Alpine Texworld IPO Listing: लिस्ट होते ही लोअर सर्किट, फ्लैट एंट्री के बाद शेयर धड़ाम

Alpine Texworld IPO Listing: देश की सबसे बड़ी एसेट मैनेजमेंट कंपनी एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट के साथ-साथ मार्केट में अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड का भी आईपाओ लॉन्च हुआ था। एक तरफ एसबीआई फंड्स के आईपीओ को निवेशकों का धांसू रिस्पांस मिला था और इसे 41 गुना से अधिक बोली मिली थी तो दूसरी तरफ अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड के आईपीओ को ओवरऑल 1.40 गुना बोली मिली थी। अब दोनों के शेयर आज लिस्ट हुए हैं। एसबीआई फंड्स के शेयर तो 6% से अधिक प्रीमियम पर लिस्ट हुए तो अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड के शेयर एकदम फ्लैट।

अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड के शेयर आईपीओ के तहत ₹105 के भाव पर जारी हुए हैं। आज BSE पर इसकी ₹105.00 और NSE पर ₹105.00 पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को कोई लिस्टिंग गेन नहीं मिला। आईपीओ निवेशकों को और झटका तब लगा, जब शेयर फिसल गए। टूटकर BSE पर यह ₹99.75 (Alpine Texworld Share Price) के लोअर सर्किट पर आ गया यानी कि आईपीओ निवेशक अब 5% घाटे में हैं।

Alpine Texworld IPO के पैसे कैसे होंगे खर्च

अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड का ₹126 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 14-16 जुलाई तक खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों का सुस्त रिस्पांस मिला और ओवरऑल यह 1.40 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 1.09 गुना (एक्स-एंकर), नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 1.09 गुना और खुदरा निवेशकों का हिस्सा 1.54 गुना भरा था। इस आईपीओ के तहत ₹10 की फेस वैल्यू वाले 1,20,24,000 नए शेयर जारी हुए हैं। इन शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों में से ₹32.08 करोड़ प्रोडक्शन क्षमता बढ़ाने के लिए एक मैन्युफैक्चरिंग यूनिट में नई वीविंग यूनिट लगाने, ₹52.20 करोड़ कर्ज हल्का करने और बाकी पैसे आम कॉरपोरेट उद्देश्यों पर खर्च होंगे।

Alpine Texworld के बारे में

अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड कपड़ों की डाईंग और प्रोसेसिंग के बिजनेस में है। इसके पास दो मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स हैं। इसकी सालाना इंस्टॉल्ड कैपेसिटी 6 हजार टन के कॉटन और ब्लेंडेड यार्न की है। इसके पास 112 हाई-स्पीड लूम हैं जो डेनिम, सूटिंग शर्टिंग, और RFD (रेडी-फॉर-डाईंग) फैब्रिक बनाते हैं। कंपनी को फिलहाल फोकस ग्रीन एनर्जी पर है और रिन्यूएबल एनर्जी सेगमेंट पर भी ध्यान दे रही है। अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड के वित्तीय सेहत की बात करें तो पिछले वित्त वर्ष 2026 में इसका शुद्ध 151.68% बढ़कर ₹21.72 करोड़ और टोटल इनकम 47.34% उछलकर ₹350.18 करोड़ पर पहुंच गया। मार्च 2026 के आखिरी में कंपनी पर ₹177.60 करोड़ का कर्ज था तो रिजर्व और सरप्लस में ₹46.32 करोड़ पड़े थे।

डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

Alpine Texworld कितना दे पाएगा लिस्टिंग गेन! ग्रे मार्केट से मिल रहे ‘कमजोर’ संकेत

Alpine Texworld Listing Gain: देश की सबसे बड़ी एसेट मैनेजमेंट कंपनी एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट के साथ-साथ मार्केट में अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड का भी आईपाओ लॉन्च हुआ था। एक तरफ एसबीआई फंड्स के आईपीओ को निवेशकों का धांसू रिस्पांस मिला था और इसे 41 गुना से अधिक बोली मिली थी तो दूसरी तरफ अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड के आईपीओ को ओवरऑल 1.40 गुना बोली मिली थी। इसके शेयर अलॉट हो चुके हैं और अब इसकी लिस्टिंग का इंतजार है। आईपीओ निवेशकों को शेयर ₹105 के भाव पर जारी हुए हैं। अब मंगलवार को लिस्टिंग पर मुनाफे की बात करें तो ग्रे मार्केट में इसके शेयर इश्यू प्राइस से ₹1 यानी 0.95% की GMP (ग्रे मार्केट प्रीमियम) पर हैं। इससे शेयरों की फीकी लिस्टिंग के संकेत मिल रहे हैं।

हालांकि मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक यह ग्रे मार्केट से मिले संकेतों की बजाय कंपनी की कारोबारी सेहत और लिस्टिंग के दिन मार्केट की परिस्थिति पर निर्भर रहेगा। अब अलॉटमेंट की बात करें तो अगर आपने आईपीओ में बोली लगाई थी और अभी तक स्टेटस चेक नहीं किया है तो इसे या तो बीएसई की वेबसाइट पर या रजिस्ट्रार केफिनटेक की वेबसाइट पर देख सकते हैं, जिसका स्टेपवाइज प्रोसेस नीचे दिया जा रहा है।

BSE की साइट पर ऐसे करें चेक

https://www.bseindia.com/investors/appli_check.aspx, इस लिंक पर जाएं।

इश्यू टाइप ‘Equity’ चुनें। इश्यू नाम Alpine Texworld चुनें।

एप्लीकेशन नंबर या पैन भरें।

फिर I’m not a robot पर क्लिक करें।

सर्च पर क्लिक करें।

शेयरों का अलॉटमेंट स्टेटस स्कीन पर दिखने लगा कि कितने शेयर अलॉट हुए।

रजिस्ट्रार की साइट पर स्टेटस चेक करने का तरीका

https://ipostatus.kfintech.com/, लिंक पर क्लिक करें।

सेलेक्ट आईपीओ पर क्लिक करके Alpine Texworld चुनें।

एप्लीकेशन नंबर, डीमैट अकाउंट या पैन में से कोई भी चुनें। फिर जो विकल्प चुना है, उसके मुताबिक डिटेल्स दें। जैसे कि पैन चुना है तो पैन भरें।

सबमिट करें।

शेयरों का अलॉटमेंट स्टेटस स्कीन पर दिखने लगा कि कितने शेयर अलॉट हुए।

Alpine Texworld IPO को मिला था तगड़ा रिस्पांस

अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड का ₹126 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 14-16 जुलाई तक खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों का सुस्त रिस्पांस मिला था और ओवरऑल यह 1.40 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 1.09 गुना (एक्स-एंकर), नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 1.09 गुना और खुदरा निवेशकों का हिस्सा 1.54 गुना भरा था। इस आईपीओ के तहत ₹10 की फेस वैल्यू वाले 1,20,24,000 नए शेयर जारी हुए हैं। इन शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों में से ₹32.08 करोड़ प्रोडक्शन क्षमता बढ़ाने के लिए एक मैन्युफैक्चरिंग यूनिट में नई वीविंग यूनिट लगाने, ₹52.20 करोड़ कर्ज हल्का करने और बाकी पैसे आम कॉरपोरेट उद्देश्यों पर खर्च होंगे।

Alpine Texworld के बारे में

अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड कपड़ों की डाईंग और प्रोसेसिंग के बिजनेस में है। इसके पास दो मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स हैं। इसकी सालाना इंस्टॉल्ड कैपेसिटी 6 हजार टन के कॉटन और ब्लेंडेड यार्न की है। इसके पास 112 हाई-स्पीड लूम हैं जो डेनिम, सूटिंग शर्टिंग, और RFD (रेडी-फॉर-डाईंग) फैब्रिक बनाते हैं। कंपनी को फिलहाल फोकस ग्रीन एनर्जी पर है और रिन्यूएबल एनर्जी सेगमेंट पर भी ध्यान दे रही है। अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड के वित्तीय सेहत की बात करें तो पिछले वित्त वर्ष 2026 में इसका शुद्ध 151.68% बढ़कर ₹21.72 करोड़ और टोटल इनकम 47.34% उछलकर ₹350.18 करोड़ पर पहुंच गया। मार्च 2026 के आखिरी में कंपनी पर ₹177.60 करोड़ का कर्ज था तो रिजर्व और सरप्लस में ₹46.32 करोड़ पड़े थे।

एसबीआई फंड्स की कैसी रह सकती है लिस्टिंग?

डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

IPO News: पैसों का कर लें इंतजाम! 14 जुलाई को खुलेंगे ₹10100 करोड़ के तीन आईपीओ

IPO News: 13 जुलाई से शुरू हो रहे अगले कारोबारी हफ्ते आईपीओ मार्केट में काफी रौनक रहने वाली है। तीन कंपनियों के ₹10,100 करोड़ के आईपाीओ पब्लिक सब्सक्रिप्शन के लिए खुलने वाले हैं जिसमें से एक तो एसबीआई फंड मैनेजमेंट (SBI Funds Management) मेगा आईपीओ है। इनमें से एक एसएमआई आईपीओ है जो मिलवर्क्स टेक्नोलॉजीज (Millworks Technologies) का है। ये तीनों इश्यू 14 जुलाई को पब्लिक सब्सक्रिप्शन के लिए खुलेगा और 16 जुलाई को बंद होगा। वैसे इनके अलावा कुछ और इश्यू में भी पैसे लगाने का मौका मिलेगा जोकि अभी खुले हैं और अभी कल यानी सोमवार 13 जुलाई को बंद होंगे। जैसे कि पावर ट्रांसमिशन और डिस्ट्रीब्यूशन प्रोडक्ट्स मैन्युफैक्चरर लेजर पावर एंड इंफ्रा का ₹742 करोड़ का मेनबोर्ड आईपीओ कल बंद होगा तो एसएमई सेगमेंट में भी देवसन केटेलिस्ट और हैप्पी स्टील्स का भी आईपीओ कल बंद होगा। इनकी मार्केट में 16 जुलाई को एंट्री होगी।

तीनों आईपीओ की डिटेल्स

देश के सबसे बड़े लेंडर एसबीआई (SBI) और फ्रेंच एसेट मैनेजर एमुंडी (Amundi) की प्रमोटेड कंपनी एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट ₹9,812.91 करोड़ का आईपीओ ला रही है। इसका प्राइस बैंड ₹545-₹574 फिक्स किया गया है। इसका ऑफर साइज पहले ₹11,692.9 करोड़ का था लेकिन प्री-आईपीओ राउंड में 30 निवेशकों से फंड जुटाने के बाद एसबीआई फंड मैनेजमेंट ने आईपीओ साइज कम कर दिया है। यह इश्यू पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल का है और इसके तहत एसबीआई 9.95 करोड़ शेयर (4.89% होल्डिंग) और एमुंडी इंडिया होल्डिंग 7.14 करोड़ शेयर (3.51% होल्डिंग) बेच रहे हैं।

मेनबोर्ड सेगमेंट में एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट के साथ-साथ गुजरात की टेक्सटाइल कंपनी एल्पाइन टेक्सवर्ल्ड का भी आईपीओ आ रहा है। इसके ₹126.25 करोड़ के आईपीओ के तहत सिर्फ नए शेयर जारी होंगे। इसमें निवेशक ₹100-₹105 के प्राइस बैंड में बोली लगा सकेंगे। इस आईपीओ के पैसों का इस्तेमाल ग्रे फैब्रिक प्रोडक्शन कैपेसिटी बढ़ाने को लेकर एक नई वीविंग यूनिट लगाने, लोन हल्का करने और आम कॉर्पोरेट उद्देश्यों में किया जाएगा।

14 जुलाई को एक एसएमई मिलवर्क्स टेक्नोलॉजीज का भी ₹160.3 करोड़ का आईपीओ खुलेगा। इसका प्राइस बैंड प्रति शेयर ₹315-₹331 फिक्स किया गया है। बेंगलुरु की प्रिसिजन इंजीनियरिंग कंपनी आईपीओ के पैसों का इस्तेमाल प्लांट और मशीनरी खरीदने, वर्किंग कैपिटल की जरूरतों और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों में भी करेगी।

इस साल कैसा है आईपीओ मार्केट में हाल

इस कैलेंडर ईयर में अब तक 30 मेनबोर्ड आईपीओ लॉन्च हुए हैं, जिनकी कुल वैल्यू ₹24,404 करोड़ है। एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट और अल्पाइन टेक्सवर्ल्ड के जुड़ने से इस साल अब तक मेनबोर्ड में 32 आईपीओ के जरिए कुल फंड-रेजिंग ₹34,343 करोड़ तक पहुंच जाएगी। एसएमई सेगमेंट में इस साल अब तक 90 कंपनियों के ₹3,861 करोड़ के आईपीओ सफल हुए हैं और मिलवर्क्स टेक्नोलॉजीज़ को मिलाकर कुल फंड-रेजिंग बढ़कर ₹4,022 करोड़ हो जाएगी।

Happy Steels या Devson Catalyst, किसके IPO में लगाएं पैसे, 13 जुलाई को आखिरी मौका

डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।