दिल्ली-यूपी और बिहार समेत 16 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, जानिए कहां कैसा है मौसम?

दिल्ली-यूपी और बिहार समेत 16 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, जानिए कहां कैसा है मौसम?

rain alert in 16 states

Weather Update : मानसून की विदाई से पहले देश के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग ने आज भी दिल्ली-यूपी और बिहार समेत 16 राज्यों में भारी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है। ALSO READ: मालदा में गंगा का रौद्र रूप, 150 साल पुराना शिव मंदिर नदी में समाया; 62 गांव पानी में डूबे

 

मौसम विभाग के अनुसार, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में बहुत भारी वर्षा दर्ज की गई। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, असम, मेघालय, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और सिक्किम में पिछले 24 घंटों में भारी वर्षा दर्ज की गई।

कहां कैसा रहेगा मौसम?

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आज 16 राज्यों के लिए मूसलाधार बारिश का अलर्ट जारी किया है। इनमें दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, झारखंड, छत्तीसगढ़, हरियाणा, पंजाब, जम्मू-कश्मीर, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, तेलंगाना और महाराष्ट्र शामिल हैं।

 

कम दबाव का क्षेत्र और अलग-अलग इलाकों में बने ऊपरी हवा के चक्रवाती परिसंचरण के चलते अगले 3-4 दिनों में पूर्वी भारत में कई स्थानों पर भारी बारिश की संभावना है। 11 से 14 सितंबर के दौरान छत्तीसगढ़, तटीय आंध्र प्रदेश और यनम तथा तेलंगाना में; 13 और 14 सितंबर को मध्य प्रदेश में बारिश हो सकती है। 10 सितंबर, 2026 को ओडिशा में कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है।

 

उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश जैसे पहाड़ी राज्यों में भारी बारिश के कारण भूस्खलन का खतरा बना हुआ है। समुद्र में भी तेज लहरें उठने की संभावना के चलते मछुआरों को खराब मौसम में समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।

क्या है बिहार में बारिश का हाल?

बिहार में गंगा समेत कई नदियां अभी भी उफान पर है। बाढ़ की वजह से कई गांव पानी में डूबे नजर आ रहे हैं। मौसम विभाग ने बिहार में पटना, गया, पूर्णिया, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, मधुबनी और पश्चिमी चंपारण समेत कई जिलों में तेज बारिश और आंधी की चेतावनी दी है। ALSO READ: बिहार में बाढ़ का भयंकर रूप: 13 जिलों में 27 लाख लोग प्रभावित, कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर


गौरतलब है कि आमतौर पर दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी उत्तर-पश्चिम भारत से शुरू होती है और इसके बाद धीरे-धीरे देश के मध्य, पश्चिमी, दक्षिणी और पूर्वी हिस्सों से मानसून लौट जाता है।