
देवास में हुई जहरीली शराब से मौतों के बाद इंदौर प्रशासन अलर्ट मोड में आ गया है। आबकारी विभाग ने इंदौर के रिंगरोड, बायपास और आउटर एरिया में स्थित ढाबों और होटलों में छापामार कार्रवाई शुरू की है। विभाग की टीम ने इंदौर बायपास के ढाबों पर जांच की। इस दौरान करीब छह ढाबों से देशी और विदेशी शराब की 65 बोतलें जब्त की गईं।
विभाग ने सभी छह मामलों में प्रकरण दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू की है। इसके अलावा बायपास से गुजरने वाले और ढाबों पर खड़े ट्रकों व कंटेनरों की भी जांच की गई, ताकि शराब की अवैध तस्करी पर रोक लगाई जा सके।
किन ढाबों पर जब्त हुई शराब : आबकारी विभाग की टीम ने महाकाल ढाबा, मां भगवती रेस्टोरेंट एवं ढाबा, ठाकुर श्री ढाबा, बाबा ढाबा, राजपूत ढाबा और जय मां काली ढाबा पर जांच की। यहां से कुल 65 बोतल देशी और विदेशी शराब मिली, जिन्हें जब्त कर लिया गया। विभाग ने संबंधित मामलों में प्रकरण दर्ज कर नियमानुसार कार्रवाई की।
ट्रक और कंटेनरों की भी जांच : ढाबों पर कार्रवाई के साथ ही हाईवे से गुजरने वाले संदिग्ध ट्रकों और कंटेनरों की भी जांच की गई। वाहनों में अवैध शराब ले जाने और अन्य गड़बड़ियों की आशंका को देखते हुए तलाशी ली गई। आबकारी विभाग का कहना है कि जिले में अवैध शराब बनाने, जमा करने, बेचने और एक जगह से दूसरी जगह ले जाने वालों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।
क्या हुआ था देवास में : बता दे कि देवास में शराब के सेवन से सिर्फ 20 दिनों में 10 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। इंदौर से देवास की दूरी 35 किलोमीटर है और कई ढाबे मार्ग पर है। इन ढाबों पर अवैध शराब की बिक्री की शिकायतें भी अफसरों को मिलती है। हालांकि कहा जा रहा है कि पुलिस की मिलीभगत से ही इन ढाबों पर शराब बिक्री और परोसी जाती है, ढाबा संचालकों और पुलिस मिलीभगत से ही यहां अवैध शराब का धंधा जारी है।


