यूपी की शक्ति स्वरूपा सोनू मलान ने परंपरा तोड़कर संभाला बस का स्टीयरिंग

यूपी की शक्ति स्वरूपा सोनू मलान ने परंपरा तोड़कर संभाला बस का स्टीयरिंग

Story of Sonu Malan female bus driver from Aligarh

– अलीगढ़ मंडल की इकलौती महिला बस चालक रोज लगाती हैं अलीगढ़ से नोएडा के बीच चार चक्कर।

– सोशल मीडिया पर 10 लाख से ज्यादा फॉलोअर्स, योगी सरकार की पहल से साकार हुआ सपना।

– सोनू मलान महिलाओं को आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता का संदेश दे रही हैं।

Female bus driver Sonu Malan : नवरात्रि के पावन पर्व पर जहां घर-घर मां भगवती की आराधना हो रही है, अलीगढ़-नोएडा हाइवे प्रतिदिन नारीशक्ति का खामोश गवाह बनता है। अलीगढ़ की सोनू मलान जब इस मार्ग पर रोडवेज बस चलाते हुए गुजरती हैं तो मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का ‘सशक्त नारी-समृद्ध उत्तर प्रदेश’ नारा चरित्रार्थ होता दिखाई देता है। पुरुष प्रधान माने जाने वाले परिवहन क्षेत्र में सोनू ने मेहनत और हौसले से अलग पहचान बनाई है।

 

उत्तर प्रदेश परिवहन निगम में बस चालक के पद पर तैनात सोनू रोज करीब 540 किलोमीटर बस चलाकर यात्रियों को उनकी मंजिल तक पहुंचाती हैं। उनका सफर उन महिलाओं के लिए प्रेरणा है, जो परंपरागत सोच से आगे बढ़कर अपनी अलग राह बनाना चाहती हैं।

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योगी सरकार की पहल से परिवहन जैसे क्षेत्र में महिलाओं को अवसर मिलना महिला सशक्तीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। मिशन शक्ति का समग्र उद्देश्य भी नारी सुरक्षा, शिक्षा, सम्मान व स्वावलंबन से जुड़ा है। सोनू मलान की कहानी बताती है कि सही अवसर, आत्मविश्वास और दृढ़ इच्छाशक्ति से महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी जगह बना सकती हैं।

 

मंडल की इकलौती महिला बस चालक

अलीगढ़ के जट्टारी क्षेत्र स्थित हजियापुर गांव की रहने वाली 28 वर्षीय सोनू मलान ने वर्ष 2021 में उत्तर प्रदेश परिवहन निगम में बस चालक के पद पर कार्यभार संभाला था। वह अलीगढ़ मंडल की इकलौती महिला बस चालक हैं। सोनू अलीगढ़ से नोएडा के बीच रोडवेज बस चलाती हैं और दिन में चार चक्कर लगाकर करीब 540 किलोमीटर की दूरी तय करती हैं।

जिम्मेदारी और अनुशासन के साथ वह रोज यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुंचाती हैं। स्टीयरिंग व्हील पर एक लड़की को देखकर कई बस यात्रियों के चेहरे पर आश्चर्य के भाव आते हैं, लेकिन सोनू की कुशल ड्राइविंग देखकर वे उनकी तारीफ करना और धन्यवाद करना भी नहीं भूलते। 

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12 साल की उम्र से ही ट्रैक्टर चलाने की शौकीन थीं सोनू

सोनू को बचपन से ही गाड़ियां चलाने का शौक था। महज 12 साल की उम्र में उन्होंने गांव में खेती-किसानी के काम के लिए ट्रैक्टर चलाना शुरू कर दिया था। गाड़ियां चलाने के प्रति उनका यही शौक आगे चलकर जुनून बन गया। वर्ष 2021 में उत्तर प्रदेश परिवहन निगम में महिला बस चालकों की नियुक्ति का अवसर आया, तो सोनू ने भी इसमें रुचि दिखाते हुए आवेदन किया।

चयनित महिलाओं में अलीगढ़ की सोनू मलान और गाजियाबाद के सिकंदराबाद क्षेत्र की वेद कुमारी शामिल थीं। इस अवसर ने सोनू को अपने ड्राइविंग शौक को पेशे में बदलने का मौका दिया और वह बस चालक के रूप में अपनी पहचान बनाने में सफल रहीं।

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सोशल मीडिया पर भी लोकप्रिय हैं सोनू

सोनू मलान की पहचान सिर्फ सड़कों तक सीमित नहीं है। सोशल मीडिया पर भी उनकी अच्छी-खासी लोकप्रियता है। उनके यूट्यूब पर करीब दो लाख, इंस्टाग्राम पर डेढ़ लाख और फेसबुक पर साढ़े छह लाख फॉलोअर्स हैं। वह अक्सर बस चलाने से जुड़े वीडियो साझा करती हैं, जिन्हें लोग पसंद करते हैं। इस तरह सोनू अपने काम के जरिए न सिर्फ यात्रियों को उनकी मंजिल तक पहुंचा रही हैं, बल्कि सोशल मीडिया पर भी महिलाओं को आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता का संदेश दे रही हैं।

 

परिवार का साथ मिला, तो हौसले ने भरी उड़ान

सोनू मलान बताती हैं कि शुरुआत में कई लोगों ने कहा कि बस चलाना पुरुषों का काम है। लेकिन उनकी रुचि इसी क्षेत्र में बढ़ती गई और उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा। उनके मुताबिक, योगी सरकार में उन्हें अवसर मिला और उन्होंने अपने हौसले से इस परंपरागत सोच को चुनौती दी। इस सफर में परिवार ने भी उनका पूरा साथ दिया। उनका भाई भी परिवहन निगम में बस चालक है, जबकि उनके पिता शिक्षक पद से सेवानिवृत्त हैं।

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सोनू के अनुसार, बस में सफर करने वाली लड़कियां और महिलाएं उन्हें देखकर सुरक्षित महसूस करती हैं और उनके काम की सराहना भी करती हैं। कई महिलाएं उनसे प्रेरित होकर यह भरोसा जताती हैं कि वे भी अपने सपनों को पूरा कर सकती हैं। सोनू की कहानी इसी विश्वास को मजबूत करती है कि अवसर और संकल्प साथ हों, तो कोई भी मंजिल दूर नहीं।

पंजाब में भीषण सड़क हादसा, 9 मजदूरों की मौत, कई घायल, तेज रफ्तार कार ने ली जान

पंजाब में भीषण सड़क हादसा, 9 मजदूरों की मौत, कई घायल, तेज रफ्तार कार ने ली जान

AI/ Image

पंजाब के संगरूर जिले के लेहरागागा-जाखल रोड पर छोटियां गांव के पास आज एक भीषण सड़क हादसा हो गया। खबरों के अनुसार, तेज रफ्तार कार ने मनरेगा मजदूरों को कुचल दिया। हादसे में 9 मजदूरों की दर्दनाक मौत और करीब 12 मजदूरों के घायल होने की खबर है। हादसे के बाद कार चालक फरार हो गया, जिसकी तलाश और जांच पुलिस द्वारा की जा रही है। तेज रफ्तार कार कई मजदूरों को दूर तक घसीटती ले गई, जिसमें 5 महिलाओं ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। खबरों के मुताबिक, घटना के समय करीब 23 महिला और पुरुष मनरेगा मजदूर सड़क किनारे कार्य कर रहे थे।

पंजाब के संगरूर जिले के लेहरागागा-जाखल रोड पर छोटियां गांव के पास आज एक भीषण सड़क हादसा हो गया। खबरों के अनुसार, तेज रफ्तार कार ने मनरेगा मजदूरों को कुचल दिया। हादसे में 9 मजदूरों की दर्दनाक मौत और करीब 12 मजदूरों के घायल होने की खबर है। हादसे के बाद कार चालक फरार हो गया, जिसकी तलाश और जांच पुलिस द्वारा की जा रही है।

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तेज रफ्तार कार कई मजदूरों को दूर तक घसीटती ले गई, जिसमें 5 महिलाओं ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। खबरों के मुताबिक, घटना के समय करीब 23 महिला और पुरुष मनरेगा मजदूर सड़क किनारे कार्य कर रहे थे। गंभीर हालत के चलते कई घायलों को संगरूर, सुनाम और पटियाला रैफर किया गया है। हादसे के बाद ग्रामीणों और मजदूर संगठनों ने सुरक्षा नियमों (रिफ्लेक्टर जैकेट, संकेत बोर्ड आदि) की अनदेखी और प्रशासन की लापरवाही को लेकर विरोध प्रदर्शन किया।

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पुलिस ने कार चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। राज्य के मंत्री वरिंदर गोयल ने घटना पर दुख जताया है। उन्होंने कहा, घायलों का इलाज चल रहा है। पीड़ितों को सरकार की ओर से हरसंभव मदद दी जाएगी। विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा ने शोक व्यक्त किया है। उन्‍होंने कहा, मनरेगा मजदूरों की मौत की खबर बेहद दुखद है।

योगी सरकार में मजबूत हुई बेसिक शिक्षा की नींव, कंपोजिट विद्यालयों में 9 साल में 1.84 लाख शिक्षक बढ़े

योगी सरकार में मजबूत हुई बेसिक शिक्षा की नींव, कंपोजिट विद्यालयों में 9 साल में 1.84 लाख शिक्षक बढ़े

Foundation of basic education has been strengthened under Yogi government

– 2017 से पहले 918 थी कंपोजिट विद्यालयों में शिक्षकों की संख्या, अब 1.85 लाख के पार।

– योगी सरकार में शिक्षक हित के साथ प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था मजबूत हुई है।

– शिक्षकों को 5 लाख रुपए तक की मुफ्त कैशलेस चिकित्सा सुविधा।

Uttar Pradesh News : उत्तर प्रदेश की बेसिक शिक्षा व्यवस्था में पिछले नौ वर्षों के दौरान विद्यालयों के सुदृढ़ीकरण के साथ शिक्षकों की उपलब्धता बढ़ाने पर भी जोर दिया गया है। वर्ष 2017 के बाद योगी सरकार के कार्यकाल में विद्यालयों को आवश्यकता के अनुरूप शिक्षक उपलब्ध कराने की दिशा में कदम उठाए गए। इसका असर कंपोजिट विद्यालयों में शिक्षकों की संख्या में हुई बड़ी वृद्धि के रूप में सामने आया है।

2016-17 में 918 थी शिक्षकों की संख्या

आंकड़ों के अनुसार, प्रदेश में कंपोजिट विद्यालयों में शिक्षकों की संख्या वर्ष 2016-17 में महज 918 थी, जो वर्ष 2025-26 में बढ़कर 1,85,408 हो गई यानी नौ वर्षों में कंपोजिट विद्यालयों में शिक्षकों की संख्या में करीब 1.84 लाख की वृद्धि हुई है। यह बदलाव प्राथमिक और उच्च प्राथमिक स्तर पर विद्यालयों के एकीकरण तथा उनके नए स्वरूप में संचालन के साथ शिक्षक उपलब्धता बढ़ाने की प्रक्रिया को भी दर्शाता है।

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प्रदेश में प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों के एकीकरण से विद्यालय परिसर कंपोजिट विद्यालयों के रूप में सशक्त हुए हैं। इस पहल से शिक्षण व्यवस्था को मजबूती मिली है और शिक्षकों की संख्या में 26,488 की वृद्धि दर्ज की गई है, जिससे शैक्षिक संसाधनों के बेहतर उपयोग को बढ़ावा मिला है।

 

योगी सरकार में शिक्षक हित को प्राथमिकता

योगी सरकार की ओर से शिक्षक हित में भी कई कदम उठाए गए हैं। 5 लाख रुपए तक की मुफ्त कैशलेस चिकित्सा सुविधा, 58 करोड़ रुपए खर्च कर नियमित ट्रेनिंग (2026-27), मानव संपदा पोर्टल से छुट्टी एवं वेतन पाना आसान और प्रत्येक विद्यालय में सहयोग के लिए 2 टैबलेट जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। इस तरह योगी सरकार में शिक्षक हित के साथ प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था मजबूत हुई है। साथ ही विकसित प्रदेश की नींव भी सशक्त हुई है। 

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कंपोजिट विद्यालयों की संख्या 225 से बढ़कर 24,605 हुई

वहीं योगी सरकार की पहल से कंपोजिट विद्यालयों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। यू-डायस के आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2017-18 में प्रदेश में 225 कंपोजिट विद्यालय थे, जिनकी संख्या 2025-26 में बढ़कर 24,605 हो गई। इस दौरान 24,380 विद्यालयों की वृद्धि दर्ज की गई।

इन विद्यालयों में बालवाटिका से कक्षा आठ तक एक ही परिसर में निःशुल्क शिक्षा की व्यवस्था है। इससे विद्यार्थियों को आगे की पढ़ाई जारी रखने की सुविधा मिल रही है। साथ ही प्राथमिक और उच्च प्राथमिक शिक्षा को एकीकृत कर शैक्षिक संसाधनों के बेहतर उपयोग पर जोर दिया जा रहा है।

योगी सरकार 5 जिलों में लगा रही आकाशीय विद्युत चेतावनी सेंसर, रुकेगी जनहानि

योगी सरकार 5 जिलों में लगा रही आकाशीय विद्युत चेतावनी सेंसर, रुकेगी जनहानि

Uttar Pradesh government is installing lightning warning sensors in 5 districts

– आपदा प्रबंधन पर जोर, आईआईटीएम पुणे के सहयोग से आकाशीय बिजली गिरने से पहले सतर्क करने की तैयारी।

– सोनभद्र के 32 गांवों में भी 1.33 करोड़ रुपए से बन रही बिजली गिरने की पूर्व चेतावनी व्यवस्था।

– स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन से जुड़ी एजेंसियों को भी बचाव अभियान चलाने में मिलेगी मदद।

Chief Minister Yogi Adityanath : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में प्राकृतिक आपदाओं से होने वाली जनहानि को कम करने के लिए तकनीक आधारित व्यवस्था मजबूत की जा रही है। इसी क्रम में भारतीय उष्णकटिबंधीय मौसम विज्ञान संस्थान (आईआईटीएम), पुणे के सहयोग से प्रदेश के 5 जिलों में आकाशीय बिजली का पता लगाने वाले सेंसर स्थापित किए जा रहे हैं। एटा, मेरठ, बलरामपुर, लखीमपुर खीरी और सोनभद्र में लग रहे ये सेंसर बिजली गिरने की गतिविधियों का तेजी से पता लगाने और समय रहते चेतावनी जारी करने में मदद करेंगे। इससे लोगों को सतर्क करने और संभावित हादसों से बचाव के लिए जरूरी कदम उठाने का समय मिल सकेगा।

 

राहत आयुक्त कार्यालय के मुताबिक इस पहल का प्रमुख उद्देश्य आकाशीय बिजली से होने वाली जनहानि को कम करना और आपदा प्रबंधन की तैयारियों को अधिक प्रभावी बनाना है। बारिश के मौसम में खेतों में काम करने वाले किसानों, खुले स्थानों पर काम करने वाले मजदूरों, ग्रामीणों और पशुपालकों को आकाशीय बिजली का सबसे अधिक खतरा रहता है। ऐसे में समय पर चेतावनी मिलने से लोग सुरक्षित स्थानों पर पहुंच सकते हैं। साथ ही स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन से जुड़ी एजेंसियों को भी आवश्यक सावधानियां बरतने में मदद मिलेगी।

 

सोनभद्र के 32 गांवों में भी बनेगी पूर्व चेतावनी व्यवस्था

आकाशीय बिजली से बचाव के लिए सोनभद्र जिले में भी विशेष व्यवस्था की जा रही है। दुद्धी ब्लॉक के 32 गांवों में 1.33 करोड़ रुपए से आकाशीय बिजली की पूर्व चेतावनी के लिए ‘लाईटनिंग डिटेक्शन एवं अर्ली वार्निंग सिस्टम’ स्थापित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य जोखिम वाले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों तक समय रहते सूचना पहुंचाना है, ताकि वे बिजली गिरने की आशंका के दौरान सुरक्षित रहने के लिए जरूरी कदम उठा सकें।

 

तकनीक और जागरूकता से कम होगा नुकसान

राहत आयुक्त कार्यालय के मुताबिक प्रदेश में आपदा प्रबंधन की रणनीति के तहत केवल घटना के बाद राहत पहुंचाने पर ही नहीं, बल्कि संभावित खतरे का पहले पता लगाने और नुकसान रोकने पर भी जोर दिया जा रहा है। बिजली चेतावनी सेंसर जैसी तकनीक मौसम की निगरानी को बेहतर बनाने में सहायक होगी।

अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग, घटना का वाडियो आया सामने, मामले की जांच में जुटी पुलिस

अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग, घटना का वाडियो आया सामने, मामले की जांच में जुटी पुलिस

Actor Tiger Shroff fired upon in Mumbai

मुंबई के जुहू स्थित पुष्पा पार्क इलाके में आज शाम बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर बाइक सवार 3 हमलावरों ने करीब 5 राउंड फायरिंग की। हालांकि इस गोलीबारी में अभिनेता टाइगर श्रॉफ सुरक्षित हैं और उन्हें कोई चोट नहीं आई है। मुंबई पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की तलाश की जा रही है। खबरों के अनुसार, इस हमले की जिम्मेदारी सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए अनिल पंडित और हरमन संधू नामक व्यक्तियों ने ली है, जिनका संबंध लॉरेंस बिश्नोई गैंग से बताया जा रहा है।

मुंबई के जुहू स्थित पुष्पा पार्क इलाके में आज शाम बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर बाइक सवार 3 हमलावरों ने करीब 5 राउंड फायरिंग की। हालांकि इस गोलीबारी में अभिनेता टाइगर श्रॉफ सुरक्षित हैं और उन्हें कोई चोट नहीं आई है। मुंबई पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की तलाश की जा रही है।

खबरों के अनुसार, इस हमले की जिम्मेदारी सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए अनिल पंडित और हरमन संधू नामक व्यक्तियों ने ली है, जिनका संबंध लॉरेंस बिश्नोई गैंग से बताया जा रहा है। इस गोलीबारी के पीछे की वजह अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाई है।

घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें देखा जा रहा है कि टाइगर की कार घर से निकलती है, तभी वहां फैंस की भीड़ जुट जाती है और इसी के बाद फायरिंग की आवाजें सुनाई देती हैं, जिसमें भगदड़ मच जाती है।अभिनेता टाइगर पर जानलेवा हमले की खबर के बाद इंडस्ट्री में हड़कंप मच गया है।

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मुंबई पुलिस आयुक्त को फोन कर अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर हुई गोलीबारी की घटना की जानकारी ली। उन्होंने पुलिस आयुक्त को तत्काल तेजी से जांच करने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। गौरतलब है कि अभिनेता टाइगर श्रॉफ को पिछले साल जान से मारने की धमकी भी मिली थी।

योगी सरकार ने किसानों के बच्चों के लिए दोगुनी कीं कृषि छात्रवृत्ति की सीटें, अब 2820 मेधावियों को मिलेगा लाभ

योगी सरकार ने किसानों के बच्चों के लिए दोगुनी कीं कृषि छात्रवृत्ति की सीटें, अब 2820 मेधावियों को मिलेगा लाभ

Chief Minister Yogi Adityanath makes a big announcement regarding agricultural scholarships

– मुख्यमंत्री कृषक छात्रवृत्ति योजना में बड़ा विस्तार, सालाना सहायता राशि भी 36 हजार से बढ़ाकर 60 हजार रुपए की गई

– कृषि विश्वविद्यालयों में 90 और कृषि महाविद्यालयों में 30 विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति का प्रावधान

– किसानों और खेतिहर मजदूरों के मेधावी बच्चों के लिए उच्च कृषि शिक्षा की राह होगी आसान

Uttar Pradesh News : किसानों की अगली पीढ़ी को कृषि शिक्षा के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने और ग्रामीण प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने की दिशा में योगी सरकार ने मुख्यमंत्री कृषक छात्रवृत्ति योजना का दायरा बढ़ाया है। राज्य कृषि उत्पादन मंडी परिषद की इस योजना के तहत छात्रवृत्ति की निर्धारित सीटों को दोगुना कर दिया गया है। इसके साथ ही विद्यार्थियों को मिलने वाली आर्थिक सहायता में भी उल्लेखनीय वृद्धि की गई है। इस विस्तार से प्रदेश के अधिक मेधावी किसान परिवारों को उच्च कृषि शिक्षा हासिल करने में मदद मिलेगी।

 

संशोधित व्यवस्था के तहत प्रत्येक कृषि विश्वविद्यालय एवं कृषि संस्थान में छात्रवृत्ति पाने वाले विद्यार्थियों की निर्धारित संख्या 45 से बढ़ाकर 90 और प्रत्येक कृषि महाविद्यालय में 15 से बढ़ाकर 30 कर दी गई है। इस प्रकार योजना के अंतर्गत छात्रवृत्ति की कुल निर्धारित संख्या 1,410 से बढ़कर 2,820 हो गई है। पात्र विद्यार्थियों को अब सालाना 60 हजार रुपए की छात्रवृत्ति मिलेगी।

 

योगी सरकार की इस पहल से आर्थिक संसाधनों की कमी के कारण उच्च शिक्षा में चुनौतियों का सामना करने वाले किसान और खेतिहर मजदूर परिवारों के प्रतिभाशाली बच्चों को सहारा मिलेगा। साथ ही कृषि, उद्यान, वानिकी और पशुपालन जैसे क्षेत्रों में विशेषज्ञता हासिल करने वाले युवाओं को प्रोत्साहित कर प्रदेश में कृषि आधारित ज्ञान, नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देने का अवसर मिलेगा।

 

छात्रवृत्ति की राशि में भी 24 हजार रुपए सालाना की बढ़ोतरी

मुख्यमंत्री कृषक छात्रवृत्ति योजना के अंतर्गत छात्रवृत्ति की मासिक राशि तीन हजार रुपए से बढ़ाकर पांच हजार रुपए कर दी गई है। इसके परिणामस्वरूप चयनित विद्यार्थियों को अब सालाना 36 हजार रुपए के स्थान पर 60 हजार रुपए मिलेंगे। यानी, प्रत्येक विद्यार्थी को प्रतिवर्ष 24 हजार रुपए की अतिरिक्त आर्थिक सहायता प्राप्त होगी। इससे विद्यार्थियों को पढ़ाई से जुड़े खर्चों को पूरा करने में मदद मिलेगी और परिवार पर आर्थिक दबाव भी कम हो सकेगा।

 

9 वर्षों में 6454 विद्यार्थियों को मिली 22.90 करोड़ रुपए की सहायता

योजना के माध्यम से वित्तीय वर्ष 2017-18 से 2025-26 तक 6,454 विद्यार्थियों को लगभग 22.90 करोड़ रुपए की छात्रवृत्ति प्रदान की जा चुकी है। अब छात्रवृत्ति की निर्धारित सीटें दोगुनी होने से अधिक विद्यार्थियों को इस सहायता का लाभ पाने का अवसर मिलेगा। प्रदेश के 11 कृषि विश्वविद्यालयों एवं कृषि संस्थानों और 61 कृषि महाविद्यालयों में पात्र विद्यार्थियों को इस योजना के तहत छात्रवृत्ति दी जा रही है।

 

कृषि शिक्षा के विभिन्न पाठ्यक्रमों में बढ़ीं सीटें

संशोधित व्यवस्था के तहत कृषि विश्वविद्यालयों एवं संस्थानों में कृषि स्नातक पाठ्यक्रम के लिए छात्रवृत्ति की निर्धारित संख्या 25 से बढ़ाकर 50, गृह विज्ञान स्नातक के लिए छह से बढ़ाकर 12, कृषि स्नातकोत्तर के लिए 10 से बढ़ाकर 20 और गृह विज्ञान स्नातकोत्तर के लिए चार से बढ़ाकर आठ कर दी गई है। इसी तरह कृषि महाविद्यालयों में स्नातक स्तर पर छात्रवृत्ति की संख्या 10 से बढ़ाकर 20 तथा स्नातकोत्तर स्तर पर पांच से बढ़ाकर 10 की गई है। कृषि के साथ उद्यान, वानिकी, पशुपालन और संबंधित विषयों में अध्ययनरत पात्र विद्यार्थी भी योजना के दायरे में आते हैं।

 

मेरिट के आधार पर चयन, किसान और खेतिहर मजदूर परिवारों को प्राथमिकता

योजना का लाभ उत्तर प्रदेश के निवासी कृषकों एवं खेतिहर मजदूरों के पुत्र-पुत्रियों तथा उन पर पूर्ण रूप से आश्रित पात्र विद्यार्थियों को दिया जाता है। स्नातक पाठ्यक्रमों के लिए यूपी बोर्ड से इंटरमीडिएट में न्यूनतम 70 प्रतिशत और अन्य बोर्ड से 85 प्रतिशत अंक निर्धारित हैं। स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों के लिए स्नातक स्तर पर कम से कम 70 प्रतिशत अंक आवश्यक हैं। विद्यार्थियों का चयन निर्धारित पात्रता और मेरिट के आधार पर किया जाता है।

 

मंडी परिषद के निदेशक जितेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में किसानों और खेतिहर मजदूरों के मेधावी बच्चों को उच्च कृषि शिक्षा के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है। छात्रवृत्ति की निर्धारित संख्या और आर्थिक सहायता में वृद्धि से आर्थिक रूप से कमजोर किसान परिवारों के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को अपनी पढ़ाई जारी रखने और कृषि क्षेत्र में भविष्य बनाने में मदद मिलेगी।

गोवा में गरजे राहुल गांधी, बोले- वोट चोरी के पीछे ज्ञानेश कुमार, बच नहीं पाएंगे CEC

गोवा में गरजे राहुल गांधी, बोले- वोट चोरी के पीछे ज्ञानेश कुमार, बच नहीं पाएंगे CEC

Rahul Gandhi took aim at CEC Gyanesh Kumar over SIR

गोवा के मडगांव में लोकसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने ‘वोट चोरी’ के आरोपों को लेकर चुनावी व्यवस्था पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि उनके खिलाफ 45 से ज्यादा मानहानि के मुकदमे चल रहे हैं, लेकिन वोट चोरी का आरोप लगाने पर अब तक कोई मुकदमा नहीं हुआ। राहुल ने इसकी वजह बताते हुए कहा कि ऐसे मामले में कानूनी प्रक्रिया शुरू हुई तो आरोप लगाने वालों को भी सवालों का सामना करना पड़ सकता है। राहुल ने कहा, पूरा देश जानता है कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार वोट चोरी को अंजाम देते हैं और गृहमंत्री अमित शाह तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उनका समर्थन करते हैं।

गोवा के मडगांव में लोकसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने ‘वोट चोरी’ के आरोपों को लेकर चुनावी व्यवस्था पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि उनके खिलाफ 45 से ज्यादा मानहानि के मुकदमे चल रहे हैं, लेकिन वोट चोरी का आरोप लगाने पर अब तक कोई मुकदमा नहीं हुआ। राहुल ने इसकी वजह बताते हुए कहा कि ऐसे मामले में कानूनी प्रक्रिया शुरू हुई तो आरोप लगाने वालों को भी सवालों का सामना करना पड़ सकता है।

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राहुल ने कहा, पूरा देश जानता है कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार वोट चोरी को अंजाम देते हैं और गृहमंत्री अमित शाह तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उनका समर्थन करते हैं। राहुल ने कहा, कांग्रेस संविधान की रक्षक है। प्रधानमंत्री, अमित शाह और ज्ञानेश कुमार जानते हैं कि वे हमसे बच नहीं सकते। राहुल ने कहा, पीएम मोदी, अमित शाह और सीईसी ज्ञानेश कुमार को न्याय का सामना करना पड़ेगा और उन्होंने जो किया है, उसकी कीमत चुकानी पड़ेगी।

राहुल गांधी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, पहले हमारे पास विश्वस्तरीय शिक्षा प्रणाली हुआ करती थी, लेकिन अब छात्र प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पैलेट गन का इस्तेमाल किया जा रहा है। राहुल गांधी ने दावा किया कि देश के युवा केंद्र सरकार के खिलाफ खड़े हो रहे हैं। राहुल ने कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह को रात में नींद नहीं आती क्योंकि वे जानते हैं कि कांग्रेस उनसे न्याय लेकर रहेगी।

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राहुल गांधी ने दावा किया कि मोदी सरकार की ‘एक्सपायरी डेट’ अब नजदीक आ रही है। इसके साथ ही उन्होंने गोवा के स्थानीय मुद्दों, बेरोजगारी, शिक्षा और पर्यावरण की रक्षा का भी मुद्दा उठाया है। उन्होंने गोवा में कांग्रेस को पूर्ण बहुमत देने की अपील करते हुए जमीन, रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और पर्यावरण से जुड़े मुद्दे भी उठाए। जनता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा गृहमंत्री अमित शाह की राजनीति को समझ रही है।

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उन्होंने कहा कि किसी सरकार के पास कितना भी पैसा, संसाधन और प्रचार तंत्र क्यों न हो, जनता का फैसला सबसे अहम होता है। उन्होंने आगे कहा कि कांग्रेस संविधान की रक्षा के लिए लड़ रही है और वोट चोरी के जरिए संविधान पर हमला किया गया है। राहुल गांधी ने दक्षिण गोवा के मडगांव में कांग्रेस की ‘गोय राखोन यात्रा’ में हिस्सा लिया और पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं के साथ 2 किलोमीटर तक पैदल चले।

दुर्गा पंडालों में सुरक्षा की हो समुचित व्यवस्था : योगी आदित्यनाथ

दुर्गा पंडालों में सुरक्षा की हो समुचित व्यवस्था : योगी आदित्यनाथ

Chief Minister Yogi Adityanath stated that adequate security arrangements should be in place at Durga pandals

– मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के सभी पुलिस कमिश्नर, एडीजी, जिलाधिकारी व पुलिस कप्तानों को दिए सख्त निर्देश।

– रामनवमी, विजयादशमी, मूर्ति विसर्जन के मार्गों तथा आयोजन स्थलों पर किए जाएं समुचित प्रबंध।

– बलरामपुर हादसे पर भी सीएम ने शोक प्रकट कर किया मुआवजे का ऐलान।

– पश्चिम बंगाल में दुर्गा पूजा के दौरान जनहानि पर सीएम ने जताया शोक।

– हर पंडाल में इमरजेंसी एग्जिट के लिए हो पर्याप्त व्यवस्था।

Chief Minister Yogi Adityanath : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश के सभी जनपदों में लगाए गए दुर्गा पंडालों और आमजन की सुरक्षा को लेकर अधिकारियों को सख्त दिशा-निर्देश दिए हैं। बस्ती दौरे पर निकलने से पहले मुख्यमंत्री ने शासन व प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों से बातचीत कर आवश्यक सुझाव भी दिए। मुख्यमंत्री ने पश्चिम बंगाल में दुर्गापूजा में हुई जनहानि पर शोक जताते हुए शासन, प्रशासन, पुलिस व ऊर्जा विभाग आदि के अधिकारियों को समुचित सुरक्षात्मक प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। 

 

मुख्यमंत्री ने दुर्गा पंडालों में सुरक्षा के संबंध में सभी पुलिस कमिश्नर, एडीजी, आईजी, डीआईजी, जिलाधिकारी, पुलिस कप्तान को निर्देश दिए कि वरिष्ठ अधिकारी स्वयं पंडालों में अग्नि सुरक्षा की अवश्य जांच कराएं। ⁠डीएम, कप्तान पंडालों का निरीक्षण कर एंट्री व एग्जिट पॉइंट की जांच भी सुनिश्चित करें। किसी भी आकस्मिक परिस्थिति में इमरजेंसी एग्जिट के लिए पर्याप्त व्यवस्था अनिवार्य रूप से हो। विद्युत व्यवस्था के मद्देनजर प्रशासन व ऊर्जा विभाग के अधिकारी सुरक्षात्मक प्रबंधों का परीक्षण भी कर लें। इसमें किसी भी प्रकार की हीला-हवाली अक्षम्य होगी। 

 

मुख्यमंत्री ने रामनवमी व विजयादशमी त्योहार पर प्रशासन, पुलिस, विद्युत, नगर निगम, नगर निकायों, पेयजल समेत संबंधित सभी विभागों के अधिकारियों को फील्ड में रहने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी दुर्गा पंडालों, मार्गों आदि पर सुरक्षा, स्वच्छता के साथ ही जनसुविधा से जुड़ी सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित रहें।

मूर्ति विसर्जन के दौरान भी यात्रा मार्गों तथा विसर्जन स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था, बिजली के तारों, स्वच्छता आदि से जुड़ी व्यवस्थाओं पर नजर रखी जाए। आस्था का सम्मान करें, लेकिन किसी नई परंपरा को प्रोत्साहित न करें। यह भी सुनिश्चित करें कि इस दौरान आमजन को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

 

सीएम ने बलरामपुर हादसे पर जताया शोक, मुआवजे का ऐलान

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बलरामपुर में रविवार सुबह सड़क दुर्घटना पर शोक जताया। यहां देहात क्षेत्र में तेज रफ्तार कार की चपेट में आने से हुई जनहानि पर सीएम ने दुख प्रकट किया और जिलाधिकारी को निर्देश दिया कि घायलों के समुचित इलाज की व्यवस्था की जाए। इलाज में किसी भी प्रकार की कोताही न हो। सीएम ने मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख व घायलों को 50-50 हजार रुपए की आर्थिक मदद का भी ऐलान किया।

ईरान के नए रक्षामंत्री अखलाघी ने अमेरिका को दी कड़ी चेतावनी, बोले- ‘सभी फ्रंट पर जंग खत्म हुए बिना नहीं रुकेगा युद्ध’

ईरान के नए रक्षामंत्री अखलाघी ने अमेरिका को दी कड़ी चेतावनी, बोले- 'सभी फ्रंट पर जंग खत्म हुए बिना नहीं रुकेगा युद्ध'

Iran’s new Defense Minister Akhlaghi has issued a stern warning to United States

ईरान ने अमेरिका और उसके सहयोगियों को कड़ी चेतावनी दी है कि यदि वॉशिंगटन ने सैन्य हमले दोबारा शुरू किए या नया सैन्य अभियान चलाया, तो ईरान संयुक्त राज्य अमेरिका और मध्य पूर्व में उसके सहयोगियों को भारी नुकसान पहुंचाएगा। ईरान की इस्लामी सलाहकार परिषद ने मेहरदाद अखलाघी को नया रक्षामंत्री नियुक्त किया है। पदभार संभालते ही उन्होंने अमेरिका को यह कड़ी चेतावनी दी है। ईरान ने साफ किया है कि अमेरिका द्वारा नाकेबंदी और धमकियों के बीच यदि सैन्य कार्रवाई नहीं रुकी तो होर्मुज जलडमरूमध्य और तेल क्षेत्रों को लेकर संकट गहरा सकता है।

ईरान ने अमेरिका और उसके सहयोगियों को कड़ी चेतावनी दी है कि यदि वॉशिंगटन ने सैन्य हमले दोबारा शुरू किए या नया सैन्य अभियान चलाया, तो ईरान संयुक्त राज्य अमेरिका और मध्य पूर्व में उसके सहयोगियों को भारी नुकसान पहुंचाएगा। ईरान की इस्लामी सलाहकार परिषद ने मेहरदाद अखलाघी को नया रक्षामंत्री नियुक्त किया है। पदभार संभालते ही उन्होंने अमेरिका को यह कड़ी चेतावनी दी है।

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ईरान ने साफ किया है कि अमेरिका द्वारा नाकेबंदी और धमकियों के बीच यदि सैन्य कार्रवाई नहीं रुकी तो होर्मुज जलडमरूमध्य और तेल क्षेत्रों को लेकर संकट गहरा सकता है। ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने स्पष्ट किया है कि ईरान परमाणु हथियार विकसित नहीं कर रहा है और कूटनीतिक बातचीत के द्वार खुले रखे हैं। मध्य-पूर्व में जारी तनाव के बीच ईरान ने साफ किया है कि क्षेत्र में शांति तभी संभव है, जब सभी मोर्चों पर युद्ध पूरी तरह बंद हो। यदि किसी एक मोर्चे पर भी लड़ाई जारी रहती है, तो पूरे क्षेत्र में युद्ध खत्म नहीं माना जा सकता।

ईरानी उप विदेश मंत्री ने अमेरिका और इसराइल पर ईरान तथा लेबनान के खिलाफ हमले करके इस्लामाबाद समझौता ज्ञापन का उल्लंघन करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि लेबनान में युद्ध समाप्त कराने और युद्धविराम सुनिश्चित करने के अमेरिकी प्रयास सफल नहीं हुए हैं।

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खतीबजादेह ने यह भी कहा कि इसराइल अपने वादों का पालन नहीं करेगा और उसे रोकने की जिम्मेदारी अमेरिका की है।  ईरानी सांसदों ने मेहरदाद अखलाघी को देश के नए रक्षामंत्री के रूप में नियुक्त करने को मंजूरी दे दी, जिन्होंने अपने पूर्ववर्ती की जगह ली, जिनकी संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ युद्ध के पहले दिन मृत्यु हो गई थी।

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युद्ध को लेकर डोनाल्ड ट्रंप ने किया यह दावा

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के साथ जारी युद्ध बहुत जल्द समाप्त हो जाएगा। ट्रंप ने ईरान के परमाणु ठिकानों पर किए गए अमेरिकी सैन्य हमलों का भी बचाव किया। उन्होंने कहा कि इन हमलों ने ईरान की परमाणु क्षमताओं को कमजोर कर दिया है। ट्रंप ने कहा कि ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकना अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बेहद जरूरी है।

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युद्ध को लेकर डोनाल्ड ट्रंप ने किया यह दावा

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