लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी: बिहार के स्टूडेंट्स की सेफ्टी को लेकर एक्टिव हुए सम्राट चौधरी, चांसलर और सांसद अशोक मित्तल से की बात

LPU University Unrest: पंजाब के प्रमुख प्राइवेट विश्वविद्यालय लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) परिसर में हिंसा और विरोध-प्रदर्शन के बीच बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोमवार (28 सितंबर) को LPU के संस्थापक अशोक मित्तल से फोन पर बातचीत की। सीएम ने वहां पढ़ रहे बिहार के छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर जोर दिया। पंजाब के फगवाड़ा स्थित एलपीयू के छात्रों ने विश्वविद्यालय परिसर में एक बाहरी व्यक्ति द्वारा एक छात्रा से कथित दुष्कर्म किए जाने के दावे को लेकर रविवार को परिसर में तोड़फोड़ की और नेशनल हाईवे-44 को बाधित कर दिया।

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर कहा, “मैंने लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के संस्थापक एवं राज्यसभा सदस्य अशोक मित्तल से फोन पर बात की। उन्होंने बिहार के छात्रों की सुरक्षा और उनके हितों की रक्षा के लिए हरसंभव सहयोग तथा आवश्यक कदम उठाने का आश्वासन दिया है।” इस विश्वविद्यालय में बड़ी संख्या में बिहार के स्टूडेंट पढ़ते हैं।

क्लासेस पर रोक, एग्जाम स्थगित

एलपीयू प्रशासन द्वारा सोमवार से 10 दिन के लिए क्लासेस स्थगित किए जाने के बाद कई छात्र अपने घरों के लिए रवाना होते दिखाई दिए। विश्वविद्यालय ने हाफ इयरली एग्जाम (Half-Yearly Exams)भी अगले आदेश तक स्थगित कर दी हैं। विश्वविद्यालय ने कहा है कि छात्र चाहें तो अपने माता-पिता या अभिभावकों से सलाह के बाद इस अवधि में घर जा सकते हैं।

वहीं, परिसर में रुकने वाले छात्रों को सुरक्षा के मद्देनजर छात्रावास या निवास स्थान के भीतर रहने और किसी भी प्रकार की अशांति से दूर रहने की सलाह दी गई है। अशोक मित्तल ने इस साल अप्रैल में छह अन्य राज्यसभा सदस्यों के साथ आम आदमी पार्टी (AAP) छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (BJP) का दामन थाम लिया था।

प्रदर्शनकारी छात्रों पर एक्शन

लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में दुष्कर्म की कथित घटना को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रहे छात्रों के हिंसा पर उतरने के आरोप के एक दिन बाद सोमवार को पंजाब के पुलिस महानिदेशक (DGP) गौरव यादव ने विश्वविद्यालय का दौरा किया। उन्होंने कहा कि प्रदर्शनकारी छात्रों के खिलाफ न्यूनतम बल प्रयोग किया गया।

परिसर में रविवार को कथित हंगामे और तोड़फोड़ की घटना पर यादव ने कहा कि पुलिस ने अब तक संयम बरता है। लेकिन तोड़फोड़ करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। छात्र विश्वविद्यालय परिसर में दुष्कर्म की कथित घटना को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे।

राष्ट्रीय राजधानी में हाल में जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के नेतृत्व में हुए छात्रों के आंदोलन का जिक्र करते हुए यादव ने छात्रों में व्याप्त नाराजगी को स्वीकार किया। उन्होंने कहा कि मौजूदा घटना से निपटने में पुलिस ने रचनात्मक दृष्टिकोण अपनाया है। न्यूनतम बल का इस्तेमाल किया गया है। हालांकि, उन्होंने चेतावनी दी कि किसी को भी कानून अपने हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।

विश्वविद्यालय के अधिकारियों के साथ पुलिस और स्टूडेंट की चर्चा

पत्रकारों से बातचीत में डीजीपी गौरव यादव ने कहा कि पुलिस ने विश्वविद्यालय प्रशासन को लेकर छात्रों की शिकायतों को दूर कराने के लिए इस प्राइवेट विश्वविद्यालय के अधिकारियों के साथ उनकी बातचीत कराई। यादव ने कहा, “हमारे अधिकारियों ने तय किया कि न्यूनतम बल का इस्तेमाल किया जाएगा। छात्रों के खिलाफ बल प्रयोग नहीं करने का फैसला बहुत सोच-समझकर लिया गया।”

SIT करेगी मामले की पूरी जांच

उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन से जुड़ी छात्रों की शिकायतों को बातचीत के जरिए सुलझाने के प्रयास किए गए। छात्रों द्वारा दुष्कर्म की कथित घटना का दावा किए जाने के बारे में यादव ने कहा कि FIR दर्ज कर ली गई है। मामले की विस्तृत जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) गठित किया गया है।

रविवार शाम प्रदर्शन के कथित तौर पर हिंसक हो जाने पर यादव ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि कुछ तत्वों ने माहौल बिगाड़ने की कोशिश की और पुलिस के वाहनों पर पथराव किया गया।तोड़फोड़ में शामिल लोगों को संदेश देते हुए डीजीपी ने कहा कि उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और सीसीटीवी फुटेज का विश्लेषण किया जा रहा है। उन्होंने छात्रों से बेबुनियाद अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की भी अपील की।

SIT की जांच और FIR के बारे में उन्होंने कहा कि कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। एलपीयू में यह घटना पटियाला स्थित चितकारा विश्वविद्यालय के छात्रों के प्रदर्शन के एक दिन बाद हुई। वहां भी दो छात्राओं द्वारा परिसर में कथित तौर पर आत्महत्या किए जाने की अपुष्ट खबरों को लेकर छात्रों ने प्रदर्शन किया था। कथित तौर पर पुलिस के एक वाहन को क्षतिग्रस्त कर दिया था।

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अधिकारियों के अनुसार, रविवार (27 सितंबर) शाम प्रदर्शन ने उस समय हिंसक रूप ले लिया, जब प्रदर्शनकारी छात्रों ने कथित तौर पर पुलिसकर्मियों पर पथराव किया। उन्होंने उनके वाहनों पर हमला किया और कुछ वस्तुओं में आग लगा दी। इस दौरान कई पुलिसकर्मी घायल हो गए।

‘एक बेहतर मुख्यमंत्री की जरूरत…’, बांकीपुर में बढ़त के बाद प्रशांत किशोर का पहला रिएक्शन, जानें क्या कहा

बिहार की राजनीति में एक बड़ा उलफेर देखने को मिल रहा है। जन सुराज पार्टी (JSP) के संस्थापक प्रशांत किशोर बांकीपुर उपचुनाव में जीत की ओर बढ़ रहे हैं। इस सीट पर हार, बीजेपी के लिए किसी बड़े झटके से कम नहीं मानी जा रही है। प्रशांत किशोर की बढ़त से जन सुराज पार्टी के समर्थक काफी उत्साहित हैं। इस बीच प्रशांत किशोर ने बांकीपुर की जनता को धन्यवाद दिया है और सीट पर बढ़त के बाद भाजपा और सीएम सम्राट चौधरी पर हमला बोला।

प्रशांत किशोर ने बोला हमला

बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में बढ़त मिलने के बाद जन सुराज के प्रमुख प्रशांत किशोर ने कहा कि उनकी पहली प्राथमिकता क्षेत्र की जनता के भरोसे और समर्थन का सम्मान करना है। उन्होंने कहा कि बांकीपुर के विकास के लिए हर संभव प्रयास किए जाएंगे और आने वाले दो-तीन महीनों में लोगों को बदलाव भी नजर आने लगेगा। प्रशांत किशोर ने कहा, “मैं बड़े-बड़े वादे नहीं करना चाहता। मेरे विधायक बनने से बांकीपुर एक रात में बेंगलुरु जैसा नहीं बन जाएगा, लेकिन अगले दो-तीन महीनों में यहां कुछ अच्छे बदलाव जरूर दिखाई देंगे।”

उन्होंने कहा कि बांकीपुर की जनता ने इस चुनाव के जरिए बीजेपी नेतृत्व को साफ संदेश दिया है कि बिहार को एक बेहतर मुख्यमंत्री की जरूरत है। प्रशांत किशोर ने कहा कि अगर बीजेपी सम्राट चौधरी की जगह कुशवाहा समाज के किसी दूसरे नेता को मुख्यमंत्री बनाना चाहती है तो यह उनका अंदरूनी फैसला है। उन्हें इससे कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन मुख्यमंत्री ऐसा व्यक्ति होना चाहिए जो ईमानदार, सक्षम और बिहार के विकास के लिए काम करने वाला हो। उन्होंने आगे कहा कि सबसे जरूरी बात बिहार का विकास है। इससे फर्क नहीं पड़ता कि चुनाव कौन जीतता है या किस पार्टी की सरकार बनती है। लोकतंत्र में जीत और हार होती रहती है, लेकिन राज्य की तरक्की सबसे ज्यादा मायने रखती है।

जीत की ओर पीके

27वें राउंड के नतीजों में प्रशांत किशोर 50 हजार वोटों के आंकड़ा के पास पहुंच गए हैं। 27वें राउंड में उन्हें 55780 वोट मिले हैं। अभी 4 राउंड की गिनती और बची है। अब यह साफ हो गया है कि प्रशांत किशोर इस सीट पर बड़ी जीत की ओर बढ़ रहे हैं। 27वें राउंड में बीजेपी को 38893 वोट मिले हैं। दोनों पार्टियों के बीच वोटों का अंतर 16887 है।