धर्मशाला में मौसम नहीं साफ, क्या पूरा हो पाएगा भारत बनाम अफगानिस्तान मैच

AFGvsIND हिमाचल के धर्मशाला क्रिकेट स्टेडियम में मौसम साफ नहीं है जिससे भारत बनाम अफगानिस्तान मैच में खलल पड़ सकता है। उत्तरी भारत के कई हिस्सों में बारिश शुरु हो चुकी है और मौसम का बदलाव धर्मशाला में भी देखने को मिल सकता है क्योंकि आमतौर पर 42 फीसदी वर्षा धर्मशाला में जून के महीने में ही होती है।

यही कारण है कि कल जब कप्तान शुभमनगिल और हशमतुल्लाह शाहिदी टॉस के लिए उतरेंगे तो दोनों कप्तानों के जहन में गेंदबाजी चुनना होगा।

मौसम विभाग के अनुसार 22 सेलसियस तापमान के साथ 51 फीसदी संभावना बारिश की बनी रहेगी। हालांकि यह पूरे मैच को धोने के लिए काफी नहीं रहेगी लेकिन खिलाड़ियों को कई बार अंदर बाहर होना पड़ सकता है। अच्छी बात यह है कि 90 फीसदी बारिश दोपहर 2 से 4 के बीच होने की है तो उसके बाद फैंस मैच का लुत्फ उठा सकते हैं।

भारतीय टीम की बात करें तो टीम में कई नए चेहरे हैं। यशस्वी जायसवाल को विराट कोहली की जगह मौका मिला है। वहीं नीतिशकुमार रेड्डी और प्रिंस यादव की गेंदबाजी पर प्रबंधन की निगाहें रहेंगी। बल्लेबाजी में टीम के पास कई बड़े नाम है लेकिन रोहित शर्मा के प्रदर्शन पर सबकी निगाहें होंगी जिनका पिछला न्यूजीलैंड दौरा खास नहीं गया था। गेंदबाजी में अर्शदीप सिंह अगुआ होंगे और उनका साथ प्रसिद्ध कृष्णा को निभाना होगा।

शुभमन गिल की कप्तानी में भारत ने तीन वनडे श्रृंखला खेली हैं जिनमें से दो में उसे हार का सामना करना पड़ा था। मुख्य कोच गौतम गंभीर के साथ मिलकर वह इस रिकॉर्ड में सुधार करने में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहेंगे।
गिल और रोहित के पारी की शुरुआत करने की उम्मीद है, जबकि कोहली की अनुपस्थिति में तीसरे नंबर पर ईशान किशन और यशस्वी जायसवाल में से किसी एक को उतारा जा सकता है।

वहीं अफगानिस्तान टीम की बात करें तो यह टीम समेद गेंद में उतनी कमजोर नहीं है जितनी लाल गेंद में। टीम के पास इब्राहिम जादरान और रहमतुल्लाह गुरबाज जैसे बल्लेबाज और अजमतुल्लाह उमरजाई और राशिद खान जैसे ऑरलाउंडर है। हालांकि टीम का तेज गेंदबाजी आक्रमण कमजोर दिख रहा है जो टीम को धर्मशाला के मैदान पर चुभ सकता है।चंडीगढ़ में खेले गए टेस्ट मैच में छह विकेट लेने वाले तेज गेंदबाज मोहम्मद सलीम को वनडे टीम में शामिल कर लिया गया है।

टीम इस प्रकार हैं:

भारत: शुभमन गिल (कप्तान), यशस्वी जायसवाल, केएल राहुल, कुलदीप यादव, नितीश कुमार रेड्डी, प्रसिद्ध कृष्णा, श्रेयस अय्यर, रोहित शर्मा, हार्दिक पंड्या, वॉशिंगटन सुंदर, हर्ष दुबे, इशान किशन, अर्शदीप सिंह, गुरनूर बराड़, प्रिंस यादव।

अफगानिस्तान: हशमतुल्लाह शाहिदी (कप्तान), सेदिकुल्लाह अटल, रहमानुल्लाह गुरबाज़ (विकेटकीपर), इकराम अलिखिल (विकेटकीपर), अजमतुल्लाह उमरजई, बिलाल सामी, नांगेयालिया खरोती, फरीद अहमद मलिक, एएम ग़ज़नफ़र, मोहम्मद नबी, राशिद खान, दरविश रसूली, इब्राहिम जादरान, जिया उर रहमान शरीफी।

समय:- दोपहर 1.30 बजे

FAB Four बल्लेबाज केन विलियमसन ने कहा अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा

Kane Williamson

टेस्ट के फैब फोर बल्लेबाजों में से एक केन विलियमसन ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया। इस समय वह कीवी टेस्ट टीम के साथ इंग्लैंड दौरे पर है। पहले टेस्ट में उनका बल्ला नहीं चल पाया था और न्यूजीलैंड को बड़ी हार का सामाना करना पड़ा था।तत्काल प्रभाव से लिए गए इस निर्णय का मतलब यह है कि वह दूसरे टेस्ट में शामिल नहीं होंगे।विराट कोहली की तरह ही केन विलियमसन भी दस हजार टेस्ट रनों के मुहाने पर खड़े थे लेकिन उन्होंने इससे पहले ही कोहली की तरह ही बल्ला टांग दिया।

विलियमसन ने न्यूजीलैंड क्रिकेट द्वारा जारी बयान में कहा ,‘‘ मैने इस पर काफी सोचा और पिछले कुछ दिन से लग रहा था कि यह सही समय है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने के लिये मेरे भीतर हमेशा मजबूत इच्छाशक्ति और ललक रही है और मुझे इस बात में गर्व है कि न्यूजीलैंड के लिये हर मैच में मैने अपना सब कुछ दिया है।’’ न्यूजीलैंड क्रिकेट ने कहा ,‘‘ हमारे महानतम खिलाड़ियों में से एक विदा हो रहा है। केन विलियमसन ने त्वरित प्रभाव से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास का फैसला किया है।’’

केन विलियमसन ने न्यूजीलैंड के लिए बतौर कप्तान विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल जीता जो इस सदी की न्यूजीलैंड का दूसरा आईसीसी खिताब है।साल 2019 में केन विलियमसन अपनी टीम को एकदिवसीय विश्वकप जिताने के भी बेहद नजदीक आ गए थे लेकिन उस दिन फाइनल मैच और सुपर ओवर दोनों टाई हो गया और विश्वकप पर इंग्लैंड का कब्जा हो गया।

करियर की बात करें तो उनके 9515 टेस्ट रन हैं, 7526 एकदिवसीय रन हैं और 2572 टी-20 अंतरराष्ट्रीय रन हैं। उन्होंने 2016 से 2024 के बीच एक सुनहरे दौर में तीनों प्रारूपों में न्यूज़ीलैंड का नेतृत्व किया। उनकी कप्तानी में टीम ने दो ICC विश्व कप फ़ाइनल और तीन सेमीफ़ाइनल खेले, जबकि 2021 में पहला आईसीसी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप का ख़िताब जीता। विलियमसन ने साल 2010 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू किया था और पिछले साल नवंबर में उन्होंने टी20 क्रिकेट को अलविदा कहा था। उन्होंने न्यूज़ीलैंड के लिए 378 मैचों में रिकॉर्ड 19,346 रन बनाए, जिसमें 48 शतक और छह दोहरे शतक शामिल हैं। इस संन्यास के बाद विलियमसन अब इंग्लैंड के ख़िलाफ़ जारी मौजूदा टेस्ट सीरीज़ के बाक़ी मैचों में हिस्सा नहीं लेंगे।

रोहित शर्मा ने नेट्स पर पसीना बहाकर साबित की अपनी फिटनेस

अफगानिस्तान के खिलाफ धर्मशाला में खेले जाने वाले पहले एकदिवसीय मैच से पहले रोहित शर्मा ने नेट्स पर पसीना बहाकर फिटनेस संबंधी समस्याओं को दरकिनार कर दिया है। रोहित शर्मा इंडियन प्रीमियर लीग के कई मैचों से बाहर थे और इस सीरीज में भी उनका चयन फिटनेस साबित करने पर ही होना था।

रोहित ने सबसे पहले तेज़ गेंदबाज़ों का सामना किया। नीतीश कुमार रेड्डी की पहली गेंद ऑफ़ स्टंप के गुड लेंथ से अंदर आई और उनके पैड पर लगी। इसके बाद उन्होंने अर्शदीप सिंह और गुरनूर बराड़ की बाहर जाती गेंदों को बल्ला उठाकर जाने दिया। इसके बाद प्रिंस यादव की गेंद को वह पहली बार बल्ले से छू पाए, हालांकि यह भी बल्ले पे मिडल नहीं हुआ था और अंदरूनी किनारा लेकर मिडविकेट की ओर गया।

हालांकि इसके बाद वह थोड़ी लय में आते दिखे। कुछ गेंदों पर उन्होंने रक्षात्मक और कुछ गेंदों पर आक्रामक शॉट लगाए। इस दौरान उनके बल्ले से ड्राइव, हुक, पुल, फ़्लिक, कट सहित अन्य सभी शॉट निकले, जिसमें प्रिंस के ऊपर लगाया गया उनका पसंदीदा पुल शॉट सबसे दर्शनीय था। तेज गेंदबाज़ों का सामना करने के बाद रोहित ने स्पिनरों का भी सामना किया, जिसमें भारतीय टीम में शामिल हुए युवा हर्ष दुबे सहित अन्य स्थानीय नेट्स स्पिनर शामिल थे।

रोहित ने लगभग एक घंटे तक बल्लेबाज़ी का अभ्यास किया। उनके साथ श्रेयस और किशन अलग-अलग नेट्स पर बल्लेबाज़ी करते नज़र आए। जहां श्रेयस को रोहित की तरह लय में आने में समय लगा, वहीं किशन ऐसे लगा कि वह अपनी आईपीएल की फ़ॉर्म को जैसे लेकर आए हों। उन्होंने सबसे पहले स्पिनरों का सामना किया और सीधे, आड़े सभी तरीकों से मैदान के चारों तरफ़ शॉट लगाए। आगे निकलकर गेंदबाज़ के ऊपर से लगाया गया सीधा शॉट और पैर तोड़कर लगाए गए स्लॉग स्वीप उनके कुछ दर्शनीय शॉट थे।

जहां एक घंटे के बाद रोहित और श्रेयस वापस लौट गए, वहीं किशन ने अपनी बल्लेबाज़ी आधे घंटे और जारी रखी। स्पिनरों के बाद उन्होंने तेज़ गेंदबाज़ों का सामना किया और फिर थ्रोडाउन भी लिया। इस दौरान यशस्वी जायसवाल भी बगल के नेट्स में अपने टेस्ट मैचों वाले सफ़ेद और चौड़े पैड के साथ बल्लेबाज़ी करते नज़र आए।

सोमवार को समाप्त हुए टेस्ट के भारतीय एकादश में शामिल वह एकमात्र क्रिकेटर थे, जो इस अभ्यास सत्र में नज़र आए। बाक़ी के खिलाड़ियों में कप्तान शुभमन गिल, केएल राहुल, वॉशिंगटन सुंदर, कुलदीप यादव और प्रसिद्ध कृष्णा ने इस अभ्यास सत्र में हिस्सा नहीं लिया। युवा स्पिन ऑलराउंडर हर्ष ने गेंदबाज़ी के साथ-साथ बल्लेबाज़ी का भी अभ्यास किया और स्पिनरों पर कुछ शानदार शॉट्स लगाए।

गेंदबाज़ी में बराड़ ने अपनी लंबाई का फ़ायदा उठाते हुए कुछ बेहतरीन गेंदें की और रोहित को परेशान किया। वहीं प्रिंस यादव ने भी अपने सटीक लाइन और लेंथ से बल्लेबाज़ों को बांधे रखा। बराड़ और प्रिंस में से किसी एक का डेब्यू धर्मशाला वनडे में हो सकता है।

Under 19 टीम में हुआ पूर्व कोच और कप्तान राहुल द्रविड़ बेटे का चयन

भारत के पूर्व कप्तान और प्रमुख कोच राहुल द्रविड़ के छोटे बेटे, अन्वय द्रविड़ को अगले महीने श्रीलंका के दौरे के लिए इंडिया अंडर-19 की वनडे टीम में शामिल किया गया है। इस पूरे दौरे पर तीन वनडे मैच और दो चार-दिवसीय मैच खेले जाएंगे।अन्वय दाएं हाथ के बल्लेबाज़ और विकेटकीपर हैं।

जिन्होंने नवंबर 2025 में बेंगलुरु के सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस में वनडे ट्राई-सीरीज़ के हिस्से के रूप में अफ़ग़ानिस्तान अंडर-19 के ख़िलाफ़ इंडिया B अंडर-19 के लिए एक मैच खेला है। उस मैच में वह पहली ही गेंद पर शून्य पर आउट हो गए थे और विकेट के पीछे दो कैच लपके थे।

अन्वय ने हाल ही में वीनू मांकड़ ट्रॉफ़ी के क्वार्टर फ़ाइनल में कर्नाटक की अंडर-19 टीम की कप्तानी की थी। उन्होंने इस टूर्नामेंट में छह पारियों में 55.00 की औसत से 220 रन बनाए जो उनकी टीम की ओर से दूसरे सबसे ज़्यादा रन थे।

आगामी दौरे के लिए चुनी गई दोनों अंडर-19 टीमों की कप्तानी मध्य प्रदेश के यशवर्धन सिंह चौहान करेंगे, जबकि उत्तराखंड के शीर्ष क्रम के बल्लेबाज लक्ष्य रायचंदानी को उप-कप्तान नियुक्त किया गया है। 17 वर्षीय रायचंदानी पहले ही अपना फ़र्स्ट-क्लास डेब्यू कर चुके हैं और उन्होंने 2025-26 रणजी ट्रॉफ़ी सीज़न में पांच पारियों में तीन अर्धशतक बनाए हैं।

दौरे की शुरुआत तीन वनडे मैचों से होगी, जो 4, 6 और 9 जुलाई को हंबनटोटा में स्थानीय समयानुसार सुबह 10 बजे से खेले जाएंगे। पहला चार-दिवसीय मैच 13 से 16 जुलाई तक गॉल में और दूसरा 20 से 23 जुलाई तक कोलंबो में खेला जाएगा।

द्रविड़ के बड़े बेटे, समित द्रविड़, जो 20 वर्ष के हैं उन्हें भी 2024 में ऑस्ट्रेलिया अंडर-19 के ख़िलाफ़ खेलने के लिए इंडिया अंडर-19 टीम में चुना गया था, लेकिन घुटने की चोट के कारण वह बाहर हो गए थे। समित ने कर्नाटक की टी20 लीग, महाराजा टी20 ट्रॉफ़ी में शानदार प्रदर्शन करने के बाद अंडर-19 टीम में जगह बनाई थी।

भारत पुरुष Under-19 वनडे टीम:सागर विर्क, लक्ष्य रायचंदानी (उप-कप्तान), यशवर्धन सिंह चौहान (कप्तान), विनीत वी के, अर्जुन राजपूत, कुशाग्र ओझा, रजत बघेल (विकेटकीपर), अन्वय द्रविड़ (विकेटकीपर), अनमोलजीत सिंह, वुटकुर यशवीर गौड़, रोहित अनिल यादव, शाविन वी, काव्य पारस पटेल, मोहित उल्वा, ईशान सूद।

भारत पुरुष Under-19 चार दिवसीय टीम:सागर विर्क, लक्ष्य रायचंदानी (उप-कप्तान), यशवर्धन सिंह चौहान (कप्तान), पटेल कुश, मनाल चौहान, कुशाग्र ओझा, मानव कृष्णा (विकेटकीपर), आर्यन संदेश सकपाल (विकेटकीपर), हेमचुडेशन जे, बीके किशोर, रोहित अनिल यादव, काव्य पारस पटेल, प्रियंशु सिंह, प्रणव राघवेंद्र, चिगुरुपति वेंकट।

47 दिन चलेगा दक्षिण अफ्रीका में होने वाला ODI विश्वकप, पढ़े पूरा शेड्यूल

दक्षिण अफ़्रीका, ज़िम्बाब्वे और नामीबिया की मेज़बानी में होने वाले 2027 वनडे विश्व कप का आयोजन 04 अक्टूबर से 21 नवंबर के बीच खेला जाएगा। ESPNcricinfo के मुताबिक इन तारीख़ों पर सहमति मई में अहमदाबाद में हुई ICC की बोर्ड मीटिंग के दौरान बनी थी और जुलाई में होने वाली वार्षिक बैठक में सूक्ष्म चीज़ों पर चर्चा होगी।

ऐसा माना जा रहा है कि दक्षिण अफ़्रीका के आठ मैदानों पर ही अधिकांश मैच खेले जाने हैं और 54 में से 41 मैच इसी देश में हो सकते हैं। ज़िम्बाब्वे में 8-10 और नामीबिया में तीन मैच खेला जा सकते हैं। शुरुआत में ज़िम्बाब्वे के दो मैदानों की ही बात हो रही थी, लेकिन अब इस साल के अंत तक विक्टोरिया फॉल्स पर बन रहा स्टेडियम भी बनकर तैयार हो जाएगा तो तीनों मैदानों का इस्तेमाल होगा। नए स्टेडियम को अंतरराष्ट्रीय मान्यता दिलाने के लिए दक्षिण अफ़्रीका की टीम ज़िम्बाब्वे का दौरा करने वाली थी, लेकिन फिलहाल उस पर अधिक अपडेट नहीं है।

2003 के बाद यह दक्षिण अफ़्रीका में होने वाला पहला वनडे विश्व कप होगा। हालांकि, इस बीच में 2007 पुरुष T20 विश्व, 2009 चैंपियंस ट्रॉफ़ी और 2023 महिला T20 विश्व कप का आयोजन दक्षिण अफ़्रीका में हो चुका है। हाल ही में ज़िम्बाब्वे और दक्षिण अफ़्रीका ने मिलकर पुरुष अंडर-19 विश्व कप की मेजबानी की थी। पिछले दो संस्करणों में 10 टीमों के साथ खेले गए टूर्नामेंट की 14 टीमों के साथ वापसी होगी। टीमों को सात-सात के दो ग्रुप में बांटा जाएगा और फिर दोनों ग्रुप से टॉप-3 टीमें सुपर सिक्स में जगह बनाएंगी। दक्षिण अफ़्रीका और ज़िम्बाब्वे पहले ही अपनी जगह बना चुकी हैं, लेकिन नामीबिया क्वालिफ़िकेशन प्रक्रिया का हिस्सा होगी।

यह विश्व कप 2027-2031 के फ्यूचर टूर्स प्रोग्राम (FTP) का पहला ICC इवेंट होगा। यह नियम दोनों पक्षों के बीच द्विपक्षीय अंतरराष्ट्रीय समझौतों को नियंत्रित करता है और इस वर्ष के अंत में हांगकांग में ICC की बैठकों में इसे अंतिम रूप दिया जाना है। ऐसा माना जाता है कि कुछ प्रारंभिक चर्चाएं हो चुकी हैं, लेकिन FTP के निर्माण में मुख्य अड़चन विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप की संरचना और इसके संभावित विस्तार को लेकर है।

ICC इस बात पर अंतिम निर्णय लेने वाली है कि क्या सभी 12 फुल मेंबर्स को (वर्तमान में ज़िम्बाब्वे, आयरलैंड और अफ़ग़ानिस्तान WTC में शामिल नहीं हैं) शामिल किया जाए और क्या WTC के तहत एक टेस्ट मैच भी खेले जा सकते हैं। ESPNcricinfo को मिली जानकारी के अनुसार, जुलाई में होने वाली वार्षिक आम बैठक में इस पर निर्णय लिया जा सकता है, जिसके बाद पूर्ण FTP को अंतिम रूप दिया जाएगा।

बांग्लादेश ने दूसरे वनडे में ऑस्ट्रेलिया को 5 विकेटों से हराकर किया सीरीज पर एतिहासिक कब्जा (Video Highlights)

 

AUSvsBAN बांग्लादेश ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए ऑस्ट्रेलिया को वर्षा बाधित दूसरे वनडे में गुरूवार को डीएलएस पद्धति के तहत पांच विकेट से हराकर 2-0 की अजेय बढ़त बनाने के साथ ही उसके खिलाफ अपनी पहली द्विपक्षीय जीत दर्ज की।

ऑस्ट्रेलिया ने जेवियर बार्टलेट (52) और मार्नस लाबुशेन (नाबाद 55) की जूझारु पारियों के दम पर 42 ओवर में आठ विकेट पर 187 रनों का स्कोर बनाया। बांग्लादेश को 41 ओवर में 192 रन का संशोधित लक्ष्य दिया गया। बांग्लादेश ने 35 ओवर में पांच विकेट पर 195 रन बनाकर जीत अपने नाम की। सौम्य सरकार ने 42, नजमुल हुसैन शान्तो ने 42 और तौहीद हृदोय ने नाबाद 40 रन बनाकर बांग्लादेश को ऐतिहासिक जीत दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभायी।

2005 में, बांग्लादेश ने कार्डिफ़ में पहली बार ऑस्ट्रेलिया को हराकर इतिहास रचा था। अब उन्होंने ऑस्ट्रेलिया को पहली बार किसी बाइलेटरल वनडे सीरीज़ में हराकर फिर से इतिहास रच दिया है। मेहदी और उनकी टीम की एक और शानदार जीत, और यह बहुत अच्छा रहा कि कप्तान ने ही विनिंग रन बनाए। वे शुरू से ही मैच पर हावी रहे – पहले ऑस्ट्रेलिया का स्कोर 0 पर 3 विकेट किया, फिर 81 पर 6 विकेट। मेहमान टीम ने थोड़ी वापसी की, लेकिन तस्कीन के दो विकेटों ने यह पक्का किया कि लगभग 3 घंटे की बारिश की रुकावट के बाद डीएलएस टारगेट बहुत ज़्यादा न हो।

लक्ष्य का पीछा करते हुए उन्होंने जल्दी ही तंज़िद का विकेट गंवा दिया, लेकिन सौम्य सरकार और नजमुल शांतो की 42-42 रनों की पारियों ने टीम को संभाला – ऑस्ट्रेलिया ने 3 जल्दी विकेट लेकर वापसी की कोशिश की, लेकिन तौहीद हृदोय ने एक छोर संभाले रखा और मेहदी ने पक्का किया कि अंत में टीम लड़खड़ाए नहीं। ऑस्ट्रेलिया ने गेंदबाज़ी में कड़ी टक्कर दी, लेकिन वे हमेशा कुछ रन पीछे ही रहे।

इससे पहले ऑस्ट्रेलिया ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। बल्लेबाजी करने उतरी ऑस्ट्रेलिया की शुरुआत बेहद खराब रही और उसने दूसरे ही ओवर में बिना कोई खाता खोले अपने तीन विकेट गंवा दिये। पहले ओवर में तस्कीन अहमद ने मैथ्यू शॉट को आउट किया। जबकि दूसरे ओवर में मुस्तफिज़ुर रहमान ने कूपर कॉनली और मैट रेनशॉ को आउट किया। इसके बाद एलेक्स कैरी ने कप्तान जॉश इंग्लिस के साथ पारी को संभलाने का प्रयास किया। आठवें ओवर में मुस्तफिजुर रहमान ने एलेक्स कैरी (13) को आउट कर ऑस्ट्रेलिया का चौथा झटका दिया। 18वें ओवर में तनवीर इस्लाम ने जॉश इंगलिस (34) को आउट कर पवेलियन भेज दिया। कैमरन ग्रीन (25) भी इस्लाम का शिकार बने।

एक समय ऑस्ट्रेलिया ने 81 रन के स्कोर पर अपने छह विकेट गंवा दिये थे। ऐसे संकट के समय जेवियर बार्टलेट और मार्नस लाबुशेन ने पारी को संभाला। दोनों बल्लेबाजों के बीच सातवें विकेटके लिए 103 रनों की साझेदारी हुई। 41वें ओवर में तस्कीन अहमद ने बार्टलेट को आउट कर इस साझेदारी को तोड़ा। बार्टलेट ने 48 गेंदों में चार चौके और दो छक्के लगाते हुए 52 रनों की पारी खेली। इसी ओवर में उन्होंने एडम जम्पा (शून्य) का शिकार कर लिया। ऑस्ट्रेलिया ने 42 ओवर में आठ विकेट पर 187 रन बना लिये थे कि बारिश आने के कारण खेल रोकना पड़ा। ऑस्ट्रेलिया का फिर अंत में यही स्कोर रहा।

चाचा से मिलने गया था खिलाड़ी, अब कंगारू टीम से खेलने का मिला मौका, 60 साल में पहली बार होगा कुछ ऐसा [VIDEO]

Nikhil Chaudhary Australia Team : क्रिकेट में किस्मत कब और कैसे पलट जाए, इसका ताजा उदाहरण हैं निखिल चौधरी। दिल्ली में जन्मे और पंजाब के लिए घरेलू क्रिकेट खेल चुके निखिल को ऑस्ट्रेलिया ने बांग्लादेश के खिलाफ आगामी टी20 सीरीज के लिए अपनी राष्ट्रीय टीम में शामिल किया है। अगर उन्हें प्लेइंग इलेवन में मौका मिलता है तो वह 60 साल से भी अधिक समय बाद ऑस्ट्रेलिया के लिए खेलने वाले पहले भारत में जन्मे पुरुष क्रिकेटर बन जाएंगे।

 

निखिल चौधरी का चयन सिर्फ उनके लिए ही नहीं, बल्कि ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट के इतिहास के लिए भी खास है। ऑस्ट्रेलिया की ओर से गुरिंदर संधू और तनवीर संघा जैसे भारतीय मूल के खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेल चुके हैं, लेकिन भारत में जन्मे किसी पुरुष क्रिकेटर को कंगारू टीम में जगह मिले छह दशक से ज्यादा समय बीत चुका है। इससे पहले गुजरात में जन्मे लेग स्पिनर रेक्स सेलर्स (Rex Sellars) ने 1964 में ऑस्ट्रेलिया के लिए खेला था। वहीं महिला क्रिकेट में पुणे में जन्मी दिग्गज क्रिकेटर लिसा स्थालेकर (Lisa Sthalekar) ऑस्ट्रेलिया का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं और उन्हें देश की महानतम महिला क्रिकेटरों में गिना जाता है।

 

ऑस्ट्रेलिया ने ट्रेविस हेड की अनुपस्थिति में निखिल को टीम में जगह दी है। चयनकर्ताओं का कहना है कि बिग बैश लीग में उनके लगातार अच्छे प्रदर्शन ने उन्हें इस मौके का हकदार बनाया है।

 चाचा से मिलने गए, जिंदगी ने बदल दी दिशा

 

निखिल चौधरी की कहानी किसी फिल्मी स्क्रिप्ट से कम नहीं है। साल 2020 में वह अपने चाचा से मिलने ऑस्ट्रेलिया पहुंचे थे। लेकिन तभी कोरोना महामारी (Covid 19 Pandemic) के कारण अंतरराष्ट्रीय सीमाएं बंद हो गईं और उन्हें वहीं रुकना पड़ा। शुरुआती दिनों में उन्होंने कई छोटे-मोटे काम किए, यहां तक कि पोस्टमैन की नौकरी भी की।

 

इसी दौरान उन्होंने स्थानीय क्रिकेट खेलना शुरू किया। उनकी प्रतिभा पर ऑस्ट्रेलिया के पूर्व ऑलराउंडर जेम्स होप्स की नजर पड़ी, जिन्होंने उन्हें आगे बढ़ने का मौका दिया। धीरे-धीरे निखिल ने ग्रेड क्रिकेट, राज्य क्रिकेट और फिर बिग बैश लीग में अपनी पहचान बना ली।

 

बिग बैश में चमके, चयनकर्ताओं का जीता भरोसा

 

30 वर्षीय निखिल लेग स्पिन गेंदबाजी के साथ उपयोगी बल्लेबाजी भी करते हैं। होबार्ट हरिकेंस के लिए खेलते हुए उन्होंने बिग बैश लीग के पिछले सीजन में शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए 300 से अधिक रन बनाए और टीम के खिताब जीतने में अहम भूमिका निभाई।

राष्ट्रीय चयनकर्ता टोनी डोडेमेड ने कहा कि निखिल लंबे समय से चयनकर्ताओं की नजर में थे और बांग्लादेश दौरा उनके लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खुद को साबित करने का बड़ा अवसर होगा।

 

भारत में खेल चुके हैं घरेलू क्रिकेट

 

निखिल का जन्म 4 मई 1996 को दिल्ली में हुआ था। ऑस्ट्रेलिया जाने से पहले वह पंजाब के लिए घरेलू क्रिकेट खेल चुके हैं। उन्होंने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी और विजय हजारे ट्रॉफी में पंजाब का प्रतिनिधित्व किया था। क्रिकेट जगत में यह भी चर्चा है कि वह अपने शुरुआती दिनों में शुभमन गिल के साथ ड्रेसिंग रूम साझा कर चुके हैं।

 

 बिना नागरिकता के भी खेल सकेंगे ऑस्ट्रेलिया के लिए

 

दिलचस्प बात यह है कि निखिल अभी ऑस्ट्रेलियाई नागरिक नहीं हैं। हालांकि उनके पास परमानेंट रेजिडेंसी है और वह पांच साल से अधिक समय से ऑस्ट्रेलिया में रह रहे हैं। ICC के नियमों के अनुसार वह ऑस्ट्रेलिया का प्रतिनिधित्व करने के लिए पूरी तरह पात्र हैं।

 

ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश के बीच तीन मैचों की टी20 सीरीज 17 जून से शुरू होगी। क्रिकेट प्रशंसकों की नजर अब इस बात पर होगी कि क्या दिल्ली में जन्मा यह खिलाड़ी कंगारू टीम की जर्सी पहनकर इतिहास रच पाता है या नहीं।

Australia T20I squad: Mitchell Marsh (c), Xavier Bartlett, Nikhil Chaudhary, Cooper Connolly, Tim David, Joel Davies, Nathan Ellis, Cameron Green, Aaron Hardie, Travis Head, Josh Inglis, Spencer Johnson, Matthew Kuhnemann, Riley Meredith, Josh Philippe, Matthew Renshaw, Adam Zampa.

 

श्रीलंका टूर के लिए भारतीय महिला अंडर-19 टीम में इंदौर की अनादि तागड़े का चयन, हार्दिक पंड्या हैं Idol

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने श्रीलंका महिला अंडर-19 टीम के खिलाफ होने वाली सीरीज के लिए भारतीय महिला अंडर-19 टीम की घोषणा कर दी है। इस टीम में इंदौर की प्रतिभाशाली तेज गेंदबाज अनादि तागड़े को वनडे और टी20 दोनों टीमों में जगह मिली है। खास बात यह है कि अनादि मध्य प्रदेश से चयनित होने वाली एकमात्र खिलाड़ी हैं।

 

अनादि के चयन से उनके परिवार, कोचों और इंदौर के क्रिकेट प्रेमियों में खुशी की लहर है। अनादि लंबे समय से अपनी शानदार गेंदबाजी के दम पर उम्र वर्ग क्रिकेट में पहचान बना रही हैं और अब उन्हें देश का प्रतिनिधित्व करने का मौका मिला है।

 

क्रिकेट अनादि को विरासत में मिला है। उनकी मां दीप्ति तागड़े स्वयं क्रिकेटर रह चुकी हैं और उन्होंने ही बेटी को शुरुआती प्रशिक्षण दिया था। बाद में अनादि ने क्लब क्रिकेट के जरिए अपने खेल को निखारा और लगातार मेहनत के दम पर चयनकर्ताओं का ध्यान अपनी ओर खींचा।

अनादि इससे पहले भी अपनी घातक गेंदबाजी से सुर्खियां बटोर चुकी हैं। महिला अंडर-19 टी20 ट्रॉफी में उन्होंने सिक्किम के खिलाफ 4 ओवर में केवल 8 रन देकर 6 विकेट झटके थे, जिसमें हैट्रिक भी शामिल थी। इस प्रदर्शन ने उन्हें देश की उभरती हुई तेज गेंदबाजों में शामिल कर दिया।

 

अब श्रीलंका के खिलाफ आगामी सीरीज में अनादि तागड़े पर सभी की नजरें रहेंगी। इंदौर की यह युवा खिलाड़ी अपने प्रदर्शन से भारतीय टीम को मजबूती देने और भविष्य में सीनियर भारतीय महिला टीम में जगह बनाने की दिशा में एक और बड़ा कदम बढ़ाने के लिए तैयार है। अनादि के प्रेरणा स्त्रोत हार्दिक पंड्या हैं! 

 

भारतीय अंडर-19 टीम में चयन से पहले अनादि तागड़े वेबदुनिया के विशेष इंटरव्यू में भी शामिल हुई थीं। इस दौरान उन्होंने अपने क्रिकेट करियर, मां से मिली प्रेरणा और भविष्य के लक्ष्यों को लेकर खुलकर बात की थी। अनादि की प्रेरणादायक कहानी जानने के लिए उनका पूरा वीडियो देखा जा सकता है।

 

हैरी ब्रूक बने नंबर 1 टेस्ट बल्लेबाज, जो रूट को तगड़ा झटका

हैरी ब्रूक ने आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में जो रूट की जगह नंबर 1 बल्लेबाज़ का स्थान ले लिया। ब्रूक 2024 के बाद पहली बार नंबर 1 स्थान पर लौटे हैं। रूट खिसककर नंबर 3 पर आ गए हैं, जबकि ट्रैविस हेड नंबर 2 पर पहुंच गए हैं। अफ़गानिस्तान के खिलाफ़ शतक लगाने के बाद भारतीय कप्तान शुभमन गिल दो पायदान ऊपर चढ़कर नंबर 8 पर पहुंच गए।

गेंदबाज़ों में, लॉर्ड्स में न्यूज़ीलैंड के खिलाफ़ शानदार प्रदर्शन के बाद गस एटकिंसन टॉप 10 में शामिल हो गए। वनडे में, ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ पाकिस्तान की सफलता के बाद अबरार अहमद नंबर 2 पर पहुंच गए और शाहीन अफ़रीदी टॉप 10 में जगह बनाने में कामयाब रहे।

ब्रूक ने 56 रन बनाकर न्यूज़ीलैंड के खिलाफ़ कम स्कोर वाले पहले टेस्ट में इंग्लैंड को जीत दिलाने में मदद की, जबकि रूट ने 1 और 8 रन बनाए। एटकिंसन ने सात विकेट लिए, जिसमें दूसरी पारी में पांच विकेट लेना भी शामिल है, और वे सात पायदान ऊपर चढ़कर नंबर 10 पर पहुंच गए। हालांकि उन्होंने पूरे टेस्ट में 18 रन बनाए, लेकिन यह टेस्ट ऑलराउंडर रैंकिंग में नंबर 8 से 6 पर पहुंचने के लिए काफ़ी था। न्यू चंडीगढ़ में अफ़गानिस्तान के खिलाफ़, गिल ने 126 रन बनाए और भारत ने एक पारी और 300 रनों से अपनी सबसे बड़ी टेस्ट जीत हासिल की।

अबरार ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ तीन मैचों की वनडे सीरीज़ में छह विकेट लिए और वनडे गेंदबाज़ों की लिस्ट में दो पायदान ऊपर चढ़कर दूसरे स्थान पर पहुंच गए। अफ़रीदी ने तीन मैचों में सात विकेट लिए और चार पायदान ऊपर चढ़कर नंबर 9 पर पहुंच गए। बांग्लादेश के तेज़ गेंदबाज़ नाहिद राणा ने मीरपुर में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ सीरीज़ के पहले मैच में चार विकेट लेने के बाद 23 पायदान की बड़ी छलांग लगाई और नंबर 24 पर पहुंच गए।

भारतीय पूर्व कप्तान रोहित शर्मा होंगे पद्धश्री पुरुस्कार से सम्मानित

Rohit Sharma

भारतीय पूर्व कप्तान रोहित शर्मा 23 जून को पद्धश्री पुरुस्कार से सम्मानित होंगे। इसकी घोषणा सरकार ने आज की। रोहित शर्मा सफेद गेंद की क्रिकेट (एकदिवसीय और टी-20 प्रारुप) में भारत के सफलतम बल्लेबाजों में से एक हैं। रोहित शर्मा बतौर कप्तान भारत को टी-20 विश्वकप और चैंपियन्स ट्रॉफी जिता चुके हैं और महेंद्र सिंह धोनी के बाद सबसे सफल कप्तान हैं।

रोहित 2022 टी20 विश्व कप में भी कप्तान थे जब भारत को सेमीफाइनल में इंग्लैंड ने हराया था। इसके एक साल बाद 50 ओवरों के विश्व कप में रोहित की कप्तानी वाली भारतीय टीम फाइनल में आस्ट्रेलिया से हार गई।रोहित ने टी20 क्रिकेट में 159 मैच खेलकर 4231 रन बनाये जिसमें पांच शतक और 32 अर्धशतक शामिल है।

वहीं एकदिवसीय क्रिकेट की बात करें तो रोहित शर्मा ने 282 मैच खेले हैं। वह अब तक 48 की औसत से 11577 रन बना चुके हैं।इसमें 33 शतक और 51 अर्धशतक शामिल है। इस प्रारुप में उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर 264 रन है जो श्रीलंका के खिलाफ आया था। यह रिकॉर्ड अब तक उनके नाम है।