
Mallikarjun Kharge Jan Mahabhiyog: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार और केंद्र सरकार पर तीखा राजनीतिक हमला बोला है। शनिवार को आयोजित ‘जन महाभियोग’ कार्यक्रम के दौरान खरगे ने आरोप लगाया कि मुख्य निर्वाचन आयुक्त स्वतंत्र रूप से काम करने के बजाय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के निर्देशों पर निर्वाचन आयोग चला रहे हैं। विपक्ष ने कहा कि वह देश के नागरिकों के मताधिकार और लोकतांत्रिक संस्थाओं की निष्पक्षता की रक्षा के लिए अपनी पूरी ताकत से लड़ाई लड़ रहा है। दूसरी ओर, भाजपा ने आरोप लगाया कि पंडित नेहरू वोट चोरी करके देश के प्रधानमंत्री बने थे।
‘जन महाभियोग’ में सीईसी के खिलाफ प्रस्ताव
विपक्ष द्वारा आयोजित ‘जन महाभियोग’ कार्यक्रम में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त के खिलाफ एक ‘प्रस्ताव’ प्रस्तुत किया। हालांकि अपने संबोधन के दौरान खरगे ने स्पष्ट किया कि मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार से विपक्ष का कोई व्यक्तिगत बैर या दुश्मनी नहीं है। हमारी केवल इतनी मांग है कि भारत का निर्वाचन आयोग एक स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी संस्था के रूप में काम करे ताकि देश के प्रत्येक नागरिक के मताधिकार की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
हम भारत के लोकतंत्र और संविधान की रक्षा करना चाहते हैं। BJP इसे खत्म करना चाहती है। हम यह हरगिज नहीं होने देंगे। : CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ जन-महाभियोग में कांग्रेस अध्यक्ष व राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष श्री @kharge दिल्ली https://t.co/4XLlFzj1Dr
— Congress (@INCIndia) October 31, 2026
चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित करने की साजिश का आरोप
राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने केंद्र सरकार पर सत्ता में बने रहने के लिए लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं से समझौता करने का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार सत्ता बरकरार रखने के लिए तरह-तरह की साजिशें रच रही है और निर्वाचन प्रक्रिया को प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करने का प्रयास किया जा रहा है। खरगे के मुताबिक, निष्पक्ष चुनाव कराना किसी भी लोकतंत्र की आत्मा है, लेकिन वर्तमान में संवैधानिक संस्थाओं की स्वायत्तता पर दबाव बनाया जा रहा है।
संसद में दिया गया नोटिस
खरगे ने याद दिलाया कि विपक्ष की ओर से संसद में मुख्य निर्वाचन आयुक्त के खिलाफ पहले ही औपचारिक नोटिस दिया जा चुका है। उन्होंने कहा कि यह कदम किसी व्यक्ति विशेष के विरोध में नहीं, बल्कि संवैधानिक मर्यादाओं और मताधिकार के संरक्षण के लिए उठाया गया एक संस्थागत कदम है। उन्होंने दोहराया कि विपक्षी दल एकजुट होकर सड़क से लेकर संसद तक देश के लोकतांत्रिक ढांचे को बचाने और चुनावी निष्पक्षता बहाल करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
मल्लिकार्जुन खरगे के 10 राजाजी मार्ग स्थित आवास पर मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ का प्रतीकात्मक ‘जन महाभियोग’ शुरू हुआ। कांग्रेस नेता और पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार ने कहा कि मतदाता सूची से जिन लोगों के नाम हटाए गए हैं, वे भी अपनी बात रखेंगे।
भाजपा का कांग्रेस पर पलटवार
दूसरी ओर, भाजपा नेता संबित पात्रा ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि असली संसद में विपक्ष हंगामा करता है और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी गायब रहते हैं। उन्होंने कहा कि यदि मतदाता सूची से 13 करोड़ लोगों के वोट कट जाएंगे तो लोग सड़कों पर आ जाएंगे। जिनके दो-दो जगह नाम थे, उनके नाम काटे गए। एसआईआर में मृतकों के नाम सूची से हटाए गए। खरगे ने फॉर्म 6 को लेकर खरगे पर झूठ बोलने का आरोप लगाया। भाजपा नेता ने देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित नेहरू पर भी आरोप लगाया कि वे वोट चोरी कर प्रधानमंत्री बने थे। उन्होंने सरदार पटेल का अपमान किया था।


