रसोई का बजट बिगाड़ेगा प्याज! सिर्फ 3.5 माह में 80% तक हुआ महंगा, जानिए क्यों रुला रहा है प्याज

रसोई का बजट बिगाड़ेगा प्याज! सिर्फ 3.5 माह में 80% तक हुआ महंगा, जानिए क्यों रुला रहा है प्याज

onion price increasing in india

Onion Price Hike : देशभर में प्याज की कीमतों में भारी उछाल दर्ज किया गया है। पिछले 3.5 महीनों में प्याज के दाम 80 प्रतिशत से ज्यादा बढ़ चुके हैं, जिससे आम जनता की रसोई का बजट बिगड़ गया है। ALSO READ: Retail Inflation दर में बढ़ोतरी, महंगाई बढ़ी, प्याज-लहसुन ने बिगाड़ा रसोई का बजट, आम आदमी की जेब पर क्या असर?

सरकारी आंकड़ों के अनुसार, 1 जून को प्याज की औसत खुदरा कीमत 29.50 रुपए प्रति किलोग्राम थी। सितंबर में यह बढ़कर 53.78 रुपए प्रति किलोग्राम हो गया। इस तरह 3.5 महीनों में प्याज की कीमतों में 80% से ज्यादा की तेज वृद्धि दर्ज की गई।

 

नासिक मंडी में जुलाई में प्याज 2050 रुपए प्रति क्विंटल था। 23 अगस्त को इसकी कीमत बढ़कर 3600 रुपए पार हो गई। दिल्ली-NCR, मुंबई, कोलकाता जैसे बड़े महानगरों में प्याज 50-60 रुपये प्रति किलो के रेट पर बिक रहे हैं। भुवनेश्वर में प्याज की कीमतें 25-30 रुपए प्रति किलो से बढ़कर 55-60 रुपए प्रति किलो हो गई हैं। मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में 20 रुपए किलो वाला प्याज 40 किलो रुपए हो गया। हालांकि बाजार में आपूर्ति बढ़ाकर सरकार ने प्याज की कीमतों में नियंत्रण का प्रयास किया। हालांकि कुछ ही दिनों में प्याज के दाम फिर बढ़ गए।

 

इसी तरह थोक बाजारों में 1 जून को प्याज का औसत थोक मूल्य 22.60 रुपए प्रति किलोग्राम था। यह 10 सितंबर को बढ़कर 46.20 रुपए हो गया। इस प्रकार, जून की तुलना में थोक कीमतें लगभग दोगुनी हो गई हैं। प्याज की कीमतों में महंगाई का दबाव एक महीने में काफी बढ़ा है। रोजाना खाना बनाने में इस्तेमाल होने वाले प्याज की कीमत बढ़ने से इसका सीधा असर महीने के किराना और सब्जी बजट पर पड़ सकता है।

 

क्यों महंगा हुआ प्याज?

प्याज की कीमतों में बढ़ोतरी का मुख्य कारण महाराष्ट्र की गर्मी (रबी) की प्याज की फसल को हुआ नुकसान और बाजार में आवक की कमी है। महाराष्ट्र के साथ ही कर्नाटक से भी प्याज की आपूर्ति में गिरावट आई है।

 

बताया जा रहा है कि प्याज अकसर अगस्त सितंबर में महंगा हो जाता है। इसकी एक वजह है कि रबी का प्याज बाजार में कम हो जाता है तौर खरीफ का प्याज बाजार में आ नहीं पाता। कमजोर मानसून की वजह से इस वर्ष खरीफ की फसलों की बुआई में देरी की वजह से भी ऐसा माना जा रहा है कि इस वर्ष प्याज ज्यादा रुलाएगा।