
बिहार में एक तरफ जहां बाढ़ का कहर जारी है और 50 लाख से अधिक लोग त्रासदी झेल रहे हैं, वहीं दूसरी ओर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर आयोजित होने वाले 'आशीर्वाद का दीया' कार्यक्रम को लेकर राजनीति गरमा गई है। प्रशांत किशोर की जनसुराज ने इस कार्यक्रम को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला है। पार्टी ने सवाल किया कि पानी में जलाएं दीया या टेंट में? ALSO READ: गुरेज से लेकर हेमकुंड साहिब तक मौसम की पहली बर्फबारी, बिहार में बाढ़ से 50 लाख प्रभावित
पीएम मोदी के जन्मदिन पर जनसुराज ने ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम को लेकर सरकार पर सवाल उठाए। जनसुराज ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया है, इसमें मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन लोगों से पीएम मोदी के जन्मदिन पर दीया जलाने की अपील करते नजर आ रहे हैं। एक व्यक्ति पानी में खड़े खोकर जलता हुआ दिया पकड़े हुए हैं। साथ में लिखा है कि आशीर्वाद का दिया।
बाढ़ में डूबा बिहार, BJP का 'दीया जलाओ' का फरमान। pic.twitter.com/jaO3q6TH60
— Jan Suraaj (@jansuraajonline) September 17, 2026
कार्यक्रम पर कटाक्ष करते हुए प्रशांत किशोर की जनसुराज ने कहा कि लोगों को दीये नहीं, राहत और दवाओं की जरूरत है। बाढ़ के बीच लोगों की वास्तविक जरूरतों पर ध्यान दिया जाना चाहिए। जनसुराज ने अपने पोस्ट में सवाल किया कि बाढ़ से प्रभावित बिहार में लोग दीया कहां जलाएं- प्लास्टिक के टेंट में या पानी में बहती झोपड़ी पर?
बाढ़ से डूबते बिहार में दीया प्लास्टिक के टेंट में जलाएं या पानी में बहती झोपड़ी पर? pic.twitter.com/DvJLSW5N1X
— Jan Suraaj (@jansuraajonline) September 16, 2026
गौरतलब है कि बिहार के 15 जिले बाढ़ की चपेट में है। 50 लाख से ज्यादा लोग इससे बुरी तरह प्रभावित है। गंगा समेत कई प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं, जिससे जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है।


