नगरीय निकाय खरीदी अनियमितताओं पर रामेश्वर शर्मा का कांग्रेस पर पलटवार, सरकार ने खुद लिया संज्ञान, भ्रष्टाचारियों को बख्शा नहीं जाएगा

नगरीय निकाय खरीदी अनियमितताओं पर रामेश्वर शर्मा का कांग्रेस पर पलटवार, सरकार ने खुद लिया संज्ञान, भ्रष्टाचारियों को बख्शा नहीं जाएगा

मध्य प्रदेश के नगरीय निकायों में वित्तीय अनियमितताओं पर भाजपा के वरिष्ठ विधायक रामेश्वर शर्मा ने कांग्रेस और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी पर कड़ा हमला बोला है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस पूरे मामले में सरकार ने किसी विपक्षी शिकायत पर नहीं, बल्कि खुद संज्ञान लेकर कड़ी कार्रवाई शुरू की है।  
 

विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए रामेश्वर शर्मा ने कहा कि कांग्रेस के पास केवल झूठे आरोप लगाने और चिल्लाने का काम बचा है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या कांग्रेस ने इस घोटाले को लेकर कोई औपचारिक लिखित शिकायत की थी? सच्चाई यह है कि भाजपा सरकार के नगरीय प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव (ACS) ने स्वतः संज्ञान लिया और ई-नगर पालिका पोर्टल व GeM पोर्टल के आंकड़ों की जांच के बाद सैकड़ों अधिकारियों-कर्मचारियों पर कार्रवाई शुरू की।  

 

विधायक ने दो टूक कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति पर काम कर रही है। उन्होंने कहा, “भारतीय जनता पार्टी की सरकार में कोई चोर नहीं बचेगा, चाहे वह किसी का भी समर्थक हो या किसी का पाला हुआ हो। जनता के पैसे का इस्तेमाल सिर्फ जनता के विकास और हित में ही होगा। दोषी पाए जाने वाले सीएमओ और अधिकारियों को न केवल नोटिस दिया जा रहा है, बल्कि उन्हें सेवा से बर्खास्त (टर्मिनेट) करने और रिकवरी के सख्त निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही माननीय लोकायुक्त ने भी मामले में स्वतः संज्ञान लेकर अपनी जांच शुरू कर दी है।’  

 

पटवारी पर तंज: ‘खाली बाल्टी कांग्रेस में ही भरो’-पीसीसी चीफ जीतू पटवारी पर चुटकी लेते हुए शर्मा ने कहा कि पटवारी की बाल्टी पहले भी खाली थी और आज भी खाली है। बेहतर होगा कि वे अपनी इस खाली बाल्टी को सरकार पर उछालने के बजाय अपनी ही पार्टी कांग्रेस के भीतर भरें।