
जापान के बाद अब टाइफून डॉल्फिन तकरीबन 162 KMPH की रफ्तार से चीन की ओर बढ़ रहा है। इसके बाद नागरिकों में दहशत है। इसके चलते चीन में अलर्ट जारी किया गया है। वहां के बंदरगाह बंद कर दिए गए हैं। स्कूल की छुट्टियां घोषित की गई हैं, जबकि उड़ानें रद्द कर दी गई हैं। बता दें कि कई लोग इस तूफान से हताहत हुए हैं।
वहीं, टाइफून डॉल्फिन ने जापान के ओकिनावा क्षेत्र में भारी तबाही मचाई है। हजारों इमारतों की बिजली गुल हो गई और कई लोग घायल हुए हैं। अब यह तूफान चीन के पूर्वी तट की ओर बढ़ रहा है।
बता दें कि जापान के बाद 162 KMPH की रफ्तार से चीन की ओर बढ़ा टाइफून डॉल्फिन, बंदरगाह और उड़ानें बंदटाइफून डॉल्फिन चीन की तरफ बढ़ रहा है। पूर्वी एशिया में रिकॉर्ड गर्मी के बीच टाइफून डॉल्फिन ने जापान के दक्षिणी हिस्से में भारी असर डाला है। ओकिनावा और कागोशिमा प्रांत के अमामी द्वीप सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्रों में शामिल हैं। तेज हवाओं और खराब मौसम के चलते कई लोग घायल हुए हैं जबकि हजारों इमारतों की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई है।
तेज हवाओं से घायल कई लोग : स्थानीय प्रशासन के अनुसार ओकिनावा में कई लोग घायल हुए हैं। इनमें अधिकांश बुजुर्ग शामिल हैं जो तेज हवाओं के कारण गिर पड़े। हालांकि किसी की भी हालत गंभीर नहीं बताई गई है। तूफान के चलते बड़ी संख्या में घरों और व्यावसायिक भवनों की बिजली आपूर्ति भी ठप हो गई। तेज हवाओं और खराब मौसम के कारण जापान में कई उड़ानें रद्द करनी पड़ीं। ओकिनावा आने-जाने वाली सेवाओं पर सबसे ज्यादा असर पड़ा है।
तेजी से ताकतवर बना डॉल्फिन : टाइफून डॉल्फिन की शुरुआत 26 जुलाई को एक उष्णकटिबंधीय दबाव क्षेत्र के रूप में हुई थी। कुछ ही दिनों में यह ट्रॉपिकल स्टॉर्म, फिर सीवियर ट्रॉपिकल स्टॉर्म और बाद में शक्तिशाली टाइफून में बदल गया। शनिवार को यह ओकिनावा के कुमे द्वीप से करीब 160 किलोमीटर उत्तर-पश्चिम में स्थित था। इसकी अधिकतम सतत हवा की रफ्तार 162 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की गई जबकि झोंकों की गति 216 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच गई।
चीन में अलर्ट, बंदरगाह और स्कूल बंद : तूफान के चीन की ओर बढ़ने के साथ ही वहां प्रशासन हाई अलर्ट पर है। चीन ने आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली लागू कर दी है। झेजियांग प्रांत ने तटीय क्षेत्रों में उच्चतम स्तर की चेतावनी जारी करते हुए बंदरगाह संचालन रोक दिया है। निंगबो शहर में स्कूल, शैक्षणिक संस्थान और जल संबंधी सभी गतिविधियां बंद कर दी गई हैं। निंगबो लिशे अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे ने रविवार की सभी उड़ानें निलंबित करने की घोषणा की है।
तटीय इलाकों में खतरा बढ़ा : शंघाई के यांगशान बंदरगाह से जहाजों को हटा दिया गया है। यांग्त्जे नदी डेल्टा क्षेत्र में कुछ रेल सेवाएं भी स्थगित की जा रही हैं। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 12 अगस्त तक पूर्वी चीन में तेज बारिश और तूफानी हवाएं जारी रह सकती हैं। कुछ इलाकों में 600 मिलीमीटर से अधिक बारिश होने का अनुमान है, जिससे बाढ़ और भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है।
तूफान के प्रभाव से ताइवान में भी अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर असर पड़ा है। दर्जनों उड़ानें रद्द कर दी गई हैं। उत्तरी ताइवान में भारी बारिश की संभावना जताई गई है, हालांकि अभी तक बड़े पैमाने पर निकासी के आदेश नहीं दिए गए हैं। चीन के मौसम विभाग के अनुसार टाइफून डॉल्फिन रविवार देर रात से सोमवार सुबह के बीच चीन के पूर्वी तट से टकरा सकता है। इसके झेजियांग प्रांत के झोउशान शहर और फुजियान प्रांत के फुडिंग शहर के बीच लैंडफॉल करने की सबसे अधिक संभावना जताई जा रही है। प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है।

