‘पेपर लीक रोकने के लिए बनाएंगे सख्त कानून’, NEET विवाद के बीच PM मोदी का ऐलान

नीट (NEET) पेपर लीक को लेकर देशभर में हो रहे विरोध प्रदर्शन के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को घोषणा की कि अगले हफ्ते संसद में पेपर लीक के खिलाफ सख्त कार्रवाई के प्रावधानों वाला एक बिल पेश किया जाएगा। एक वीडियो संदेश जारी करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि बिल की रूपरेखा पर शुक्रवार को होने वाली केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में चर्चा की जाएगी, जहां प्रस्तावित कानून को अंतिम रूप दिया जाएगा।

उन्होंने कहा, “शुक्रवार को कैबिनेट पेपर लीक के मुद्दे पर चर्चा करेगी और कैबिनेट सहयोगियों के सुझावों को ध्यान में रखते हुए आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।

पीएम मोदी ने कहा, “सोमवार को, जब संसद के मानसून सत्र का दूसरा हफ्ता शुरू होगा, तो पेपर लीक के खिलाफ सख्त कार्रवाई के प्रावधानों वाला एक बिल लाया जाएगा और हम इसे जल्द से जल्द पारित कराने की कोशिश करेंगे।”

प्रधानमंत्री ने आगे कहा कि वह जानते हैं कि पेपर लीक कोई छोटी समस्या नहीं है और लाखों छात्रों और उनके अभिभावकों के लिए ऐसी घटनाएं बेहद दुखद होती हैं।

उन्होंने कहा कि इसलिए, जब से NEET पेपर लीक के आरोप सामने आए हैं, करीब ढाई महीने पहले-तब से सरकार ने कई कड़े कदम उठाए गए हैं।

उन्होंने कहा, “दोषियों को पकड़ लिया गया है। वे अब जेल में हैं। हमारी सबसे बड़ी ज़िम्मेदारी यह पक्का करना था कि छात्रों का एक साल बर्बाद न हो। तुरंत परीक्षा कराना जरूरी था। सभी संसाधनों का इस्तेमाल करके, सरकार ने यह पक्का किया कि 22 लाख छात्र दोबारा परीक्षा में शामिल हो सकें।”

पीएम मोदी ने कहा कि मेडिकल-एंट्रेंस की दोबारा परीक्षा के नतीजे 19 जुलाई को घोषित किए गए और पूरे भारत से सफल छात्रों की खुशी की खबरें आई हैं।

प्रधानमंत्री ने अपने वीडियो संदेश में कहा कि वह उन लोगों में से नहीं हैं जो इससे संतुष्ट हो जाएंगे।

उन्होंने कहा, “इसीलिए मैंने संबंधित अधिकारियों को फास्ट-ट्रैक कोर्ट बनाने के निर्देश दिए हैं। फास्ट-ट्रैक कोर्ट पहले ही बनाए जा चुके हैं।”

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NEET Re-Exam 2026: बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन से लेकर CCTV कैमरे तक, कल होने वाले NEET री-टेस्ट के लिए किए गए कड़े इंतजाम

NEET Re-Exam 2026: रविवार, 21 जून को होने वाली नेशनल एलिजिबिलिटी-कम-एंट्रेंस टेस्ट (NEET) के री-टेस्ट के लिए सरकार बड़े पैमाने पर तैयारी कर रही है ताकि परीक्षा की प्रक्रिया सुचारू, पारदर्शी और निष्पक्ष हो। सूत्रों ने CNN-News18 को बताया कि दिल्ली के 97 परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए अतिरिक्त सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, ताकि 24 घंटे निगरानी की जा सके।

गौरतलब है कि NEET का री-टेस्ट होने में बस एक दिन बचा है, ऐसे में नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने कैंडिडेट्स और आम लोगों के लिए एक खास पोर्टल लॉन्च किया है। इस पोर्टल के जरिए वे परीक्षा से जुड़ी संदिग्ध गतिविधियों, पेपर लीक के झूठे दावों और किसी और की जगह परीक्षा देने की कोशिशों की रिपोर्ट कर सकते हैं। यह पोर्टल innovateindia.mygov.in/neet-ug-2026 पर उपलब्ध है।

इस नए लॉन्च किए गए रिपोर्टिंग प्लेटफॉर्म के जरिए, कैंडिडेट्स संदिग्ध वेबसाइटों, सोशल मीडिया पोस्ट और उन लोगों की जानकारी दे सकते हैं जो परीक्षा के कंटेंट तक पहुंचने के बारे में झूठे दावे कर रहे हैं।

बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन, CISF और CRPF की तैनाती

परीक्षा केंद्रों पर मौजूद उम्मीदवारों, शिक्षकों और स्टाफ के लिए बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन जरूरी कर दिया गया है। अपने मल्टी-लेयर ‘Digi-Exam’ फ्रेमवर्क के तहत, NTA ने पहचान की सुरक्षा मजबूत करने की एक पूरी रणनीति शुरू की है।

यह फ्रेमवर्क न सिर्फ उम्मीदवारों पर, बल्कि जमीन पर तैनात दो लाख से ज्यादा कर्मचारियों पर भी सख्त नियंत्रण की सुविधा देता है।

CNN-News18 को सूत्रों ने बताया कि परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा के लिए सेंट्रल इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स (CISF) और सेंट्रल रिजर्व पुलिस फोर्स (CRPF) के जवानों को तैनात किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इन केंद्रीय सशस्त्र बलों का इस्तेमाल दो-स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था में किया जा रहा है, जिसमें कस्टडी की चेन की सुरक्षा और परीक्षा स्थलों को सुरक्षित करने पर ध्यान दिया जा रहा है।

15 मिनट ज्यादा, बुकलेट का नया डिजाइन

NTA के अनुसार, परीक्षा का कुल समय 180 मिनट से बढ़ाकर 195 मिनट (3 घंटे 15 मिनट) कर दिया गया है। ऐसा इसलिए किया गया है ताकि “उम्मीदवार बिना इस चिंता के कि प्रशासनिक प्रक्रियाओं में उनका समय बर्बाद हो रहा है, परीक्षा के लिए तय समय का पूरा इस्तेमाल कर सकें और पेपर हल करने का मौका न गंवाएं।”

अतिरिक्त समय के साथ-साथ, NTA ने उम्मीदवारों से मिले फीडबैक के आधार पर एग्जाम बुकलेट के डिजाइन में भी बदलाव किया है। अब एग्जाम बुकलेट में रफ काम के लिए आम तौर पर दिए जाने वाले दो पन्नों की जगह चार पन्ने होंगे।

पहले, रफ काम के लिए सभी शीट सबसे आखिर में होती थीं। बाएं हाथ से लिखने वाले छात्रों की सुविधा के लिए, NTA ने रफ काम के दो पन्नों को बिल्कुल शुरुआत में और बाकी दो पन्नों को आखिर में रखने का इंतजाम किया है।

बता दें कि NEET-UG 2026 का दोबारा टेस्ट रविवार, 21 जून को दोपहर 2:00 बजे से शाम 5:15 बजे के बीच आयोजित किया जाएगा, जिसमें 22 लाख से ज्यादा उम्मीदवार परीक्षा में शामिल होने के पात्र हैं।

वही, 3 मई को हुई मूल परीक्षा को एनटीए ने अनियमितताओं और पेपर लीक के आरोपों के बाद रद्द कर दिया था, जिससे भारत में परीक्षा प्रणालियों की विश्वसनीयता पर सवाल उठने लगे थे।

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