रोहित शर्मा ने नेट्स पर पसीना बहाकर साबित की अपनी फिटनेस

अफगानिस्तान के खिलाफ धर्मशाला में खेले जाने वाले पहले एकदिवसीय मैच से पहले रोहित शर्मा ने नेट्स पर पसीना बहाकर फिटनेस संबंधी समस्याओं को दरकिनार कर दिया है। रोहित शर्मा इंडियन प्रीमियर लीग के कई मैचों से बाहर थे और इस सीरीज में भी उनका चयन फिटनेस साबित करने पर ही होना था।

रोहित ने सबसे पहले तेज़ गेंदबाज़ों का सामना किया। नीतीश कुमार रेड्डी की पहली गेंद ऑफ़ स्टंप के गुड लेंथ से अंदर आई और उनके पैड पर लगी। इसके बाद उन्होंने अर्शदीप सिंह और गुरनूर बराड़ की बाहर जाती गेंदों को बल्ला उठाकर जाने दिया। इसके बाद प्रिंस यादव की गेंद को वह पहली बार बल्ले से छू पाए, हालांकि यह भी बल्ले पे मिडल नहीं हुआ था और अंदरूनी किनारा लेकर मिडविकेट की ओर गया।

हालांकि इसके बाद वह थोड़ी लय में आते दिखे। कुछ गेंदों पर उन्होंने रक्षात्मक और कुछ गेंदों पर आक्रामक शॉट लगाए। इस दौरान उनके बल्ले से ड्राइव, हुक, पुल, फ़्लिक, कट सहित अन्य सभी शॉट निकले, जिसमें प्रिंस के ऊपर लगाया गया उनका पसंदीदा पुल शॉट सबसे दर्शनीय था। तेज गेंदबाज़ों का सामना करने के बाद रोहित ने स्पिनरों का भी सामना किया, जिसमें भारतीय टीम में शामिल हुए युवा हर्ष दुबे सहित अन्य स्थानीय नेट्स स्पिनर शामिल थे।

रोहित ने लगभग एक घंटे तक बल्लेबाज़ी का अभ्यास किया। उनके साथ श्रेयस और किशन अलग-अलग नेट्स पर बल्लेबाज़ी करते नज़र आए। जहां श्रेयस को रोहित की तरह लय में आने में समय लगा, वहीं किशन ऐसे लगा कि वह अपनी आईपीएल की फ़ॉर्म को जैसे लेकर आए हों। उन्होंने सबसे पहले स्पिनरों का सामना किया और सीधे, आड़े सभी तरीकों से मैदान के चारों तरफ़ शॉट लगाए। आगे निकलकर गेंदबाज़ के ऊपर से लगाया गया सीधा शॉट और पैर तोड़कर लगाए गए स्लॉग स्वीप उनके कुछ दर्शनीय शॉट थे।

जहां एक घंटे के बाद रोहित और श्रेयस वापस लौट गए, वहीं किशन ने अपनी बल्लेबाज़ी आधे घंटे और जारी रखी। स्पिनरों के बाद उन्होंने तेज़ गेंदबाज़ों का सामना किया और फिर थ्रोडाउन भी लिया। इस दौरान यशस्वी जायसवाल भी बगल के नेट्स में अपने टेस्ट मैचों वाले सफ़ेद और चौड़े पैड के साथ बल्लेबाज़ी करते नज़र आए।

सोमवार को समाप्त हुए टेस्ट के भारतीय एकादश में शामिल वह एकमात्र क्रिकेटर थे, जो इस अभ्यास सत्र में नज़र आए। बाक़ी के खिलाड़ियों में कप्तान शुभमन गिल, केएल राहुल, वॉशिंगटन सुंदर, कुलदीप यादव और प्रसिद्ध कृष्णा ने इस अभ्यास सत्र में हिस्सा नहीं लिया। युवा स्पिन ऑलराउंडर हर्ष ने गेंदबाज़ी के साथ-साथ बल्लेबाज़ी का भी अभ्यास किया और स्पिनरों पर कुछ शानदार शॉट्स लगाए।

गेंदबाज़ी में बराड़ ने अपनी लंबाई का फ़ायदा उठाते हुए कुछ बेहतरीन गेंदें की और रोहित को परेशान किया। वहीं प्रिंस यादव ने भी अपने सटीक लाइन और लेंथ से बल्लेबाज़ों को बांधे रखा। बराड़ और प्रिंस में से किसी एक का डेब्यू धर्मशाला वनडे में हो सकता है।

चाचा से मिलने गया था खिलाड़ी, अब कंगारू टीम से खेलने का मिला मौका, 60 साल में पहली बार होगा कुछ ऐसा [VIDEO]

Nikhil Chaudhary Australia Team : क्रिकेट में किस्मत कब और कैसे पलट जाए, इसका ताजा उदाहरण हैं निखिल चौधरी। दिल्ली में जन्मे और पंजाब के लिए घरेलू क्रिकेट खेल चुके निखिल को ऑस्ट्रेलिया ने बांग्लादेश के खिलाफ आगामी टी20 सीरीज के लिए अपनी राष्ट्रीय टीम में शामिल किया है। अगर उन्हें प्लेइंग इलेवन में मौका मिलता है तो वह 60 साल से भी अधिक समय बाद ऑस्ट्रेलिया के लिए खेलने वाले पहले भारत में जन्मे पुरुष क्रिकेटर बन जाएंगे।

 

निखिल चौधरी का चयन सिर्फ उनके लिए ही नहीं, बल्कि ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट के इतिहास के लिए भी खास है। ऑस्ट्रेलिया की ओर से गुरिंदर संधू और तनवीर संघा जैसे भारतीय मूल के खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेल चुके हैं, लेकिन भारत में जन्मे किसी पुरुष क्रिकेटर को कंगारू टीम में जगह मिले छह दशक से ज्यादा समय बीत चुका है। इससे पहले गुजरात में जन्मे लेग स्पिनर रेक्स सेलर्स (Rex Sellars) ने 1964 में ऑस्ट्रेलिया के लिए खेला था। वहीं महिला क्रिकेट में पुणे में जन्मी दिग्गज क्रिकेटर लिसा स्थालेकर (Lisa Sthalekar) ऑस्ट्रेलिया का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं और उन्हें देश की महानतम महिला क्रिकेटरों में गिना जाता है।

 

ऑस्ट्रेलिया ने ट्रेविस हेड की अनुपस्थिति में निखिल को टीम में जगह दी है। चयनकर्ताओं का कहना है कि बिग बैश लीग में उनके लगातार अच्छे प्रदर्शन ने उन्हें इस मौके का हकदार बनाया है।

 चाचा से मिलने गए, जिंदगी ने बदल दी दिशा

 

निखिल चौधरी की कहानी किसी फिल्मी स्क्रिप्ट से कम नहीं है। साल 2020 में वह अपने चाचा से मिलने ऑस्ट्रेलिया पहुंचे थे। लेकिन तभी कोरोना महामारी (Covid 19 Pandemic) के कारण अंतरराष्ट्रीय सीमाएं बंद हो गईं और उन्हें वहीं रुकना पड़ा। शुरुआती दिनों में उन्होंने कई छोटे-मोटे काम किए, यहां तक कि पोस्टमैन की नौकरी भी की।

 

इसी दौरान उन्होंने स्थानीय क्रिकेट खेलना शुरू किया। उनकी प्रतिभा पर ऑस्ट्रेलिया के पूर्व ऑलराउंडर जेम्स होप्स की नजर पड़ी, जिन्होंने उन्हें आगे बढ़ने का मौका दिया। धीरे-धीरे निखिल ने ग्रेड क्रिकेट, राज्य क्रिकेट और फिर बिग बैश लीग में अपनी पहचान बना ली।

 

बिग बैश में चमके, चयनकर्ताओं का जीता भरोसा

 

30 वर्षीय निखिल लेग स्पिन गेंदबाजी के साथ उपयोगी बल्लेबाजी भी करते हैं। होबार्ट हरिकेंस के लिए खेलते हुए उन्होंने बिग बैश लीग के पिछले सीजन में शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए 300 से अधिक रन बनाए और टीम के खिताब जीतने में अहम भूमिका निभाई।

राष्ट्रीय चयनकर्ता टोनी डोडेमेड ने कहा कि निखिल लंबे समय से चयनकर्ताओं की नजर में थे और बांग्लादेश दौरा उनके लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खुद को साबित करने का बड़ा अवसर होगा।

 

भारत में खेल चुके हैं घरेलू क्रिकेट

 

निखिल का जन्म 4 मई 1996 को दिल्ली में हुआ था। ऑस्ट्रेलिया जाने से पहले वह पंजाब के लिए घरेलू क्रिकेट खेल चुके हैं। उन्होंने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी और विजय हजारे ट्रॉफी में पंजाब का प्रतिनिधित्व किया था। क्रिकेट जगत में यह भी चर्चा है कि वह अपने शुरुआती दिनों में शुभमन गिल के साथ ड्रेसिंग रूम साझा कर चुके हैं।

 

 बिना नागरिकता के भी खेल सकेंगे ऑस्ट्रेलिया के लिए

 

दिलचस्प बात यह है कि निखिल अभी ऑस्ट्रेलियाई नागरिक नहीं हैं। हालांकि उनके पास परमानेंट रेजिडेंसी है और वह पांच साल से अधिक समय से ऑस्ट्रेलिया में रह रहे हैं। ICC के नियमों के अनुसार वह ऑस्ट्रेलिया का प्रतिनिधित्व करने के लिए पूरी तरह पात्र हैं।

 

ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश के बीच तीन मैचों की टी20 सीरीज 17 जून से शुरू होगी। क्रिकेट प्रशंसकों की नजर अब इस बात पर होगी कि क्या दिल्ली में जन्मा यह खिलाड़ी कंगारू टीम की जर्सी पहनकर इतिहास रच पाता है या नहीं।

Australia T20I squad: Mitchell Marsh (c), Xavier Bartlett, Nikhil Chaudhary, Cooper Connolly, Tim David, Joel Davies, Nathan Ellis, Cameron Green, Aaron Hardie, Travis Head, Josh Inglis, Spencer Johnson, Matthew Kuhnemann, Riley Meredith, Josh Philippe, Matthew Renshaw, Adam Zampa.

 

हैरी ब्रूक बने नंबर 1 टेस्ट बल्लेबाज, जो रूट को तगड़ा झटका

हैरी ब्रूक ने आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में जो रूट की जगह नंबर 1 बल्लेबाज़ का स्थान ले लिया। ब्रूक 2024 के बाद पहली बार नंबर 1 स्थान पर लौटे हैं। रूट खिसककर नंबर 3 पर आ गए हैं, जबकि ट्रैविस हेड नंबर 2 पर पहुंच गए हैं। अफ़गानिस्तान के खिलाफ़ शतक लगाने के बाद भारतीय कप्तान शुभमन गिल दो पायदान ऊपर चढ़कर नंबर 8 पर पहुंच गए।

गेंदबाज़ों में, लॉर्ड्स में न्यूज़ीलैंड के खिलाफ़ शानदार प्रदर्शन के बाद गस एटकिंसन टॉप 10 में शामिल हो गए। वनडे में, ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ पाकिस्तान की सफलता के बाद अबरार अहमद नंबर 2 पर पहुंच गए और शाहीन अफ़रीदी टॉप 10 में जगह बनाने में कामयाब रहे।

ब्रूक ने 56 रन बनाकर न्यूज़ीलैंड के खिलाफ़ कम स्कोर वाले पहले टेस्ट में इंग्लैंड को जीत दिलाने में मदद की, जबकि रूट ने 1 और 8 रन बनाए। एटकिंसन ने सात विकेट लिए, जिसमें दूसरी पारी में पांच विकेट लेना भी शामिल है, और वे सात पायदान ऊपर चढ़कर नंबर 10 पर पहुंच गए। हालांकि उन्होंने पूरे टेस्ट में 18 रन बनाए, लेकिन यह टेस्ट ऑलराउंडर रैंकिंग में नंबर 8 से 6 पर पहुंचने के लिए काफ़ी था। न्यू चंडीगढ़ में अफ़गानिस्तान के खिलाफ़, गिल ने 126 रन बनाए और भारत ने एक पारी और 300 रनों से अपनी सबसे बड़ी टेस्ट जीत हासिल की।

अबरार ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ तीन मैचों की वनडे सीरीज़ में छह विकेट लिए और वनडे गेंदबाज़ों की लिस्ट में दो पायदान ऊपर चढ़कर दूसरे स्थान पर पहुंच गए। अफ़रीदी ने तीन मैचों में सात विकेट लिए और चार पायदान ऊपर चढ़कर नंबर 9 पर पहुंच गए। बांग्लादेश के तेज़ गेंदबाज़ नाहिद राणा ने मीरपुर में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ सीरीज़ के पहले मैच में चार विकेट लेने के बाद 23 पायदान की बड़ी छलांग लगाई और नंबर 24 पर पहुंच गए।

अफगानिस्तान के खिलाफ लगाया शतक शुभमन गिल को पहुंचा गया टॉप 10 रैंक में

अफगानिस्तान के खिलाफ एकमात्र टेस्ट मैच में लगा शतक भारतीय टेस्ट कप्तान शुभमन गिल को टेस्ट की रैंकिंग में आठवें पायदान पर ले आया। शुभमन गिल ने अफगानिस्तान के खिलाफ 126 रनों की पारी खेली थी।अब शुभमन गिल हमवतन भारतीय ओपनर यशस्वी जायसवाल से आगे निकल चुके हैं जिनकी रैंक 9वीं है।

इस टेस्ट में भारत ने अफगानिस्तान को एक पारी और 300 रनों से हराया था। भारत ने सिर्फ एक बार बल्लेबाजी की थी और शुभमन गिल टॉप स्कोरर रहे थे।टेस्ट के पहले दिन गिल ने गिल ने 143 गेंदों की नाबाद शतकीय पारी में 11 चौके और एक छक्का लगाया। कप्तान शुभमन गिल हालांकि 126 रनों की पारी खेल पवैलियन लौट गए। शुभमन गिल ने 177 गेंदों में 15 चौके और एक छक्का लगाते हुए 126 रनों की पारी खेली।

कुल रैंकिंग की बात करें तो इंग्लैंड के बल्लेबाज हैरी ब्रूक जो रूट को हटाकर नंबर एक की रैंक पर काबिज हो गए हैं और वहीं ट्रेविस हैड दूसरे नंबर पर पहुंच गए हैं। इसके बाद जो रूट हैं जो तीसरे नंबर पर पहुंच गए हैं। चौथा स्थान ऑस्ट्रेलिया के बल्लेबाज स्टीव स्मिथ का है।

IND vs AFG : मानव सुथार का ड्रीम डेब्यू, भारत ने दर्ज की टेस्ट इतिहास की सबसे बड़ी जीत!

शुभमन गिल की कप्तानी में टीम इंडिया ने अफगानिस्तान के खिलाफ खेले गए इकलौते टेस्ट मैच में इतिहास रच दिया। न्यू चंडीगढ़ के महाराजा यादविन्द्र सिंह अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में भारत ने अफगानिस्तान को एक पारी और 300 रन से हराकर टेस्ट क्रिकेट में अपनी सबसे बड़ी जीत दर्ज की। इससे पहले भारत की सबसे बड़ी जीत एक पारी और 272 रन से थी, लेकिन मुल्लांपुर में टीम इंडिया ने उस रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया।

 

बल्लेबाजों ने खड़ा किया रनों का पहाड़

 

भारत ने पहली पारी में 8 विकेट पर 564 रन बनाकर पारी घोषित की। कप्तान शुभमन गिल ने शानदार 126 रन बनाए, जबकि केएल राहुल ने 100 रनों की बेहतरीन पारी खेली। साई सुदर्शन और ऋषभ पंत ने 81-81 रन जोड़े। वाशिंगटन सुंदर ने नाबाद 52 रन बनाकर टीम को विशाल स्कोर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।

दोनों पारियों में बिखरी अफगानिस्तान की बल्लेबाजी

 

564 रन के जवाब में अफगानिस्तान की पहली पारी सिर्फ 152 रन पर सिमट गई। रहमत शाह ने 60 रन बनाकर कुछ संघर्ष जरूर दिखाया, लेकिन बाकी बल्लेबाज भारतीय गेंदबाजों के सामने टिक नहीं सके। भारत ने 412 रन की बढ़त हासिल करने के बाद फॉलोऑन दिया।

 

दूसरी पारी में अफगानिस्तान की शुरुआत थोड़ी बेहतर रही, लेकिन एक बार फिर भारतीय स्पिनरों ने मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया। पूरी टीम 112 रन पर ढेर हो गई। यह अफगानिस्तान के टेस्ट इतिहास के सबसे कम स्कोरों में से एक है।

 

 डेब्यू में छा गए मानव सुथार

 

इस मैच के सबसे बड़े स्टार रहे डेब्यूटेंट मानव सुथार। युवा स्पिनर ने अपने पहले ही टेस्ट मैच में शानदार गेंदबाजी करते हुए पहली पारी में 6 विकेट झटके। उन्होंने अफगान बल्लेबाजों को लगातार परेशान किया और मैच पर भारत की पकड़ मजबूत कर दी।

दूसरी पारी में भी सुथार ने विकेट हासिल कर अपना प्रभाव बनाए रखा। दोनों पारियों को मिलाकर उन्होंने 7 विकेट लिए और साबित कर दिया कि भारतीय क्रिकेट को एक और बेहतरीन स्पिन विकल्प मिल गया है। डेब्यू मैच में उनका यह प्रदर्शन लंबे समय तक याद रखा जाएगा।

 

 स्पिनरों ने किया काम तमाम

 

दूसरी पारी में वाशिंगटन सुंदर ने 4 विकेट लेकर अफगानिस्तान की कमर तोड़ दी। वहीं कुलदीप यादव ने 3 विकेट अपने नाम किए। मोहम्मद सिराज और मानव सुथार ने भी विकेट चटकाए, जिसके चलते अफगानिस्तान की टीम ज्यादा देर क्रीज पर नहीं टिक सकी।

 

भारत की टेस्ट इतिहास में सबसे बड़ी जीत

 

एक पारी और 300 रन की जीत अब टेस्ट क्रिकेट में भारत की सबसे बड़ी जीत बन गई है। इससे पहले भारत ने वेस्टइंडीज को एक पारी और 272 रन तथा अफगानिस्तान को एक पारी और 262 रन से हराया था। मुल्लांपुर में मिली यह जीत भारतीय क्रिकेट के लिए एक नया रिकॉर्ड लेकर आई है और टीम के दबदबे को भी दर्शाती है।

 

भारत ने बल्लेबाजी, गेंदबाजी और कप्तानी—तीनों विभागों में शानदार प्रदर्शन करते हुए अफगानिस्तान को पूरी तरह मैच से बाहर रखा और इतिहास रच दिया।

अफगानिस्तान के खिलाफ खाली स्टेडियम में आया केएल राहुल का शतक

AFGvsIND मुल्लनपुर में अफगानिस्तान के खिलाफ खेले जा रहे टेस्ट मैच में भारत ने खबर लिखे जाने तक 3 विकेट के नुकसान पर 285 रन बना लिए थे। गौरतलब है कि विश्व टेस्ट चैंपियनशिप चक्र से इतर भारत यह टेस्ट मैच खेल रहा है। 

भारत ने अपना पहला विकेट यशस्वी जायसवाल के रुप में गंवाया जिन्होंने 32 गेंदोंं में 5 चौकों के सहारे से  24 रन बनाए। इसके बाद क्रीज पर आए सांई सुदर्शन और केएल राहुल के बीच 139 रनों की साझेदारी हुई। सांई सुदर्शन 81 रनों पर आउट हो गए और अपना शतक चूक गए। उन्होंने अपनी पारी में 13 चौके लगाए। 

केएल राहुल भी भाग्यशाली रहे जब उनके बल्ले का किनारा लेकर गेंद कीपर के ग्लब्स पर लग गई लेकिन अफगानिस्तान के खिलाड़ियों ने रिव्यू के लिए मन नहीं बनाया। इस वक्त केएल राहुल सिर्फ 16 रनों पर थे उन्होंने 164 गेंदों में अपना शतक पूरा किया।हालांकि शतक बनाने के बाद ही जियाउर ने उनको आउट कर दिया।

मोहम्मद सलीम सैफी को फिलहाल 35 रन देकर 2 विकेट मिले। इससे पहले भारत ने इस रनों का अंबार लगाने वाली पिच पर टॉस जीतकर बल्लेबाजी चुनी। हालांकि स्टेडियम में दर्शक नदारद रहे।भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। वहीं अफगानिस्तान के कप्तान हशमतउल्लाह शहीदी ने कहा कि यदि ईमानदारी से कहूं तो हम भी पहले बल्लेबाजी ही करना चाहते थे।

दोनों टीमें इस प्रकार है:-

अफगानिस्तान: सेदिकुल्लाह अटल, रहमानुल्लाह गुरबाज, अब्दुल मलिक, रहमत शाह, हशमतउल्लाह शहीदी (कप्तान), अफसर जजई (विकेटकीपर), अजमतउल्लाह ओमरजई, शराफुद्दीन अशरफ, नांगेलिया ख़रोटे, जियाउर रहमान शरीफी और मोहम्मद सलीम सफी।

भारत : केएल राहुल, यशस्वी जयसवाल, साई सुदर्शन, शुभमन गिल (कप्तान), ऋषभ पंत (विकेटकीपर), ध्रुव जुरेल, वाशिंगटन सुंदर, मानव सुथार, कुलदीप यादव, मोहम्मद सिराज और प्रसिद्ध कृष्णा।