नेपाल में बाढ़ से तबाही तो दिल्ली में H1N1 का कहर, मामलों की संख्या 2,600 के पार

नेपाल में बाढ़ से तबाही तो दिल्ली में H1N1 का कहर, मामलों की संख्या 2,600 के पार

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भारत के पड़ोसी देश नेपाल में जहां बाढ़ से तबाही मची है, वहीं देश की राजधानी में H1N1 के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। दिल्ली में H1N1 मामलों की संख्या 2,600 के पार पहुंच गई है। पिछले 24 घंटे में ही 166 नए मामले सामने आए हैं। राजधानी में बढ़ते मामलों के बीच दिल्ली सरकार ने अस्पतालों की तैयारियों की समीक्षा शुरू कर दी है। साथ ही इन्फ्लुएंजा और सांस से जुड़ी बीमारियों से निपटने के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं में किए गए इंतजामों का जायजा लिया जा रहा है।

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राजधानी में H1N1 मामलों में बढ़ोतरी ऐसे समय हुई है, जब सांस संबंधी बीमारियों के मामले भी बढ़ रहे हैं। स्वास्थ्य अधिकारी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। अस्पतालों की तैयारियों का आकलन किया जा रहा है, ताकि मामलों में और वृद्धि होने की स्थिति में मरीजों को आवश्यक उपचार उपलब्ध कराया जा सके।

 

स्वास्थ्य मंत्री ने इंदिरा गांधी अस्पताल का किया दौरा

 

बढ़ते H1N1 मामलों के बीच दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज सिंह ने इंदिरा गांधी अस्पताल का दौरा कर वहां की तैयारियों का निरीक्षण किया। उन्होंने अस्पताल में इन्फ्लुएंजा और सांस संबंधी बीमारी के मरीजों के इलाज के लिए उपलब्ध व्यवस्थाओं की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान अस्पताल की तैयारियों, मरीजों के प्रबंधन और जरूरी स्वास्थ्य सुविधाओं की उपलब्धता का जायजा लिया गया।

यह दौरा ऐसे समय हुआ है, जब दिल्ली में लगातार H1N1 के नए मामले सामने आ रहे हैं। सरकार राजधानी के अलग-अलग हिस्सों में स्थिति की निगरानी कर रही है और बढ़ते मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य केंद्रों की तैयारियों की भी समीक्षा की जा रही है।

 

क्या है H1N1?

H1N1 एक प्रकार का इन्फ्लुएंजा वायरस है, जो फ्लू और सांस संबंधी बीमारी का कारण बन सकता है। संक्रमित व्यक्ति के खांसने या छींकने से निकलने वाली बूंदों के जरिए यह संक्रमण दूसरे व्यक्ति तक फैल सकता है।

 इसके सामान्य लक्षणों में बुखार, खांसी, गले में खराश, शरीर में दर्द, सिरदर्द, थकान और कमजोरी शामिल हैं। कुछ मामलों में सांस लेने में परेशानी या अन्य जटिलताएं भी हो सकती हैं। बीमारी की गंभीरता हर व्यक्ति में अलग-अलग हो सकती है। अधिकांश लोग इन्फ्लुएंजा से ठीक हो जाते हैं, लेकिन गंभीर लक्षण होने पर कुछ मरीजों को चिकित्सकीय देखभाल की आवश्यकता पड़ सकती है।

 

संक्रमण से बचाव के लिए बरतें सावधानी

 

H1N1 के बढ़ते मामलों के बीच संक्रमण के जोखिम को कम करने के लिए कुछ सामान्य सावधानियां मददगार हो सकती हैं। नियमित रूप से हाथ साफ रखना, खांसते या छींकते समय मुंह और नाक को ढंकना और बीमार लोगों के संपर्क से बचना जरूरी है। जिन लोगों में फ्लू जैसे लक्षण दिखाई दें, उन्हें संक्रमण दूसरों तक फैलने से रोकने के लिए सावधानी बरतनी चाहिए। लक्षण बिगड़ने पर चिकित्सकीय सलाह लेना उचित है।

 

दिल्ली में लगातार निगरानी

24 घंटे में सामने आए 166 नए मामलों के साथ दिल्ली में H1N1 के कुल मामले 2,600 से अधिक हो गए हैं। सरकार स्थिति पर नजर रखते हुए अस्पतालों की तैयारियों की समीक्षा कर रही है। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज सिंह का इंदिरा गांधी अस्पताल का दौरा भी इसी तैयारियों का हिस्सा था। हालांकि मामलों में बढ़ोतरी हुई है, स्वास्थ्य मंत्री ने लोगों से घबराने के बजाय सतर्क रहने और जरूरी सावधानियां बरतने की अपील की है।