रो पड़ा ‘Boss Baby’, नम हो गईं करोड़ों आंखें, 15 साल के खिलाड़ी ने बदले क्रिकेट के मायने, हिला दी रिकॉर्ड बुक [VIDEO]

कभी-कभी स्कोरबोर्ड हार दिखाता है, लेकिन मैदान पर कोई खिलाड़ी ऐसा प्रभाव छोड़ जाता है कि पूरी दुनिया सिर्फ उसी की बात करती है। IPL 2026 के क्वालिफायर-2 में यही हुआ। राजस्थान रॉयल्स का सफर भले ही गुजरात टाइटंस के खिलाफ हार के साथ खत्म हो गया, लेकिन 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी ने एक बार फिर साबित कर दिया कि Age is Just a Number (उम्र सिर्फ एक संख्या है)

मैच खत्म होने के बाद डगआउट में बैठे वैभव की आंखों में आंसू थे। चेहरे पर निराशा साफ दिखाई दे रही थी। शायद उन्हें अपनी टीम के बाहर होने का दुख था, शायद 47 गेंदों में 96 रन पर रुक जाने का अफसोस भी। लेकिन उस पल को देखने वाले लाखों क्रिकेट फैंस के मन में सिर्फ एक ही बात थी जिस उम्र में बच्चे क्रिकेटर बनने का सपना देखते हैं, उस उम्र में यह लड़का दुनिया की सबसे कठिन टी20 लीग में Experienced खिलाड़ियों को पीछे छोड़ रहा है।

आज लोग उन्हें सिर्फ वैभव सूर्यवंशी नहीं, बल्कि “Boss Baby” कहकर बुलाते हैं। और IPL 2026 के बाद यह नाम पूरी तरह उनके Personality पर फिट बैठता है।

776 रन, 72 छक्के और 237 की स्ट्राइक रेट… यह किसी वीडियो गेम का आंकड़ा नहीं है

IPL 2026 में वैभव सूर्यवंशी ने जो किया, वह टी20 क्रिकेट के इतिहास के सबसे यादगार पन्नों में गिना जाएगा। एक ऐसा सीजन जिसने रिकॉर्ड बुक्स हिला दीं

IPL 2026 में वैभव सूर्यवंशी के आंकड़े:

16 पारियां
776 रन
औसत: 48.50
स्ट्राइक रेट: 237.31
72 छक्के
684 रन सिर्फ बाउंड्री से
4 प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड
एलिमिनेटर में 97 (29)
क्वालिफायर-2 में 96 (47)

सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि उनके 776 में से 684 रन केवल चौकों और छक्कों से आए। यह दिखाता है कि वह सिर्फ रन नहीं बना रहे थे, बल्कि गेंदबाजों पर लगातार हमला कर रहे थे। ऐसे आंकड़े अक्सर अपने करियर के शिखर पर पहुंच चुके दिग्गज खिलाड़ियों के नाम के आगे दिखाई देते हैं। लेकिन वैभव ने यह सब सिर्फ 15 साल की उम्र में कर दिखाया।

जिस मैच में टीम लड़खड़ाई, वहां अकेले खड़े रहे वैभव

गुजरात टाइटंस के खिलाफ क्वालिफायर-2 में राजस्थान की शुरुआत बेहद खराब रही। मोहम्मद सिराज और कगिसो रबाडा की तेज गेंदबाजी के सामने राजस्थान ने जल्दी विकेट गंवा दिए। ऐसे दबाव भरे मुकाबले में वैभव ने शुरुआत में स्ट्रगल किया। कई बार गेंद बल्ले को छूकर निकल गई। लेकिन यही उनकी सबसे बड़ी खूबी है। वह सिर्फ आक्रामक बल्लेबाज नहीं हैं, बल्कि परिस्थिति के अनुसार खुद को ढालना भी जानते हैं।

56 रन तक पहुंचने के दौरान रबाडा की एक तेज गेंद उनके हेलमेट पर भी लगी। लेकिन उसके बाद जैसे उन्होंने गियर बदल दिया। अगली 14 गेंदों में उन्होंने 39 रन ठोक दिए। जब वह 96 रन पर आउट हुए, तब तक राजस्थान का स्कोर सम्मानजनक स्थिति में पहुंच चुका था। लेकिन दूसरे छोर से लगातार विकेट गिरते रहे।

ध्रुव जुरेल, रियान पराग, दासुन शनाका और जोफ्रा आर्चर बड़ी साझेदारी नहीं बना सके। राजस्थान 214 रन तक पहुंचा, लेकिन गुजरात के बल्लेबाजों ने लक्ष्य हासिल कर लिया। स्कोरकार्ड में यह एक हार थी, लेकिन क्रिकेट देखने वालों के लिए यह वैभव सूर्यवंशी का एक और मास्टरक्लास था।


97 रन, 29 गेंदें और क्रिस गेल का रिकॉर्ड… जिसने दुनिया को चौंका दिया

क्वालिफायर-2 से पहले एलिमिनेटर मुकाबले में वैभव ने ऐसा तूफान खड़ा किया था जिसकी चर्चा पूरे क्रिकेट जगत में हुई। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ उन्होंने सिर्फ 29 गेंदों में 97 रन ठोक दिए। उस पारी में वह सिर्फ तीन रन से शतक से चूक गए, लेकिन उससे भी बड़ी बात यह रही कि उन्होंने छक्कों की बारिश करते हुए कई रिकॉर्ड्स को खतरे में डाल दिया।

क्रिकेट फैंस को एक समय ऐसा लगने लगा था कि वह क्रिस गेल (Chris Gayle) के 2013 में RCB के लिए बनाए गए सबसे तेज IPL शतक के रिकॉर्ड को भी तोड़ सकते हैं।

हालांकि वह रिकॉर्ड नहीं टूटा, लेकिन उस दिन वैभव ने एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की। उन्होंने छक्कों के मामले में ऐसे आंकड़े छू लिए जिन तक पहुंचने में बड़े-बड़े बल्लेबाजों को कई सीजन लग जाते हैं। उन्होंने एक सीजन में क्रिस गेल का ही सबसे ज्यादा छक्कों का रिकॉर्ड तोड़ डाला। उनकी उस विस्फोटक पारी के बाद खुद Chris Gayle ने सोशल मीडिया पर उनके लिए Special Message पोस्ट किया और उन्हें क्रिकेट का नया “Six Machine” बताया।

जब टी20 क्रिकेट का सबसे बड़ा सिक्सर किसी युवा खिलाड़ी की तारीफ करे, तो समझा जा सकता है कि उस खिलाड़ी ने कितनी बड़ी छाप छोड़ी है।

रबाडा, आर्चर और संगकारा भी हुए फैन

वैभव की बल्लेबाजी से सिर्फ Fans ही प्रभावित नहीं हुए, बल्कि दुनिया के बड़े क्रिकेट नाम भी उनकी तारीफ करते नहीं थक रहे।

Kagiso Rabada ने कहा कि वैभव की सबसे बड़ी ताकत उनकी तेज हाथों की गति, गेंद की लंबाई को जल्दी पढ़ने की क्षमता और बिल्कुल निडर मानसिकता है। उनके मुताबिक मैदान पर उतरते समय वैभव उम्र के बारे में सोचते ही नहीं।

Kumar Sangakkara (Head Coach and Director of Cricket for the Rajasthan Royals) का मानना है कि वैभव अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट की किसी भी चुनौती के लिए तैयार हैं और भारतीय टीम का बुलावा ज्यादा दूर नहीं है।

पूर्व वेस्टइंडीज तेज गेंदबाज Ian Bishop ने तो यहां तक कहा कि गेंदबाजों के पास वैभव को रोकने के लिए अब शायद “Plan Z” तक आना पड़ रहा है।

आंसू हार के थे, लेकिन भविष्य जीत का है

96 रन पर आउट होना दर्द देता है।
प्लेऑफ में शतक से सिर्फ चार रन दूर रह जाना दर्द देता है।
टीम का फाइनल से पहले बाहर हो जाना भी दर्द देता है। लेकिन यह कहानी उन आंसुओं की नहीं है। यह कहानी उस लड़के की है

  • जिसने IPL 2026 को अपने नाम कर दिया।
  • जिसने 16 पारियों में 776 रन बनाए।
  • जिसने 72 छक्के उड़ाए।
  • जिसने गेंदबाजों के मन में डर पैदा कर दिया।
  • जिसने दुनिया को यह सोचने पर मजबूर कर दिया कि भारतीय क्रिकेट का अगला सुपरस्टार शायद आ चुका है।

15 साल की उम्र में 96 और 97 पर रुक जाना कोई असफलता नहीं है। उनके पास आगे पूरा करियर पड़ा है, सैकड़ों मैच हैं, दर्जनों शतक हैं और अनगिनत रिकॉर्ड उनका इंतजार कर रहे हैं।

राजस्थान रॉयल्स भले ही ट्रॉफी तक नहीं पहुंच सकी, लेकिन IPL 2026 की सबसे बड़ी खोज, सबसे बड़ा आकर्षण और सबसे बड़ी कहानी सिर्फ एक नाम रही—
वैभव सूर्यवंशी।

और अगर यह सिर्फ शुरुआत है, तो आने वाले सालों में क्रिकेट की दुनिया “बॉस बेबी” का असली राज देखने वाली है।

मिचेल मार्श की चोट के बाद पाकिस्तान के खिलाफ यह विकेटकीपर करेगा कप्तानी

ऑस्ट्रेलिया इस सप्ताहांत से शुरू होने वाली पाकिस्तान के खिलाफ वनडे सीरीज़ के लिए अपने चौथे कप्तान को मैदान में उतारेगा, क्योंकि मिच मार्श दौरे से बाहर होने वाले ताज़ा सीनियर खिलाड़ी बन गए हैं। जोश इंगलिस तीन मैचों की इस सीरीज़ में ऑस्ट्रेलियाई टीम की कप्तानी करेंगे, क्योंकि पता चला है कि मार्श को इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के दौरान टखने में चोट लग गई थी।

50 ओवर के कप्तान पैट कमिंस और उनके उप-कप्तान ट्रैविस हेड – जिन्होंने टी20 में चार बार ऑस्ट्रेलियाई टीम की कप्तानी की है – दोनों ही आईपीएल प्लेऑफ़ के कारण इस दौरे पर मौजूद नहीं हैं, क्योंकि आईपीएल के मैच इस्लामाबाद और लाहौर में होने वाले मैचों के साथ ही पड़ रहे हैं। ऐसे में कप्तानी की बागडोर इंगलिस के हाथों में आ गई है।

दिलचस्प बात यह है कि इस विकेटकीपर-बल्लेबाज ने नवंबर 2024 में भी एक बार यह भूमिका निभाई थी – तब भी पाकिस्तान के खिलाफ ही, और तब भी जब टीम के कई मुख्य खिलाड़ी अनुपस्थित थे। मार्श, जिनकी जगह वनडे टीम में अभी तक किसी और को नहीं लिया गया है, पिछले हफ़्ते लखनऊ सुपर जायंट्स का आईपीएल का आखिरी मैच न खेल पाने के बाद घर लौट आए हैं।

क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के एक प्रवक्ता ने कहा, “मार्श… आगे की जांच और इलाज के लिए अगले आदेश तक पर्थ में ही रहेंगे।” “बांग्लादेश के ‘व्हाइट बॉल’ (सीमित ओवरों के) दौरे के लिए उनकी उपलब्धता पर उचित समय पर फैसला लिया जाएगा।” कमिंस के साथ-साथ जोश हेज़लवुड और मिचेल स्टार्क भी पाकिस्तान और बांग्लादेश, दोनों ही दौरों से बाहर रहेंगे। आईपीएल खत्म होने के बाद ट्रैविस हेड बांग्लादेश में टीम के साथ जुड़ेंगे।

इसके अलावा, ढाका में होने वाले तीन वनडे मैचों के लिए कूपर कोनोली, ज़ेवियर बार्टलेट और बेन ड्वारशुइस के रूप में कुछ और खिलाड़ी भी टीम में शामिल होंगे। इन तीनों को शुरू में टीम से बाहर रखा गया था, क्योंकि यह माना जा रहा था कि उनकी आईपीएल टीम – पंजाब किंग्स – IPL प्लेऑफ़ में जगह बना लेगी। इस घटनाक्रम ने ऑस्ट्रेलियाई चयनकर्ताओं के सामने उन लॉजिस्टिक (प्रबंधकीय) मुश्किलों को उजागर कर दिया है, जो इस सीरीज़ के कारण पैदा हुई हैं – यह सीरीज़ आईपीएल फ़ाइनल से ठीक एक दिन पहले शुरू हो रही है, और मार्श की चोट ने उनकी मुश्किलें और भी बढ़ा दी हैं। मार्श की अनुपस्थिति से इस बात की संभावना बढ़ गई है कि युवा खिलाड़ी ओली पीक पाकिस्तान के खिलाफ अपना अंतरराष्ट्रीय डेब्यू कर सकते हैं।

पाकिस्तान के ख़िलाफ़ वनडे सीरीज़ के लिए ऑस्ट्रेलिया की टीम: जोश इंगलिस (कप्तान), एलेक्स कैरी, नाथन एलिस, कैमरन ग्रीन, मैथ्यू कुहनेमैन, मार्नस लाबुशेन, रिले मेरेडिथ, ओलिवर पीक, मैथ्यू रेनशॉ, तनवीर संघा, लियाम स्कॉट, मैट शॉर्ट, बिली स्टेनलेक, एडम जम्पा।

पाकिस्तान की टीम: शाहीन शाह अफ़रीदी (कप्तान), सलमान अली आगा (उप-कप्तान), अब्दुल समद, अबरार अहमद, अहमद दानियाल, अराफ़ात मिन्हास, बाबर आजम, हारिस रऊफ, माज सदाकत, मुहम्मद ग़ाज़ी ग़ोरी, नसीम शाह, रोहेल नज़ीर, साहिबज़ादा फ़रहान, शादाब ख़ान, शमील हुसैन, सुफ़ियान मुक़ीम।