लॉर्ड्स जीतने के बाद बेटियों ने दिल भी जीता, 2 इंग्लैंड की खिलाड़ियो को दी विदाई (Video)

270 रनों से लॉर्ड्स टेस्ट मैच को जीतने के बाद भारतीय महिला क्रिकेट टीम की सदस्यों ने ड्रेसिंग रूम में जश्न मनाया लेकिन मैदान जीतने के बाद दिल भी जीत लिया। इंग्लैंड की दो महिला क्रिकेटरों टैमी ब्यूमोंट और हीथर नाइट ने लॉर्ड्स टेस्ट मैच से पहले और मैच के दौरान संन्यास की घोषणा की थी। इन दो क्रिकेटरों को ड्रेसिंग रूम में बुलाकर भारतीय टीम ने विदाई समारोह रखा।

ब्यूमोंट इंग्लैंड की बेहतरीन बल्लेबाज़ों में से एक के तौर पर इंटरनेशनल क्रिकेट को अलविदा कह रही हैं। वह इंग्लैंड की उन केवल दो महिला खिलाड़ियों में से एक हैं – और कुल मिलाकर इंग्लैंड की उन पांच क्रिकेटरों में से एक – जिन्होंने तीनों फ़ॉर्मेट में इंटरनेशनल शतक लगाया है। उनके करियर की सबसे बड़ी उपलब्धि 2023 विमेंस एशेज़ के दौरान ट्रेंट ब्रिज में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ़ नाबाद 208 रन की ऐतिहासिक पारी रही, जिससे वह टेस्ट में दोहरा शतक लगाने वाली इंग्लैंड की पहली महिला खिलाड़ी बनीं।

वहीं इंग्लैंड महिला टीम की पूर्व कप्तान हीथर नाइट ने अपने करियर में 15 टेस्ट, 160 वनडे और 145 टी-20 मैच है। यह किसी भी दूसरी इंग्लैंड महिला क्रिकेटर के मुकाबले सबसे ज़्यादा मैच हैं। उन्होंने 2010 में इंग्लैंड के लिए पर्दापण किया था, जब वह 18 साल की उम्र में भारत दौरे के लिए चोटिल सारा टेलर की जगह टीम में आई थीं।

इन दोनों खिलाड़ियों के करियर का परिकथा अंत नहीं हो पाया क्योंकि भारत ने लॉर्ड्स टेस्ट रिकॉर्ड 270 रनों से जीत लिया।यास्तिका भाटिया के शतक, दोनों पारियों में स्मृति मंधाना के अर्धशतक और क्रांति गौड़ के पंजे की बदौलत भारत ने ऐतिहासिक लॉर्ड्स टेस्ट में इंग्लैंड को सोमवार को 270 रन के बड़े अंतर से हरा दिया। चौथे दिन का खेल जब शुरू हुआ तब भारत जीत से चार विकेट दूर था और स्नेह राणा ने अर्धशतक बना चुकीं एमी जोंस के रूप में भारत को दिन की पहली सफलता दिला दी। इसके बाद दीप्ति शर्मा ने इसी वॉन्ग और लॉरेन बेल को बोल्ड किया।

राणा ने एकलस्टन को 50 के निजी स्कोर पर बोल्ड करते हुए इंग्लैंड का अंतिम विकेट गिराया और भारत ने यह मुक़ाबला 270 रनों के विशाल अंतर से जीत लिया। इंग्लैंड की ओर से इस मैच में सबसे अच्छा प्रदर्शन एकलस्टन ने किया जिन्होंने अर्धशतक लगाने के साथ ही गेंदबाज़ी में दूसरी पारी में पंजा हासिल किया।

भारत ने इंग्लैंड के सामने इस टेस्ट में जीत के लिए 457 रनों का लक्ष्य रखा था जिसके जवाब में तीसरे दिन का खेल समाप्त होने तक इंग्लैंड ने 130 के स्कोर पर छह विकेट गंवा दिए थे और जोंस अर्धशतक बनाकर खेल रही थीं। टैमी ब्यूमोंट और हीदर नाइट अपने अंतररारष्ट्रीय करियर का अंतिम मैच खेल रही थीं और दोनों को अंतिम पारी में गौड़ ने अपना शिकार बनाया।