
Raja Bhaiya UP Assembly Elections 2027: उत्तर प्रदेश में साल 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर अभी से राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। प्रतापगढ़ की चर्चित कुंडा सीट से विधायक और जनसत्ता दल (लोकतांत्रिक) के राष्ट्रीय अध्यक्ष रघुराज प्रताप सिंह उर्फ ‘राजा भैया’ ने आगामी चुनावों को लेकर अपनी रणनीति स्पष्ट कर दी है। राजा भैया ने अपनी पार्टी के जनाधार का अहसास कराते हुए कहा कि जनसत्ता दल विधानमंडल में कांग्रेस और बसपा जैसी स्थापित राष्ट्रीय पार्टियों से भी ज्यादा मजबूत स्थिति में है।
राजा भैया ने स्पष्ट कर दिया है कि आगामी चुनावों में उनकी पार्टी किसी भी दल के सामने अपनी शर्तों और विचारधारा से समझौता नहीं करेगी। अपनी पार्टी की जमीनी पकड़ और ताकत का जिक्र करते हुए राजा भैया ने कहा कि जनसत्ता दल का गठन 30 नवंबर 2018 को हुआ था और बहुत कम समय में पार्टी ने अपनी अलग पहचान बनाई है।
हमारी पार्टी बसपा और कांग्रेस से ज्यादा ताकतवर
उन्होंने कहा कि बिना किसी बड़े गठबंधन के भी आज उत्तर प्रदेश विधानमंडल में हमारे 3 सदस्य हैं। वहीं, दशकों पुरानी राष्ट्रीय पार्टी कांग्रेस के पास केवल 2 और बहुजन समाज पार्टी (BSP) के पास महज 1 सीट है। हमारी पार्टी का जनाधार और वजूद इन दलों से बड़ा है। उल्लेखनीय है कि 2022 के विधानसभा चुनाव में प्रतापगढ़ की रामपुर खास सीट और महाराजगंज की फरेंदा सीट से ही कांग्रेस उम्मीदवार जीत पाए थे।
दरवाजे सबके लिए खुले, लेकिन…
आगामी 2027 चुनाव में गठबंधन की संभावनाओं से जुड़े सवालों का जवाब देते हुए राजा भैया ने जनसत्ता दल का रुख पूरी तरह साफ किया। उन्होंने कहा कि अभी किसी भी प्रमुख राजनीतिक दल या उनके शीर्ष नेतृत्व से गठबंधन को लेकर कोई औपचारिक बात नहीं हुई है। हर राजनीतिक दल की तरह जनसत्ता दल भी आगामी चुनाव में अपने विधायकों की संख्या बढ़ाने के लक्ष्य के साथ काम कर रहा है।
राजा भैया ने जोर देकर कहा कि पार्टी के कुछ मूल सिद्धांत और नीतियां हैं, जिनसे न तो अतीत में कोई समझौता किया गया है और न ही भविष्य में होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि जो भी दल जनसत्ता दल के मूल मुद्दों और विचारों से सहमति जताएगा, उसके साथ सहयोग के दरवाजे हमेशा खुले हैं।
कौन हैं राजा भैया?
रघुराज प्रताप सिंह उर्फ ‘राजा भैया’ उत्तर प्रदेश की राजनीति का एक जाना-माना और प्रभावशाली चेहरा हैं। वे प्रतापगढ़ जिले की कुंडा विधानसभा सीट से लगातार 1993 से निर्दलीय और बाद में अपनी पार्टी से चुनाव जीतते आ रहे हैं। वे कुंडा से लगातार 7 से अधिक बार विधायक चुनकर विधानसभा पहुंचे हैं। राजा भैया का संबंध भदरी रियासत के राजपरिवार से है।
वे उत्तर प्रदेश की विभिन्न सरकारों (भाजपा और समाजवादी पार्टी दोनों के कार्यकाल) में कैबिनेट मंत्री के रूप में जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। साल 2018 में अपनी राजनीति के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर उन्होंने ‘जनसत्ता दल (लोकतांत्रिक)’ नाम से अपनी नई राजनीतिक पार्टी का गठन किया था।


