
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को 7 सुझाव देते हुए कहा कि BJP को दुश्मन नहीं, राजनीतिक विरोधी समझना चाहिए। उन्हें BJP, RSS और प्रधानमंत्री मोदी के प्रति नफरत छोड़कर संसद की कार्यवाही में हिस्सा लेना चाहिए।
केंद्रीय मंत्री ने X पर पोस्ट कर कहा कि अगर राहुल इन बातों पर अमल करें तो कांग्रेस संसद में ज्यादा सीटें जीत सकती है। उन्होंने संसद का एक पुराना वीडियो भी शेयर किया। इसमें वे भाषण दे रहे हैं और विपक्षी सांसद सदन से उठकर जाते दिख रहे हैं। रिजिजू ने वीडियो के साथ लिखा- जो लोग लोकतंत्र और चर्चा में विश्वास नहीं करते, वे ही आज बहस की बात कर रहे हैं।
क्या है रिजिजू के 7 सुझाव?
1. भारत में अधिक समय बिताएं और बार-बार गुपचुप तरीके से विदेश यात्राएं करने से बचें।
2. वरिष्ठों का सम्मान करें और बुजुर्गों से बहुमूल्य ज्ञान एवं अनुभव प्राप्त करें। यह भारतीय परंपरा का हिस्सा है।
3. भारत विरोधी लोगों से मुलाकात न करें और उनके एजेंडे को बढ़ावा देना बंद करें।
4. भाजपा, आरएसएस और मोदी जी के प्रति गहरी नफरत खत्म करें। भाजपा को दुश्मन नहीं, बल्कि राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी के रूप में देखें।
5. संसद को अधिक गंभीरता से लें और सांसदों को बहस एवं चर्चा में भाग लेने का अवसर दें।
6. भारत के संविधान का सम्मान करें और संवैधानिक संस्थाओं का आदर करें।
7. कांग्रेस पार्टी को एक लोकतांत्रिक दल के रूप में काम करने दें और वंशवादी राजनीति को समाप्त करें।
Congress Party can win more MPs if Rahul Gandhi ji can do these: 1. Spend more time in India and avoid secret foreign vacations frequently. 2. Respect seniors and gain valuable wisdom from the elders, which is Indian tradition. 3. Do not meet Anti-India people and stop promoting their agenda. 4. End deep hatred against BJP, RSS & Modi Ji. Treat BJP as political opponent, not enemy. 5. Take Parliament more seriously and let MPs take part in debates & discussion. 6. Respect Constitution of India, and honour Constitutional Institutions. 7. Allow Congress party to function as a democratic party and smash dynastic politics.
— Kiren Rijiju (@KirenRijiju) November 4, 2026
रिजिजू का यह बयान राहुल गांधी की प्रधानमंत्री मोदी को आमने-सामने बहस की चुनौती के बाद आया है। राहुल ने पिछले तीन दिनों में चार बार प्रधानमंत्री को बहस के लिए चुनौती दी है।


