फ्रांस के ब्लड बैंक पर साइबर अटैक, दूर से हैक कर बढ़ा दिया गया खून रखने वाले फ्रिज का तापमान, बैंकिंग समूह भी निशाने पर

फ्रांस के ब्लड बैंक पर साइबर अटैक, दूर से हैक कर बढ़ा दिया गया खून रखने वाले फ्रिज का तापमान, बैंकिंग समूह भी निशाने पर

फ्रांस में साइबर हमले का एक गंभीर मामला सामने आया है। देश के ब्लड बैंक की कूलिंग व्यवस्था को साइबर अटैक के जरिए निशाना बनाया गया। अधिकारियों के मुताबिक, हैकरों ने दूर से ही रेफ्रिजरेशन सिस्टम में बदलाव कर दिया, जिससे खून और जैविक नमूनों को सुरक्षित रखने वाली यूनिट का तापमान काफी बढ़ गया। हालांकि, अधिकारियों ने समय रहते इस बदलाव का पता लगा लिया और जरूरी कदम उठाए। राहत की बात यह है कि इस घटना में किसी भी ब्लड सैंपल या रक्त उत्पाद के प्रभावित होने की पुष्टि नहीं हुई है।

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फ्रांस के ब्लड बैंक की कूलिंग व्यवस्था पर साइबर हमला

फ्रांस की ब्लड बैंक अथॉरिटी Etablissement Français du Sang (EFS) ने गुरुवार को साइबर हमले की जानकारी दी। अधिकारियों के अनुसार, हमले के दौरान ब्लड बैंक की रेफ्रिजरेशन यूनिट के तापमान को दूर से नियंत्रित करने की कोशिश की गई। इसके कारण कूलिंग सिस्टम का तापमान काफी बढ़ गया था।

 

EFS ने बताया कि तापमान में हुए बदलाव का तेजी से पता लगा लिया गया। इसके बाद तत्काल जरूरी एहतियाती कदम उठाए गए, ताकि किसी भी ब्लड सैंपल या रक्त उत्पाद को नुकसान न पहुंचे। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि समय पर कार्रवाई होने के कारण कोई भी नमूना प्रभावित नहीं हुआ।

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अस्पतालों तक पहुंचाने से पहले सुरक्षित रखे जाते हैं ब्लड सैंपल

ब्लड बैंक में रक्त उत्पादों और जैविक नमूनों को विशेष रेफ्रिजरेशन यूनिट में निर्धारित तापमान पर रखा जाता है। इसके बाद इन्हें अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों तक पहुंचाया जाता है। ऐसे में कूलिंग सिस्टम में किसी भी तरह की छेड़छाड़ रक्त उत्पादों की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा कर सकती है।

फ्रांस का बैंकिंग समूह भी साइबर हमले का शिकार

इसी बीच फ्रांस के बैंकिंग समूह क्रेडिट म्यूटुअल अर्किया (Credit Mutuel Arkea) ने भी साइबर हमले के कारण धोखाधड़ी वाले लेनदेन की पुष्टि की है। हालांकि, समूह ने ग्राहकों को भरोसा दिलाया कि साइबर हमले को नियंत्रित कर लिया गया है और उनके खाते में जमा धन सुरक्षित है।

 

कंपनी के बयान के मुताबिक, सुरक्षा में सेंध का पता चलने के बाद एहतियात के तौर पर कुछ लेनदेन को अस्थायी रूप से रोक दिया गया था। बैंक ने कहा कि स्थिति को नियंत्रित करने के लिए जरूरी कदम उठाए गए हैं।

यूरोप में पहले भी निशाने पर आ चुके हैं फ्रिज और फ्रीजर

फ्रांस में ब्लड बैंक की कूलिंग व्यवस्था पर हुआ यह हमला ऐसे समय में सामने आया है, जब यूरोप के कुछ देशों में सुपरमार्केट के रेफ्रिजरेटर और फ्रीजर को भी इसी तरह के साइबर हमलों का निशाना बनाया गया था। इन घटनाओं ने इंटरनेट से जुड़े उपकरणों और जरूरी सेवाओं की साइबर सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।