
छत्तीसगढ़ के भाजपा नेता केदारनाथ गुप्ता ने निशु आजाद का समर्थन करते हुए कहा कि निशु पूरा देश आपके साथ हैं। हम भी आपके साथ हैं, भाजपा का एक-एक कार्यकर्ता आपके साथ है, पीएम मोदी आपके साथ हैं। बिल्कुल घबराने की जरूरत नहीं है, देश आपका है। ALSO READ: स्वतंत्र भारद्वाज के वायरल वीडियो पर बवाल, निशु आजाद के पिता पर हमले को लेकर CJP ने घेरा थाना
उन्होंने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि किसी भी घटना पर समुदाय के नाम पर लोगों को बांटना उचित नहीं है और देशहित की चिंता करनी चाहिए। उन्होंने लोगों से कानून-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी तरह की प्रतिक्रिया से बचने की अपील की।
क्या है पूरा मामला?
पुलिस ने अनुसार, 23 जून 2026 को जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन के दौरान हुई हाथापाई में गाजियाबाद के रहने वाले संजय कुमार के सिर में चोट लग गई थी। RML अस्पताल के डॉक्टरों ने जांच के बाद बताया कि चोट मामूली है। यह चोट किसी हथियार से नहीं बल्कि कड़े से लगी थी। इस बीच स्वतंत्र भारद्वाज ने एक पॉडकास्ट में दावा किया कि उसने ही निशु के पिता संजय कुमार का सिर फोड़ा था और राजनीतिक रसूख के चलते वह बिना किसी बड़ी कानूनी कार्रवाई के बच निकला।
निशु आजाद ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट कर कहा था कि वायरल वीडियो में उसने खुद कबूल किया उसी ने मेरे पापा का सर फोड़ा था। हमने इस घटना के समय ही उसके खिलाफ FIR दर्ज करवाया था, लेकिन पुलिस कुछ कर ही नहीं रही है। दिल्ली पुलिस से हमारा विश्वास उठ चुका है। अब मुझे उम्मीद सिर्फ राहुल गांधी से हैं। प्लीज आप मुझे न्याय दिलाइए।
इस पर राहुल गांधी ने अपनी पोस्ट में कहा कि निशु, घबराने की जरूरत नहीं है। मैं तुम्हारे साथ हूं। साफ है कि तुम्हें इसलिए निशाना बनाया गया क्योंकि तुम अपने समुदाय और छात्रों के हक की आवाज उठाती हो। उन्होंने कहा कि अमित शाह की दिल्ली पुलिस एक तरफ़ छात्रों के साथ अमानवीय बर्बरता करती है। दूसरी तरफ एक दलित लड़की के पिता का सिर फोड़ने वाला अपराधी खुलेआम घूम रहा है।
कांग्रेस नेता ने कहा कि नरेंद्र मोदी जी, अमित शाह जी – ऐसे अपराधी को आपका और आपकी पार्टी के लोगों का संरक्षण क्यों है? अब भी कार्रवाई होगी या किसी को बचाते रहेंगे? निशु, तुम्हारी लड़ाई अकेली नहीं है। हम तब तक नहीं रुकेंगे जब तक न्याय नहीं मिल जाता। ALSO READ: 'डरो मत, मैं साथ हूं': पिता पर हमले के बाद निशु आजाद के समर्थन में आए राहुल गांधी
पुलिस ने क्यों मांगे 72 घंटे?
संजय आजाद के समर्थन में सीजेपी नेताओं ने संसद मार्ग थाने का घेराव किया। पप्पू यादव, चंद्रशेखर आजाद समेत कई नेता उनके समर्थन में थाने पहुंच गए। पुलिस ने FIR में कानूनी धाराओं को शामिल करने की मांग मान ली है। पुलिस ने आरोपी की गिरफ्तारी के लिए 72 घंटे का समय मांगा।


