
राजस्थान के टोंक में पैदा हुए जय मुंदड़ा भारत के खिलाफ 11 की औसत से 5 विकेट लेकर मैन ऑफ द सीरीज बन गए। उन्होंने दूसरे टी-20 मैच में 4 ओवर में 32 रन दिए और भारत के शीर्ष क्रम संजू सैमसन (गोल्डन डक), अभिषेक शर्मा (गोल्डन डक) और कप्तान श्रेयस अय्यर को (10 रन 7 गेंदें) को आउट कर मैन ऑफ द मैच का पुरुस्कार भी पाया।
आयरलैंड के लिए पदार्पण करने के बाद मूंदड़ा ने ‘क्रिकेट आयरलैंड’ से कहा, “बाएं हाथ के गेंदबाज के रूप में मेरा कोण मेरी सबसे बड़ी ताकत है। मैं नई गेंद से स्विंग का इस्तेमाल करने, पैड और स्टंप को निशाना बनाने और बल्लेबाज को लगातार असहज करने की कोशिश करता हूं। मेरी कोशिश होती है कि बल्लेबाज मुझे परखने में नाकाम रहे और मैं उनसे गलतियां करवा सकूं।”
Rajasthan born Jai Moondra who still holds the Indian passport, won the POTS award after defeating India in the T20i series. pic.twitter.com/4g125RegJD
— Mufaddal Vohra (@mufaddal_vohra) June 28, 2026
अभी तक नहीं छोड़ा भारतीय पासपोर्ट है Work Permit का इंतजार
भारत के खिलाफ मुकाबले में उनकी यह सोच पूरी तरह रंग लाई और उनकी पहली ही गेंद पर भारत के टी20 विश्व कप के नायक संजू सैमसन आउट हो गए। मूंदड़ा ने कहा, “आयरलैंड की भारत पर पहली और ऐतिहासिक जीत का हिस्सा बनना मेरे लिए बेहद खास है। यह पल मैं जीवनभर याद रखूंगा। यह टीम और आयरिश क्रिकेट के लिए गर्व का क्षण है।” आयरलैंड क्रिकेट के साथ हालांकि उनका भविष्य अब भी अनिश्चित है क्योंकि उनका वर्क परमिट जल्द समाप्त हो रहा है और उनके पास केंद्रीय अनुबंध भी नहीं है। ऐसे में वे केवल मैच फीस पर निर्भर हैं। इस प्रदर्शन ने हालांकि यह संकेत जरूर दे दिया है कि आयरलैंड को एक प्रतिभाशाली तेज गेंदबाज मिल सकता है, जो आने वाले समय में टीम का अहम हिस्सा बन सकता है।
A few years ago, Jai Moondra left India to pursue his master's in Ireland. Until last year, he was working at Intel. Today, he's “Open to Work” on LinkedIn.
After what he's done to the world champion Indian T20 side this week, I hope he never needs another corporate job. pic.twitter.com/vlwa4oRUD1
— Archit Puri (@bantofu) June 28, 2026
B.Tech हैं मुंदड़ा, किया है Intel में काम
वह जब 2021 में डबलिन पहुंचे थे और ‘यूनिवर्सिटी ऑफ डबलिन’ से इलेक्ट्रॉनिक्स और टेलीकम्युनिकेशन में एमटेक की पढ़ाई कर रहे थे, तब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट उनके जीवन की प्राथमिकताओं में नहीं था। पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने इंटेल जैसी प्रतिष्ठित कंपनी में नौकरी हासिल की और एक स्थिर पेशेवर जीवन की शुरुआत की। इस दौरान उन्होंने क्रिकेट से दूरी बना ली थी, लेकिन खेल उनसे पूरी तरह कभी दूर नहीं हुआ। दिलचस्प बात यह है कि इस अवधि में उन्होंने अपनी गेंदबाजी शैली भी बदल दी थी और तेज गेंदबाज से बाएं हाथ के स्पिनर के रूप में खुद को ढाल लिया था, साथ ही जरूरत पड़ने पर शीर्ष क्रम में बल्लेबाजी भी करते थे।
क्रिकेट के उनके सफर में असली मोड़ 2024 में आया, जब उन्होंने कॉरपोरेट जीवन को अलविदा कहने के बाद डबलिन स्थित ‘लेइनस्टर क्रिकेट क्लब’ से जुड़कर क्रिकेट को पूरी तरह अपनाने का फैसला किया। इस सपने को पूरा करने के लिए उन्हें कई तरह के त्याग भी करने पड़े। कई दिनों तक वे डबलिन से बेलफास्ट तक लंबा सफर तय कर सिर्फ अभ्यास सत्रों में हिस्सा लेने पहुंचते थे और देर रात वापस लौटकर फिर अगले दिन इसी दिनचर्या को दोहराते थे। उनके इस जोखिम ने अंततः उनके करियर को सबसे बड़ा इनाम दिया।
#WATCH | Rajasthan: Ireland claimed a first senior international win over India in the opening T20 match in Belfast on 26th June.
Visuals from Tonk where family of Jai Moondra, a part of the Ireland team, watched the match and celebrated his performance in the match. Moondra… pic.twitter.com/UOxNjewck1
— ANI MP/CG/Rajasthan (@ANI_MP_CG_RJ) June 27, 2026
राजस्थान के टोंक में परिवार के जश्न का वीडियो वायरल
राजस्थान के टोंक जिले में उनका परिवार आज भी रहता है। यह दुविधा ही कही जा सकती है कि परिवार को भारत बनाम आयरलैंड मैच में भारत का और जब गेंदबाजी करने मुंदड़ा आए तो उनका समर्थन करना पड़ रहा था। जब उनको मैन ऑफ द सीरीज का अवार्ड दिया गया तो उनके परिवार ने पटाखे फोड़े इस पर पड़ोसियों ने ऐतराज किया क्योंकि मैच भारत हार चुका था। तब उन्होंने समझाया कि वह मुंदड़ा की सफलता के लिए खुश हैं।

