
भारतीय मूल की पिया डांडिया ने फ्लोरिडा की 22वीं कांग्रेसनल सीट जीतकर अमेरिकी प्रतिनिधि सभा में जगह बनाई है। डेमोक्रेटिक पार्टी से चुनाव लड़ीं डांडिया ने रिपब्लिकन केसी असकर को हराया। उनके माता-पिता मूल रूप से राजस्थान के जयपुर के रहने वाले हैं। वे 1980 के दशक में ‘अमेरिकन ड्रीम’ को पूरा करने के लिए भारत से अमेरिका जाकर बस गए थे। ALSO READ: US Midterm Election: अमेरिका में ट्रंप को तगड़ा झटका, संसद के दोनों सदनों में डेमोक्रेट्स ने बनाई बढ़त; जानें क्या बोले राष्ट्रपति?
कौन हैं पिया डांडिया?
कैंपेन की वेबसाइट के अनुसार, डांडिया पहली पीढ़ी की अमेरिकी हैं। उन्होंने अपना करियर समुदायों को मजबूत बनाने में समर्पित किया है। एक हाई स्कूल प्रिंसिपल, पॉलिसी लीडर और टेक्नोलॉजी इनोवेटर के रूप में उन्होंने अपनी पहचान बनाई।
फ्लोरिडा के पाम बीच काउंटी में जन्मी और पली-बढ़ीं डांडिया ने अपने करियर की शुरुआत एक टीचर के रूप में की थी। वह हार्लेम में एक हाई स्कूल की प्रिंसिपल भी रहीं। डांडिया ने अपने करियर के शुरुआती दौर में दिल्ली की झुग्गी-झोपड़ी बस्तियों में बच्चों को पढ़ाया, इस अनुभव ने उन्हें आर्थिक रूप से वंचित पृष्ठभूमि के छात्रों द्वारा सामना की जाने वाली चुनौतियों से अवगत कराया।
पिया ने एक हाई स्कूल की स्थापना की, जिसका लक्ष्य कम आय वाले छात्रों के जीवन की दिशा बदलना था, ताकि उन्हें आर्थिक स्वतंत्रता के रास्ते पर लाया जा सके। उनके हाई स्कूल से पास होने वाले सभी छात्रों को कॉलेज में दाखिला मिला, जबकि उनमें से 86 प्रतिशत छात्र कम आय वाले परिवारों से आते थे।
मुश्किल मुकाबले में फंसी थीं डांडिया
डांडिया ने दक्षिण फ्लोरिडा के नए बने कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट से कांग्रेस में जाने की कोशिश की थी। यह मुकाबला काफी चर्चा में रहा, क्योंकि इसे हाउस की उन कड़े मुकाबलों वाली सीटों में से एक माना जा रहा था, जो सदन पर नियंत्रण को प्रभावित कर सकती हैं।
‘डेमोक्रेटिक कांग्रेसनल कैंपेन कमिटी’ ने एक्स पर कहा, ‘पिया ने उन मुद्दों पर ध्यान केंद्रित किया जो दक्षिण फ्लोरिडा के लिए सबसे महत्वपूर्ण हैं – जैसे कि महंगाई से निपटना और यह सुनिश्चित करना कि हर किसी को ‘अमेरिकन ड्रीम’ हासिल करने का मौका मिले।’


