
कूचबिहार से सांसद जगदीश चंद्र बर्मा बसुनिया ने दावा किया है कि नेशनलिस्ट सिटिजंस पार्टी ऑफ इंडिया (NCPI) के 20 में से 17 सांसद भाजपा में शामिल होने की तैयारी में हैं। उनके मुताबिक यह बदलाव दुर्गापूजा से पहले या उसके बाद अक्टूबर में हो सकता है। ALSO READ: BJP प्रत्याशी को सिर्फ 1 वोट, पत्नी और माता-पिता ने भी नहीं दिया साथ? राजस्थान में चौंकाने वाला रिजल्ट
बसुनिया ने सोमवार को पत्रकारों से बातचीत में कहा कि 17 सांसदों ने एक साथ भाजपा में जाने की योजना को अंतिम रूप दे दिया है। उन्होंने दावा किया कि दो-तिहाई से अधिक सांसदों के एक साथ दल बदलने की वजह से उन पर दल-बदल कानून लागू नहीं होगा। उन्होंने कहा कि हम 17 सांसद एक साथ भाजपा में जाने वाले हैं। 20 में से दो-तिहाई से ज्यादा सदस्य साथ जा रहे हैं, इसलिए दल-बदल कानून हम पर लागू नहीं होगा।
20 बागी सांसदों ने जून में किया था NCPI का विलय
गौरतलब है कि 14 जून को टीएमसी के 20 बागी सांसदों ने कम चर्चित नेशनलिस्ट सिटिजंस पार्टी ऑफ इंडिया (एनसीपीआई) में विलय का एलान किया था। इन सांसदों ने केंद्र में सत्तारूढ़ एनडीए को अपना समर्थन भी दिया था। दल-बदल कानून के तहत अयोग्यता से बचने के लिए 20 में से कम से कम 14 सांसदों का साथ जाना जरूरी है। ऐसे में 17 सांसदों के भाजपा में जाने का दावा इसी दो-तिहाई प्रावधान से जुड़ा है। ALSO READ: पश्चिम बंगाल में बड़ी कार्रवाई, 252 मदरसे होंगे बंद, 100 मदरसों को थमाया नोटिस, शुभेंदु सरकार ने क्यों लिया यह फैसला?
3 सांसद बाहर से देंगे समर्थन
बसुनिया ने कहा कि एनसीपीआई के 20 सांसदों में शामिल अल्पसंख्यक समुदाय के 3 सांसद अबू ताहेर खान, खलीलुर रहमान और यूसुफ पठान औपचारिक रूप से भाजपा की सदस्यता नहीं लेंगे। उन्होंने इसके पीछे अपने-अपने निर्वाचन क्षेत्रों की राजनीतिक और प्रशासनिक परिस्थितियों को वजह बताया। इन नेताओं को आगे महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां भी मिल सकती है।


