मौसम की बड़ी चेतावनी : अगले 24 घंटे इन राज्यों पर भारी! IMD ने जारी किया ‘ऑरेंज अलर्ट’, 80km की रफ्तार से आएगा अंधड़

Weather warning

Weather warning: भीषण गर्मी के बाद अब आसमान से बरसने वाली है आफत! मौसम विभाग ने अचानक बदला इन राज्यों के लिए अलर्ट का रंग, जानें आज रात आपके शहर में क्या होने वाला है। 

 

उत्तर और मध्य भारत में भीषण उमस और गर्मी झेल रहे लोगों के लिए मौसम विभाग से एक साथ राहत और आफत दोनों वाली खबर आई है। सक्रिय वेस्टर्न डिस्टर्बेंस (पश्चिमी विक्षोभ) और अरब सागर से आ रही चक्रवातीय हवाओं (Cyclonic Winds) के आपस में टकराने के कारण देश के कई राज्यों में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और मध्य प्रदेश के लिए 'ऑरेंज अलर्ट' (Orange Alert) जारी कर दिया है। वहीं, दिल्ली-एनसीआर में 60 से 80 किमी/घंटा की रफ्तार से भयंकर अंधड़ आने और आकाशीय बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है। ALSO READ: Monsoon : मौसम के महादानव अल-नीनो को परास्त करेगा Indian Ocean Dipole, जानिए कैसे होगी झमाझम बारिश

 

IMD वैज्ञानिक नरेश कुमार का आधिकारिक बयान

मौसम के इस अचानक यू-टर्न पर जानकारी देते हुए मौसम विभाग (IMD) के वरिष्ठ वैज्ञानिक नरेश कुमार ने मीडिया बुलेटिन में स्पष्ट किया है कि उत्तर-पश्चिम भारत के ऊपर एक नया वेदर सिस्टम (Weather System) बहुत तेजी से सक्रिय हुआ है। इसके प्रभाव से अगले 24 से 48 घंटों में मैदानी इलाकों में 60 से 80 किमी/घंटा की गति से थंडरस्टॉर्म (Thundersquall) और तेज आंधी चलने की पूरी आशंका है। इसके साथ ही दक्षिण-पश्चिम मानसून भी तेजी से आगे बढ़ते हुए बिहार, झारखंड और उड़ीसा के कई हिस्सों को कवर कर चुका है, जिससे इन इलाकों में भी मूसलाधार बारिश का दौर शुरू होने जा रहा है।” 

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क्या होते हैं IMD के अलर्ट्स? (येलो बनाम ऑरेंज अलर्ट)

सटीक और प्रामाणिक मौसम डेटा (Authoritativeness) के अनुसार, मौसम विभाग नुकसान की गंभीरता को देखते हुए अलग-अलग रंगों के कोड वाले अलर्ट जारी करता है:

  • येलो अलर्ट (Yellow Alert) : इसका मतलब होता है 'सचेत रहें' (Be Aware)। मौसम में बदलाव की संभावना होती है, जिससे सामान्य जनजीवन आंशिक रूप से प्रभावित हो सकता है। दिल्ली-एनसीआर के लिए फिलहाल ऐसा ही अलर्ट है।
  • ऑरेंज अलर्ट (Orange Alert) : इसका अर्थ होता है 'तैयार रहें' (Be Prepared)। यह बेहद खराब मौसम की चेतावनी है, जिसमें भारी बारिश, तेज अंधड़ और ओलावृष्टि के कारण जान-माल के नुकसान, सड़कों पर पेड़ गिरने और जलभराव का खतरा बहुत ज्यादा बढ़ जाता है। पंजाब, हरियाणा, एमपी और राजस्थान में इसी स्तर की चेतावनी दी गई है। ALSO READ: Weather Update : देशभर में बदला मौसम का मिजाज, दक्षिण भारत में भारी बारिश, यहां हीटवेव का कहर

वज्रपात (Lightning) के दौरान खुद को कैसे सुरक्षित रखें?

आंधी-तूफान के दौरान आकाशीय बिजली (वज्रपात) गिरने की घटनाएं सबसे ज्यादा घातक होती हैं। एक्सपर्ट्स ने आम जनता के लिए निम्नलिखित सुरक्षा नियम जारी किए हैं:

1. पक्के मकान की शरण लें : यदि आप बाहर हैं और आसमान में बिजली कड़क रही है, तो तुरंत किसी पक्के घर या इमारत के अंदर चले जाएं। कच्चे छप्पर या टिन शेड के नीचे न रुकें।

2. पेड़ों और खंभों से दूरी : तूफान के समय कभी भी किसी ऊंचे पेड़, बिजली के खंभे या मोबाइल टावर के नीचे खड़े न हों और न ही अपनी गाड़ी वहां पार्क करें। 

3. इलेक्ट्रॉनिक सामान से दूरी : घर के अंदर रहने पर भी बिजली के उपकरणों (टीवी, कंप्यूटर, इंडक्शन) के प्लग निकाल दें और लैंडलाइन फोन या बहते हुए पानी के नल का इस्तेमाल करने से बचें।

कृषि विशेषज्ञों की सलाह : किसान भाई फसलों को नुकसान से ऐसे बचाएं (Expertise)

जून का यह महीना फसलों की बुआई और नर्सरी तैयार करने का समय है। कृषि विज्ञान केंद्र के एक्सपर्ट्स ने किसानों को इस आंधी-बारिश से निपटने के लिए जरूरी टिप्स दिए हैं:

  • सब्जियों और नर्सरी का प्रबंधन : भारी बारिश की आशंका को देखते हुए खेतों में जल निकासी (Water Drainage) की नालियों को साफ रखें ताकि पानी जमा होकर पौधों की जड़ों को न सड़ाए।
  • दवाइयों और कीटनाशकों का छिड़काव रोकें : अगले 48 घंटों तक खेतों में किसी भी प्रकार की रासायनिक खाद या कीटनाशक का छिड़काव न करें, क्योंकि तेज हवा और बारिश से यह पूरी तरह बह जाएंगे। 
  • फसलों को ढककर रखें : जिन किसानों की कटी हुई फसलें या सब्जियां मंडियों या खेतों में खुले में पड़ी हैं, वे उन्हें तुरंत तिरपाल की मदद से सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट करें।

मौसम से जुड़ी किसी भी आकस्मिक स्थिति और पल-पल के लाइव रडार अपडेट के लिए मौसम विभाग की आधिकारिक वेबसाइट (mausam.imd.gov.in) पर नजर बनाए रखें।