Deepa Jewellers IPO Listing: 25% प्रीमियम पर ₹117 का शेयर लिस्ट, दीपा ज्वैलर्स ने बढ़ाई पोर्टफोलियो की चमक

Deepa Jewellers IPO Listing: गोल्ड-डायमंड के गहने बेचने वाली दीपा ज्वैलर्स के शेयरों की आज घरेलू मार्केट में शानदार एंट्री हुई। इसके आईपीओ को ओवरऑल 43 गुना से अधिक बोली मिली थी। आईपीओ के तहत ₹177 के भाव पर शेयर जारी हुए हैं। आज BSE पर इसकी ₹221.05 और NSE पर ₹221.00 पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को करीब 25% का लिस्टिंग गेन (Deepa Jewellers Listing Gain) मिला। हालांकि आईपीओ निवेशकों की खुशी थोड़ी ही देर में फीकी हो गई जब शेयर टूट गए। टूटकर BSE पर यह ₹201.30 (Deepa Jewellers Share Price)  पर आ गया यानी कि आईपीओ निवेशक अब 13.73% मुनाफे में हैं।

Deepa Jewellers IPO के पैसे कैसे होंगे खर्च

दीपा ज्वैलर्स का ₹460.00 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 1-3 सितंबर तक खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों का अच्छा रिस्पांस मिला था और ओवरऑल यह 43.40 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 36.73 गुना (एक्स-एंकर), नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 109.04 गुना और खुदरा निवेशकों का हिस्सा 19.09 गुना भरा था।

इस आईपीओ के तहत ₹250 करोड़ के नए शेयर जारी हुए हैं। इसके अलावा ₹2 की फेस वैल्यू वाले 1,18,48,340 शेयर ऑफर फॉर सेल विंडो के तहत बिके हैं। ऑफर फॉर सेल का पैसा तो शेयर बेचने वाले शेयरहोल्डर्स को मिला है। वहीं नए शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों में से ₹215.00 करोड़ लॉन्ग-टर्म वर्किंग कैपिटल की जरूरतों, ₹12.15 करोड़ आम कॉरपोरेट उद्देश्यों और ₹41.95 करोड़ आईपीओ से जुड़े एक्सपेंसेज पर खर्च होंगे।

Deepa Jewellers के बारे में

दीपा ज्वैलर्स सोने और हीरे के गहनों की खुदरा से लेकर थोक बिक्री करती है। जुलाई 2026 तक के आंकड़ों के मुताबिक इसके ग्राहक देश के 13 राज्यों और 1 यूनियन टेरिटरी में हैं। दक्षिण भारत में इसकी दमदार मौजूदगी है। इसके ग्राहकों में 47 ज्वैलरी रिटेल चेन और 326 स्टैंडएलोन स्टोर्स हैं। कंपनी एक थर्ड पार्टी मोबाइल ऐप दीपा ज्वैलर्स लिमिटेड का भी इस्तेमाल करती है। इसके प्रोडक्ट पोर्टफोलियो में 16 प्रोडक्ट्स और 110 SKUs हैं।

कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो यह लगातार मजबूत हो रही है। वित्त वर्ष 2024-26 में इसका शुद्ध मुनाफा सालाना 107% से अधिक की रफ्तार यानी CAGR से बढ़कर ₹104.79 करोड़ और टोटल इनकम 37% के सीएजीआर से ₹1,927.73 करोड़ पर पहुंच गया। मार्च 2026 तिमाही के आखिरी में कंपनी पर ₹111.11 करोड़ का टोटल कर्ज था जबकि रिजर्व और सरप्लस में ₹221.67 करोड़ पड़े थे।

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डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।