Markets crash: ट्रंप टैरिफ और क्रूड की मार से बाजार हुआ बेहाल, जानिए आगे क्या हो ट्रेडिंग रणनीति

Markets crash: ट्रंप टैरिफ और क्रूड की मार से बाजार बीमार नजर आ रहा है। कच्चा तेल 94 डॉलर प्रति बैरल के पार निकल गया है। रुपये की कमजोरी ने भी बाजार पर दबाव बढ़ाया है। निफ्टी 200 अंक टूटकर 24000 के नीचे आ गया है। बैंक निफ्टी में 800 अंकों से ज्यादा की गिरावट आई है। बैंक निफ्टी 200 DEMA के नीचे फिसल गया है। ICICI, SBI और HDFC बैंक मेन विलेन रहे हैं। मिडकैप-स्मॉलकैप का हाल भी बेहाल है। वोलैटिलिटी इंडेक्स इंडिया VIX उछलकर 13 के पार चला गया है।

FMCG, ऑटो को छोड़कर सभी सेक्टर लाल निशान में दिख रहे हैं। रियल्टी शेयरों में आज सबसे ज्यादा बिकवाली आई है। रियल्टी इंडेक्स करीब तीन फीसदी फिसला है। साथ ही सरकारी बैंक, IT और फाइनेंशियल इंडेक्स भी करीब 1.5 फीसदी गिरे हैं। वहीं चुनिंदा ऑटो शेयरों में अच्छी खरीदारी दिखी है। दमदार नतीजों के बाद Bajaj Auto और TVS Motor में जोरदार रफ्तार देखने को मिली है।

ट्रंप टैरिफ के डर से अब तक मजबूती दिखा रहे फार्मा सेक्टर के भी सेंटीमेंट खराब हुए हैं। निफ्टी फार्मा इंडेक्स करीब 1.5 फीसदी नीचे कारोबार कर रहा है। ऑरो फार्मा, जायडस लाइफ और ल्यूपिन में तीन फीसदी से ज्यादा की गिरावट आई है।

नतीजों के लिहाज से कल बेहद अहम दिन है। निफ्टी की तीन कंपनियां इंफोसिस, इंडिगो और सिप्ला Q1 रिजल्ट्स पेश करेंगी। इंफोसिस का Constant Currency रेवेन्यू 1.8% बढ़ सकता है। मार्जिन में भी हल्का सुधार संभव है। साथ ही एम्फैसिस, सोना BLW समेत वायदा के 5 कंपनियों के नतीजों का भी इंतजार रहेगा।

ऐसे में बाजार की चाल पर बात करते हुए सीएनबीसी-आवाज़ के मैनेजिंग एडिटर अनुज सिंघल ने कहा कि बाजार के लिए आज बेहद खराब दिन रहा। निफ्टी,बैंक निफ्टी, IT, फार्मा सभी नीचे हैं। मिड और स्मॉल कैप में भी गिरावट है। बैंक निफ्टी ने 57,500 तोड़ते ही बड़ी गिरावट दी है। सुबह 57500 टूटने पर शॉर्ट करने का हमारा नजरिया भी था। अब 57,000 पर आखिरी बड़ा सपोर्ट है। निफ्टी भी इंट्रा डे में 24,000 के नीचे आया। अगर यहां टिका तो वापस 23,800 तक फिसलने का रिस्क खुलेगा। कच्चे तेल में उबाल सबसे बड़ा रिस्क फैक्टर है। सुबह हमने बात की थी कि सभी बड़े सेक्टर्स अब थक रहे हैं।

Anthem Biosciences Share Price : कमजोर नतीजों के बाद 2% से ज्यादा टूटा यह फार्मा शेयर, फिर भी ब्रोकरेज बुलिश, जानिए वजह

बाजार: अब क्या?

ये बाजार थकाने वाला है। ना ये चल रहा है और ना ही तेजी से टूट रहा है। एक ही रेंज में बार-बार दोनों तरफ के लेवल टेस्ट हो रहे हैं। बाजार में बड़ी रैली के लिए कच्चे तेल की तेजी थमनी जरूरी है। अगर कच्चे तेल में ऐसे ही तेजी रही तो 23,800 पर भी रिस्क रहेगा। बैंक निफ्टी में सबसे ज्यादा दिक्कत है। HDFC बैंक सबसे कमजोर कड़ी बन चुका है। बंधन बैंक के एक्सीडेंट से भी सेंटीमेंट खराब हुआ है।

निफ्टी-बैंक निफ्टी पर रणनीति

निफ्टी के लिए 23,850-23,950 पर सपोर्ट और 24,150-24,200 पर रेजिस्टेंस है। वहीं, बैंक निफ्टी के लिए 56,800-57,000 पर सपोर्ट और 57,500-57,800 पर रेजिस्टेंस है।

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

Anthem Biosciences Share Price : कमजोर नतीजों के बाद 2% से ज्यादा टूटा यह फार्मा शेयर, फिर भी ब्रोकरेज बुलिश, जानिए वजह

Anthem Biosciences Share Price : आज बुधवार के कारोबारी सत्र में एंथम बायोसाइंसेज के शेयरों में 2% से ज़्यादा की गिरावट आई है। कंपनी ने जून तिमाही के कमज़ोर नतीजे घोषित किए है। इसका असर इस शेयर पर देखने को मिला है। पहली तिमाही में कंपनी के CRDMO और स्पेशलिटी इंग्रीडिएंट्स बिज़नेस के सुस्त प्रदर्शन के कारण रेवेन्यू और मुनाफ़े में सालाना आधार पर गिरावट देखने को मिली है। कमजोर तिमाही नतीजों के बावजूद, ब्रोकरेज ने कंपनी के बारे में बुलिश नज़रिया बनाए रखा है। उनका कहना है कि यह सुस्ती मुख्य रूप से ग्राहकों को डिलीवरी के समय की वजह से थी और वित्त वर्ष 2027 के बाकी समय में रिकवरी की संभावना है।

दोपहर करीब 2.10 बजे के आसपास NSE पर यह स्टॉक 18.55 रुपए यानी 2.34% फीसदी की गिरावट के साथ 772 रुपए के आसपास कारोबार कर रहा था। आज का इसका दिन का लो 732 रुपए और दिन का हाई 779.50 रुपए है। स्टॉक का 52 वीक हाई 873.50 रुपए और 52 वीक लो 579.15 रुपए है। स्टॉक 1 हफ्ते में करीब 3 फीसदी और 1 महीने में 0.87 फीसदी चढ़ा है। 1 साल में इसने 5.52 फीसदी रिटर्न दिया है।

ब्रोकरेज ने मैनेजमेंट के हवाले से मिली जानकारी के आधार पर कहा है कि एंथम बायोसाइंसेज की मांग मजबूत बनी हुई है और साल के दूसरे हिस्से में तय डिलीवरी की संख्या अधिक है। साथ ही, उन्हें उम्मीद है कि FY27 के बाकी समय में रेवेन्यू में काफी बढ़ोतरी होगी, जिससे FY27F में रेवेन्यू ग्रोथ 17% से ज़्यादा हो सकती है। उन्होंने FY27 के लिए 19.2% रेवेन्यू ग्रोथ का अनुमान लगाया है।

ब्रोकरेज का यह भी कहना है कि कंपनी के सेल्स/EBITDA अनुमान से 3%/2% कम रहे। अर्निंग अनुमान से 11% कम रही। इसके साथ ही CRDMO और स्पेशलिटी इंग्रीडिएंट्स दोनों ही सेगमेंट में सालाना और तिमाही दोनों आधार पर गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि, ग्रॉस मार्जिन में सालाना आधार पर 778 बेसिस प्वाइंट और तिमाही आधार पर 30 बेसिस प्वाइंट की बड़ी बढ़ोतरी हुई है। इसकी वजह कच्चे माल की कम लागत, करेंसी से मिलने वाले फायदे और कंपनी का वह फैसला था जिसके तहत उसने चीन से एक इंटरमीडिएट का इंपोर्ट बंद कर दिया और उसका इन-हाउस (अपनी ही फैक्ट्री में) प्रोडक्शन शुरू कर दिया।

मुनाफे को लेकर ब्रोकरेज का कहना है कि EBITDA में सालाना आधार पर 19% और तिमाही आधार पर 41% की गिरावट आई है। यह अनुमान से 2% कम है। जबकि नेट प्रॉफ़िट में सालाना आधार पर 12% और तिमाही आधार पर 36% की गिरावट आई है। यह अनुमान से 11% कम है।

ब्रोकरेज ने यह भी बताया कि कंपनी का डेवलपमेंट पाइपलाइन स्टेबल है, जिसमें 14 कमर्शियल मॉलिक्यूल और 10 लेट-स्टेज (फेज़ III) मॉलिक्यूल शामिल हैं। उन्होंने आगे कहा कि जून 2026 तक एंथम की नेट कैश पोज़िशन 17.2 अरब रुपये थी, जबकि एक साल पहले यह 7.8 अरब रुपये थी।

 

 

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