भारत ने पंजाब में अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास अवैध घुसपैठ की लगातार कोशिशों को लेकर पाकिस्तान के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया है। भारतीय विदेश मंत्रालय (MEA) ने शनिवार (3 अक्टूबर) को पाकिस्तान के प्रभारी राजनयिक यानी चार्ज डी अफेयर्स (Pakistani Chargé d’Affaires) को तलब कर घुसपैठ को बढ़ावा देने पर आपत्ति जताई। यह कार्रवाई पंजाब के तरनतारन जिले में BSF जवानों द्वारा दो संदिग्ध पाकिस्तानी घुसपैठियों को मार गिराए जाने के एक दिन बाद हुई है। पंजाब के अधिकारियों ने बताया था कि अंतरराष्ट्रीय सीमा पर शुक्रवार को बीएसएफ की कार्रवाई में दो संदिग्ध पाकिस्तानी घुसपैठिये मारे गए थे।
अधिकारियों ने बताया था कि यह घटना दोपहर में तरनतारन जिले में हुई। आपको बता दें कि पंजाब की पाकिस्तान के साथ 553 किलोमीटर लंबी सीमा लगती है। पंजाब के तरनतारन में भिखीविंड के पुलिस उपाधीक्षक अतुल सोनी ने बताया था कि जानकारी के अनुसार, तीन घुसपैठिए भारतीय क्षेत्र की ओर बढ़ रहे थे। लेकिन बाद में उनमें से एक पाकिस्तान की ओर लौट गया। सोनी ने बताया था कि बीएसएफ जवानों की वापस लौटने की चेतावनी के बावजूद दो अन्य लोग भारतीय सीमा की ओर बढ़ते रहे। हालांकि, पीटीआई के मुताबिक, सोनी ने बताया था कि दोनों घुसपैठियों की पहचान अभी नहीं हुई है।
घुसपैठिए जवानों को लगातार उकसा रहे थे
अधिकारियों ने कहा कि बीएसएफ के एक संतरी के अनुसार, दोनों घुसपैठिए लगातार उकसा रहे थे। भारतीय क्षेत्र में घुसने की कोशिश कर रहे थे। उन्होंने कहा कि इसके बाद बीएसएफ जवानों ने गोलीबारी की, जिसमें दोनों घुसपैठिए मारे गए। उन्होंने बताया कि बीएसएफ के वरिष्ठ अधिकारियों ने घटनास्थल का दौरा किया। भारत ने पाकिस्तान को बताया कि कुल तीन लोग भारतीय क्षेत्र में घुस आए थे और BSF की बार-बार चेतावनी के बावजूद सीमा बाड़ की ओर बढ़ते रहे। भारतीय सुरक्षा बलों ने इसे तत्काल सुरक्षा खतरा मानते हुए कार्रवाई की।
भारत ने घुसपैठ और ड्रग तस्करी का मुद्दा उठाया
न्यूज 18 के मुताबिक, विदेश मंत्रालय ने कहा कि यह घटना पाकिस्तान से सक्रिय हथियारबंद ड्रग सिंडिकेट्स द्वारा सीमा पार आवाजाही के कथित दोहराए जा रहे पैटर्न को सामने लाती है। भारत ने पाकिस्तान से घुसपैठ, ड्रग तस्करी और इसमें पाकिस्तानी सीमा सुरक्षा बलों की कथित संलिप्तता के मामलों की जांच करने को कहा। भारत ने पाकिस्तान से अंतरराष्ट्रीय सीमा की पवित्रता का सम्मान करने और दोनों देशों के बीच लागू समझौतों का सख्ती से पालन करने की भी अपील की।
पाक के ‘नागरिक’ वाले दावे को भारत ने बताया बेबुनियाद
पाकिस्तान ने दावा किया था कि मारे गए दोनों लोग आम नागरिक थे। उसने कहा कि वे गलती से अंतरराष्ट्रीय सीमा पार कर भारतीय क्षेत्र में चले गए थे। भारत ने पाकिस्तान के इस दावे को बेबुनियाद और दुर्भावनापूर्ण बताया। इसके बाद भी इस्लामाबाद यह मानने को तैयार नहीं है कि वे घुसपैठिये थे। MEA ने पाकिस्तान से अपनी तरफ से अवैध आवाजाही रोकने के लिए अपने सुरक्षा बलों पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं को आगे रोकने के लिए ठोस कदम उठाने को कहा है। भारत ने स्पष्ट किया कि सीमा सुरक्षा से जुड़े ऐसे मामलों में पाकिस्तान को घुसपैठ और तस्करी की गतिविधियों पर प्रभावी कार्रवाई करनी चाहिए।
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