ट्रम्प ने कहा- अमेरिका में अब ‘AI फोर्स’ बनेगी:ये आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की निगरानी करेगी; 2019 में स्पेस फोर्स की भी घोषणा की थी

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने शनिवार को नया आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) सलाहकार नियुक्त करने की योजना के बारे में बताया। उन्होंने एक ‘AI फोर्स’ बनाने का ऐलान किया। ट्रम्प ने ट्रुथ सोशल पर यह जानकारी दी। उन्होंने दोनों योजनाओं के ढांचे और उन्हें लागू करने का तरीका नहीं बताया। यह ऐलान ऐसे समय हुआ है, जब अमेरिका और चीन AI में बढ़त हासिल करने की होड़ में हैं। ट्रम्प की गुरुवार को चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात होनी है। ट्रम्प ने कहा कि उनका प्रशासन AI को बढ़ावा देगा। संभावित गलत कामों से निपटने के लिए मौजूदा आपराधिक और सिविल न्याय व्यवस्था का इस्तेमाल किया जाएगा। ट्रम्प ने 2019 में स्पेस फोर्स बनाई थी। ट्रम्प ने लिखा, “हम इस शानदार उद्योग की ग्रोथ को किसी भी तरह नहीं रोकेंगे या दबाएंगे। इसके बजाय, हम इसे महत्व देंगे, मदद करेंगे और इसके बढ़ने पर नजर रखेंगे।” ट्रम्प ने कहा हम AI इंडस्ट्री को खत्म नहीं करना चाहते ट्रम्प ने AI और डेटा सेंटर के आलोचकों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि उदारवादी लोग इस इंडस्ट्री को ‘खत्म’ करना चाहते हैं। ट्रम्प ने लिखा, “अमेरिका के राष्ट्रपति के तौर पर मैं ऐसा नहीं होने दूंगा।” उन्होंने आगे लिखा, “हम किसी भी तरह इस शानदार इंडस्ट्री के विकास में रुकावट नहीं डालेंगे। हम इसे बढ़ने में मदद करेंगे और इसकी निगरानी करेंगे।” अमेरिका में AI कंपनियों के खिलाफ केस अमेरिका में एंथ्रोपिक, OpenAI, स्पेसएक्सएआई और गूगल के खिलाफ शनिवार को मुकदमा दायर हुआ है। इन कंपनियों पर AI विकास की रफ्तार धीमी करने के लिए अवैध समझौते का आरोप है। इसमें कहा गया है कि कंपनियों ने एंटीट्रस्ट कानून तोड़े हैं। याचिका के मुताबिक, कंपनियों के बीच तालमेल से पेड AI सब्सक्रिप्शन लेने वाले ग्राहकों को मिलने वाला लाभ कम हो सकता है। इससे पहले 12 सितंबर को एंथ्रोपिक के CEO डारियो अमोडेई ने AI विकास धीमा करने और सुरक्षा उपाय बढ़ाने के लिए उद्योग-स्तरीय सहयोग की अपील की थी। इसके बाद OpenAI के CEO सैम ऑल्टमैन, स्पेसएक्सएआई के CEO एलन मस्क और गूगल डीपमाइंड के सह-संस्थापक व चेयर डेमिस हासाबिस ने उनके प्रस्ताव पर सहमति जताई। मुकदमे में कहा गया है कि AI क्षेत्र के प्रमुख प्रतिद्वंद्वियों के बीच विकास की रफ्तार प्रतियोगिता से कम रखने का समझौता उपभोक्ताओं के खिलाफ प्रतिस्पर्धा-विरोधी असर डालता है। ———————————————– ये खबर भी पढ़ें… आज का एक्सप्लेनर:‘2030 तक AI हम सबको मार सकता है’, रिसर्चर के इस्तीफे में चेतावनी; AI की दुनिया में अंदरखाने ऐसा क्या चल रहा ChatGPT बनाने वाली कंपनी OpenAI का दावा है कि उनके AI सिस्टम ने गणित की उस समस्या को 88 घंटे में सुलझा लिया, जिसने करीब 90 साल से इंसानों को उलझा रखा था। पूरी खबर पढ़ें…