Uttarakhand Cloudburst: चमोली में भारी बारिश से तमक नाले में आया सैलाब, वैली ब्रिज बहा; BRO का जवान लापता

uttarakhand cloudburst

उत्तराखंड के चमोली में स्थित नीती घाटी में सोमवार शाम बादल फटने के बाद तमक नाले ने अचानक रौद्र रूप धारण कर लिया। देखते ही देखते नाले का पानी तेज बहाव के साथ मलबा और बड़े-बड़े पत्थर लेकर आया और ज्योतिर्मठ-नीती-मलारी हाईवे पर तमक गांव में बना वैली ब्रिज बहा ले गया। बाढ़ की चपेट में सीमा सड़क संगठन (BRO) का एक कैंपर वाहन भी आ गया। बताया जा रहा है कि मौके पर मौजूद BRO के हवलदार पंकज भी तेज बहाव की चपेट में आने के बाद लापता हैं। इस हादसे के बाद सीमा क्षेत्र का देश-दुनिया से सड़क संपर्क टूट गया है। ALSO READ: Sarangpur : सारंगपुर में दर्दनाक हादसा, 11 लोगों से भरी ईको कार नाले में बही, 7 की मौत, 2 ने कूदकर बचाई जान, 2 लापता

 

शाम 5 बजे आया अचानक सैलाब

तमक गांव ज्योतिर्मठ से करीब 40 किलोमीटर दूर स्थित है। सोमवार सुबह से ही नीती घाटी में रुक-रुककर बारिश हो रही थी। बारिश के कारण तमक नाले का जलस्तर धीरे-धीरे बढ़ने लगा। पुल के आसपास के खेतों में पानी घुस गया और हाईवे पर भी पानी आने लगा। लेकिन करीब 5 बजे नाले में अचानक तेज बाढ़ आ गई। पानी के साथ भारी मात्रा में मलबा और पत्थर आया, जिसकी चपेट में वैली ब्रिज आ गया। कुछ ही समय में पुल पानी के तेज बहाव में बह गया।

BRO का जवान पंकज लापता

बाढ़ आने के समय मौके पर BRO के अधिकारी, कर्मचारी, मजदूर और स्थानीय ग्रामीण मौजूद थे। अचानक आए सैलाब को देखकर सभी सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे। इसी दौरान पैदल सुरक्षित स्थान की ओर जा रहे BRO के हवलदार पंकज भी तेज बहाव की चपेट में आ गए और लापता हो गए। पुल के पास सड़क किनारे खड़ा BRO का कैंपर वाहन भी बाढ़ में बह गया। लापता जवान की तलाश के लिए राहत और बचाव दलों ने अभियान शुरू कर दिया है।

 

घर, खेत और सेब के बगीचों को नुकसान

तमक नाले की बाढ़ ने गांव में भी भारी नुकसान पहुंचाया है। कई घरों में पानी और मलबा घुसने की सूचना है। इसके अलावा खेतों और सेब के बगीचों को भी नुकसान पहुंचा है। बाढ़ के साथ आए भारी पत्थर, मिट्टी और मलबे ने तमक गांव के नीचे बह रही भागीरथी गंगा की जलधारा को भी कुछ समय के लिए बाधित कर दिया। इससे इलाके में लोगों की चिंता और बढ़ गई। ALSO READ: Weather Update : MP-राजस्थान में मूसलाधार बारिश, 15 राज्यों में अलर्ट; असम में बाढ़ से 100 की मौत

 

एक घंटे बाद कम हुआ जलस्तर

तमक नाले में अचानक आई बाढ़ करीब एक घंटे बाद कमजोर पड़ने लगी। जलस्तर कम होने के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने एक-दूसरे की कुशलक्षेम पूछी और नुकसान का जायजा लेना शुरू किया। घटना की सूचना मिलने के बाद प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं। NDRF और SDRF की टीमें भी राहत एवं बचाव कार्य के लिए पहुंच गई हैं।

 

मलारी की ओर वाहनों की आवाजाही रोकी गई

जिलाधिकारी गौरव कुमार ने बताया कि सुरक्षा को देखते हुए मलारी की ओर से वाहनों की आवाजाही रोक दी गई है। प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचकर हालात का आकलन कर रही हैं। अधिकारियों के मुताबिक, प्राथमिकता लापता BRO जवान की तलाश और प्रभावित क्षेत्र में फंसे लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। वैली ब्रिज बहने से सीमा क्षेत्र का सड़क संपर्क प्रभावित हुआ है, ऐसे में प्रशासन और सीमा सड़क संगठन के सामने आवागमन बहाल करना भी बड़ी चुनौती होगी।