशन में इसमें लगभग 7% की तेजी आई है।

सोने की कीमतों में तेजी से मुथूट फाइनेंस और मन्नापुरम जैसी गोल्ड फ़ाइनेंस कंपनियों को भी फायदा हुआ है। इनके शेयरों में 5.72% और 2.21% से ज्यादा की तेजी आई है। सोने की कीमतों में बढ़ोतरी से गोल्ड फ़ाइनेंस कंपनियों को फायदा हो सकता है। इससे गिरवी रखी गई संपत्ति (कोलेटरल) की वैल्यू बढ़ती है,लेंडर की सिक्योरिटी मजबूत होती है और लोन ग्रोथ को भी बढ़ावा मिल सकता है।

एंजेल वन के चीफ मैनेजर-टेक्निकल एंड डेरिवेटिव रिसर्च,ओशो कृष्ण का कहना है कि ग्लोबल मार्केट से मिले अच्छे संकेतों की वजह से भारतीय इक्विटी मार्केट में बढ़त के साथ शुरुआत हुई और बेंचमार्क इंडेक्स ने एक्सपायरी वाले हफ्ते की शुरुआत जोश के साथ की। हालांकि,बाद में फॉलोअप खरीदारी न होने से शुरुआती तेजी कमज़ोर पड़ गई और इंडेक्स नीचे आ गया,जिससे बुलिश गैप का दोबारा टेस्ट हुआ। इसके बाद, CAS सेशन के बाद निफ्टी ने नुकसान की कुछ भरपाई की और 24200 के ऊपर बंद होने में कामयाब रहा,जिससे सेशन का अंत 0.14% की मामूली गिरावट के साथ हुआ।

टेक्निकल नजरिए से देखें तो पोजीशन अभी भी अनिश्चित बनी हुई है। 20-DEMA एक बड़ी रुकावट के तौर पर सामने आ रहा है और लगातार रिजेक्शन का कारण बन रहा है। हालांकि,हाल ही में मंदी के कमजोर पड़ने के संकेतों ने रिवर्सल की उम्मीद जगाई है, लेकिन तेजी या गिरावट की रफ्तार (मोमेंटम)अभी भी धीमी है। बाजार की नजर किसी ऐसे अहम संकेत पर है जिससे खरीदारी में तेजी आए। अगर गिरावट आती है तो 24150-24100 का दायरा तत्काल सपोर्ट का काम करेगा, जबकि 24050-24000 का जोन एक मजबूत सपोर्ट जोन बना रहेगा।

ऊपर की तरफ,24300 के आसपास स्थित 20-DEMA का जोन रेजिस्टेंस का काम कर सकता है। अगर इस स्तर के ऊपर बढ़त कायम रहती है तो टेक्निकल सेटअप मजबूत होगा और आने वाले समय में 24500 के स्तर तक की रिकवरी का रास्ता खुल सकता है।

फिलहाल,सतर्कता बरतना ही समझदारी होगी। ट्रेडरों को सलाह है कि जब तक बाजार रुझान साफ न हो जाए,तब तक आक्रामक रुख न अपनाएं। अगस्त माह की एक्सपायरी के दौरान वोलैटुलिटी बढ़ने की भी आशंका है। इसलिए,ट्रेडरों के अनुशासित तरीके से रिस्क मैनेज करते हुए सीमित निवेश करना चाहिए और बाजार के अहम संकेतों पर नजर रखनी चाहिए।

SBI सिक्योरिटीज में हेड -टेक्निकल एंड डेरिवेटिव्स रिसर्च, सुदीप शाह का कहना है कि निफ्टी की गैप-अप ओपनिंग टिक नहीं पाई क्योंकि इंडेक्स पर जबरदस्त बिकवाली का दबाव बना और दिन चढ़ने के साथ यह नीचे गिरकर 0.14% की गिरावट के साथ 24219 पर बंद हुआ। डेली चार्ट पर निफ्टी ने लोअर विक के साथ एक बेयरिश कैंडल बनाई। चार्ट पर यह लोअर विक मुख्य रूप से इसलिए बना क्योंकि इंडेक्स ने दूसरे हाफ के आखिर में अपने शुरुआती नुकसान का कुछ हिस्सा रिकवर कर लिया था। इंडेक्स को अपने 20-डे EMA के आसपास रेजिस्टेंस का सामना करना पड़ा और यह नीचे बंद हुआ। ADX इंडिकेटर पर DI-लगातार DI+ से ऊपर बना हुआ है,जो बुल्स पर बेयर्स के लगातार बने दबदबे को दिखाता है।

मिडकैप इंडेक्स ने एक पतली बॉडी वाली बेयरिश कैंडल बनाई,जिसके दोनों तरफ छोटी विक्स थीं। इससे पता चलता है कि इंट्राडे में कोई साफ दिशा नहीं थी। स्मॉलकैप इंडेक्स ने एक बेयरिश कैंडल बनाई जिसमें ऊपर की तरफ एक छोटी विक थी,जो ऊपरी लेवल पर प्रॉफ़िट बुकिंग को दिखाती है। प्रॉफिट बुकिंग के बावजूद, स्मॉलकैप इंडेक्स मिडकैप और लार्जकैप के मुकाबले बेहतर स्थिति में है,जैसा कि इसके संबंधित रेश्यो चार्ट में बढ़ती रेश्यो लाइन से पता चलता है।

आगे निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट 24070-24050 के जोन में है। अगर निफ्टी इस जोन के नीचे टिकता है तो इसमें और कमजोरी आ सकती है और यह शॉर्ट टर्म में 23900 और फिर 23750 तक गिर सकता है। ऊपर की तरफ निफ्टी के लिए तत्काल रेजिस्टेंस 24350-24370 के जोन में है।

Market Outlook : गिरावट के साथ बंद हुए सेंसेक्स-निफ्टी, जानिए 25 अगस्त को कैसी रह सकती है बाजार की चाल

बैंक निफ्टी आउटलुक

 सुदीप शाह का कहना है कि  बैंक निफ्टी भी गैप-अप के साथ खुला,लेकिन ऊंचे स्तरों पर टिक नहीं पाया। दिन के दौरान इसमें तेज गिरावट आई,लेकिन बाद में,खासकर दूसरे हाफ के आखिर में इसमें कुछ रिकवरी हुई और इंडेक्स ने नुकसान की कुछ भरपाई की। आखिरकार,यह 0.41% गिरकर 57526 पर बंद हुआ। डेली चार्ट पर इंडेक्स ने एक बेयरिश कैंडल बनाई है,जिसमें नीचे की तरफ एक साफ लोअर विक दिख रही है। अगस्त की शुरुआत से ही बैंक निफ्टी 1246 अंकों की रेंज में ही घूम रहा है जो बाजार में अनिश्चितता और साइडवेज रहने के संकेत है। गिरता हुआ ADX भी इस बात की पुष्टि करता है कि बाजार में कोई मजबूत दिशा वाला ट्रेंड नहीं है।

आगे बैंक निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट 57100-57000 जोन में है। अगर यह इस जोन के नीचे बना रहता है,तो बैंक निफ्टी में और कमजोरी आ सकती है और यह शॉर्ट टर्म में 56600 और फिर 56200 तक टूट सकता है। ऊपर की तरफ,बैंक निफ्टी के लिए तत्काल रेजिस्टेंस 57900-58000 जोन में है।

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market Outlook : गिरावट के साथ बंद हुए सेंसेक्स-निफ्टी, जानिए 25 अगस्त को कैसी रह सकती है बाजार की चाल

Market Outlook : 24 अगस्त को भारतीय इक्विटी इंडेक्स गिरावट के साथ बंद हुए और निफ्टी 24,200 के आसपास रहा। कारोबार के अंत में सेंसेक्स 171.72 अंक या 0.22 प्रतिशत गिरकर 77,369.11 पर और निफ्टी 32.95 अंक या 0.14 प्रतिशत गिरकर 24,219.05 पर बंद हुआ। आज लगभग 1970 शेयरों में बढ़त हुई, 2278 शेयरों में गिरावट आई और 199 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ।

निफ्टी में सबसे ज़्यादा गिरावट वाले शेयरों में SBI लाइफ इंश्योरेंस,बजाज फाइनेंस,बजाज फिनसर्व,भारत इलेक्ट्रॉनिक्स और अडानी पोर्ट्स शामिल रहे। जबकि बढ़त वाले शेयरों में हिंडाल्को,JSW स्टील,डॉ. रेड्डीज़ लैब्स,टाटा स्टील और HCL टेक्नोलॉजीज शामिल रहे।

IT,एनर्जी,मेटल और रियल्टी को छोड़कर बाकी सभी सेक्टर इंडेक्स गिरावट के साथ बंद हुए। PSU बैंक में 1% की गिरावट आई,जबकि प्राइवेट बैंक,मीडिया और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स में 0.3-0.5% की गिरावट देखने को मिली। निफ्टी मिडकैप इंडेक्स में 0.13% की बढ़त हुई,जबकि स्मॉलकैप इंडेक्स में 0.26% की गिरावट आई।

निफ्टी व्यू

कोटक सिक्योरिटीज के हेड इक्विटी रिसर्च श्रीकांत चौहान का कहना है कि आज बेंचमार्क इंडेक्स में ऊपरी लेवल पर प्रॉफिट बुकिंग दिखी। निफ्टी 33 अंक गिरकर बंद हुआ,जबकि सेंसेक्स में 171 अंकों की गिरावट आई। सेक्टर की बात करें तो मेटल इंडेक्स में 1.50 फीसदी से ज्यादा की तेजी रही,जबकि PSU बैंक और डिफेंस इंडेक्स में लगभग 1 फीसदी की गिरावट आई।

टेक्निकल तौर पर,पॉज़िटिव शुरुआत के बाद मार्केट को ऊपरी लेवल पर लगातार बिकवाली का दबाव झेलना पड़ रहा है। डेली चार्ट पर बेयरिश कैंडल और इंट्राडे चार्ट पर रिवर्सल पैटर्न मौजूदा लेवल से और कमजोरी आने के संकेत दे रहे हैं।

श्रीकांत चौहान का मानना ​​है कि 24,250 का लेवल निफ्टी के लिए तत्काल रेजिस्टेंस जोन का काम करेगा। जब तक इंडेक्स इस लेवल के नीचे ट्रेड करेगा,तब तक कमजोरी का ट्रेंड जारी रहने की संभावना है। नीचे की तरफ,निफ्टी 24,000-23,950 तक गिर सकता है। दूसरी ओर 24,250 के ऊपर जाने पर मार्केट में रिकवरी आ सकती है और यह 24,350-24,400 तक जा सकता है।

LKP सिक्योरिटीज के सीनियर टेक्निकल एनालिस्ट, रूपक डे का कहना है कि अच्छी शुरुआत के बाद इंडेक्स नीचे गिर गया क्योंकि ईरान पर नए अमेरिकी प्रतिबंधों से पहले ट्रेडर्स ने अपनी पोजीशन घटाते दिखे। इंट्राडे में निफ्टी 24,200 के सपोर्ट लेवल से नीचे चला गया था,लेकिन क्लोजिंग के समय उसने इसे फिर से हासिल कर लिया।

मंगलवार को बाजार में काफी उतार-चढ़ाव रहने की संभावना है क्योंकि ट्रेडर्स ईरान पर नए अमेरिकी प्रतिबंधों और ईरान की संभावित प्रतिक्रिया के आधार पर अपनी पोजीशन में बदलाव करेंगे। यह अहम घटना NSE की मंथली F&O एक्सपायरी के साथ ही होगी जो एक अहम इवेंट है। इसलिए,मंगलवार को बाजार में उतार-चढ़ाव की उम्मीद है।

निचले स्तर पर नफ्टी के लिए 24,200/24,000 पर सपोर्ट है। ऊपरी स्तर पर,24,350 एक अहम रेजिस्टेंस लेवल का काम कर सकता है,जिसके ऊपर जाने पर निफ्टी में अच्छी-खासी तेजी देखने को मिल सकती है।

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बैंक निफ्टी व्यू

LKP सिक्योरिटीज के टेक्निकल एनालिस्ट,वत्सल भुवा का कहना है कि बैंक निफ्टी आज डेली चार्ट पर बेयरिश कैंडलस्टिक के साथ बंद हुआ है। यह ऊपरी लेवल पर लगातार बिकवाली के दबाव को दिखाता है। इंडेक्स अभी भी कंसोलिडेशन फेज में है,जो मार्केट में दुविधा और किसी साफ दिशा के बारे में पक्के भरोसे की कमी को दिखाता है। बैंक निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट 57,300 पर है (जो सोमवार के निचले स्तर के आसपास है),जबकि रेजिस्टेंस 58,000 के आसपास दिख रहा है,जो गिरती हुई ट्रेंडलाइन के साथ मेल खाता है।

जब तक कोई साफ ब्रेकआउट या ‘ब्रेकडाउन नहीं होता,तब तक इंडेक्स के एक दायरे में ही रहने की संभावना है। इसलिए,57,300–58,000 की रेंज में सख्त स्टॉप-लॉस के साथ ही ट्रेड करने की सलाह होगी।

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Trading Ideas : आज की दिन काफी अहम, शॉर्ट टर्म में करना चाहते हैं बंपर कमाई तो इन दो शेयरों पर रहे नजर

Trading Ideas : बाजार में आज हल्की बढ़त के साथ कारोबार हो रहा है। मार्केट के टेक्निकल एक्सपर्ट्स का कहना है कि निफ्टी अभी अपने 50 डे और 100 डे EMA के आस-पास घूम रहा है। हालांकि,दोनों एवरेज मोटे तौर पर स्थिर हैं,जो किसी खास दिशा में तेजी की कमी और कंसोलिडेशन के दौर का संकेत दे रहे हैं। मोमेंटम इंडिकेटर और ऑसिलेटर भी नियर टर्म में न्यूट्रल से साइडवेज रुझान का संकेत दे रहे हैं।

एसबीआई सिक्योरिटीज के सुदीप शाह का कहना है कि निफ्टी के लिए 24290-24320 पर स्थित 20-डे EMA जोन एक अहम रुकावट का काम कर सकता है। अगर यह लगातार 24320 के स्तर के ऊपर बना रहता है तो एक तेज पुलबैक रैली शुरू हो सकती है,जिससे 24450 के स्तर तक ऊपर जाने का रास्ता खुल सकता है।

नीचे की तरफ,24130-24100 का जोन एक अहम सपोर्ट एरिया बना हुआ है। अगर निफ्टी 24100 के नीचे टूटता है तो टेक्निकल स्ट्रक्चर और कमजोर हो सकता है और मौजूदा करेक्शन वाला ट्रेंड फिर से शुरू हो सकता है,जिससे इंडेक्स 23950 के स्तर की ओर जा सकता है।

मार्केट ट्रेंड पर बात करते हुए त्रिशक्ति एसोसिएट्स के को-फाउंडर पवन माहेश्वरी ने कहा कि कल बाजार में अच्छी गैपअप ओपनिंग रही उसके बाद में एक डोजी फॉर्मेशन देखने को मिला। अगर मैं पिछले तीन दिन के पैटर्न देखें तो इसको हम एक आइलैंड रिवर्सल पैटर्न कह सकते हैं। हालांकि आज हमें वेट करना होगा। अगर आज निफ्टी क्लोजिंग तक 24,280 के ऊपर टिकता है तो यहां से एक नई तेजी बननी चालू हो जाएगी। इस स्थिति में हम 24,000 के स्टॉप लॉस के साथ लॉन्ग जा सकते है। वहीं, अगर आज मार्केट 24,300 के नीचे बंद होता है तो हमें एक दिन और वेट करना होगा। आज का दिन बाजार के लिए काफी अहम है। आज हमें निफ्टी पर नजर रखना होगा और 2 2:30 बजे के आसपास डिसीजन लेना होगा।

पवन माहेश्वरी की टॉप पिक्स

पवन माहेश्वरी ने कहा कि उनकी आज के लिए पहली पसंद है सीजी पावर। इसके चार्ट पैटर्न काफी अच्छे दिख रहे हैं। इस स्टॉक में 850 रुपए के स्टॉपलॉस के साथ 930 रुपए के टारगेट के लिए खरीदारी की सलाह है। इनकी दूसरी पसंद डिफेंस सेक्टर से है। डिफेंस काफी प्रॉमिसिंग थीम है। ऐसे में कोचीन शिपयार्ड में 1460 रुपए के स्टॉपलॉस के साथ 1600 रुपए के टारगेट के लिए खरीदारी की सलाह है।

 

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डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market Technicals : शॉर्ट-टर्म में नेगेटिव रुझान के साथ कंसोलिडेशन जारी रहने की उम्मीद, इन अहम लेवल्स पर रहे नजर

Market Technicals : 17 अगस्त को निफ्टी पूरे सेशन के दौरान दबाव में रहा और कारोबारी सत्र के अंत में 0.3 फीसदी की गिरावट के साथ बंद हुआ,जिससे नए हफ्ते की शुरुआत खराब रही। इंडेक्स पिछले हफ्ते के निचले स्तर 24266 से नीचे गिर गया,लेकिन सेशन के दूसरे हिस्से में सुबह के नुकसान की कुछ भरपाई होती दिखी और क्लोजिंग बेसिस पर निफ्टी 24266 के स्तर को बचाए रखने में कामयाब रहा। बाजार में धीरे-धीरे मंदी का रुझान मजबूत हो रहा है और इंडेक्स अब अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज और बोलिंगर बैंड्स की मिडलाइन,दोनों के नीचे ट्रेड कर रहा है। इसलिए,शॉर्ट-टर्म में नेगेटिव रुख के साथ कंसोलिडेशन जारी रहने की संभावना है।

बेयरिश मोमेंटम के मजबूत होने के संकेत

मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है कि निफ्टी के लिए 24200 का लेवल सबसे नजदीकी सपोर्ट का काम कर सकता है। अगर यह लेवल टूटता है तो 24050-24000 के जोन की तरफ और गिरावट आने की संभावना बढ़ सकती है। वहीं,ऊपर की तरफ इसके लिए 24400-24500 का एरिया रेजिस्टेंस का काम कर सकता है।

निफ्टी कल 24,343 पर नीचे खुला और गिरकर 24,227 के इंट्राडे लो पर आ गया। हालांकि,दोपहर में इंडेक्स में कुछ रिकवरी दिखी और यह दिन के निचले स्तर से 60 अंक चढ़कर 24,288 पर बंद हुआ।

डेली टाइमफ्रेम पर निफ्टी ने लोअर विक के साथ एक बड़ी बेयरिश कैंडल बनाई,जो निचले स्तरों पर खरीदारी आने के बावजूद कमजोरी का संकेत है। RSI गिरकर 49.26 पर आ गया और इसमें नेगेटिव क्रॉसओवर हुआ। जबकि MACD ने बढ़ते रेड हिस्टोग्राम बार के साथ अपना बेयरिश क्रॉसओवर बनाए रखा,जो बेयरिश मोमेंटम के मजबूत होने का संकेत है।

एक्सपर्ट्स की राय

कोटक सिक्योरिटीज में इक्विटी रिसर्च के हेड श्रीकांत चौहान का कहना है कि डेली चार्ट पर निफ्टी ने एक बेयरिश कैंडल बनाया है और लंबे समय बाद यह 20-डे SMA (सिंपल मूविंग एवरेज)के नीचे बंद हुआ है,जो काफी हद तक एक नेगेटिव संकेत है। डे ट्रेडर्स के लिए 24400 का लेवल सबसे नजदीकी रेजिस्टेंस का काम करेगा। अगर निफ्टी इस लेवल के ऊपर ट्रेड करने में कामयाब रहता है तो यह 24500-24620 तक वापसी कर सकता है। दूसरी ओर 24220 के नीचे जाने पर बिकवाली का दबाव बढ़ सकता है। इसके नीचे जाने पर निफ्टी 24100-24050 के लेवल तक गिर सकता है

SBI सिक्योरिटीज में टेक्निकल और डेरिवेटिव्स रिसर्च के हेड सुदीप शाह ने कहा कि 24200-24150 के आसपास स्थित 50-डे EMA जोन इंडेक्स के लिए तत्काल सपोर्ट का काम कर सकता है। लगातार 24150 के नीचे बने रहने से बिकवाली का दबाव बढ़ सकता है और 24,000 के लेवल की ओर और गिरावट आ सकती है। ऊपर की तरफ 24380-24400 के आसपास स्थित 200-डे EMA जोन एक अहम रेजिस्टेंस एरिया बना हुआ है। 24,400 के ऊपर की टिकाऊ बढ़त बुलिश सेंटीमेंट को मजबूत करेगी और नियर टर्म में 24550 के लेवल की ओर बढ़ने का रास्ता साफ कर सकती है।

क्या कहते हैं ऑप्शन डेटा?

वीकली ऑप्शन डेटा से पता चलता है कि 24300 स्ट्राइक (जहां सबसे ज्यादा पुट ओपन इंटरेस्ट है) आगे और गिरावट के लिए एक अहम लेवल हो सकता है। अगर इंडेक्स इसके नीचे बना रहता है तो 24,200 और 24,000 स्ट्राइक (जहां इसके बाद सबसे ज्यादा पुट ओपन इंटरेस्ट देखा गया है) इंडेक्स के लिए अगले सपोर्ट लेवल का काम कर सकते हैं। इसके विपरीत 24500 और 24400 के स्ट्राइक प्राइस (जहां सबसे ज़्यादा कॉल ओपन इंटरेस्ट है) इंडेक्स के लिए तत्काल रेसिस्टेंस जोन के तौर पर काम कर सकते हैं।

क्या कहती है इंडिया VIX की चाल?

फियर इंडेक्स यानी इंडिया VIX लगातार चार सेशन तक गिरने के बाद 0.18% बढ़कर 11.325 पर पहुंच गया,लेकिन यह 12 के जोन और अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज से नीचे ही बना रहा। इसका मतलब है कि उतार-चढ़ाव और अनिश्चितता अभी भी काफी कम है।

बैंक निफ्टी व्यू

भारी उतार-चढ़ाव के बाद बैंकिंग इंडेक्स, निफ्टी से बेहतर प्रदर्शन करते हुए 7 अंक बढ़कर 57,498 पर बंद हुआ। यह इंडेक्स इंट्राडे में पिछले हफ्ते के निचले स्तर से नीचे गया और 57,120 का इंट्राडे लो छुआ,लेकिन फिर रिकवर हुआ और 50-डे EMA (57,184)के साथ-साथ 56,024 से 58,250 तक की हालिया रैली के 50 प्रतिशत फाइबोनैचि रिट्रेसमेंट (57,135) को भी बनाए रखा। यह अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज से नीचे बने रहने के बावजूद बोलिंगर बैंड्स की मिडलाइन को बनाए रखने में कामयाब रहा।

मीडियम और लॉन्ग-टर्म स्ट्रक्चर पॉजिटिव

इसको देखते हुए लगता है कि इसका मीडियम और लॉन्ग-टर्म स्ट्रक्चर पॉजिटिव बना हुआ है। हालांकि शॉर्ट-टर्म में कुछ कंसोलिडेशन हो सकता है। डेली चार्ट पर,बैंकिंग इंडेक्स ने हाई वेव कैंडल बनाया है,जो मार्केट में दुविधा और किसी खास दिशा को लेकर पक्के भरोसे की कमी का संकेत है। मोमेंटम इंडिकेटर बाजार के एक सीमित दायरे में रहने का संकेत दे रहे हैं। पिछले 28 ट्रेडिंग सेशन से डेली RSI एक सीमित दायरे में ही ऊपर-नीचे हो रहा है,जिससे पता चलता है कि बाजार में किसी खास दिशा की ओर कोई मजबूत झुकाव नहीं है।

बैंक निफ्टी के लिए अहम लेवल्स

SBI सिक्योरिटीज के सुदीप शाह का कहना है कि आगे 57,900-58,000 का जोन इंडेक्स के लिए एक अहम रेजिस्टेंस एरिया का काम करेगा। वहीं,नीचे की तरफ 57,100-57,000 का जोन एक अहम सपोर्ट एरिया बना हुआ है। इन लेवल से कोई भी साफ ब्रेकआउट या ब्रेकडाउन बैंक निफ्टी की आगे की चाल तय कर सकती है।

 

Market Trend : निफ्टी और बैंक निफ्टी मेक ऑर ब्रेक लेवल पर, दमदार कमाई के लिए इस मेटल शेयर पर रहे नजर

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market Trend : निफ्टी और बैंक निफ्टी मेक ऑर ब्रेक लेवल पर, दमदार कमाई के लिए इस मेटल शेयर पर रहे नजर

Market Trend : कारोबारी हफ्ते के पहले दिन, 17 अगस्त को बाजार दायरे में बंद हुआ। सेंसेक्स-निफ्टी गिरावट के साथ बंद हुए। बैंक निफ्टी की फ्लैट क्लोजिंग हुई। कारोबार के अंत में सेंसेक्स 281 प्वाइंट गिरकर 77,728 पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी 78 प्वाइंट गिरकर 24,288 पर बंद हुआ। मिडकैप और स्मॉलकैप हल्की बढ़त पर बंद हुए। IT और FMCG शेयरों में बिकवाली रही। रियल्टी और मेटल इंडेक्स बढ़त पर बंद हुए।

निफ्टी बैंक 7 प्वाइंट चढ़कर 57,498 पर बंद हुआ। वहीं, मिडकैप 35 प्वाइंट चढ़कर 63,817 पर बंद हुआ। निफ्टी के 50 में से 31 शेयरों में बिकवाली रही। सेंसेक्स के 30 में से 23 शेयरों में बिकवाली देखने को मिली। बैंक निफ्टी के 14 में से 8 शेयरों में बिकवाली रही। रुपया 18 पैसे कमजोर होकर 95.60 रुपए प्रति डॉलर पर बंद हुआ।

18 अगस्त को कैसी रह सकती है बाजार की चाल?

मार्केट ट्रेंड पर बात करते हुए www.sethamit.com के अमित सेठ ने कहा कि पिछले सात-आठ दिनों से हम निफ्टी में एक साइडवेज टू नेगेटिव ड्रैग देख रहे हैं। निफ्टी फाइनली एक मेक ऑर ब्रेक लेवल पर दिख रहा है। मूविंग एवरेज के अधार इसके लिए 2426 24287 के आसपास अहम सपोर्ट है। अब हम इसके आसपास ही खड़े हैं। निफ्टी के लिए 24,200 को डिफेंड करना बहुत जरूरी है। अगर निफ्टी 24,200 के लेवल के बचाए रखने में कामयाब रहता तो यहां से एक रिवर्सल आ सकता है। ऐसे में एक कंडीशनल बाय बनता है। अगर, निफ्टी 24320 के ऊपर निकले तो फिर हम 50 अंकों के स्टॉप लॉस के साथ लॉन्ग जा सकते हैं। पोजीशनली अगर किसी का लॉन्ग ट्रंड है तो 24,200 का स्टॉप लॉस रखें।

बैंक निफ्टी व्यू

इसी तरह बैंक निफ्टी भी अपने अहम सपोर्ट के आसपास नजर आ रहा है। इसके लिए 57,000 पर स्ट्रांग सपोर्ट है। जब तक बैंक निफ्टी इस लेवल के ऊपर टिका रहता है, तब तक इसमें गिरावट पर खरीदारी की सलाह होगी। कल हमें निफ्टी और बैंक निफ्टी में एक अच्छी रिकवरी देखने को मिली। लेकिन कारोबारी सत्र के अंतिम हिस्से में यह रिकवरी कमजोर पड़ गई। लेकिन अभी भी उम्मीद कायम है। ऐसे में अगर आज सुबह कोई पॉजिटिव ट्रैक्शन मिलता है तो हमें खरीदारी की रणनीति अपनानी चाहिए।

अमित सेठ की टॉप पिक

अमित सेठ ने कहा कि उनको हिंडाल्को का शेयर अच्छा लग रहा है। दो-तीन दिनों से यहां पुलबक आया है, जिसमें यह 20 डेमा और 10 डेमा को बचाए रखने में कामयाब रहा है। ओवरऑल यह स्टॉक अपने बेस से बाहर आया है। इसमें हायर हाई, हायर लो का स्ट्रक्चर है। इस स्टॉक में 1035 रुपए के स्टॉप लॉस के साथ लगभग 1080 रुपए के टारगेट के लिए खरीदारी की सलाह होगी।

 

जुलाई में विदेशी निवेशकों ने कंज्यूमर सर्विस,हेल्थकेयर और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स में किया खूब निवेश, जानिए कहां से हुई इनकी निकासी

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market Outlook : भारतीय इक्विटी इंडेक्स मामूली गिरावट के साथ हुए बंद, जानिए 17 अगस्त को कैसी रह सकती है बाजार की चाल

Market Outlook : 14 अगस्त को उतार-चढ़ाव भरे ट्रेडिंग सेशन में भारतीय इक्विटी इंडेक्स मामूली गिरावट के साथ बंद हुए हैं। कारोबार के अंत में सेंसेक्स 70.71 अंक या 0.09 प्रतिशत गिरकर 78,009.25 पर और निफ्टी 29.85 अंक या 0.12 प्रतिशत गिरकर 24,366 पर बंद हुआ। आज लगभग 1855 शेयरों में बढ़त हुई,2244 शेयरों में गिरावट आई और 174 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ। निफ्टी में सबसे ज़्यादा बढ़त वाले शेयरों में अपोलो हॉस्पिटल्स,भारती एयरटेल,अदाणी एंटरप्राइजेज,अदाणी पोर्ट्स और विप्रो शामिल रहे। जबकि गिरावट वाले शेयरों में टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल,जियो फाइनेंशियल,ONGC,हिंडाल्को और SBI शामिल रहे।

सेक्टरों की बात करें तो ऑटो,एनर्जी,FMCG,मेटल,फार्मा और रियल्टी में 0.3-1% की गिरावट आई,जबकि कंज्यूमर ड्यूरेबल्स और मीडिया में लगभग 1% की बढ़त हुई। निफ्टी मिडकैप इंडेक्स में 0.5 प्रतिशत और स्मॉलकैप इंडेक्स में 0.7 प्रतिशत की गिरावट आई।

जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के हेड ऑफ़ रिसर्च,विनोद नायर का कहना है कि आज मार्केट में कम उतार-चढ़ाव देखने को मिला। निवेशक की नजर एनर्जी की कीमतों और ग्लोबल बॉन्ड यील्ड के आउटलुक पर लगी हुई है। हालांकि,कंज्यूमर ड्यूरेबल्स और डिस्क्रिशनरी कंजम्पशन स्टॉक्स की अगुवाई में मार्केट दिन के निचले स्तरों से रिकवरी हुआ, जिसे बेहतर डिमांड ट्रेंड्स का भी सपोर्ट मिला।

इस तिमाही में उम्मीद से बेहतर नतीजों और घरेलू सपोर्टिव फैक्टर्स(जिनसे FY27 के अर्निंग अनुमानों में बढ़ोतरी हो सकती है) की वजह से बॉटम-अप स्टॉक सिलेक्शन अप्रोच के लिए मौके बन रहे हैं।

इसके अलावा,रुपये में स्थिरता,भारत की 10-साल की बॉन्ड यील्ड में गिरावट और FII की खरीदारी में धीरे-धीरे सुधार से घरेलू मैक्रो-एनवायरनमेंट को सपोर्ट मिल रहा है और महंगाई की स्थिति भी बेहतर हो रही है।

17 अगस्त को कैसी रह सकती है बाजार की चाल

LKP सिक्योरिटीज के सीनियर टेक्निकल एनालिस्ट रूपक डे का कहना है कि निफ्टी में एक और दिन सुस्त ट्रेडिंग देखने को मिली। ट्रेडर्स वीकेंड से पहले किसी खास दिशा में पोजीशन लेने से बचते दिखे। निफ्टी थोड़ी गिरावट के साथ बंद हुआ,लेकिन 20EMA के ठीक ऊपर रहा और मोटे तौर पर अपनी शॉर्ट-टर्म मजबूती बनाए रखने में कामयाब रहा।

मोमेंटम इंडिकेटर RSI और कमजोर होने लगा है और बेयरिश क्रॉसओवर ओवरसोल्ड जोन की ओर बढ़ रहा है। कुल मिलाकर,सेंटीमेंट कमजोर बना हुआ है और 24,180 के स्तर तक और गिरावट की संभावना है। ऊपरी स्तर पर 24,400 का लेवल निफ्टी के लिए एक अहम रेजिस्टेंस का काम कर सकता है।

SBI सिक्योरिटीज में टेक्निकल एंड डेरिवेटिव्स रिसर्च हेड ,सुदीप शाह का कहना है कि आगे निफ्टी के लिए तत्काल रेजिस्टेंस 24500-24550 के जोन में नजर आ रहा है। अगर निफ्टी इस जोन के ऊपर टिकता है तो यह 24700 और उसके बाद शॉर्ट टर्म में 24850 तक जा सकता है। नीचे की तरफ,निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट 24230-24200 के जोनन में है,जो 100 डे EMA के लेवल के पास ही है।

HDFC सिक्योरिटीज के सीनियर टेक्निकल रिसर्च एनालिस्ट नागराज शेट्टी ने कहा कि शुक्रवार को मार्केट में एक छोटे दायरे में उतार-चढ़ाव और कंसोलिडेशन का दौर जारी रहा। अंत में निफ्टी 29 अंक गिरकर बंद हुआ। ओवरऑल चार्ट पैटर्न से पता चलता है कि पिछले 9 सेशन से मार्केट में धीरे-धीरे कमजोरी बढ़ती जा रही है।

पिछले हफ्ते हाई लेवल पर डोजी टाइप का वीकली पैटर्न बनने के बाद इस हफ्ते निफ्टी के वीकली चार्ट पर एक साफ नेगेटिव कैंडल बनी है। यह 24500-24600 के अहम रेजिस्टेंस लेवल के पास ऊपर की ओर एक फॉल्स ब्रेकआउट का संकेत है।

पिछले कुछ महीनों में लगातार हायर बॉटम बनते हुए देखे गए हैं। अभी दिख रही कमजोरी नए हायर बॉटम बनने की प्रक्रिया का हिस्सा हो सकती है। इसलिए,आने वाले सेशन में कुछ और कंसोलिडेशन की संभावना है। अगर यहां से और कमजोरी आती है तो निफ्टी जल्द ही 24200-24000 के अगले निचले सपोर्ट लेवल तक गिर सकता है। फिलहाल 24500 के लेवल पर तत्काल रेजिस्टेंस दिख रहा है।

बैंक निफ्टी का आउटलुक

सुदीप शाह ने कहा बैंक निफ्टी ने शुरुआती कमजोरी को पीछे छोड़ते हुए बढ़त बनाई,लेकिन 57,681 के आसपास उसे रेजिस्टेंस का सामना करना पड़ा और फिर यह नीचे गिरकर 57,380 के इंट्राडे निचले स्तर पर आ गया। सेशन के दूसरे हिस्से में निचले स्तरों से आई रिकवरी ने इंडेक्स को अपने शुरुआती नुकसान की कुछ भरपाई करने में मदद की और बैंक निफ्टी 0.25% की गिरावट के साथ 57,491 पर बंद हुआ।

इंडेक्स ने दोनों तरफ विक्स वाली एक छोटी बॉडी वाली कैंडल बनाई। यह बाजार में अनिश्चितता का संकेत है। फ्लैट RSI और ADX मजबूत डायरेक्शनल मोमेंटम और उतार-चढ़ाव की कमी का संकेत देते हैं,जिससे पता चलता है कि इंडेक्स अभी भी कंसोलिडेशन के दौर में है।

आगे की बात करें तो बैंक निफ्टी के लिए तत्काल रेजिस्टेंस 57900-58000 के जोन में है। अगर यह इस जोन के ऊपर टिकता है तो बैंक निफ्टी का यह पुलबैक 58400 और उसके बाद शॉर्ट टर्म में 58800 तक बढ़ सकता है। नीचे की तरफ,बैंक निफ्टी के लिए तत्काल सपोर्ट 57100-57000 के जोन में है।

 

Trading plan: बाजार कह रहा है कुछ दिन ट्रेडिंग ना करें, एकदम पक्का भरोसा मिले तभी करें ट्रेड

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Market Outlook : निफ्टी-सेंसेक्स गिरावट के साथ हुए बंद, जानिए 10 अगस्त को कैसी रह सकती है इनकी चाल

Market Outlook : कारोबारी हफ्ते के आखिरी दिन बाजार में गिरावट देखने को मिली है। निफ्टी,सेंसेक्स गिरावट के साथ बंद हुए हैं। निफ्टी,सेंसेक्स गिरावट के साथ बंद हुआ है। वहीं, ऑटो और IT शेयरों में खरीदारी रही। डिफेंस और इंफ्रा इंडेक्स भी बढ़त पर बंद हुए। हालांकि, बैंकिंग और PSE शेयरों में दबाव देखने को मिला। कारोबारी सत्र के अंत में निफ्टी 65 प्वाइंट गिरकर 24,571 पर बंद हुआ। वहीं,सेंसेक्स 456 प्वाइंट गिरकर 78,499 पर बंद हुआ। बैंक निफ्टी भी बैंक निफ्टी 317 प्वाइंट गिरकर 57,746 पर बंद हुआ। जबकि, मिडकैप 137 प्वाइंट चढ़कर 63,464 पर बंद हुआ।

आज निफ्टी के 50 में से 27 शेयरों में बिकवाली देखने को मिली। वहीं, सेंसेक्स के 30 में से 16 शेयरों में बिकवाली रही। जबकि, बैंक निफ्टी के 14 में से 7 शेयरों में बिकवाली रही। डॉलर के मुकाबले रुपया 1 पैसा मजबूत होकर 95.21 रुपए प्रति डॉलर पर बंद हुआ।

आज ऑटो और IT शेयरों में अच्छी बढ़त के बावजूद फाइनेंशियल शेयरों में गिरावट का असर ज्यादा रहा। बजाज फाइनेंस के शेयरों में लगभग 6 प्रतिशत की गिरावट आई,जबकि बजाज फिनसर्व,ट्रेंट और ICICI बैंक भी गिरने वाले प्रमुख शेयरों में शामिल थे। इसके विपरीत TCS, ग्रासिम और हिंडाल्को के शेयरों में 3 प्रतिशत से ज्यादा की बढ़त हुई। निफ्टी ऑटो और IT इंडेक्स में 1.84 प्रतिशत और 1.42 प्रतिशत की बढ़त हुई,जबकि प्राइवेट बैंकों के शेयरों में 1 प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट आई। मार्केट ब्रेथ निगेटिव रहा 1,964 शेयरों में बढ़त हुई, जबकि 2,119 शेयरों में गिरावट देखने को मिली।

आगे कैसी रह सकती है बाजार की चाल?

Hedged.in के HNI और डेरिवेटिव्स के एसोसिएट वाइस प्रेसिडेंट रियांक अरोड़ा का कहना है कि भारतीय इक्विटी मार्केट में आज का कारोबार कमजोरी के साथ बंद हुआ। हालिया बढ़त के बाद बेंचमार्क इंडेक्स में प्रॉफिट बुकिंग देखने को मिली। कुछ हैवीवेट शेयरों में बिकवाली के दबाव का असर मार्केट के सेंटीमेंट पर पड़ा,जिससे बाजार लाल निशान में बंद हुआ। आज की गिरावट के बावजूद,मार्केट का ओवरऑल ढांचा काफी हद तक मजबूत बना हुआ। निवेशक ग्लोबल संकेतों और घरेलू घटनाओ पर नज़र बनाए हुए हैं।

उन्होंने आगे कहा कि निफ्टी 65 अंक गिरकर 24,570.00 पर बंद हुआ। इंडेक्स 24,600 के तत्काल सपोर्ट से नीचे आ गया है, लेकिन अपने अहम सपोर्ट लेवल से ऊपर ट्रेड कर रहा है,जो दिखाता है कि बड़ा ट्रेंड पॉजिटिव बना हुआ है। अब निफ्टी के लिए 24,500–24,450 के आसपास तत्काल सपोर्ट है और उसके बाद 24,300 के पास एक मजबूत सपोर्ट जोन है। ऊपर की तरफ,इसके लिए 24,650–24,750 के आसपास रेजिस्टेंस दिख रहा है। अगर निफ्टी लगातार इस जोन से ऊपर बना रहता है,तो फिर से तेजी आ सकती और ऊंचे स्तरों के लिए रास्ता खुल सकता है।

रियांक अरोड़ा ने आगे कहा कि सेंसेक्स 317 अंक गिरकर 77,746.00 पर बंद हुआ। सेशन के दौरान इंडेक्स में बड़े पैमाने पर प्रॉफिट बुकिंग देखी गई,लेकिन यह अपने अहम सपोर्ट लेवल से ऊपर बना रहा। इसके लिए तत्काल सपोर्ट 77,500–77,300 के आसपास है,जबकि रेजिस्टेंस 78,000–78,300 के पास दिख रहा है। उन्होंने कहा कि रेजिस्टेंस जोन के ऊपर कोई भी निर्णायक चाल शॉर्ट-टर्म आउटलुक को मज़बूत करेगी।

बाजार के ओवरऑल ट्रेंड पर बात करते हुए उन्होंनें कहा कि हालिया बढ़त के बाद बाजार में हेल्दी करेक्शन का एक दौर देखने को मिला है। आज ऊपरी स्तरों पर मुनाफावसूली हुई। जब तक अहम सपोर्ट लेवल बचे हुए हैं, तब तक कुल मिलाकर बाजार का रुख तेजी के पक्ष में रहेगा। ट्रेडर्स और निवेशक मज़बूत फ़ंडामेंटल वाले शेयरों में गिरावट पर खरीदारी की रणनीति अपना सकते हैं। साथ ही उन्हें रिस्क मैनेजमेंट के मामले में अनुशासन बनाए रखना चाहिए।

 

 

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