
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सावन के पावन महीने में चमोली स्थित प्राचीन श्री गोपीनाथ मंदिर के दर्शन करने की अपील की है। जानिए मंदिर का इतिहास, वास्तुकला, धार्मिक महत्व और यहां पहुंचने का पूरा मार्ग। ALSO READ: श्रावण में जागेश्वर धाम का करें दर्शन: देवदार के जंगलों के बीच बसे 224 प्राचीन शिव मंदिर, क्या बोले सीएम धामी?
सीएम धामी ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर अपनी पोस्ट में कहा कि चमोली जनपद के गोपेश्वर में स्थित प्राचीन श्री गोपीनाथ मंदिर भगवान शिव के प्रति अटूट आस्था का अनुपम केंद्र है। प्रकृति की गोद में स्थित इस पावन धाम में महादेव के दर्शन मन को असीम शांति और एक अद्भुत आध्यात्मिक अनुभूति से भर देते हैं।
उन्होंने कहा कि पवित्र सावन मास में चमोली आगमन पर श्री गोपीनाथ मंदिर में देवाधिदेव महादेव के दर्शन कर उनका आशीर्वाद अवश्य प्राप्त करें। ALSO READ: उत्तराखंड आध्यात्मिक राजधानी बनने की ओर अग्रसर, जागेश्वर से कैंची धाम तक श्रद्धालुओं की रिकॉर्ड बढ़ोतरी
चमोली जनपद के गोपेश्वर में स्थित प्राचीन श्री गोपीनाथ मंदिर भगवान शिव के प्रति अटूट आस्था का अनुपम केंद्र है। प्रकृति की गोद में स्थित इस पावन धाम में महादेव के दर्शन मन को असीम शांति और एक अद्भुत आध्यात्मिक अनुभूति से भर देते हैं।
पवित्र सावन मास में चमोली आगमन पर श्री गोपीनाथ… pic.twitter.com/ELcnySLQlj
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) August 7, 2026
अपनी प्राकृतिक सुंदरता तथा ताजे और शांत वातावरण के कारण गोपेश्वर पर्यटकों के लिए एक प्रमुख आकर्षण का केन्द्र रहा है। भगवान शिव के प्राचीन मंदिर के अलावा वैतरणी कुंड, बिना प्रतिमाओं के मंदिर समूह तथा बांज के वृक्ष अन्य दर्शनीय स्थल हैं।
गोपीनाथ मंदिर अपने वास्तु के कारण अलग से पहचाना जाता है। इसका एक शीर्ष गुम्बद और 30 वर्ग फुट का गर्भगृह है, जिस तक 24 द्वारों से पहुंचा जा सकता है। मंदिर के आंगन में एक 5 मीटर ऊंचा त्रिशूल है, जो 12 वीं शताब्दी का है और अष्ट धातु का बना है। ALSO READ: CM धामी ने बताया नैनीताल के मुक्तेश्वर महादेव मंदिर का महत्व, जहां शिव भक्ति के साथ दिखता है हिमालय का अद्भुत नजारा
कैसे जाएं गोपेश्वर?
जॉली ग्रांट एयरपोर्ट से गोपेश्वर की दूरी 225 किमी है। गोपेश्वर से निकटतम रेलवे स्टेशन ऋषिकेश है। ऋषिकेश रेलवे स्टेशन एनएच 58 पर गोपेश्वर से 205 किमी की दूरी पर स्थित है। ऋषिकेश भारत के प्रमुख स्थलों के साथ रेलवे नेटवर्क से अच्छी तरह से जुड़ा हुआ है। ऋषिकेश, श्रीनगर, रुद्रप्रयाग और कई अन्य स्थलों से गोपेश्वर के लिए टैक्सी और बसें आसानी से उपलब्ध रहती हैं।

