बांग्लादेश ने दूसरे वनडे में ऑस्ट्रेलिया को 5 विकेटों से हराकर किया सीरीज पर एतिहासिक कब्जा (Video Highlights)

 

AUSvsBAN बांग्लादेश ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए ऑस्ट्रेलिया को वर्षा बाधित दूसरे वनडे में गुरूवार को डीएलएस पद्धति के तहत पांच विकेट से हराकर 2-0 की अजेय बढ़त बनाने के साथ ही उसके खिलाफ अपनी पहली द्विपक्षीय जीत दर्ज की।

ऑस्ट्रेलिया ने जेवियर बार्टलेट (52) और मार्नस लाबुशेन (नाबाद 55) की जूझारु पारियों के दम पर 42 ओवर में आठ विकेट पर 187 रनों का स्कोर बनाया। बांग्लादेश को 41 ओवर में 192 रन का संशोधित लक्ष्य दिया गया। बांग्लादेश ने 35 ओवर में पांच विकेट पर 195 रन बनाकर जीत अपने नाम की। सौम्य सरकार ने 42, नजमुल हुसैन शान्तो ने 42 और तौहीद हृदोय ने नाबाद 40 रन बनाकर बांग्लादेश को ऐतिहासिक जीत दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभायी।

2005 में, बांग्लादेश ने कार्डिफ़ में पहली बार ऑस्ट्रेलिया को हराकर इतिहास रचा था। अब उन्होंने ऑस्ट्रेलिया को पहली बार किसी बाइलेटरल वनडे सीरीज़ में हराकर फिर से इतिहास रच दिया है। मेहदी और उनकी टीम की एक और शानदार जीत, और यह बहुत अच्छा रहा कि कप्तान ने ही विनिंग रन बनाए। वे शुरू से ही मैच पर हावी रहे – पहले ऑस्ट्रेलिया का स्कोर 0 पर 3 विकेट किया, फिर 81 पर 6 विकेट। मेहमान टीम ने थोड़ी वापसी की, लेकिन तस्कीन के दो विकेटों ने यह पक्का किया कि लगभग 3 घंटे की बारिश की रुकावट के बाद डीएलएस टारगेट बहुत ज़्यादा न हो।

लक्ष्य का पीछा करते हुए उन्होंने जल्दी ही तंज़िद का विकेट गंवा दिया, लेकिन सौम्य सरकार और नजमुल शांतो की 42-42 रनों की पारियों ने टीम को संभाला – ऑस्ट्रेलिया ने 3 जल्दी विकेट लेकर वापसी की कोशिश की, लेकिन तौहीद हृदोय ने एक छोर संभाले रखा और मेहदी ने पक्का किया कि अंत में टीम लड़खड़ाए नहीं। ऑस्ट्रेलिया ने गेंदबाज़ी में कड़ी टक्कर दी, लेकिन वे हमेशा कुछ रन पीछे ही रहे।

इससे पहले ऑस्ट्रेलिया ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। बल्लेबाजी करने उतरी ऑस्ट्रेलिया की शुरुआत बेहद खराब रही और उसने दूसरे ही ओवर में बिना कोई खाता खोले अपने तीन विकेट गंवा दिये। पहले ओवर में तस्कीन अहमद ने मैथ्यू शॉट को आउट किया। जबकि दूसरे ओवर में मुस्तफिज़ुर रहमान ने कूपर कॉनली और मैट रेनशॉ को आउट किया। इसके बाद एलेक्स कैरी ने कप्तान जॉश इंग्लिस के साथ पारी को संभलाने का प्रयास किया। आठवें ओवर में मुस्तफिजुर रहमान ने एलेक्स कैरी (13) को आउट कर ऑस्ट्रेलिया का चौथा झटका दिया। 18वें ओवर में तनवीर इस्लाम ने जॉश इंगलिस (34) को आउट कर पवेलियन भेज दिया। कैमरन ग्रीन (25) भी इस्लाम का शिकार बने।

एक समय ऑस्ट्रेलिया ने 81 रन के स्कोर पर अपने छह विकेट गंवा दिये थे। ऐसे संकट के समय जेवियर बार्टलेट और मार्नस लाबुशेन ने पारी को संभाला। दोनों बल्लेबाजों के बीच सातवें विकेटके लिए 103 रनों की साझेदारी हुई। 41वें ओवर में तस्कीन अहमद ने बार्टलेट को आउट कर इस साझेदारी को तोड़ा। बार्टलेट ने 48 गेंदों में चार चौके और दो छक्के लगाते हुए 52 रनों की पारी खेली। इसी ओवर में उन्होंने एडम जम्पा (शून्य) का शिकार कर लिया। ऑस्ट्रेलिया ने 42 ओवर में आठ विकेट पर 187 रन बना लिये थे कि बारिश आने के कारण खेल रोकना पड़ा। ऑस्ट्रेलिया का फिर अंत में यही स्कोर रहा।

बच्ची होने का नाटक कर रही थी महिला, परिवार ने गोद भी लिया; अब पहुंची जेल

ब्राजील से एक अनोखा मामला सामने आया है। यहां पर एक 37 वर्षीय महिला 12 साल की बच्ची होने का नाटक करके एक परिवार के साथ रहने लगी। परिवार भी कई महीनों तक उसका बच्चों की तरह ख्याल रखता रहा। इसके बाद जब सच का पता चला तो उसे पुलिस के हवाले कर दिया गया।

अब ईरान पर हमला नहीं करेगी अमेरिकी सेना, अमेरिका-ईरान शांति समझौता तय, जल्द ही हस्ताक्षर होंगे; ट्रंप की बड़ी घोषणा

अमेरिका ने ईरान के खिलाफ निर्धारित सैन्य हमलों और बमबारी को रद्द कर दिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड जे. ट्रंप ने घोषणा करते हुए बताया कि रिपब्लिक ऑफ ईरान के साथ हुई उच्च स्तरीय बैठक सफल होने के बाद ये फैसला लिया गया है।राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने ट्रुथ सोशल अकाउंट पर एक

Read More

पेंटागन में कुछ तो खतरनाक हुआ! गैस मॉस्क और प्रोटेक्टिव गियर पहनकर पहुंचीं रेस्क्यू टीमें, कई हिस्सों को किया सील

अमेरिका के रक्षा मुख्यालय पेंटागन में गुरुवार को अचानक हलचल मच गई। इमारत के अंदर लगे सेंसरों ने हवा की गुणवत्ता में कुछ असामान्य पकड़ा, जिसके बाद पूरा सिस्टम अलर्ट हो गया। इसके बाद गैस मॉस्क और प्रोटेक्टिव गियर पहनकर रेस्क्यू टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गई।स्थिति की गंभीरता को देखत

Read More

जूनियर के अंडर में कैसे करूं काम…इस्तीफा दे दूं क्या, डीसीपी क्राइम को लेटर लिखकर इंस्पेक्टर ने बयां किया दर्द

कानपुर में अपने से कई साल जूनियर के अंडर में काम करने से आहत इंस्पेक्टर विनय शर्मा ने डीसीपी क्राइम को पत्र देकर दर्द बयां किया है। इसके साथ ही उन्होंने इस्तीफा देने की अनुमति मांगी है।

अखिलेश यादव की बेटी अदिति को लेकर वायरल पोस्ट पर कानपुर में FIR, तीन लोगों पर साइबर थाने में मुकदमा

कानपुर: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की बेटी अदिति यादव को लेकर सोशल मीडिया पर की गई कथित भ्रामक पोस्ट अब कानूनी विवाद का रूप ले चुकी है। कानपुर साइबर क्राइम थाने में इस मामले में एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस ने तीन लोगों को नामजद करते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है।

नाबालिग बेटी के साथ किया यौन शोषण, शिकायत करने पर पत्नी और बच्ची की कर दी हत्या… जघन्य अपराध के लिए शख्स को 150 साल की सजा

उत्तर अमेरिका में अलास्का के एंकरेज शहर में एक पूर्व सुधार अधिकारी को अपनी पत्नी और छोटी बेटी की हत्या के मामले में 150 साल जेल की सजा मिली है। यह घटना 2022 की है और अब अदालत ने फैसला सुनाया है।मार्च 2022 में 14 साल की Jayla Blackshear ने पुलिस को बताया कि उसे यौन शोषण का शिकार ब

Read More

नॉर्वे का राजपरिवार चिंताग्रस्त क्यों है?

norway royal family

Norway Royal Family: यूरोप का सबसे उत्तरी देश नॉर्वे एक राजशाही लोकतंत्र है। पृथ्वी के उत्तरी ध्रुव के बहुत निकट होने के कारण वहाँ सर्दियों का मौसम बहुत लंबा और बहुत ही बर्फीला होता है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी  यूरोप की अपनी पिछली विदेश यात्रा के समय 18-19 मई को जब नॉर्वे में थे, तब वहां की राजधानी ओस्लो का तापमान दिन में 13 से 18 डिग्री सेंटिग्रेड और रात में 3 से 8 डिग्री सेंटिग्रेड था।

 

प्रधानमंत्री मोदी इस यात्रा के समय ओस्लो में नॉर्वे के राजा हाराल्ड और रानी सोन्या तथा युवराज हाक्कोन और उनकी पत्नी युवराज्ञी मेत्ते मारित से भी मिले थे। मेत्ते मारित की तबीयत उस समय भी ठीक नहीं थी और उसके बाद में तो और भी चिंताजनक बन गई।

युवराज्ञी मेत्ते मारित की बीमारी

नॉर्वे के राजमहल ने इस बीच शुक्रवार, 5 जून को आधिकारिक तौर पर बताया कि युवराज्ञी मेत्ते मारित को उनके फेफड़े के प्रतिरोपण (lung transplant) के लिए एक प्रतीक्षा सूची (वेटिंग लिस्ट) में रखा गया है। इसका कारण “युवराज्ञी के फेफड़ों की बीमारी का चिंताजनक रूप से बढ़ जाना है।” ठीक एक दिन पहले उनका ओस्लो के रिक्सहोस्पिटालेट (Rikshospitalet) अस्पताल में कई घंटों तक इलाज हुआ था।

 

मेत्ते मारित को फेफड़ों की “पल्मोनरी फाइब्रोसिस” (pulmonary fibrosis) नाम की बीमारी होने की बात 2018 से ही ज्ञात है। दिसंबर 2025 में, राजमहल ने घोषणा की थी कि उनके फेफड़ो के लिए संभावित प्रतिरोपण की तैयारियां शुरू हो गई हैं। तब से, 52 वर्षीय मेत्ते मारित सार्वजनिक कार्यक्रमों में आदि में अक्सर ऑक्सीजन-प्रदायी उपकरण के साथ दिखाई देती रही हैं। “पल्मोनरी फाइब्रोसिस” फेफड़ों की एक जानलेवा गंभीर बीमारी है, जिसमें फेफड़ों के ऊतकों (tissue) को नुकसान पहुंचता है और उनमें कठोर निशान (scar tissue) बन जाते हैं। इससे फेफड़ों का लचीलापन खत्म हो जाता है और शरीर को पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं मिल पाती।

norway royal family

“यह ख़तरनाक बीमारी है”

जिस दिन राजमहल ने अपना बयान जारी किया, उसी दिन मेत्ते मारित के डॉक्टरों ने प्रेस से बात की। ओस्लो के रिक्सहोस्पिटालेट अस्पताल के मुख्य फिजिशियन और “पल्मोनोलॉजिस्ट” तथा प्रतिरोपण (ट्रांसप्लांट) विभाग के प्रमुख “कार्डियोथोरेसिक” सर्जन ने मेत्ते मारित की बीमारी की वर्तमान स्थिति और उनके उपचार के लिए आवश्यक आगे के कदमों के बारे में जानकारी दी।

 

इन डॉक्टरों ने बताया कि पिछले छह महीनों में मेत्ते मारित के फेपड़ों की हालत काफी ख़राब हो गई है। पिछले एक साल में उनके फेफड़ों में बहुत ज़्यादा “स्कार टिश्यू” (कठोर निशान वाले ऊतक) बन गए हैं। सबसे बड़ी चिंता की बात यह है कि “फेफड़ों की कार्यक्षमता की जांच से पता चला है कि केवल पिछले तीन महीनों में उनकी कार्यक्षमता काफी घट गई हुई है–“यह खतरनाक है।” फेफड़ों के विशेषज्ञ ने बताया कि प्रतिरोपण सूची में किसी का नाम शामिल करने के लिए स्पष्ट चिकित्सा निर्देशों का पालन किया जाता है–“मरीज़ के फेफड़ों की बीमारी इतनी गंभीर होनी चाहिए कि हमें यह मानना पड़े कि उसके पास जीने के लिए अब केवल एक साल बचा है।” साथ ही, बीमार व्यक्ति की स्थिति इतनी स्थिर भी होनी चाहिए कि वह उपचार प्रक्रिया और उसके बाद की ठीक होने की अवधि को भी झेल सके।

मेत्ते मारित के लिए जटिल प्रक्रिया

फाइब्रोसिस का सही इलाज सिर्फ़ फेफड़ों का प्रतिरोण (ट्रांसप्लांट) ही है। दवाएं बीमारी के बढ़ने की गति को धीमा तो कर सकती हैं, लेकिन इस प्रक्रिया को पलट नहीं सकतीं। यह प्रक्रिया अपने आप में बहुत मुश्किल और चुनौतीपूर्ण हती है। डॉक्टरों ने इस प्रक्रिया के बारे में बताया कि रोगी को सामान्य निश्चेतक (एनेस्थीसिया) के द्वारा बेहोश करने के बाद छाती की हड्डी (ब्रेस्टबोन) को खोला जाता है, दिल को हार्ट-लंग मशीन से जोड़ा जाता है और बीमार फेफड़े को काट कर निकाल दिया जाता है— जो “पूरी प्रक्रिया का सबसे मुश्किल हिस्सा” है। इस ऑपरेशन में तीन से पांच घंटे तक का समय लगता है।

 

डॉक्टरों ने बताया कि इस तरह की प्रक्रिया के बाद आगे जो कुछ होगा, उसमें जोखिम भी शामिल है—”यदि हम मान लें कि इन मरीज़ों को प्रतीक्षा सूची में रखा गया है और बारी आने पर उनका सफल प्रतिरोपण ऑपरेशन होता है, तब भी आठ में से एक मरीज़ पहला साल बीतने तक जीवित नहीं रह पाता।” एक दशक बाद, प्रतिरोपण ऑपरेशन करवाने वाले लगभग आधे मरीज़ ही जीवित रहते हैं। इसके अलावा, मरीज़ों को जीवन भर “प्रतिरक्षादमनकारी” (इम्यूनोसप्रेसिव) दवाएं लेनी पड़ती हैं, जो ऑपरेशन के बाद शरीर की अत्यधिक सक्रिय हो गई प्रतिरक्षा-प्रणाली को शांत करती हैं। जो लोग इस सब से उबर पाते हैं, उनमें से कई अच्छी ज़िंदगी भी जी पाते हैं।

उपयुक्त फेफड़े के दानी की तलाश

रिक्सहोस्पिटालेट (Rikshospitalet) के डॉक्टरों ने भरोसा जताया कि प्रतिरोपण के लिए जल्द ही उपयुक्त फेफड़ा मिल जाएगा। पिछले छह महीनों में प्रतीक्षा सूची “बहुत छोटी” रही है। नॉर्वे में हर साल लगभग 100 से 120 मृत अंग दाता (deceased organ donors) हुआ करते हैं, किंतु उनके फेफड़ों में से केवल एक-चौथाई ही प्रतिरोपण के लिए उपयुक्त होते हैं।

 

डॉक्टरों ने इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि प्रतिरोपण के लिए दानी से मिले फेफड़े का आकार, मरीज़ के फेफड़े के आकार से मेल खाना चाहिए। इसी प्रकार, दानी के रक्त का ग्रुप मरीज़ के रक्त-ग्रुप से मेल बैठना चाहिए, और उसके ऊतक-प्रकार (टिश्यू टाइप) के खिलाफ कोई एंटीबॉडी नहीं होनी चाहिए। डॉक्टरों ने कहा कि मेत्ते मारित देश के युवराज (यानी भावी राजा) की पत्नी अवश्य हैं, पर तब भी उन्हें कोई विशेष प्राथमिकता नहीं दी जाएगी— “हम हमेशा उस व्यक्ति को प्राथमिकता देते हैं जो सबसे अधिक गंभीर रूप से बीमार है, जिसके पास इंतज़ार करने का समय नहीं है।”

युवराज और परिवार पर असर

युवराज्ञी मेत्ते मारित के फेफड़ों के लिए होने वाले प्रतिरोपण की तैयारी का असर नॉर्वे के पूरे शाही परिवार पर दिखने लगा है। राजमहल ने घोषणा की है कि मेत्ते मारित अब आधिकारिक कार्यक्रमों में शामिल नहीं हो पाएंगी। युवराज हाक्कोन और मेत्ते मारित के विवाह की 25वीं वर्षगांठ (रजत जयंती) का जश्न— जो इसी वर्ष, यानी अगस्त 2026 में होना था — टाल दिया गया है। साथ ही, मेत्ते मारित सितंबर में होने वाली शाही यात्रा में भी शामिल नहीं होंगी। इसी प्रकार, युवराज हाक्कोन भी अपनी पत्नी के साथ अधिक समय बिताने के लिए अपने कार्यक्रमों को बदलने वाले हैं। शाही परिवार के दोनों बच्चे भी अपनी रोज़मर्रा की जिंदगी को नए सिरे से व्यवस्थित कर रहे हैं।

 

राजमहल ने घोषणा की है कि राजकुमारी इन्ग्रिद अलेक्सांद्रा 2026 के ऑटम (शरत्कालीन) शिक्षा सेमेस्टर में ऑस्ट्रेलिया के सिडनी शहर में अपनी पढ़ाई नहीं करेंगी; इसके बदले नॉर्वे के ओस्लो विश्वविद्यालय में ही अपनी पढ़ाई जारी रखेंगी। राजकुमार स्वेरे माग्नुस अपनी योजना के अनुसार, यूरोप में ही अपनी आगे की पढ़ाई शुरू करेंगे और ज़रूरत पड़ने पर नॉर्वे लौट आएंगे। नॉर्वे का रजघराना, इन सारी जानकारियों को छिपाने के बदले सार्वजनिक करने के द्वारा, 56 लाख की जनसंख्या वाली अपनी जनता को यही जताना चाहता है कि हम भी आदमी ही हैं, देवता नहीं। आम जनता के समान ही हमें भी सुख-दुख और बीमारियों जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ता है।

आज रात ईरान पर भारी, होगा वेनेजुएला जैसा कांड? ट्रंप ने दी खुली धमकी; कहा- जोरदार हमला करेंगे, खार्ग आइलैंड और तेल…

Donald Trump warns Iran: ईरान के लिए आज (11 जून) की रात बहुत भारी होने वाली है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि अमेरिका आज रात तेहरान पर जबरदस्त हमला करेगा। उन्होंने वेनेजुएला की तरह ईरान का हाल करने की चेतावनी दी है।समझौते पर बात नहीं बनने के बाद अमेरिका

Read More

भरपूर लाभ के लिए रोज करें मंडूकासन; जानिए इसे करने का सही तरीका

Mandukasana Method

'मंडूक' का सीधा सा मतलब है मेंढक। जब आप इस योग की अंतिम मुद्रा में होते हैं, तो आपके शरीर का आकार एक बैठे हुए मेंढक जैसा दिखाई देता है, बस इसीलिए इसे मंडूकासन (Frog Pose) कहा जाता है। वैसे तो इसे करने के कई तरीके हैं, लेकिन सबसे पॉपुलर और असरदार तरीका नीचे दिया गया है।

 

स्टेप-बाय-स्टेप गाइड (The Right Method)

स्टार्टिंग पोजीशन: सबसे पहले दंडासन (पैरों को सीधा फैलाकर) में बैठें और फिर घुटनों को मोड़कर वज्रासन की मुद्रा में आ जाएं।

मुद्रा बनाएं: अब अपने दोनों हाथों की मुट्ठियां बंद करें। ध्यान रहे, मुट्ठी बंद करते समय अंगूठा उंगलियों के अंदर दबा होना चाहिए।

पोजीशन लॉक करें: इन बंद मुट्ठियों को अपनी नाभि (Navel) के दोनों तरफ सेट करें।

फाइनल मूव: एक गहरी सांस छोड़ते हुए (Exhale) धीरे-धीरे आगे की ओर झुकें और अपनी ठोड़ी (Chin) को जमीन से टिकाने की कोशिश करें। कुछ सेकंड इसी पोजीशन में होल्ड करें, फिर सांस लेते हुए वापस नॉर्मल वज्रासन में आ जाएं।

 

काउंटर पोज (विपरीत आसन) क्यों है जरूरी?

योग का नियम कहता है कि आगे झुकने वाले आसन के बाद पीछे झुकने वाला आसन जरूर करना चाहिए ताकि बॉडी का बैलेंस बना रहे। मंडूकासन के बाद आप अपने योग एक्सपर्ट की सलाह से ऊष्ट्रासन (Camel Pose) या विपरीत नौकासन कर सकते हैं।

 

कितनी बार करें? (Frequency)

आम लोगों के लिए: इस आसन को रोजाना 2 बार दोहराना काफी है।

डायबिटीज मरीजों के लिए: शुगर कंट्रोल करने के लिए इसका अभ्यास 3 से 4 बार तक किया जा सकता है।

 

अलर्ट: कब और किसे बचना है? (Precautions)

नो-गो जोन: अगर पेट का कोई सीरियस ऑपरेशन या गंभीर बीमारी हो, तो इसे बिल्कुल न करें।

विशेष सलाह: स्लिप डिस्क, ऑस्टियोपॉरोसिस या भयंकर कमर दर्द के मरीज इसे बिना योग थेरेपिस्ट की देखरेख के ट्राई न करें।

प्रो-टिप: झुकते समय ध्यान रखें कि आपकी मुट्ठियां नाभि के आस-पास एकदम सही जगह पर फिक्स हों।

 

अल्टीमेट बेनिफिट्स (यह शरीर पर कैसे काम करता है?)

डायबिटीज में रामबाण: यह आसन आपके पैनक्रियाज (अग्न्याशय) को एक्टिव कर देता है, जिससे इंसुलिन का बैलेंस सुधरता है। शुगर के मरीजों के लिए यह बेहद फायदेमंद है।

डाइजेशन का पावरहाउस: पेट की आम समस्याएं जैसे गैस, कब्ज, एसिडिटी, अपच और भूख न लगने की शिकायत को यह चुटकियों में दूर करता है।

इंटरनल ऑर्गन्स का डीटॉक्स: इस आसन के दबाव से आमाशय, लिवर, किडनी, छोटी-बड़ी आंत, गॉलब्लैडर और रीप्रोडक्टिव ऑर्गन्स की डीप मसाज हो जाती है, जिससे उनकी वर्किंग कैपेसिटी बढ़ जाती है।

हार्ट और बेली फैट: यह आपके दिल (Heart) की सेहत को दुरुस्त रखता है और पेट की चर्बी को टोन करने में भी मदद करता है।