Surya Ketu Yuti: इस दिन अपनी राशि में पहुंचेंगे सूर्य और केतु के साथ बनाएंगे संयोग, 3 राशियों के शुरू होंगे अच्छे दिन

Surya Ketu Yuti: 17 अगस्त 2026 को सूर्य देव अपनी स्वराशि सिंह राशि में गोचर करने जा रहे हैं, जहां वे लगभग 30 दिनों तक विराजमान रहेंगे। सिंह राशि में पहले से ही केतु ग्रह विराजमान हैं। ऐसे में 17 अगस्त से सिंह राशि में सूर्य और केतु की युति बनेगी, जिसे ज्योतिषीय दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सूर्य स्वराशि में प्रवेश कर रहे हैं, जिससे आत्मबल, नेतृत्व क्षमता और प्रशासनिक मामलों में प्रभाव बढ़ता है। हालांकि केतु के साथ उपस्थिति के कारण कुछ राशियों को सतर्क रहने और कुछ को विशेष लाभ मिलने की संभावना रहती है। ऐसे में केतु के साथ बनने वाली यह युति कुछ राशियों के लिए भाग्योदय, सफलता, मान-सम्मान और मनचाहे परिणामों के मौके लेकर आ सकती है। इसके अलावा जातकों की बंद किस्मत का ताला इस अवधि में खुलने के योग हैं। आइए इन लकी राशियों को जानते हैं।

तीन राशियों के जीवन में आएंगी खुशियां

सिंह राशि : सिंह राशि वालों के लिए यह युति बेहद शुभ साबित हो सकती है। सूर्य आपकी ही राशि में विराजमान रहेंगे, जिससे आपका आत्मविश्वास बढ़ेगा। घर, परिवार और समाज में आपका मान-सम्मान बढ़ेगा। भाग्य का भरपूर साथ मिलेगा। सूर्य के प्रभाव से आपकी निर्णय क्षमता बेहतर होगी और आकर्षण भी बढ़ेगा।

कन्या राशि : कन्या राशि वालों के लिए यह समय लाभदायक रहेगा। आय के नए स्रोत बन सकते हैं। परिवार में खुशियों का माहौल रहेगा। किसी शुभ समाचार की प्राप्ति हो सकती है। कार्यक्षेत्र में मेहनत का पूरा फल मिलेगा, जिससे आत्मविश्वास भी बढ़ेगा। धन लाभ होने से आप किसी वस्तु की खरीदारी करेंगे।

मकर राशि : मकर राशि वालों के लिए यह युति सकारात्मक परिणाम लेकर आ सकती है। करियर और कारोबार में तरक्की के योग बनेंगे। रुके हुए कार्य पूरे हो सकते हैं और आर्थिक स्थिति पहले से बेहतर होगी। धार्मिक एवं आध्यात्मिक गतिविधियों में रुचि बढ़ेगी। परिवार का सहयोग मिलेगा।

सूर्य-केतु युति का प्रभाव बढ़ाएं

सूर्य और केतु की युति का प्रभाव एक महीने तक रहेगा। शुभ फलों की प्राप्ति के लिए आप ये उपाय अपना सकते हैं:

  • प्रतिदिन सुबह सूर्योदय के समय तांबे के लोटे में जल, रोली और अक्षत डालकर ‘ॐ सूर्याय नमः’ का जाप करें।
  • केतु के नकारात्मक प्रभाव को कम करने और सकारात्मकता बढ़ाने के लिए काला और सफेद तिल या कंबल का दान करें।
  • सूर्य का प्रभाव अनुशासन मांगता है, इसलिए इस दौरान आलस का त्याग करें। अपने कार्यस्थल पर पूरी ईमानदारी से काम करें।

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