नीरु ने दुबारा गोल्ड किया ट्रैप, पुरुष साथी काईनन के साथ जीता खिताब

TraP Shooting

हरियाणवी शहर जिंद से पहलवान और कुश्ती के खिलाड़ी तो बहुत निकलते हैं लेकिन ट्रैप निशानेबाज नीरू हांडा ने निशानेबाजी जैसा धैर्य और एकाग्रता रखने वाले खेल में भारत को दो स्वर्ण पदक दिलाए। एकल प्रतियोगिता में उन्होंने कल ट्रैप शूटिंग में भारत को स्वर्ण पदक दिलाया था इसके बाद आज काइनन चेनाई के साथ मिलकर ट्रैप मिश्रित टीम स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता। यही नहीं नीरू ढांडा, आशीमा अहलावत और मनीषा कीर ने महिलाओं के ट्रैप टीम स्पर्धा में 328 अंकों के साथ रजत पदक जीता।

इसके साथ ही वह गुलवीर सिंह समेत कुछ चुनिंदा भारतीय एथलीटों में शामिल हो गई जिन्होंने अब तक तीन पदक जीते। हालांकि इसमें से 2 स्वर्ण पदक है तो नीरू इस एशियाड की सबसे सफल एथलीट कही जा सकती है। ट्रैप शूटिंग इवेंट में स्वर्ण पदक जीतने वाली इतिहास की पहली भारतीय महिला नीरू ने कल एकल प्रतियोगिता में बारिश के बीच गजब का संयम बनाकर कुल 30 अंको में से 28 अंक अर्जित किए थे।

आज भी उन्होंने वहीं से शुरुआत की जहां से उन्होंने कल खेल छोड़ा था।नीरू हांडा और काइनन चेनाई  ने चौथे स्थान पर रहकर फाइनल के लिए क्वालीफाई किया था। उन्होंने फाइनल में 34 का स्कोर बनाया। कतर के मोहम्मद अल रुमैही और रे बासिल ने 32 के स्कोर के साथ रजत पदक जीता।

भारतीय जोड़ी ने पहले दो राउंड में 46 और 46 का स्कोर बनाया और कुल मिलाकर 46, 46, 44 अंक बनाकर 136 का कुल स्कोर हासिल किया।
दोनों भारतीयों में काइनन ने बेहतर प्रदर्शन करते हुए कुल 73 अंक हासिल किए।इसमें से नीरु के अकेले 63 अंक थे।

प्रधानमंत्री मोदी ने दी बधाई

रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एशियाई खेलों में ट्रैप इवेंट में व्यक्तिगत और मिश्रित गोल्ड मेडल जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनने पर नीरू ढांडा को बधाई दी है। प्रधानमंत्री ने उनके बेहतरीन निशाने और संयम की सराहना की और कहा कि उनकी इस उपलब्धि से देश को बहुत गर्व हुआ है।श्री मोदी ने भरोसा जताया कि यह ऐतिहासिक उपलब्धि और भी कई युवा खिलाड़ियों को शूटिंग (निशानेबाजी) अपनाने और सर्वोच्च सम्मान हासिल करने की कोशिश करने के लिए प्रेरित करेगी।

प्रधानमंत्री कार्यालय ने एक्स पर लिखा, “नीरू ढांडा ने भारत को जश्न मनाने का एक ऐतिहासिक पल दिया है! एशियाई खेलों में ट्रैप इवेंट में व्यक्तिगत और मिश्रित गोल्ड मेडल जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनने पर उन्हें बधाई। उनके बेहतरीन निशाने और संयम ने देश को बहुत गर्व दिलाया है। यह उपलब्धि और भी कई युवा खिलाड़ियों को शूटिंग अपनाने और सर्वोच्च सम्मान हासिल करने का लक्ष्य रखने के लिए प्रोत्साहित करेगी। ”