मेजबान भारत ने मलेशिया पर 4-2 की शानदार जीत के साथ अपना अजेय अभियान जारी रखा, कोरिया ने बांग्लादेश के खिलाफ एकतरफा जीत दर्ज की, जबकि चीन और जापान के बीच मुकाबला रोमांचक ड्रॉ पर समाप्त हुआ।भारत ने लगातार चार जीत और 12 अंकों के साथ राउंड-रॉबिन स्टैंडिंग में शीर्ष पर अपनी स्थिति मजबूत कर ली है, जबकि मलेशिया नौ अंकों के साथ दूसरे स्थान पर बना हुआ है।
मेजबान भारत ने अपना बेहतरीन फॉर्म बरकरार रखते हुए, अब तक अजेय रही मलेशियाई टीम को 4-2 से हराया और टूर्नामेंट में लगातार चौथी जीत दर्ज की। इस बहुप्रतीक्षित मुकाबले में टूर्नामेंट की दो ऐसी टीमें आमने-सामने थीं, जो अब तक अजेय थीं। दोनों ही टीमें तीन जीत और नौ अंकों के साथ इस मैच में उतरी थीं। भारत ने एक और शानदार आक्रामक प्रदर्शन करते हुए टूर्नामेंट में चार मैचों में कुल 26 गोल कर दिए हैं।
कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने गोल करने का अपना बेहतरीन फॉर्म जारी रखा है। उन्होंने अब तक 8 गोल कर लिए हैं और व्यक्तिगत स्कोरिंग चार्ट में सबसे ऊपर अपनी स्थिति और मजबूत कर ली है।भारत 12 अंकों और 21 के गोल अंतर के साथ, स्टैंडिंग में मजबूती से शीर्ष पर बना हुआ है।
FOUR WINS OUT OF FOUR! INDIA KEEP ROLLING! The defending champions make it four victories on the trot with a 4-2 win over Malaysia in a thrilling top-of-the-table clash, as Captain Harmanpreet Singh leads from the front with a sensational hat-trick to power India to another memorable win at the Hero Asian Champions Trophy Punjab 2026! Next Up: South Korea on Monday, November 2. #HockeyIsBack #HACT2026 #SatSriAkalAsia #IndiaKaGame
— Hockey India (@TheHockeyIndia) November 1, 2026
दक्षिण कोरिया और जापान सेमीफाइनल में पहुंचे
कोरिया ने बंगलादेश के खिलाफ 5-0 से धमाकेदार जीत दर्ज करते हुए टूर्नामेंट में अपनी लगातार दूसरी जीत हासिल की। पिछले दौर में चीन के खिलाफ अपनी पहली जीत के बाद, कोरिया ने उसी लय को बंगलादेश के खिलाफ भी बरकरार रखा। उन्होंने बेहतरीन आक्रामक खेल दिखाया और साथ ही अपनी रक्षा पंक्ति को भी मजबूत रखा (कोई गोल नहीं होने दिया)। इस जीत के साथ कोरिया के चार मैचों में छह अंक हो गए हैं और सेमीफाइनल की दौड़ में उनकी स्थिति मजबूत हो गई है।
चीन और जापान के बीच कड़ा मुकाबला हुआ, जो 2-2 की बराबरी पर छूटा। दोनों ही टीमों ने इस रोमांचक मैच में जबरदस्त जज्बा दिखाया। जापान इस मैच में भारत के खिलाफ मिली हार से उबरने के इरादे से उतरा था, जबकि चीन टूर्नामेंट में अपने पहले अंकों की तलाश में था। दोनों टीमों ने दो-दो गोल किए, लेकिन कोई भी निर्णायक गोल नहीं कर सका, जिसके चलते दोनों टीमों को अंक बांटने पड़े। इस ड्रॉ के बाद जापान के सात अंक हो गए हैं, जबकि चीन ने टूर्नामेंट में अपना पहला अंक हासिल किया।

